सारंगढ़ बिलाईगढ़ जिले के नगर पंचायत सरिया में शनिवार, 30 मई 2026 को सुबह 8 बजे कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने विभिन्न विकास निर्माण कार्यों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने पेयजल, सड़क, अस्पताल, मुक्तिधाम, पीएमश्री स्कूल और निर्माणाधीन भवनों जैसे कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की गुणवत्ता और समय-सीमा का जायजा लिया। इस दौरान कलेक्टर ने ठेकेदारों को कार्य में लापरवाही और गुणवत्ता से समझौता न करने की कड़ी चेतावनी देते हुए जमकर फटकार लगाई। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि नियमानुसार काम नहीं होने पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कलेक्टर ने सरिया में 100 बिस्तर अस्पताल, पंजीयन कार्यालय, विश्रामगृह, खेल परिसर, वार्ड 7 में मुक्तिधाम, दैनिक बाजार शेड, पीएमश्री स्कूल, मंगल भवन, बस स्टैंड, साप्ताहिक बाजार, सामुदायिक भवन और अमृत मिशन जलप्रदाय योजना सहित कई स्थलों का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण सामग्री जैसे सीमेंट, ईंट, सरिया की गुणवत्ता की जांच की और तकनीकी मानकों का विशेष ध्यान रखने को कहा। कलेक्टर की इस सख्ती से निर्माण कार्य में लगे अधिकारी और अन्य ठेकेदारों में हड़कंप मच गया है, और उन्हें समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। लापरवाही या मानकों की अनदेखी करने पर संबंधित अधिकारी, ठेकेदार एवं एजेंसियों पर सख्त कार्यवाही की चेतावनी भी दी गई है। सरिया के बाद, कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ग्राम सांकरा पहुंचीं, जहाँ उन्होंने उद्वहन सिंचाई योजना, गौरव पथ और सीसी रोड निर्माण का निरीक्षण किया। रायगढ़ विधानसभा में शामिल सरिया क्षेत्र वित्त मंत्री और विधायक रायगढ़ ओपी चौधरी का क्षेत्र बताया गया है। कलेक्टर ने ठेकेदारों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि आने वाले दिनों में भी कार्यों की शिकायत नहीं मिलनी चाहिए और इसकी लगातार मॉनिटरिंग की जाएगी। इस निरीक्षण के दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष कमलेश अग्रवाल, वरिष्ठ पार्षद मोतीलाल स्वर्णकार और जिले के अन्य अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।
सारंगढ़ बिलाईगढ़ जिले के नगर पंचायत सरिया में शनिवार, 30 मई 2026 को सुबह 8 बजे कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने विभिन्न विकास निर्माण कार्यों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने पेयजल, सड़क, अस्पताल, मुक्तिधाम, पीएमश्री स्कूल और निर्माणाधीन भवनों जैसे कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की गुणवत्ता और समय-सीमा का जायजा लिया। इस दौरान कलेक्टर ने ठेकेदारों को कार्य में लापरवाही और गुणवत्ता से समझौता न करने की कड़ी चेतावनी देते हुए जमकर फटकार लगाई।
उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि नियमानुसार काम नहीं होने पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कलेक्टर ने सरिया में 100 बिस्तर अस्पताल, पंजीयन कार्यालय, विश्रामगृह, खेल परिसर, वार्ड 7 में मुक्तिधाम, दैनिक बाजार शेड, पीएमश्री स्कूल, मंगल भवन, बस स्टैंड, साप्ताहिक बाजार, सामुदायिक भवन और अमृत मिशन जलप्रदाय योजना सहित कई स्थलों का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण सामग्री जैसे सीमेंट, ईंट, सरिया की गुणवत्ता की जांच की और तकनीकी मानकों का विशेष
ध्यान रखने को कहा। कलेक्टर की इस सख्ती से निर्माण कार्य में लगे अधिकारी और अन्य ठेकेदारों में हड़कंप मच गया है, और उन्हें समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। लापरवाही या मानकों की अनदेखी करने पर संबंधित अधिकारी, ठेकेदार एवं एजेंसियों पर सख्त कार्यवाही की चेतावनी भी दी गई है। सरिया के बाद, कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ग्राम सांकरा पहुंचीं, जहाँ उन्होंने उद्वहन सिंचाई योजना, गौरव
पथ और सीसी रोड निर्माण का निरीक्षण किया। रायगढ़ विधानसभा में शामिल सरिया क्षेत्र वित्त मंत्री और विधायक रायगढ़ ओपी चौधरी का क्षेत्र बताया गया है। कलेक्टर ने ठेकेदारों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि आने वाले दिनों में भी कार्यों की शिकायत नहीं मिलनी चाहिए और इसकी लगातार मॉनिटरिंग की जाएगी। इस निरीक्षण के दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष कमलेश अग्रवाल, वरिष्ठ पार्षद मोतीलाल स्वर्णकार और जिले के अन्य अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।
- महासमुंद पुलिस ने कंपनी के सामान की आड़ में की जा रही गांजा तस्करी की एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया है। सिंघोडा थाना क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई में, टाटा माजदा वाहन से भारी मात्रा में गांजा जब्त किया गया। जब्त गांजे की मात्रा 6 क्विंटल बताई गई है, जिसकी अनुमानित कीमत 3 करोड़ रुपये है। तस्कर गांजे को वाहन में बड़े-बड़े कार्टूनों के बीच छिपाकर ले जा रहा था। यह गांजा उड़ीसा से लाया गया था और इसे महाराष्ट्र के ठाणे में खपाने की तैयारी थी। पुलिस ने इस मामले में महाराष्ट्र के एक तस्कर को गिरफ्तार किया है।1
- वेदांता हादसे को 45 दिन बीत जाने के बाद भी पीड़ितों को अभी तक पूरी राहत नहीं मिल पाई है। केंद्र और राज्य सरकार द्वारा पीड़ितों के लिए की गई घोषणाएं केवल कागजों तक ही सीमित हैं। इस स्थिति में, हादसे का दर्द और इसका प्रभाव अभी भी बरकरार है।1
- कोरबा के नगर पालिका परिषद दीपका के वार्ड क्रमांक-15 के उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाया है, जिसके तहत भाजपा प्रत्याशी ऋषि सिदार को जनता का समर्थन और आशीर्वाद मिल रहा है। भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी के नेतृत्व में पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने घर-घर जाकर वार्डवासियों से ऋषि सिदार को भारी मतों से विजयी बनाने की अपील की। इस दौरान वार्डवासियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं और प्रदेश में हो रहे विकास कार्यों पर विश्वास जताते हुए भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करने का भरोसा दिलाया। भाजपा नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि केंद्र और राज्य सरकार की जनहितकारी नीतियों का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँच रहा है, जिससे जनता का विश्वास भाजपा के प्रति लगातार मजबूत हुआ है। इस जनसंपर्क अभियान में कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन, भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी, विधायक प्रेमचंद पटेल, महापौर संजू देवी राजपूत, सह संभाग प्रभारी डॉ. राजीव सिंह, खाद्य आयोग के पूर्व अध्यक्ष ज्योतिनंद दुबे, पूर्व महापौर जोगेश लांबा, पूर्व जिलाध्यक्ष मनोज शर्मा, नगर पालिका दीपका के अध्यक्ष राजेंद्र राजपूत, जिला महामंत्री संजय शर्मा, अजय विश्वकर्मा, दीपका मंडल के प्रभारी योगेश जैन, मंडल अध्यक्ष राजू प्रजापति सहित बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इसी क्रम में भाजपा को एक और बड़ी राजनीतिक सफलता मिली जब दीपका नगर पालिका परिषद के वार्ड क्रमांक-17 के निर्दलीय पार्षद धीरेन्द्र तिवारी ने भाजपा की सदस्यता ग्रहण कर ली। धीरेन्द्र तिवारी ने भाजपा की जनहितैषी नीतियों, विकासोन्मुखी विचारधारा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व से प्रभावित होकर यह निर्णय लिया। कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन और भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी ने उन्हें पार्टी का गमछा पहनाकर स्वागत किया। नेताओं ने विश्वास व्यक्त किया कि धीरेन्द्र तिवारी के पार्टी में शामिल होने से संगठन को और अधिक मजबूती मिलेगी तथा क्षेत्र में विकास एवं जनसेवा के कार्यों को नई गति प्राप्त होगी। यह उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी कांग्रेस के पार्षद और पूर्व पार्षद भाजपा में शामिल हो चुके हैं, जिससे क्षेत्र की राजनीति में भाजपा की स्थिति और अधिक मजबूत होती दिखाई दे रही है।1
- सुशासन तिहार 2026 के मद्देनजर, कमलेश अनंत ने अधिकारी-कर्मचारियों के रवाइयों को लेकर सख्त रुख अपनाया है।1
- छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के करतला में एक घटना सामने आई है, जहाँ ग्रामीणों ने पौधारोपण के लिए की जा रही 14 एकड़ भूमि के सीमांकन का कड़ा विरोध किया। इस दौरान मौके पर काफी हंगामा हुआ, जिसके चलते प्रशासनिक अधिकारियों को सीमांकन की कार्रवाई रोकनी पड़ी।1
- छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में रेलवे सुरक्षा व्यवस्था के तहत एक महत्वपूर्ण कार्रवाई में जीआरपी ने हीराकुंड एक्सप्रेस से 10 किलोग्राम गांजा जब्त किया है। बरामद मादक पदार्थ की अनुमानित कीमत लगभग 5 लाख रुपये बताई जा रही है, और इस संबंध में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस के अनुसार, जीआरपी को एक मुखबिर से सूचना मिली थी कि ट्रेन संख्या 20807 अप हीराकुंड एक्सप्रेस के एम-1 कोच के बाथरूम के ऊपर बनी फॉल्स सीलिंग में संदिग्ध पैकेट छिपाए गए हैं। इस सूचना के आधार पर, जीआरपी ने तत्काल कानूनी प्रक्रियाओं को पूरा करते हुए गवाहों की मौजूदगी में कार्रवाई की तैयारी की। वरिष्ठ अधिकारियों के मौके पर पहुँचने में संभावित देरी और संदिग्ध सामग्री को हटाए जाने की आशंका को देखते हुए, पुलिस टीम ने रायगढ़ रेलवे स्टेशन पर ट्रेन के पहुँचते ही एम-1 कोच की गहन तलाशी ली। तलाशी अभियान के दौरान, बाथरूम के ऊपर की फॉल्स सीलिंग खुली हुई मिली, जहाँ से खाकी रंग के सेलो टेप में लिपटे 10 पैकेट बरामद किए गए। गवाहों की उपस्थिति में इन पैकेटों को खोलने पर, उनमें सफेद पॉलीथीन में पैक हरे-भूरे रंग का पुष्प, बीजयुक्त और नमी युक्त गांजा पाया गया। जीआरपी ने तत्काल गांजे को जब्त कर लिया है। अब जीआरपी अज्ञात तस्करों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए जांच में तेजी ला रही है। प्रारंभिक जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि यह मादक पदार्थ ट्रेन में किस स्टेशन से चढ़ाया गया था और इसका अंतिम गंतव्य क्या था। जीआरपी के पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल ने जानकारी दी कि रेलवे मार्ग के जरिए मादक पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए उनका अभियान लगातार जारी रहेगा, और मामले की जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।2
- बिलासपुर जिले के बिल्हा विधानसभा क्षेत्र के गोड़ी गांव में आयोजित सुशासन तिहार शिविर में किसानों और ग्रामीणों द्वारा सड़क, बिजली, पानी और खाद जैसे मूलभूत मुद्दों को लेकर जमकर हंगामा हुआ। माहौल अचानक गरमा गया, जिससे यह सरकारी शिविर देखते ही देखते एक सियासी अखाड़े में तब्दील हो गया। इस दौरान विकास के दावों की पोल खुल गई और किसानों के तीखे सवालों ने सत्ता पक्ष को कठघरे में खड़ा कर दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में सड़कें बदहाल हैं, बिजली व्यवस्था चरमराई हुई है, पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है और किसानों को खाद के लिए भटकना पड़ रहा है। इतना ही नहीं, प्रधानमंत्री मोदी की 'हर घर पानी' वाली जल जीवन मिशन योजना का लाभ भी आसपास के गांवों को नहीं मिल रहा है। ग्रामीणों ने भीषण गर्मी के बीच जल जीवन मिशन योजना में हुए भ्रष्टाचार और अधूरे पड़े कामों के चलते बूंद-बूंद पानी के लिए तरसने की शिकायत की। माहौल उस वक्त और ज्यादा गर्मा गया जब कांग्रेसी नेता राजेंद्र शुक्ला, जिनकी पत्नी श्रीमती अनीता राजेंद्र शुक्ला उस क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य हैं, माइक पर किसानों की समस्याएं बताते हुए सत्ता पक्ष को घेरने लगे। इसी दौरान शिविर में पहुंचे बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक और उनके समर्थकों से माइक पर बोलने को लेकर तीखी बहस शुरू हो गई, जो जल्द ही आक्रामक हो गई। विधायक धरमलाल कौशिक और कांग्रेस नेता राजेंद्र शुक्ला के बीच हुई तीखी नोकझोंक का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अंततः बिल्हा थाना प्रभारी को हस्तक्षेप कर मामले को शांत करवाना पड़ा। इस घटना पर विपक्ष का आरोप है कि सरकार के सुशासन के दावे केवल कागजों तक सीमित हैं, जबकि जमीनी स्तर पर जनता मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रही है। वहीं, सत्ता पक्ष ने इसे राजनीतिक ड्रामा बताते हुए विपक्ष पर माहौल बिगाड़ने का आरोप लगाया। फिलहाल, गोड़ी गांव का यह वायरल वीडियो सुशासन तिहार की कथित सफलता से कहीं ज्यादा क्षेत्र की समस्याओं और राजनीतिक टकराव को लेकर चर्चा का विषय बना हुआ है। अब यह बड़ा सवाल बन गया है कि जनता के मुद्दों पर जवाब कौन देगा और सुशासन के दावों की असली तस्वीर क्या है।2