लोटन प्रसाद प्रेस रिपोर्टर भरुआसुमेरपुर ( हमीरपुर) नेशनल हाइवे चौतिस यानी खूनी हाइवे लाखों रुपए की प्रतिदिन टौल टैक्स वसुलने वाली कम्पनी की हिटलर शाही से नेशनल हाइवे चौतिस गड्ढों में तब्दील हो गया।जगह जगह मिनी तालाब का रुप धारण कर लिया है। जिससे आम दिन होने वाली दुर्घटनाओं में और बढ़ोतरी हो गई है आम जन अपनी जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं। लेकिन लाखों रुपए की प्रतिदिन टोल टैक्स वसूलने वाली कम्पनियों के कान में जूं तक नहीं रेंग रही।शायद किसी बड़े हादसे का इन्तजार कर रही है। लोटन प्रसाद प्रेस रिपोर्टर भरुआसुमेरपुर ( हमीरपुर) नेशनल हाइवे चौतिस यानी खूनी हाइवे लाखों रुपए की प्रतिदिन टौल टैक्स वसुलने वाली कम्पनी की हिटलर शाही से नेशनल हाइवे चौतिस गड्ढों में तब्दील हो गया।जगह जगह मिनी तालाब का रुप धारण कर लिया है। जिससे आम दिन होने वाली दुर्घटनाओं में और बढ़ोतरी हो गई है आम जन अपनी जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं। लेकिन लाखों रुपए की प्रतिदिन टोल टैक्स वसूलने वाली कम्पनियों के कान में जूं तक नहीं रेंग रही।शायद किसी बड़े हादसे का इन्तजार कर रही है।
लोटन प्रसाद प्रेस रिपोर्टर भरुआसुमेरपुर ( हमीरपुर) नेशनल हाइवे चौतिस यानी खूनी हाइवे लाखों रुपए की प्रतिदिन टौल टैक्स वसुलने वाली कम्पनी की हिटलर शाही से नेशनल हाइवे चौतिस गड्ढों में तब्दील हो गया।जगह जगह मिनी तालाब का रुप धारण कर लिया है। जिससे आम दिन होने
वाली दुर्घटनाओं में और बढ़ोतरी हो गई है आम जन अपनी जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं। लेकिन लाखों रुपए की प्रतिदिन टोल टैक्स वसूलने वाली कम्पनियों के कान में जूं तक नहीं रेंग रही।शायद किसी बड़े हादसे का इन्तजार कर रही है। लोटन
प्रसाद प्रेस रिपोर्टर भरुआसुमेरपुर ( हमीरपुर) नेशनल हाइवे चौतिस यानी खूनी हाइवे लाखों रुपए की प्रतिदिन टौल टैक्स वसुलने वाली कम्पनी की हिटलर शाही से नेशनल हाइवे चौतिस गड्ढों में तब्दील हो गया।जगह जगह मिनी तालाब का रुप धारण कर लिया है। जिससे आम दिन होने वाली
दुर्घटनाओं में और बढ़ोतरी हो गई है आम जन अपनी जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं। लेकिन लाखों रुपए की प्रतिदिन टोल टैक्स वसूलने वाली कम्पनियों के कान में जूं तक नहीं रेंग रही।शायद किसी बड़े हादसे का इन्तजार कर रही है।
- हमीरपुर :बांध का पानी नाले में आया, ओवरफ्लो से गांव में घुसा पानी जलनिकासी की व्यवस्था न होने से ग्रामीण परेशान, आवागमन हुआ मुश्किल मौदहा, हमीरपुर। मौदहा विकासखंड क्षेत्र के पाटनपुर गांव में बांध का पानी मुख्य नाले में आने के बाद नाला ओवरफ्लो हो गया। नाले का पानी अब गांव की आबादी में घुसने लगा है, जिससे ग्रामीणों के घरों क़े सामने जलभराव की समस्या खड़ी हो गई है और लोगों का आवागमन मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों के मुताबिक, नाले के पानी की निकासी के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। पानी निकासी का रास्ता न होने के कारण लगातार बढ़ता पानी गांव की ओर फैल रहा है। इससे ग्रामीणों को घरों से निकलने में भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल जलनिकासी की व्यवस्था कराने और नाले के पानी को आबादी में घुसने से रोकने की मांग की है। लोगों का कहना है कि समय रहते पानी की निकासी नहीं कराई गई तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।2
- हमीरपुर मानसून की भारी बारिश और संभावित बाल को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में 36 चौकियां तैनात हमीरपुर। मानसून की भारी बारिश और संभावित बाढ़ को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है। प्रभावित क्षेत्रों में समय से चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए जिले में 36 बाढ़ चौकियां स्थापित कर चिकित्सा टीमों की तैनाती की गई है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी के अनुसार आपदा की स्थिति में त्वरित उपचार उपलब्ध कराने के लिए स्वास्थ्य कर्मियों का पूर्वाभ्यास और मॉकड्रिल कराया जा चुका है। सभी ब्लॉक स्तरीय स्वास्थ्य इकाइयों पर रैपिड रिस्पांस टीम (RRT) सक्रिय कर दी गई हैं। चिकित्सा टीमों को जीवनरक्षक दवाओं के साथ ओआरएस, जिंक टैबलेट, क्लोरीन टैबलेट, ब्लीचिंग पाउडर और एंटी स्नेक वेनम (ASV) समेत जरूरी सामग्री उपलब्ध कराई गई है। जिला अस्पताल, सीएचसी और पीएचसी में एएसवी, एंटी रेबीज वैक्सीन (ARV) और अन्य आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक रखा गया है। स्वास्थ्य विभाग बाढ़ और जलभराव प्रभावित क्षेत्रों की लगातार निगरानी कर रहा है। जरूरत पड़ने पर तत्काल चिकित्सा दल भेजने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने लोगों से जलभराव वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतने और किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या पर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करने की अपील की है।1
- कदौरा बरी मार्ग बना मुसीबत का रास्ता गढ़ों में तब्दील सड़कों पर जिंदगी दांव पर कदौरा-बेरी मार्ग बना मुसीबत का रास्ता, गड्ढों में तब्दील सड़क पर जिंदगी दांव पर स्कूली बच्चों से लेकर मरीजों तक परेशान, ई-रिक्शा हादसों का बढ़ा खतरा; जनप्रतिनिधियों के विकास के दावों पर उठे सवाल कदौरा। कदौरा से बेरी जाने वाले मुख्य मार्ग की बदहाल स्थिति ने क्षेत्र की जनता को भारी परेशानी में डाल दिया है। सड़क पर जगह-जगह गहरे गड्ढे और उखड़ी पड़ी सड़क के कारण इस मार्ग से गुजरना किसी खतरे से कम नहीं है। हालात यह हैं कि स्कूली बच्चे रोजाना जान जोखिम में डालकर ई-रिक्शा से स्कूल जाने को मजबूर हैं और आए दिन ई-रिक्शा के पलटने अथवा दुर्घटना का शिकार होने की घटनाएं सामने आती रहती हैं। हादसों में बच्चों के चोटिल होने से अभिभावकों में भी चिंता बढ़ती जा रही है। गड्ढों में तब्दील सड़क, हर कदम पर हादसे का खतरा कदौरा-बेरी मार्ग की हालत देखकर सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि सड़क लंबे समय से जिम्मेदार विभाग की उपेक्षा का शिकार है। सड़क पर बने गड्ढे वाहन चालकों के लिए लगातार खतरा बने हुए हैं। दोपहिया वाहन चालकों को विशेष रूप से परेशानी उठानी पड़ती है। बारिश के बाद गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा भी नहीं लग पाता, जिससे हादसे की आशंका और बढ़ जाती है। सबसे ज्यादा चिंता स्कूल जाने वाले बच्चों की सुरक्षा को लेकर है। ई-रिक्शा में क्षमता से अधिक बच्चों के बैठने और खराब सड़क के कारण कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। अभिभावकों का कहना है कि जब बच्चे सुबह घर से स्कूल के लिए निकलते हैं तो मन में यही डर बना रहता है कि वह सुरक्षित वापस लौटेंगे या नहीं। एंबुलेंस के लिए भी नहीं बचता रास्ता सड़क की बदहाली के साथ-साथ जाम की समस्या भी लोगों के लिए मुसीबत बनी हुई है। कई बार सड़क पर वाहनों की भीड़ के कारण जाम की स्थिति पैदा हो जाती है। ऐसे में यदि किसी मरीज को लेकर एंबुलेंस इसी रास्ते से गुजर रही हो तो उसकी मुश्किल और बढ़ जाती है। सवाल यह है कि अगर किसी गंभीर मरीज की हालत नाजुक हो और एंबुलेंस जाम में फंस जाए तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? क्या प्रशासन और जनप्रतिनिधि किसी बड़ी घटना के बाद ही जागेंगे? चुनाव में बड़े-बड़े वादे, सड़क पर कोई ध्यान नहीं स्थानीय लोगों में जनप्रतिनिधियों के प्रति नाराजगी साफ दिखाई दे रही है। ग्रामीणों का कहना है कि चुनाव के समय जनता के बीच पहुंचकर सड़क और विकास के बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं। जनता से वोट मांगे जाते हैं और क्षेत्र की तस्वीर बदलने का भरोसा दिलाया जाता है। लेकिन चुनाव बीतने के बाद कदौरा-बेरी मार्ग की बदहाली किसी को दिखाई नहीं देती। ग्रामीणों का सवाल है कि आखिर विकास के दावे केवल कागजों और चुनावी मंचों तक ही क्यों सीमित रह जाते हैं? क्या जनता को सिर्फ वोट के लिए याद किया जाता है? क्या जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी चुनाव के बाद खत्म हो जाती है? एसी गाड़ियों से निकलकर सड़क की हकीकत देखें जनप्रतिनिधि क्षेत्रवासियों ने विधायक और सांसद से तीखे शब्दों में अपील की है कि वे केवल अधिकारियों की रिपोर्ट और कागजी दावों पर भरोसा न करें, बल्कि एसी गाड़ियों से बाहर निकलकर खुद कदौरा-बेरी मार्ग की जमीनी हकीकत देखें। एक बार इस बदहाल सड़क पर पैदल चलकर देखें, ई-रिक्शा में बैठकर सफर करें और स्कूली बच्चों व राहगीरों की परेशानी को महसूस करें। तब शायद उन्हें समझ आएगा कि ग्रामीण जनता किन परिस्थितियों में रोजाना आवागमन करने को मजबूर है। हादसा होने से पहले जागना जरूरी लोगों का कहना है कि सड़क की मरम्मत अब सिर्फ सुविधा का सवाल नहीं बल्कि लोगों की सुरक्षा और जिंदगी का सवाल बन चुकी है। रोजाना बड़ी संख्या में लोग इस मार्ग से गुजरते हैं। ऐसे में किसी दिन कोई बड़ा हादसा हो गया तो उसकी जिम्मेदारी आखिर किसकी होगी? क्षेत्रवासियों ने प्रशासन, संबंधित विभाग, विधायक और सांसद से मांग की है कि कदौरा-बेरी मार्ग की तत्काल जांच कराकर जल्द से जल्द सड़क का निर्माण अथवा मरम्मत कार्य शुरू कराया जाए। लोगों का कहना है कि अब आश्वासन नहीं, बल्कि जमीन पर काम चाहिए। जनता की मांग साफ है—पहले सड़क बचाइए, फिर विकास के दावे कीजिए। किसी मासूम के घायल होने या किसी की जान जाने का इंतजार मत कीजिए। राहगीर समस्त क्षेत्र बसी1
- स्मार्ट क्लास से डिजिटल शिक्षा की ओर बढ़ रहा जालौन, सरकारी स्कूलों में तकनीक से निखर रहा बच्चों का भविष्य *245 स्मार्ट क्लास, 45 आईसीटी कंप्यूटर लैब एवं 03 डिजिटल लाइब्रेरी से विद्यार्थियों को मिल रही आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा* प्रदेश के मा0 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी की मंशा के अनुरूप परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा को आधुनिक, तकनीक आधारित और गुणवत्तापूर्ण बनाने की दिशा में जनपद जालौन में निरंतर प्रभावी कार्य किया जा रहा है। सरकारी विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, कंप्यूटर लैब और डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता से ग्रामीण क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को भी आधुनिक शिक्षा का लाभ मिल रहा है। जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में 245 स्मार्ट क्लास स्थापित की गई हैं, जिनके माध्यम से छात्र-छात्राएं विषयों को केवल पुस्तकों तक सीमित न रखकर डिजिटल माध्यम से देखकर और समझकर सीख रहे हैं। वहीं 45 आईसीटी कंप्यूटर लैब विद्यार्थियों को कंप्यूटर एवं तकनीकी ज्ञान से जोड़ रही हैं। इसके साथ ही 03 डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से बच्चों को अध्ययन की अतिरिक्त डिजिटल सामग्री एवं ज्ञानवर्धक संसाधनों तक पहुंच उपलब्ध हो रही है। कंपोजिट विद्यालय खरूसा तथा पूर्व माध्यमिक विद्यालय बम्हन मिनोरा में भी छात्र-छात्राएं स्मार्ट क्लास, डिजिटल बोर्ड, कंप्यूटर एवं अन्य आधुनिक शैक्षिक संसाधनों का उपयोग करते हुए पठन-पाठन कर रहे हैं। स्मार्ट बोर्ड पर गणित एवं अंग्रेजी जैसे विषयों को डिजिटल माध्यम से समझने के साथ ही विद्यार्थी स्वयं भी बोर्ड पर अभ्यास कर अपनी सहभागिता सुनिश्चित कर रहे हैं। विद्यालयों में शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद और रचनात्मक गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। छात्र-छात्राओं द्वारा विभिन्न खेलों में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया जा रहा है, जिससे उनके शारीरिक एवं मानसिक विकास को भी गति मिल रही है। मा0 मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार का प्रयास है कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र के बच्चों को समान रूप से आधुनिक शैक्षिक सुविधाएं उपलब्ध हों और सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थी तकनीकी रूप से सक्षम बनकर भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार हों। जालौन के परिषदीय विद्यालयों में दिखाई दे रही ये सुविधाएं इसी संकल्प को धरातल पर साकार करती नजर आ रही हैं।4
- आटा स्टेशन पर लाखों के जेवर चोरी का आरोप, भीड़ में महिला का पर्स हुआ साफ! आटा रेलवे स्टेशन पर मेमो ट्रेन में चढ़ते समय महिला के पर्स से करीब 10 लाख रुपये के सोने के जेवरात और ₹5 हजार नकदी चोरी होने का मामला सामने आया है। पिपराया निवासी परिवार बेटी को झांसी छोड़ने के लिए स्टेशन पहुंचा था। प्लेटफॉर्म बदलने के दौरान भीड़ में अज्ञात व्यक्ति द्वारा पर्स की चेन खोलकर जेवरात निकालने का आरोप लगाया गया है। ट्रेन में बैठने के बाद चोरी का पता चला। सूचना पर जीआरपी ने स्टेशन के CCTV फुटेज खंगालकर जांच शुरू कर दी है। 👉 पुलिस जांच के बाद ही चोरी और जेवरात की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। ⚠️ नोट: खबर पीड़ित परिवार द्वारा बताए गए घटनाक्रम एवं उपलब्ध जानकारी के आधार पर है। लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। #JalaunNews #OraiNews #AtaRailwayStation #BreakingNews #CrimeNews #RailwayCrime #GRP #UPNews #Jalaun #Orai #Kalpi #RailwayNews #CCTV #NewsUpdate1
- बोतल में पेट्रोल देने से मना करने पर दबंगई: कालपी के HP पेट्रोल पंप पर कर्मचारी से मारपीट, CCTV में कैद हुई घटना बोतल में पेट्रोल देने से मना करने पर दबंगई: कालपी के HP पेट्रोल पंप पर कर्मचारी से मारपीट, CCTV में कैद हुई घटना कालपी में प्रशासनिक नियमों का पालन करना एक पेट्रोल पंप कर्मचारी को भारी पड़ गया। कालपी स्थित HP फ्यूल्स पेट्रोल पंप पर प्लास्टिक की बोतल में पेट्रोल देने से इंकार करने पर बेखौफ दबंगों ने कर्मचारी के साथ जमकर गाली-गलौज और मारपीट की। घटना के बाद पीड़ित कर्मचारी ने कोतवाली कालपी में तहरीर देकर न्याय की गुहार लगाई है। बोतल में पेट्रोल मांगने पर बढ़ा विवाद जानकारी के अनुसार, सुरक्षा कारणों और सरकारी निर्देशों के तहत पेट्रोल पंप पर खुले में या प्लास्टिक की बोतल में ज्वलनशील पदार्थ देना प्रतिबंधित है। जब पंप कर्मचारी ने नियमों का हवाला दिया।2
- हमीरपुर :कलेक्ट्रेट जनसुनवाई में जिलाधिकारी ने दूर-दराज से आए फरियादियों की सुनी समस्याएं, अधिकारियों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के दिए निर्देश हमीरपुर। जिलाधिकारी हमीरपुर श्री अभिषेक गोयल ने आज प्रातः 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक कलेक्ट्रेट में जनसुनवाई कर जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादियों की समस्याओं एवं शिकायतों को गंभीरतापूर्वक सुना। जनसुनवाई में बड़ी संख्या में आमजन ने राजस्व, भूमि विवाद, नामांतरण, पैमाइश, कब्जा, रास्ते, आवास, विद्युत, पेयजल सहित विभिन्न विभागों से संबंधित अपनी समस्याएं जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने प्रत्येक फरियादी की समस्या को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को प्रकरणों की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार एवं समयबद्ध ढंग से गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई का उद्देश्य केवल शिकायतों को दर्ज करना नहीं, बल्कि प्रत्येक फरियादी को प्रभावी समाधान उपलब्ध कराना है। अधिकारियों द्वारा शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब पाए जाने पर जवाबदेही तय की जाएगी। जनसुनवाई के दौरान विशेष रूप से राजस्व संबंधी प्रकरणों में जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि भूमि विवाद, पैमाइश, नामांतरण, सीमांकन, कब्जे तथा अन्य राजस्व मामलों का निस्तारण नियमानुसार प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि भूमि संबंधी मामलों में केवल कागजी रिपोर्ट पर निर्भर न रहें, बल्कि आवश्यकतानुसार स्थलीय निरीक्षण एवं मौके पर सत्यापन कर वास्तविक स्थिति के आधार पर कार्रवाई सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने लंबे समय से लंबित राजस्व वादों को लेकर कहा कि पांच वर्ष से अधिक पुराने मामलों का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने अनावश्यक रूप से मुकदमों को खारिज करने अथवा पुनर्स्थापित करने की प्रवृत्ति पर प्रभावी नियंत्रण रखते हुए नियमानुसार कम से कम तिथियों में सुनवाई पूरी करने पर जोर दिया। उन्होंने राजस्व विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की कार्यप्रणाली में दक्षता बढ़ाने के लिए राजस्व संहिता की प्रमुख धाराओं एवं चकबंदी संबंधी प्रक्रियाओं की विशेष मास्टर ट्रेनिंग आयोजित कराने के निर्देश भी दिए, ताकि राजस्व प्रकरणों का निस्तारण विधिक प्रावधानों के अनुरूप और अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सके। जनसुनवाई के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी एवं कचरा फैलाने से संबंधित मामलों पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता बनाए रखने तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने तालाब पट्टों एवं मत्स्य पालन से प्राप्त होने वाली नीलामी/पट्टा धनराशि का संबंधित पोर्टल पर समय से अंकन कराने तथा नियमानुसार ग्राम निधि में धनराशि जमा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने पूर्व वर्षों की धनराशि का भी सत्यापन कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा, ताकि ग्राम पंचायतों को नियमानुसार मिलने वाले लाभ से वंचित न होना पड़े। इसके साथ ही जिलाधिकारी ने कलेक्ट्रेट एवं तहसीलों में सरकारी खरीद में शासन द्वारा निर्धारित मानकों एवं अनुमन्य दरों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिना पूर्व स्वीकृति के अनावश्यक अथवा निर्धारित दरों से अधिक मूल्य पर खरीदारी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनसुनवाई में प्राप्त प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से लेते हुए शिकायतकर्ता को संतोषजनक समाधान उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही, शिथिलता अथवा अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।1
- बाढ़ से चंद्रावल नदी के रास्ते में आई दरारें प्रशासन में संभाला मोर्चा ➡️ मौदहा कोतवाली क्षेत्र के पढ़ोहरी के पास क्षतिग्रस्त रपटे का वीडियो सोशल मीडिया पर हुआ था वायरल ➡️ ग्रामीणों की शिकायत पर मौके पर पहुंची प्रशासनिक टीम ➡️ एसडीएम करनवीर सिंह के नेतृत्व में राजस्व, पुलिस और पीडब्ल्यूडी टीम ने किया निरीक्षण ➡️ जेसीबी से रपटे में फंसा मलबा हटवाकर आवागमन कराया गया बहाल ➡️ हर साल बाढ़ में रपटा क्षतिग्रस्त होने से ग्रामीणों को होती है परेशानी ➡️ ग्रामीणों ने स्थायी समाधान के लिए रपटे की जगह पुल निर्माण की उठाई मांग1
- रुपये के लेनदेन को लेकर घर में घुसे युवकों पर मारपीट, मंगलसूत्र छीनने और गला दबाने का आरोप हमीरपुर। रुपये के लेनदेन को लेकर एक युवक से मारपीट के बाद उसके घर में घुसकर परिजनों के साथ मारपीट करने, महिला का मंगलसूत्र छीनने और गला दबाकर जान से मारने का प्रयास करने का मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार ने गांव के कुछ युवकों पर गंभीर आरोप लगाते हुए थाने में तहरीर दी है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। बिवांर थाना क्षेत्र के महेरा गांव निवासी लखन पुत्र बालादीन राजपूत ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उसके पुत्र विपिन कुमार ने गांव के उदय पुत्र भान प्रताप को चार हजार रुपये दिए थे। सोमवार दोपहर करीब तीन बजे विपिन ने रुपये वापस मांगे तो उदय ने रुपये देने से इनकार करते हुए अभद्रता शुरू कर दी। विरोध करने पर उदय ने अपने साथी रमाकांत पुत्र संतोष को फोन कर बुला लिया। दोनों ने विपिन के साथ थप्पड़ और घूंसों से मारपीट शुरू कर दी। जान बचाकर विपिन घर की ओर भागा तो दोनों युवक भी उसके पीछे पहुंच गए। आरोप है कि इसके बाद दोनों युवकों ने फोन कर महेश पुत्र लक्ष्मीराम यादव, ऋषि व अभिषेक पुत्रगण करन यादव तथा बच्चा पुत्र महेश यादव को बुला लिया। सभी युवक घर में घुस आए और विपिन के साथ उसकी पुत्री शकुंतला, शिवानी तथा बहू रोशनी के साथ मारपीट करने लगे। आरोप है कि इसी दौरान बच्चा यादव ने शादीशुदा पुत्री शकुंतला के गले में पहना मंगलसूत्र छीन लिया। लखन का आरोप है कि युवकों ने उसकी बहू रोशनी का ब्लाउज फाड़ दिया और उसका गला दबाकर जान से मारने का प्रयास किया। बीच-बचाव करने पर आरोपियों ने डंडे से हमला कर दिया, जिससे उसके बाएं हाथ में गंभीर चोट आई और उंगलियों में सूजन हो गई। आरोप है कि जाते समय युवक जान से मारने की धमकी भी दे गए। घटना के बाद लखन अपनी पुत्री और बहू के साथ थाने पहुंचा और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए तहरीर दी। महिला कांस्टेबल ने पीड़ित महिला के गले की जांच भी की। इस संबंध में एसआई सत्यपति त्रिपाठी ने बताया कि तहरीर मिली है। मामले की जांच कर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी और आरोपियों की तलाश कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।1