*जीवन की नीरसता ही डिप्रेशन है, भागवत की रसधार से ही मिटेगा मानसिक अवसाद : गौवत्स राधाकृष्ण महाराज* प्रभातफेरी में बही भक्ति की गंगा, युवा गोष्ठी और समरसता का संदेश, विभिन्न समाजों ने लिया आशीर्वाद *भीलवाड़ा = परम पूज्य माधव गो विज्ञान अनुसंधान संस्थान एवं श्री सांवरिया सेठ मंदिर ट्रस्ट नौगांवा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित भागवत समरसता महोत्सव अपने चरम पर है। महोत्सव के पांचवें दिन मंगलवार को श्रद्धा और भक्ति का ऐसा अनूठा संगम देखने को मिला, मानो समूचा क्षेत्र ही गोकुलधाम बन गया हो। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित इस विशेष कथा श्रृंखला में परम पूज्य गौवत्स राधाकृष्ण महाराज ने नंदोत्सव सहित विभिन्न प्रसंगों पर अपने ओजस्वी और मर्मस्पर्शी प्रवचनों से हजारों श्रद्धालुओं को जीवन जीने की नई राह दिखाई। महाराज ने वर्तमान जीवनशैली पर प्रहार करते हुए कहा कि आज का मनुष्य ज्ञान तो बहुत रखता है, लेकिन उसका आचरण शून्य है। उन्होंने उदाहरण दिया कि जिस प्रकार बीमार व्यक्ति की जेब में रखी दवा उसे तब तक लाभ नहीं पहुँचाती जब तक वह उसे ग्रहण न करे, ठीक उसी प्रकार केवल धर्मग्रंथों को याद रखने से जीवन का कल्याण नहीं होता। ज्ञान को आचरण में उतारना ही असली स्वास्थ्य लाभ है। *प्रभातफेरी में बही भक्ति की गंगा* मंगलवार सुबह दूधाधारी मंदिर से विशाल प्रभातफेरी निकाली गई। महाराज ने इसकी भव्यता का वर्णन करते हुए कहा कि गलियों से गुजरते वक्त ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो हर गली से साक्षात गंगा मैया निकल रही हों। उन्होंने इस आध्यात्मिक पदयात्रा को श्गिरिराज तीर्थ यात्राश् के समान पुण्य फलदायी बताया। उन्होंने भावविभोर होकर कहा कि मेरे सांवरिया सेठ का असली ठिकाना भक्तों के हृदय और वृंदावन की कुंज गलियों में है जहाँ अनन्य प्रेम बसता है। *सोशल मीडिया और स्टेटस पर कटाक्ष* महाराज श्री ने चुटीले अंदाज में कहा कि आजकल लोग सोशल मीडिया पर संतों के विचारों के स्टेटस तो बहुत लगाते हैं, लेकिन उन विचारों को अपने जीवन का स्टेटस नहीं बना पाते। उन्होंने युवाओं और प्रबुद्ध जनों से आह्वान किया कि दूसरों को ज्ञान दिखाने के बजाय, उस सत्य को स्वयं के भीतर उतारें। *युवा गोष्ठी और समरसता का संदेश* बीती श्याम रामस्नेही वाटिका में आयोजित युवा गोष्ठी में महाराज श्री ने युवाओं की जिज्ञासाओं का समाधान किया। उन्होंने अपनी मातृभाषा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि जड़ों की भाषा ही हृदय तक पहुँचती है। इस अवसर पर उन्होंने भगवान महावीर जन्मोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए अहिंसा और अपरिग्रह का संदेश दिया। *विभिन्न समाजों ने लिया आशीर्वाद* मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष गोविंद प्रसाद सोडाणी ने बताया कि मंगलवार को कथा पंडाल में समाज के हर वर्ग की उपस्थिति रही। जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र यादव, ताराचंद गोयल कोटा, कृष्ण मुरारी चतुर्वेदी, तिलोक चंद छाबड़ा, उमाशंकर मूंदड़ा जयपुर, प्रकाश छाबड़ा, हेमंत लाम्बा, विजय गोढवाल, योगेश लढ़ा, पल्लवी लढ़ा, शंभूलाल काबरा, राधेश्याम अग्रवाल, अशोक बाहेती, रवि जाजू, गिरिश अग्रवाल, केदारमल गगरानी, सुरेश पोद्दार, आयुष मानसिंहका, रेनू मानसिंहका, पारसमल बोहरा, मंजू पोखरना, रतन लाल मेहता, सीए शिव झंवर, प्रदीप हिम्मतरामका, दिपेश खण्डेलवाल, केजी. सोनी सहित वाल्मीकि, तेली, गाडुलिया, माहेश्वरी, योगी, शर्मा, सेन, जीनगर और बैरवा समाज के प्रतिनिधियों ने महाराज श्री का पूजन किया। *घर-घर से मिलकर बना समरसता भोज, सुंदरकांड पाठ में हुए भाव विभोर* संस्थान के अध्यक्ष डी.पी. अग्रवाल एवं कथा संयोजक मनीष बहेडिया ने बताया कि मंगलवार को आयोजित समरसता भोज को लेकर सैकड़ो श्रद्धालु अपने घर से लापसी और अन्य सामग्री लाए। मंगलवार शाम अक्षत अग्रवाल एंड पार्टी की ओर से 108 बार हनुमान चालीसा का पाठ कोठारी पैलेस पुर में किया गया। गुरुवार को सुदामा चरित्र की कथा के साथ महोत्सव का समापन होगा। कथा का संचालन पंडित अशोक व्यास कर रहे हैं और कथा स्थल तक पहुंचाने के लिए प्रतिदिन राम धाम में सुबह 11 बजे बसें लगाई जा रही है। रसायन शाला में लगाई गई प्रदर्शनी को देखने के लिए भी श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।
*जीवन की नीरसता ही डिप्रेशन है, भागवत की रसधार से ही मिटेगा मानसिक अवसाद : गौवत्स राधाकृष्ण महाराज* प्रभातफेरी में बही भक्ति की गंगा, युवा गोष्ठी और समरसता का संदेश, विभिन्न समाजों ने लिया आशीर्वाद *भीलवाड़ा = परम पूज्य माधव गो विज्ञान अनुसंधान संस्थान एवं श्री सांवरिया सेठ मंदिर ट्रस्ट नौगांवा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित भागवत समरसता महोत्सव अपने चरम पर है। महोत्सव के पांचवें दिन मंगलवार को श्रद्धा और भक्ति का ऐसा अनूठा संगम देखने को मिला, मानो समूचा क्षेत्र ही गोकुलधाम बन गया हो। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित इस विशेष कथा श्रृंखला में परम पूज्य गौवत्स राधाकृष्ण महाराज ने नंदोत्सव सहित विभिन्न प्रसंगों पर अपने ओजस्वी और मर्मस्पर्शी प्रवचनों से हजारों श्रद्धालुओं को जीवन जीने की नई राह दिखाई। महाराज ने वर्तमान जीवनशैली पर प्रहार करते हुए कहा कि आज का मनुष्य ज्ञान तो बहुत रखता है, लेकिन उसका आचरण शून्य है। उन्होंने उदाहरण दिया कि जिस प्रकार बीमार व्यक्ति की जेब में रखी दवा उसे तब तक लाभ नहीं पहुँचाती जब तक वह उसे ग्रहण न करे, ठीक उसी प्रकार केवल धर्मग्रंथों को याद रखने से जीवन का कल्याण नहीं होता। ज्ञान को आचरण में उतारना ही असली स्वास्थ्य लाभ है। *प्रभातफेरी में बही भक्ति की गंगा* मंगलवार सुबह दूधाधारी मंदिर से विशाल प्रभातफेरी निकाली गई। महाराज ने इसकी भव्यता का वर्णन करते हुए कहा कि गलियों से गुजरते वक्त ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो हर गली से साक्षात गंगा मैया निकल रही हों। उन्होंने इस आध्यात्मिक पदयात्रा को श्गिरिराज तीर्थ यात्राश् के समान पुण्य फलदायी बताया। उन्होंने भावविभोर होकर कहा कि मेरे सांवरिया सेठ का असली ठिकाना भक्तों के हृदय और वृंदावन की कुंज गलियों में है जहाँ अनन्य प्रेम बसता है। *सोशल मीडिया और स्टेटस पर कटाक्ष* महाराज श्री ने चुटीले अंदाज में कहा कि आजकल लोग सोशल मीडिया पर संतों के विचारों के स्टेटस तो बहुत लगाते हैं, लेकिन उन विचारों को अपने जीवन का स्टेटस नहीं बना पाते। उन्होंने युवाओं और प्रबुद्ध जनों से आह्वान किया कि दूसरों को ज्ञान दिखाने के बजाय, उस सत्य को स्वयं के भीतर उतारें। *युवा गोष्ठी और समरसता का संदेश* बीती श्याम रामस्नेही वाटिका में आयोजित युवा गोष्ठी में महाराज श्री ने युवाओं की जिज्ञासाओं का समाधान किया। उन्होंने अपनी मातृभाषा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि जड़ों की भाषा ही हृदय तक पहुँचती है। इस अवसर पर उन्होंने भगवान महावीर जन्मोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए अहिंसा और अपरिग्रह का संदेश दिया। *विभिन्न समाजों ने लिया आशीर्वाद* मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष गोविंद प्रसाद सोडाणी ने बताया कि मंगलवार को कथा पंडाल में समाज के हर वर्ग की उपस्थिति रही। जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र यादव, ताराचंद गोयल कोटा, कृष्ण मुरारी चतुर्वेदी, तिलोक चंद छाबड़ा, उमाशंकर मूंदड़ा जयपुर, प्रकाश छाबड़ा, हेमंत लाम्बा, विजय गोढवाल, योगेश लढ़ा, पल्लवी लढ़ा, शंभूलाल काबरा, राधेश्याम अग्रवाल, अशोक बाहेती, रवि जाजू, गिरिश अग्रवाल, केदारमल गगरानी, सुरेश पोद्दार, आयुष मानसिंहका, रेनू मानसिंहका, पारसमल बोहरा, मंजू पोखरना, रतन लाल मेहता, सीए शिव झंवर, प्रदीप हिम्मतरामका, दिपेश खण्डेलवाल, केजी. सोनी सहित वाल्मीकि, तेली, गाडुलिया, माहेश्वरी, योगी, शर्मा, सेन, जीनगर और बैरवा समाज के प्रतिनिधियों ने महाराज श्री का पूजन किया। *घर-घर से मिलकर बना समरसता भोज, सुंदरकांड पाठ में हुए भाव विभोर* संस्थान के अध्यक्ष डी.पी. अग्रवाल एवं कथा संयोजक मनीष बहेडिया ने बताया कि मंगलवार को आयोजित समरसता भोज को लेकर सैकड़ो श्रद्धालु अपने घर से लापसी और अन्य सामग्री लाए। मंगलवार शाम अक्षत अग्रवाल एंड पार्टी की ओर से 108 बार हनुमान चालीसा का पाठ कोठारी पैलेस पुर में किया गया। गुरुवार को सुदामा चरित्र की कथा के साथ महोत्सव का समापन होगा। कथा का संचालन पंडित अशोक व्यास कर रहे हैं और कथा स्थल तक पहुंचाने के लिए प्रतिदिन राम धाम में सुबह 11 बजे बसें लगाई जा रही है। रसायन शाला में लगाई गई प्रदर्शनी को देखने के लिए भी श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।
- Post by Dev karan Mali1
- Post by Jalampura AC morcha adhyaks D.1
- Post by Suresh Chandra1
- कपासन: विगत 15 वर्षों से ग्रामीण युवाओं को स्वरोजगार और प्राइवेट सेक्टर की नौकरियों से जोड़कर उनके सपनों को उड़ान दे रहे 'शिव शिक्षा संस्थान' में स्वास्थ्य जागरूकता एवं वार्षिक उत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। माँ शारदे के दीप प्रज्वलन से शुरू हुए इस समारोह का मुख्य उद्देश्य युवाओं को आधुनिक तकनीक, स्वास्थ्य और रोजगार के नए अवसरों के लिए तैयार करना था। रोजगारोन्मुखी कोर्सेज और जल्द शुरू होगा 'फोर-व्हीलर कोर्स' संस्थान के डायरेक्टर अमजद हुसैन मंसूरी ने संस्थान की 15 वर्षों की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए वर्तमान में इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग, कॉर्पोरेट, असिस्टेंट नर्सिंग, बैंकिंग, टैली, सिलाई और ब्यूटी पार्लर जैसे व्यावसायिक कोर्सेज सफलतापूर्वक चलाए जा रहे हैं। युवाओं की बढ़ती मांग को देखते हुए संस्थान द्वारा भविष्य में जल्द ही 'फोर-व्हीलर ड्राइविंग कोर्स' भी शुरू किया जा रहा है, जिससे रोजगार के नए द्वार खुलेंगे। ग्रामीण प्रतिभाओं को AI और स्वास्थ्य से जोड़ने की पहल बीएससी एवं एमएससी नर्सिंग शिक्षक श्री भैरुलाल खटीक ने भारत सरकार की 'आभा योजना' (डिजिटल हेल्थ रिकॉर्ड) के लाभ बताए। वहीं, संस्था के संस्थापक भेरूलाल खटिक ने कहा कि आज का युग एआई (AI), रोबोटिक्स और इंटरनेट का है। किसान और मजदूर का बच्चा भी तकनीकी ज्ञान में पीछे न रहे, इसके लिए संस्था लगातार प्रयासरत है। संस्था की कोषाध्यक्ष पूजा खटीक ने युवतियों को आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया। होनहार विद्यार्थियों का हुआ सम्मान कौशल सीखने की लगन और अनुशासन के लिए संस्थान के होनहार विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। पुरस्कृत विद्यार्थियों में ऋषिका आचार्य, कोमल आचार्य, तेजस सूथार, सलमान खान, ट्विंकल दायमा, पूजा सोनी, गायत्री बैरवा, घनीता बावरी, कोमल प्रजापत, कविता अहीर और सेजल खटीक शामिल रहे। सफल प्रबंधन एवं उपस्थिति आयोजन को सफल बनाने में मुख्य ट्रेनर डॉ. तनवीर खान, रतन सालवी और राहुल माली का विशेष योगदान रहा। इस अवसर पर स्टाफ सदस्य हितेश खटीक, रत्नी कुमारी भील, मोहम्मद सोहेल सहित नंदनी सिंह राजपूत, अश्काराबानो, कशिश देवड़ा, मनीषा बंजारा, मनीषा लक्षकार, दीपिका कंवर चुंडावत, आशा कुमारी जाट, सलमान खान, शेर खान और सैफ अली खान समेत बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे। इस कार्यक्रम का कुशल संचालन संस्था के संस्थापक भेरूलाल खटिक द्वारा किया गया2
- SRI Lakshminath🌹🙏🏼 bhagvan Siv sankar Ji Aapki Jay ho 🌺🙏🏽Aap hi aap ho ♥️♥️1
- Post by Lucky sukhwal1
- छछछघडणतूचछछचछछू1
- Post by फोटोग्राफर नंदलाल पुरबिया नांदोली राजसमंद राजस्थान1