राजस्थान सरकार की खेल अधोसंरचना को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, 31 मई को जैतारण में आधुनिक हॉकी टर्फ और हॉकी खेल अकादमी परियोजना का भूमि पूजन एवं शिलान्यास समारोह संपन्न हुआ। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के कैबिनेट मंत्री श्री अविनाश गहलोत ने विधिवत भूमि पूजन कर इस परियोजना का शुभारंभ किया। इस पहल से क्षेत्र में खेल विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है, जिससे युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री श्री अविनाश गहलोत ने राज्य सरकार की युवाओं को खेल क्षेत्र में बेहतर अवसर प्रदान करने की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने बताया कि लगभग दस वर्ष पूर्व उन्होंने जैतारण में आधुनिक हॉकी टर्फ और खेल अकादमी स्थापित करने का सपना देखा था, जिसे आज साकार होते देख उन्हें अत्यंत प्रसन्नता हुई। उनका संकल्प था कि क्षेत्र के युवा खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और आधुनिक खेल अधोसंरचना अपने ही क्षेत्र में मिले, ताकि वे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें और ग्रामीण प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का सशक्त मंच प्राप्त हो। जिला कलेक्टर श्री कमल राम मीना ने बताया कि बजट वर्ष 2025-26 के तहत जैतारण क्षेत्र में हॉकी खेल अकादमी की स्थापना के लिए युवा मामले एवं खेल विभाग द्वारा 8 करोड़ रुपये की स्वीकृति जारी की गई है। राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद, जयपुर ने आधुनिक सिंथेटिक हॉकी टर्फ निर्माण के लिए कार्यादेश जारी किया है। परियोजना के अंतर्गत अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ के मानकों के अनुरूप सिंथेटिक हॉकी टर्फ का निर्माण होगा, साथ ही ड्रेनेज सिस्टम, भूमिगत जल टैंक, पम्प रूम, ट्यूबवेल, परिधि दीवार, चैन लिंक फेंसिंग, विद्युत व्यवस्था, पाइपलाइन और खिलाड़ियों के लिए डगआउट सहित आवश्यक खेल अधोसंरचना विकसित की जाएगी। इस परियोजना की स्वीकृत लागत ₹6 करोड़ 59 लाख 10 हजार 354 निर्धारित की गई है, और इसे 12 जनवरी 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य है। इस कार्यक्रम में संभागीय आयुक्त श्री शक्ति सिंह राठौड़, जिला कलेक्टर श्री कमल राम मीना, पुलिस अधीक्षक श्री रतन सिंह, अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्म लाल जाट, हॉकी राजस्थान संघ के अध्यक्ष श्री अरुण कुमार सारस्वत, नारायण नाथ जी महाराज रास, सुंदरदास जी महाराज, हरिराम जी महाराज, भगतराम शास्त्री सहित अनेक प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, खेल प्रेमी और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे। वक्ताओं ने जोर दिया कि हॉकी अकादमी की स्थापना से प्रतिभावान खिलाड़ियों को व्यवस्थित प्रशिक्षण और आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी, जिससे जैतारण और आसपास के क्षेत्रों में खेल संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा और युवाओं को सकारात्मक दिशा प्राप्त होगी। जिला खेल अधिकारी श्री दिनेश चौधरी ने उम्मीद जताई कि यह अकादमी भविष्य में क्षेत्र को राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों की नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
राजस्थान सरकार की खेल अधोसंरचना को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, 31 मई को जैतारण में आधुनिक हॉकी टर्फ और हॉकी खेल अकादमी परियोजना का भूमि पूजन एवं शिलान्यास समारोह संपन्न हुआ। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के कैबिनेट मंत्री श्री अविनाश गहलोत ने विधिवत भूमि पूजन कर इस परियोजना का शुभारंभ किया। इस पहल से क्षेत्र में खेल विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है, जिससे युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री श्री अविनाश गहलोत ने राज्य सरकार की युवाओं को खेल क्षेत्र में बेहतर अवसर प्रदान करने की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने बताया कि लगभग दस वर्ष पूर्व उन्होंने जैतारण में आधुनिक हॉकी टर्फ और खेल अकादमी स्थापित करने का सपना देखा था, जिसे आज साकार होते देख उन्हें अत्यंत प्रसन्नता हुई। उनका संकल्प था कि क्षेत्र के युवा खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और आधुनिक खेल अधोसंरचना अपने ही क्षेत्र में मिले, ताकि वे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें और ग्रामीण प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का सशक्त मंच प्राप्त हो। जिला कलेक्टर श्री कमल राम मीना ने बताया कि बजट वर्ष 2025-26 के तहत जैतारण क्षेत्र में हॉकी खेल अकादमी की स्थापना के लिए युवा मामले एवं खेल विभाग द्वारा 8 करोड़ रुपये की स्वीकृति जारी की गई है। राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद, जयपुर ने आधुनिक सिंथेटिक हॉकी टर्फ निर्माण के लिए कार्यादेश जारी किया है। परियोजना के अंतर्गत अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ के मानकों के अनुरूप सिंथेटिक हॉकी टर्फ का निर्माण होगा, साथ ही ड्रेनेज सिस्टम, भूमिगत जल टैंक, पम्प रूम, ट्यूबवेल, परिधि दीवार, चैन लिंक फेंसिंग, विद्युत व्यवस्था, पाइपलाइन और खिलाड़ियों के लिए डगआउट सहित आवश्यक खेल अधोसंरचना विकसित की जाएगी। इस परियोजना की स्वीकृत लागत ₹6 करोड़ 59 लाख 10 हजार 354 निर्धारित की गई है, और इसे 12 जनवरी 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य है। इस कार्यक्रम में संभागीय आयुक्त श्री शक्ति सिंह राठौड़, जिला कलेक्टर श्री कमल राम मीना, पुलिस अधीक्षक श्री रतन सिंह, अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्म लाल जाट, हॉकी राजस्थान संघ के अध्यक्ष श्री अरुण कुमार सारस्वत, नारायण नाथ जी महाराज रास, सुंदरदास जी महाराज, हरिराम जी महाराज, भगतराम शास्त्री सहित अनेक प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, खेल प्रेमी और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे। वक्ताओं ने जोर दिया कि हॉकी अकादमी की स्थापना से प्रतिभावान खिलाड़ियों को व्यवस्थित प्रशिक्षण और आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी, जिससे जैतारण और आसपास के क्षेत्रों में खेल संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा और युवाओं को सकारात्मक दिशा प्राप्त होगी। जिला खेल अधिकारी श्री दिनेश चौधरी ने उम्मीद जताई कि यह अकादमी भविष्य में क्षेत्र को राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों की नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
- ब्यावर में नारी जन जागृति संस्थान और अखिल भारतीय मारवाड़ी महिला समिति की स्थानीय ब्यावर शाखा ने संयुक्त तत्वाधान में केरी पानी का वितरण किया।2
- पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का कायड़ मेडिकल चौराहे पर जोरदार स्वागत किया गया।1
- नसीराबाद में जल संरक्षण के लिए एक विशाल महाअभियान चलाया गया है, जिसे 'वन्दे गंगा अभियान' का नाम दिया गया है। इस अभियान ने क्षेत्र की तस्वीर बदल दी है और जल संकट से निपटने के लिए एक बड़ी पहल के रूप में उभरा है। इस महाअभियान के तहत, तालाबों पर बड़े पैमाने पर सफाई अभियान चलाया गया, जिसमें आम जनता ने सक्रिय रूप से भाग लिया और जल बचाने का संकल्प लिया। लोग सड़कों पर उतरकर 'जल है तो कल है' का नारा लगाते हुए देखे गए, जो पूरे नसीराबाद में गूंज उठा। नागरिकों ने एकजुट होकर तालाबों की सफाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 'वन्दे गंगा अभियान' अब सिर्फ एक पहल नहीं, बल्कि एक व्यापक जनआंदोलन बन चुका है। जल संकट के खिलाफ नसीराबाद के लोगों ने अपनी एकता प्रदर्शित की है, और इस बड़ी पहल के माध्यम से उन्होंने पूरे राजस्थान को जल संरक्षण का एक महत्वपूर्ण संदेश दिया है।1
- नागौर जिले में अवैध खनन के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थांवला पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है, जिसमें अवैध बजरी और पत्थर से भरी दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को जब्त किया गया। यह अभियान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, नागौर के निर्देशों पर गठित विशेष टीमों द्वारा चलाया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, 31 मई 2026 को अवैध खनन के विरुद्ध कार्रवाई के लिए पुलिस टीमें क्षेत्र में गश्त कर रही थीं। इसी दौरान, सार्जेंट सुरेंद्र कुमार के नेतृत्व में एक टीम लूणी नदी क्षेत्र के लाडपुरा पहुंची, जहाँ उन्हें अवैध बजरी से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली मिली। पुलिस टीम को देखते ही चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त कर थांवला थाना परिसर में खड़ा करा दिया और इस मामले में बीएनएसएस व एमएमआरडी एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। दूसरी ओर, सार्जेंट महेंद्र सिंह के नेतृत्व में एक अन्य पुलिस टीम देवगढ़ रोड स्थित क्षेत्र में गश्त करते हुए अवैध पत्थरों से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली का पता चला। पुलिस वाहन को देखते ही चालक इसे सड़क पर छोड़कर भाग निकला। पुलिस ने इस वाहन को भी कब्जे में लेकर थाने पहुंचाया और खनन विभाग को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए सूचित किया। इस कार्रवाई में कुल दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त की गई हैं, जिनमें एक अवैध बजरी और दूसरी अवैध पत्थरों से भरी थी। थांवला थाना के पुलिस निरीक्षक अशोक कुमार झाझड़िया, सार्जेंट महेंद्र सिंह और सार्जेंट सुरेंद्र कुमार सहित पुलिस जवानों की टीम इस कार्रवाई में शामिल थी। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले में अवैध खनन और खनिज परिवहन के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की इस कार्रवाई को क्षेत्र में अवैध खनन माफियाओं के खिलाफ एक बड़ी सफलता माना जा रहा है, और स्थानीय लोगों ने भी पुलिस की तत्परता की सराहना करते हुए अवैध खनन पर प्रभावी अंकुश लगाने की मांग की है।1
- अजमेर जिले में सराधना गाँव के पास अरावली की पहाड़ियों में स्थित गौरीकुंड माता मंदिर अत्यंत प्राचीन और चमत्कारी माना जाता है। यह मंदिर अजमेर से करीब 20 किलोमीटर दूर सराधना और मकरेडा गाँवों के समीप अरावली पर्वत श्रृंखला की गोद में स्थित है। पहले यहाँ पहुँचना दुर्गम था, लेकिन अब जन सहयोग से गाड़ियों के माध्यम से आसानी से जाया जा सकता है। इस मंदिर को मार्कंडेय ऋषि की तपोभूमि कहा जाता है, जहाँ मान्यता है कि माता ने ऋषि मार्कंडेय को दर्शन दिए थे और उनकी स्वयंभू प्रतिमा यहीं प्रकट हुई थी। मंदिर परिसर में एक चमत्कारी जलकुंड भी है, जिसकी विशेषता है कि इसका पानी हमेशा इतना साफ रहता है कि तल में पड़ा सिक्का भी स्पष्ट दिखाई देता है, और इसमें कभी काई नहीं जमती। हजारों गैलन पानी निकालने के बाद भी यह कुंड खाली नहीं होता, साथ ही, सर्दी में इसका पानी गर्म और गर्मी में ठंडा रहता है। पहाड़ी पर स्थित होने के कारण यहाँ बड़ी संख्या में बंदर रहते हैं, जिनके लिए श्रद्धालु अक्सर केले और चने जैसे प्रसाद लेकर आते हैं, और उन्हें अपना प्रसाद संभालकर रखना पड़ता है। मंदिर में प्रवेश के कुछ नियम भी हैं; शराब और मांस का सेवन करके आना यहाँ वर्जित है, क्योंकि ऐसी मान्यता है कि ऐसा करने वालों को माता के कोप का सामना करना पड़ता है। पहाड़ी के निचले द्वार पर भैरव बाबा का एक मंदिर भी है, जहाँ मान्यता है कि भैरव बाबा बाहरी क्षेत्र की रक्षा करते हैं, इसलिए दर्शनार्थी पहले भैरव बाबा के दर्शन करते हैं। नवरात्रि के दौरान इस मंदिर में दूर-दूर से भक्त दर्शन के लिए आते हैं।1
- अजमेर के गेगल थाना क्षेत्र में बालाजी के पास स्थित गणगौर होटल को कल आए तेज आंधी-तूफान ने भारी नुकसान पहुँचाया। तेज हवाओं के कारण होटल परिसर में लगा टीन शेड पूरी तरह से उखड़ कर क्षतिग्रस्त हो गया। इस घटना से होटल को लाखों रुपये का नुकसान होने की जानकारी सामने आई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गनीमत रही कि हादसे के वक्त कोई जनहानि नहीं हुई, अन्यथा यह एक बड़ा हादसा हो सकता था। मौसम विभाग ने पहले ही तेज आंधी और तूफान का अलर्ट जारी किया था, इसके बावजूद तूफान की तीव्रता ने क्षेत्र में काफी नुकसान पहुँचाया। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि वे इस नुकसान का आकलन करें और प्रभावित व्यवसायियों को उचित राहत प्रदान करें।1