logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

*‘सड़क के गड्ढे नहीं, सिस्टम का आलस भर रहे हैं’—युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल का वायरल कारनामा!* शंकरगढ़(प्रयागराज) प्रयागराज के शंकरगढ़ में जब जर्जर सड़कों से परेशान जनता और बेपरवाह तंत्र के बीच उम्मीद की कोई किरण नहीं दिख रही थी, तब एक युवा आगे आया और उसने दिखा दिया कि जनसेवा भाषणों से नहीं, कर्मों से होती है। युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल ने किसी सरकारी बजट या प्रशासनिक मंजूरी का इंतजार किए बिना, अपनी जेब से पैसे खर्च कर सड़क के खतरनाक गड्ढों को भरवाने की एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल शुरू की है। सोशल मीडिया पर प्रभाष सिंह पटेल के इस कदम की चौतरफा तारीफ हो रही है। लोग उनकी तस्वीरों और वीडियो को शेयर करते हुए लिख रहे हैं—"नेता सिर्फ वादे करते हैं, लेकिन प्रभाष जैसे युवा बदलाव लाते हैं।" *क्या बोले स्थानीय लोग?* इस सड़क से गुजरने वाले दैनिक यात्रियों और ग्रामीणों के चेहरे पर राहत साफ देखी जा सकती है। लोगों का कहना है कि आए दिन इन गड्ढों की वजह से हादसे हो रहे थे। प्रभाष पटेल ने अपने निजी खर्च से गिट्टी और मौरंग मंगवाकर न सिर्फ सड़क को चलने लायक बनाया, बल्कि कई अनमोल जिंदगियों को हादसों से भी बचा लिया। *प्रशासन की नींद कब खुलेगी?* युवा समाजसेवी की इस सराहनीय पहल ने जहां एक तरफ जनता का दिल जीत लिया है, वहीं दूसरी तरफ संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की कार्यशैली पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। *सामूहिक प्रयास ही असली समाधान* प्रभाष सिंह पटेल की यह पहल एक बड़ा संदेश देती है: अगर समाज का हर नागरिक और प्रशासनिक अमला एक साथ मिलकर कदम उठाए, तो आमजन को सुरक्षित, सुगम और दुर्घटनामुक्त आवागमन मिल सकता है। प्रभाष पटेल का यह जज्बा आज के युवाओं के लिए एक मिसाल बन चुका है। सलाम है ऐसे जनसेवकों को, जो समाज को गड्ढों से निकालकर प्रगति की राह पर ले जाने का दम रखते हैं!

7 hrs ago
user_पवन कुमार पाल पत्रकार
पवन कुमार पाल पत्रकार
Georai, Beed•
7 hrs ago

*‘सड़क के गड्ढे नहीं, सिस्टम का आलस भर रहे हैं’—युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल का वायरल कारनामा!* शंकरगढ़(प्रयागराज) प्रयागराज के शंकरगढ़ में जब जर्जर सड़कों से परेशान जनता और बेपरवाह तंत्र के बीच उम्मीद की कोई किरण नहीं दिख रही थी, तब एक युवा आगे आया और उसने दिखा दिया कि जनसेवा भाषणों से नहीं, कर्मों से होती है। युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल ने किसी सरकारी बजट या प्रशासनिक मंजूरी का इंतजार किए बिना, अपनी जेब से पैसे खर्च कर सड़क के खतरनाक गड्ढों को भरवाने की एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल शुरू की है। सोशल मीडिया पर प्रभाष सिंह पटेल के इस कदम की चौतरफा तारीफ हो रही है। लोग उनकी तस्वीरों और वीडियो को शेयर करते हुए लिख रहे हैं—"नेता सिर्फ वादे करते हैं, लेकिन प्रभाष जैसे युवा बदलाव लाते हैं।" *क्या बोले स्थानीय लोग?* इस सड़क से गुजरने वाले दैनिक यात्रियों और ग्रामीणों के चेहरे पर राहत साफ देखी जा सकती है। लोगों का कहना है कि आए दिन इन गड्ढों की वजह से हादसे हो रहे थे। प्रभाष पटेल ने अपने निजी खर्च से गिट्टी और मौरंग मंगवाकर न सिर्फ सड़क को चलने लायक बनाया, बल्कि कई अनमोल जिंदगियों को हादसों से भी बचा लिया। *प्रशासन की नींद कब खुलेगी?* युवा समाजसेवी की इस सराहनीय पहल ने जहां एक तरफ जनता का दिल जीत लिया है, वहीं दूसरी तरफ संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की कार्यशैली पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। *सामूहिक प्रयास ही असली समाधान* प्रभाष सिंह पटेल की यह पहल एक बड़ा संदेश देती है: अगर समाज का हर नागरिक और प्रशासनिक अमला एक साथ मिलकर कदम उठाए, तो आमजन को सुरक्षित, सुगम और दुर्घटनामुक्त आवागमन मिल सकता है। प्रभाष पटेल का यह जज्बा आज के युवाओं के लिए एक मिसाल बन चुका है। सलाम है ऐसे जनसेवकों को, जो समाज को गड्ढों से निकालकर प्रगति की राह पर ले जाने का दम रखते हैं!

More news from Beed and nearby areas
  • *‘सड़क के गड्ढे नहीं, सिस्टम का आलस भर रहे हैं’—युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल का वायरल कारनामा!* शंकरगढ़(प्रयागराज) प्रयागराज के शंकरगढ़ में जब जर्जर सड़कों से परेशान जनता और बेपरवाह तंत्र के बीच उम्मीद की कोई किरण नहीं दिख रही थी, तब एक युवा आगे आया और उसने दिखा दिया कि जनसेवा भाषणों से नहीं, कर्मों से होती है। युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल ने किसी सरकारी बजट या प्रशासनिक मंजूरी का इंतजार किए बिना, अपनी जेब से पैसे खर्च कर सड़क के खतरनाक गड्ढों को भरवाने की एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल शुरू की है। सोशल मीडिया पर प्रभाष सिंह पटेल के इस कदम की चौतरफा तारीफ हो रही है। लोग उनकी तस्वीरों और वीडियो को शेयर करते हुए लिख रहे हैं—"नेता सिर्फ वादे करते हैं, लेकिन प्रभाष जैसे युवा बदलाव लाते हैं।" *क्या बोले स्थानीय लोग?* इस सड़क से गुजरने वाले दैनिक यात्रियों और ग्रामीणों के चेहरे पर राहत साफ देखी जा सकती है। लोगों का कहना है कि आए दिन इन गड्ढों की वजह से हादसे हो रहे थे। प्रभाष पटेल ने अपने निजी खर्च से गिट्टी और मौरंग मंगवाकर न सिर्फ सड़क को चलने लायक बनाया, बल्कि कई अनमोल जिंदगियों को हादसों से भी बचा लिया। *प्रशासन की नींद कब खुलेगी?* युवा समाजसेवी की इस सराहनीय पहल ने जहां एक तरफ जनता का दिल जीत लिया है, वहीं दूसरी तरफ संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की कार्यशैली पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। *सामूहिक प्रयास ही असली समाधान* प्रभाष सिंह पटेल की यह पहल एक बड़ा संदेश देती है: अगर समाज का हर नागरिक और प्रशासनिक अमला एक साथ मिलकर कदम उठाए, तो आमजन को सुरक्षित, सुगम और दुर्घटनामुक्त आवागमन मिल सकता है। प्रभाष पटेल का यह जज्बा आज के युवाओं के लिए एक मिसाल बन चुका है। सलाम है ऐसे जनसेवकों को, जो समाज को गड्ढों से निकालकर प्रगति की राह पर ले जाने का दम रखते हैं!
    1
    *‘सड़क के गड्ढे नहीं, सिस्टम का आलस भर रहे हैं’—युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल का वायरल कारनामा!*
शंकरगढ़(प्रयागराज) प्रयागराज के शंकरगढ़ में जब जर्जर सड़कों से परेशान जनता और बेपरवाह तंत्र के बीच उम्मीद की कोई किरण नहीं दिख रही थी, तब एक युवा आगे आया और उसने दिखा दिया कि जनसेवा भाषणों से नहीं, कर्मों से होती है। युवा समाजसेवी प्रभाष सिंह पटेल ने किसी सरकारी बजट या प्रशासनिक मंजूरी का इंतजार किए बिना, अपनी जेब से पैसे खर्च कर सड़क के खतरनाक गड्ढों को भरवाने की एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल शुरू की है।
सोशल मीडिया पर प्रभाष सिंह पटेल के इस कदम की चौतरफा तारीफ हो रही है। लोग उनकी तस्वीरों और वीडियो को शेयर करते हुए लिख रहे हैं—"नेता सिर्फ वादे करते हैं, लेकिन प्रभाष जैसे युवा बदलाव लाते हैं।"
*क्या बोले स्थानीय लोग?*
इस सड़क से गुजरने वाले दैनिक यात्रियों और ग्रामीणों के चेहरे पर राहत साफ देखी जा सकती है। लोगों का कहना है कि आए दिन इन गड्ढों की वजह से हादसे हो रहे थे। प्रभाष पटेल ने अपने निजी खर्च से गिट्टी और मौरंग मंगवाकर न सिर्फ सड़क को चलने लायक बनाया, बल्कि कई अनमोल जिंदगियों को हादसों से भी बचा लिया।
*प्रशासन की नींद कब खुलेगी?*
युवा समाजसेवी की इस सराहनीय पहल ने जहां एक तरफ जनता का दिल जीत लिया है, वहीं दूसरी तरफ संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की कार्यशैली पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
*सामूहिक प्रयास ही असली समाधान*
प्रभाष सिंह पटेल की यह पहल एक बड़ा संदेश देती है: अगर समाज का हर नागरिक और प्रशासनिक अमला एक साथ मिलकर कदम उठाए, तो आमजन को सुरक्षित, सुगम और दुर्घटनामुक्त आवागमन मिल सकता है। प्रभाष पटेल का यह जज्बा आज के युवाओं के लिए एक मिसाल बन चुका है। सलाम है ऐसे जनसेवकों को, जो समाज को गड्ढों से निकालकर प्रगति की राह पर ले जाने का दम रखते हैं!
    user_पवन कुमार पाल पत्रकार
    पवन कुमार पाल पत्रकार
    Georai, Beed•
    7 hrs ago
  • मुप्टा बीड जिल्हा च्या वतीने तीव्र निदर्शने : शिक्षकांनी बहुसंख्येने उपस्थित रहा: प्रा शशिकांत जावळे (जिल्हा सचिव) मुप्टा बीड जिल्हा च्या वतीने तीव्र निदर्शने : शिक्षकांनी बहुसंख्येने उपस्थित रहा: प्रा शशिकांत जावळे (जिल्हा सचिव) बीड: (महाराष्ट्र अंडर प्रिव्हिलेज्ड् टिचर्स असोसिएशन.)मुप्टा चे संस्थापक सचिव प्रा. सुनील मगरे यांच्या आदेशाने व बीड जिल्हाध्यक्ष शरदराव मगर यांच्या नेतृत्वाखाली शिक्षकांच्या प्रलंबित मागण्या संदर्भात दिनांक 27 ऑगस्ट 2026 रोजी माध्यमिक शिक्षण विभाग कार्यालय जिल्हा परिषद, बीड येथे तीव्र निदर्शने करण्यात येणार आहेत. *प्रमुख मागण्या:* 1)कनिष्ठ महाविद्यालयीन शिक्षक, शिक्षकेतर कर्मचाऱ्यांना अतिरिक्त करण्यास कारणीभूत ऑनलाइन संच मान्यतेत टाकण्यात आलेल्या जाचक अटी रद्द करून पूर्वीप्रमाणे संच मान्यता देण्यात याव्यात. 2) इयत्ता अकरावी व बारावी विज्ञान वर्गाच्या प्रात्यक्षिक बॅच चा कार्यभार 30 विद्यार्थ्या ऐवजी प्रति 20 विद्यार्थ्या ची बॅच प्रचलित पूर्वीसारखे कायम करावी. 3) शिक्षकांचे प्रलंबित देयके (वैद्यकीय प्रतिपूर्ती, वरिष्ठ वेतन श्रेणी फरक ,निवड श्रेणी फरक आदी.) तात्काळ अदा करावीत. 4) शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मचाऱ्यांचे वैयक्तिक मान्यता व शालार्थ आयडी प्रस्ताव तात्काळ निकाली काढावीत. 5) 1 नोव्हेंबर 2005 पूर्वी नियुक्त कर्मचाऱ्यांचे बंद केलेले जीपीएफ खाते तात्काळ पूर्ववत करावीत. 6) सातव्या वेतन आयोगामधील पाचवा हप्ता रोखीने अदा करावा. 7) सर्व शिक्षकांचे जीपीएफ खाते तात्काळ ऑनलाइन करून ऑनलाईन स्लिप वितरित कराव्यात . 8) अनुदान प्रचलित टप्पा वाढ देण्यात यावा. 9) सर्व शिक्षक शिक्षकेतर कर्मचारी यांना जुनी पेन्शन योजना लागू करावी. शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मचारी यांच्या न्याय व हक्कासाठी संघटनेच्या वतीने बीड जिल्ह्यातील सर्व शिक्षक प्राध्यापक शिक्षकेतर कर्मचारी यांनी बहुसंख्येने उपस्थित राहावे असे आवाहन बीड जिल्हा सचिव प्रा. शशिकांत जावळे , जिल्हा कार्याध्यक्ष भैय्यासाहेब आदोडे ,ज्युनियर विभाग चे जिल्हाध्यक्ष नारायण घोलप, जिल्हा सचिव प्रा.संजय बागुल, माध्यमिक विभाग जिल्हाध्यक्ष प्रवीणकुमार तरकसे, प्राथमिक विभागाचे जिल्हाध्यक्ष प्रमोद साळवे, जिल्हा सचिव शैलेश चिलवंत आदी पदाधिकाऱ्यांनी केले आहे.शिक्षकांना आवाहन करण्यात येते की त्यांनी या निदर्शनास बहुसंख्येने उपस्थित राहावे.
    1
    मुप्टा बीड जिल्हा च्या वतीने 
तीव्र निदर्शने : शिक्षकांनी बहुसंख्येने उपस्थित रहा: प्रा शशिकांत जावळे (जिल्हा सचिव)

मुप्टा बीड जिल्हा च्या वतीने 
तीव्र निदर्शने : शिक्षकांनी बहुसंख्येने उपस्थित रहा: प्रा शशिकांत जावळे (जिल्हा सचिव)
बीड: (महाराष्ट्र अंडर प्रिव्हिलेज्ड् टिचर्स असोसिएशन.)मुप्टा चे संस्थापक सचिव प्रा. सुनील मगरे यांच्या आदेशाने व बीड जिल्हाध्यक्ष शरदराव मगर यांच्या नेतृत्वाखाली शिक्षकांच्या प्रलंबित मागण्या संदर्भात दिनांक 27 ऑगस्ट 2026 रोजी माध्यमिक शिक्षण विभाग कार्यालय जिल्हा परिषद, बीड येथे तीव्र निदर्शने करण्यात येणार आहेत. 
*प्रमुख मागण्या:* 
1)कनिष्ठ महाविद्यालयीन शिक्षक, शिक्षकेतर कर्मचाऱ्यांना अतिरिक्त करण्यास कारणीभूत ऑनलाइन संच मान्यतेत टाकण्यात आलेल्या जाचक अटी रद्द करून पूर्वीप्रमाणे संच मान्यता देण्यात याव्यात.
2) इयत्ता अकरावी व बारावी विज्ञान वर्गाच्या प्रात्यक्षिक बॅच चा कार्यभार 30 विद्यार्थ्या ऐवजी प्रति 20 विद्यार्थ्या ची बॅच प्रचलित पूर्वीसारखे कायम करावी.
3) शिक्षकांचे प्रलंबित देयके (वैद्यकीय प्रतिपूर्ती, वरिष्ठ वेतन श्रेणी फरक ,निवड श्रेणी फरक आदी.) तात्काळ अदा करावीत.
4) शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मचाऱ्यांचे वैयक्तिक मान्यता व शालार्थ आयडी प्रस्ताव तात्काळ निकाली काढावीत. 
5) 1 नोव्हेंबर 2005 पूर्वी नियुक्त कर्मचाऱ्यांचे बंद केलेले जीपीएफ खाते तात्काळ पूर्ववत करावीत.
6) सातव्या वेतन आयोगामधील पाचवा हप्ता रोखीने अदा करावा.
7) सर्व शिक्षकांचे जीपीएफ खाते तात्काळ ऑनलाइन करून ऑनलाईन स्लिप वितरित कराव्यात .
8) अनुदान प्रचलित टप्पा वाढ देण्यात यावा.
9) सर्व शिक्षक शिक्षकेतर कर्मचारी यांना जुनी पेन्शन योजना लागू करावी.
शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मचारी यांच्या न्याय व हक्कासाठी संघटनेच्या वतीने बीड जिल्ह्यातील सर्व शिक्षक प्राध्यापक शिक्षकेतर कर्मचारी यांनी बहुसंख्येने उपस्थित राहावे असे आवाहन बीड जिल्हा सचिव प्रा. शशिकांत जावळे , जिल्हा कार्याध्यक्ष भैय्यासाहेब आदोडे ,ज्युनियर विभाग चे जिल्हाध्यक्ष नारायण घोलप, जिल्हा सचिव प्रा.संजय बागुल, माध्यमिक विभाग जिल्हाध्यक्ष प्रवीणकुमार तरकसे, प्राथमिक विभागाचे जिल्हाध्यक्ष प्रमोद साळवे, जिल्हा सचिव शैलेश चिलवंत आदी पदाधिकाऱ्यांनी केले आहे.शिक्षकांना आवाहन करण्यात येते की त्यांनी या निदर्शनास बहुसंख्येने उपस्थित राहावे.
    user_बालाजी जगतकर
    बालाजी जगतकर
    Farmer बीड, बीड, महाराष्ट्र•
    11 hrs ago
  • *नगर परीषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड व मुख्य अभियंता औ.वि केंद्र यांनी लेखी पत्र दिल्यामुळे तुर्तास अन्नत्याग उपोषण स्थगित- भाई गौतम आगळे *नगर परीषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड व मुख्य अभियंता औ.वि केंद्र यांनी लेखी पत्र दिल्यामुळे तुर्तास अन्नत्याग उपोषण स्थगित- भाई गौतम आगळे* ‌बीड दि. २१ (प्रतिनिधी) रोजंदारी मजदुर सेना मराठवाडा अध्यक्ष तथा कामगार प्रतिनिधी भाई राजेशकुमार जोगदंड यांनी बीड जिल्ह्यातील घनकचरा व्यवस्थापनातील कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन व प्रचलित कामगार कायद्याच्या सोई सवलतीचा लाभ मिळवून देण्यासाठी व औष्णिक विद्युत केंद्रातील वीज कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन व अनुषंगिक लाभ मिळवून देण्यासाठी वीज कंत्राटी कामगार वैजनाथ पिराजी पतंगे यांनी १५ आॅगस्ट २०२६ स्वातंत्र्य दिनाचे औचित्य साधून जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड समोर अन्नत्याग उपोषणाला सुरुवात केली होती . आज आंदोलनाचा 7 वा दिवस सुरू झाला तरी त्यांचे अन्नत्याग उपोषण सुरूच होते, जिल्हा प्रशासनाने तात्काळ दखल घेतली नाही तर आज ते टोकाची भूमिका घेतील असा इशारा संघटनेच्या वतीने दिला होता. त्याची दखल संबंधित अधिकाऱ्यांनी घेऊन प्रकरणाचा निपटारा करण्यासाठी लेखी पत्र दिल्यामुळे सलग सात दिवस सुरू असलेले अन्नत्याग उपोषण तुर्तास स्थगित करण्यात आले, अशी माहिती कामगार नेते तथा रोजंदारी मजदुर सेना केंद्रीय महासचिव भाई गौतम आगळे सर यांनी एका प्रसिद्धीस दिलेल्या पत्रकाद्वारे दिली आहे. बीड जिल्ह्यातील सर्व मुख्याधिकारी, नगरपरिषद / नगरपंचायत यांच्या अधिनस्थ कंत्राटदाराकडून कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन अधिनियम व प्रचलित कामगार कायद्याच्या सोई सवलतीचा लाभ आजतागायत मिळत नाही तो मिळावा, शासनाने वेळोवेळी काढलेल्या शासन परिपत्रक / आदेश निर्गमित केले त्याची काटेकोरपणे अंमलबजावणी करत नसल्याने त्याची तात्काळ अंमलबजावणी करावी. तसेच औष्णिक विद्युत केंद्रातील वीज कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन व अनुषंगिक लाभ मिळवून देण्यासाठी अन्नत्याग उपोषणाचे हत्यार उपसले होते. अखेर ७ व्या दिवशी लोकशाही मार्गाने आंदोलन केले त्याला यश मिळाले.वीज कंत्राटी कामगारांच्या प्रलंबित प्रश्नावर मुख्य अभियंता यांनी दि . २४ ऑगस्ट २०२६ रोजी संयुक्त बैठक आयोजित केली , तर घनकचरा व्यवस्थापनातील कंत्राटी कामगारांना येत्या १५ दिवसात त्यांचे मूलभूत अधिकार व हक्क मिळवून देण्यासाठी जिल्ह्यातील सर्व मुख्याधिकारी, नगरपरिषद/ नगरपंचायत यांना जिल्हा सह आयुक्त नगरपरिषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड यांनी लेखी पत्र देऊन त्याची काटेकोरपणे अंमलबजावणी करावी अन्यथा संबंधित अधिकाऱ्यांवर शिस्तभंग विषयक कारवाईचा प्रस्ताव आयुक्त तथा संचालक नगरपरिषद प्रशासन संचालनालय सीबीडी बेलापूर नवी मुंबई यांच्याकडे सादर केला जाईल असे लेखी पत्र दिले. नगरपरिषद बीड च्या सफाईची निविदा काढून कामगारांना लवकरच कामावर रुजू करण्यात येईल असे लेखी पत्र मुख्याधिकारी नगरपरिषद बीड यांनी दिल्यामुळे सलग ७ दिवस सुरू असलेले भाई राजेश कुमार जोगदंड यांचे अन्नत्याग उपोषण स्थगित करण्यात आले. अपर जिल्हादंडाधिकारी यांचे प्रतिनिधी महसूल सहायक शिवाजी पाटील यांनी वीज कंत्राटी कामगार वैजनाथ पतंगे यांना लिंबू सरबत दिले तर जिल्हा सह आयुक्त नगरपरिषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड यांचे प्रतिनिधी सुधाकर नागरगोजे, किशोर डमाले यांनी रोजंदारी मजदुर सेना मराठवाडा अध्यक्ष भाई राजेशकुमार जोगदंड तथा सफाई कामगारांचे प्रतिनिधी यांना जलपान देऊन अन्नत्याग उपोषणाची सांगता केली, सदरील आंदोलनास भारतीय दलित पँथर चे संस्थापक अध्यक्ष अंबादास शिंदे सर, बीड जिल्हाध्यक्ष वैजनाथ गायकवाड यांनी पाठिंबा दिला होता. अशी माहिती रोजंदारी मजदुर सेना केंद्रीय महासचिव भाई गौतम आगळे सर यांनी एका प्रसिद्धी पत्रकाद्वारे दिली आहे.
    1
    *नगर परीषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड व मुख्य अभियंता औ.वि केंद्र यांनी लेखी पत्र दिल्यामुळे तुर्तास अन्नत्याग उपोषण स्थगित- भाई गौतम आगळे
*नगर परीषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड व मुख्य अभियंता औ.वि केंद्र यांनी लेखी पत्र दिल्यामुळे तुर्तास अन्नत्याग उपोषण स्थगित- भाई गौतम आगळे*
‌बीड दि. २१ (प्रतिनिधी) रोजंदारी मजदुर सेना मराठवाडा अध्यक्ष तथा कामगार प्रतिनिधी भाई राजेशकुमार जोगदंड यांनी बीड जिल्ह्यातील घनकचरा व्यवस्थापनातील कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन व प्रचलित कामगार कायद्याच्या सोई सवलतीचा लाभ मिळवून देण्यासाठी व औष्णिक विद्युत केंद्रातील वीज कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन व अनुषंगिक लाभ मिळवून देण्यासाठी वीज कंत्राटी कामगार वैजनाथ पिराजी पतंगे यांनी १५ आॅगस्ट २०२६ स्वातंत्र्य दिनाचे औचित्य साधून जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड समोर अन्नत्याग उपोषणाला सुरुवात केली होती . आज आंदोलनाचा 7 वा दिवस सुरू झाला तरी त्यांचे अन्नत्याग उपोषण सुरूच होते, जिल्हा प्रशासनाने तात्काळ दखल घेतली नाही तर आज ते टोकाची भूमिका घेतील असा इशारा संघटनेच्या वतीने दिला होता. त्याची दखल संबंधित अधिकाऱ्यांनी घेऊन प्रकरणाचा निपटारा करण्यासाठी लेखी पत्र दिल्यामुळे सलग सात दिवस सुरू असलेले अन्नत्याग उपोषण तुर्तास स्थगित करण्यात आले, अशी  माहिती कामगार नेते तथा रोजंदारी मजदुर सेना केंद्रीय महासचिव भाई गौतम आगळे सर यांनी एका प्रसिद्धीस दिलेल्या पत्रकाद्वारे दिली आहे.
बीड जिल्ह्यातील सर्व मुख्याधिकारी, नगरपरिषद / नगरपंचायत यांच्या अधिनस्थ कंत्राटदाराकडून कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन अधिनियम व प्रचलित कामगार कायद्याच्या सोई  सवलतीचा लाभ आजतागायत मिळत नाही तो मिळावा, शासनाने वेळोवेळी काढलेल्या शासन परिपत्रक / आदेश निर्गमित केले त्याची काटेकोरपणे अंमलबजावणी करत नसल्याने त्याची तात्काळ अंमलबजावणी करावी. तसेच औष्णिक विद्युत केंद्रातील वीज कंत्राटी कामगारांना किमान वेतन व अनुषंगिक लाभ मिळवून देण्यासाठी अन्नत्याग उपोषणाचे हत्यार उपसले होते. अखेर ७ व्या दिवशी लोकशाही मार्गाने आंदोलन केले त्याला यश मिळाले.वीज कंत्राटी कामगारांच्या प्रलंबित प्रश्नावर मुख्य अभियंता यांनी दि . २४ ऑगस्ट २०२६ रोजी संयुक्त बैठक आयोजित केली , तर घनकचरा व्यवस्थापनातील कंत्राटी कामगारांना येत्या १५ दिवसात त्यांचे मूलभूत अधिकार व हक्क मिळवून देण्यासाठी जिल्ह्यातील सर्व मुख्याधिकारी, नगरपरिषद/ नगरपंचायत यांना जिल्हा सह आयुक्त नगरपरिषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड यांनी लेखी पत्र देऊन त्याची काटेकोरपणे अंमलबजावणी करावी अन्यथा संबंधित अधिकाऱ्यांवर शिस्तभंग विषयक कारवाईचा प्रस्ताव आयुक्त तथा संचालक नगरपरिषद प्रशासन संचालनालय सीबीडी बेलापूर नवी मुंबई यांच्याकडे सादर केला जाईल असे लेखी पत्र दिले. नगरपरिषद बीड च्या  सफाईची निविदा काढून 
कामगारांना लवकरच कामावर रुजू करण्यात येईल असे लेखी पत्र मुख्याधिकारी नगरपरिषद बीड यांनी दिल्यामुळे सलग ७ दिवस सुरू असलेले भाई राजेश कुमार जोगदंड यांचे अन्नत्याग उपोषण स्थगित करण्यात आले. अपर जिल्हादंडाधिकारी यांचे प्रतिनिधी महसूल सहायक  शिवाजी पाटील यांनी वीज कंत्राटी कामगार वैजनाथ पतंगे यांना लिंबू सरबत दिले तर जिल्हा सह आयुक्त नगरपरिषद प्रशासन विभाग जिल्हाधिकारी कार्यालय बीड यांचे प्रतिनिधी सुधाकर नागरगोजे, किशोर डमाले यांनी रोजंदारी मजदुर सेना मराठवाडा अध्यक्ष भाई राजेशकुमार जोगदंड तथा सफाई कामगारांचे प्रतिनिधी यांना जलपान देऊन अन्नत्याग उपोषणाची सांगता केली, सदरील आंदोलनास भारतीय दलित पँथर चे संस्थापक अध्यक्ष अंबादास शिंदे सर, बीड जिल्हाध्यक्ष वैजनाथ गायकवाड यांनी पाठिंबा दिला होता.
अशी माहिती रोजंदारी मजदुर सेना केंद्रीय महासचिव भाई गौतम आगळे सर यांनी एका प्रसिद्धी पत्रकाद्वारे दिली  आहे.
    user_Rajeshkumar Jogdand
    Rajeshkumar Jogdand
    बीड, बीड, महाराष्ट्र•
    11 hrs ago
  • कै.सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या गंगापूजनानिमित्त ह.भ.प. प्रकाश महाराज साठे यांचे किर्तन संपन्न वडवणी प्रतिनिधी : वडवणी येथील प्रतिष्ठित कुरकुटे परिवारातील कै. सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या गंगापूजनानिमित्त चौंडेश्वरी मंगल कार्यालय, वडवणी येथे महाराष्ट्रातील प्रसिद्ध शिवकीर्तनकार ह.भ.प. प्रकाश महाराज साठे यांच्या सुश्राव्य किर्तनाचे आयोजन करण्यात आले होते. यावेळी ह.भ.प. प्रकाश महाराज साठे यांनी संत तुकाराम महाराज यांच्या “शेवटची विनवणी । संतजनीं परिसावी । विसर तो न पडावा । माझा देवा तुम्हांसी ॥” या अभंगावर निरूपण करत उपस्थितांना भक्ती, संतविचार आणि जीवनाचे मर्म समजावून सांगितले. आपल्या किर्तनातून महाराजांनी संत तुकाराम महाराजांची विठ्ठल चरणी असलेली अखेरची विनवणी अत्यंत भावपूर्ण पद्धतीने मांडली. “हे देवा, माझा तुम्हाला कधीही विसर पडू देऊ नका. मी तुमच्या चरणी आहे, तुमची सेवा करणे एवढेच मला ठाऊक आहे,” असा या अभंगाचा भावार्थ त्यांनी उपस्थितांसमोर उलगडला. त्यांच्या रसाळ वाणीतून संतविचार ऐकताना उपस्थित भाविक मंत्रमुग्ध झाले. गंगापूजनानिमित्त कुरकुटे परिवाराच्या वतीने उपस्थितांसाठी गोड जेवणाचा कार्यक्रमही आयोजित करण्यात आला होता. कार्यक्रमाच्या शेवटी कै. सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या स्मृतीस दोन मिनिटे स्तब्ध उभे राहून भावपूर्ण श्रद्धांजली अर्पण करण्यात आली. “गंध असा जन्म लाभावा, देहाचा चंदन व्हावा; गंध संपला तरी, गंध दरवळत राहावा...” या भावनेतून कै. सौ. शांताबाई कुरकुटे यांच्या प्रेमळ आठवणींना उपस्थितांनी उजाळा दिला. कै. सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या पश्चात हनुमंत कुरकुटे, दत्तात्रय कुरकुटे, डिगांबर कुरकुटे अशी तीन मुले व एक मुलगी असा परिवार आहे. त्यांच्या निधनाने कुरकुटे परिवारावर दुःखाचा डोंगर कोसळला असून, त्यांच्या आठवणी सदैव स्मरणात राहतील. कार्यक्रमास कुरकुटे परिवारातील सदस्य, नातेवाईक, मित्रपरिवार तसेच परिसरातील भाविक मोठ्या संख्येने उपस्थित होते.
    1
    कै.सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या गंगापूजनानिमित्त ह.भ.प. प्रकाश महाराज साठे यांचे किर्तन संपन्न
वडवणी प्रतिनिधी : वडवणी येथील प्रतिष्ठित कुरकुटे परिवारातील कै. सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या गंगापूजनानिमित्त चौंडेश्वरी मंगल कार्यालय, वडवणी येथे महाराष्ट्रातील प्रसिद्ध शिवकीर्तनकार ह.भ.प. प्रकाश महाराज साठे यांच्या सुश्राव्य किर्तनाचे आयोजन करण्यात आले होते.
यावेळी ह.भ.प. प्रकाश महाराज साठे यांनी संत तुकाराम महाराज यांच्या “शेवटची विनवणी । संतजनीं परिसावी । विसर तो न पडावा । माझा देवा तुम्हांसी ॥” या अभंगावर निरूपण करत उपस्थितांना भक्ती, संतविचार आणि जीवनाचे मर्म समजावून सांगितले.
आपल्या किर्तनातून महाराजांनी संत तुकाराम महाराजांची विठ्ठल चरणी असलेली अखेरची विनवणी अत्यंत भावपूर्ण पद्धतीने मांडली. “हे देवा, माझा तुम्हाला कधीही विसर पडू देऊ नका. मी तुमच्या चरणी आहे, तुमची सेवा करणे एवढेच मला ठाऊक आहे,” असा या अभंगाचा भावार्थ त्यांनी उपस्थितांसमोर उलगडला. त्यांच्या रसाळ वाणीतून संतविचार ऐकताना उपस्थित भाविक मंत्रमुग्ध झाले.
गंगापूजनानिमित्त कुरकुटे परिवाराच्या वतीने उपस्थितांसाठी गोड जेवणाचा कार्यक्रमही आयोजित करण्यात आला होता. कार्यक्रमाच्या शेवटी कै. सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या स्मृतीस दोन मिनिटे स्तब्ध उभे राहून भावपूर्ण श्रद्धांजली अर्पण करण्यात आली.
“गंध असा जन्म लाभावा, देहाचा चंदन व्हावा;
गंध संपला तरी, गंध दरवळत राहावा...”
या भावनेतून कै. सौ. शांताबाई कुरकुटे यांच्या प्रेमळ आठवणींना उपस्थितांनी उजाळा दिला.
कै. सौ. शांताबाई तुळशीदास कुरकुटे यांच्या पश्चात हनुमंत कुरकुटे, दत्तात्रय कुरकुटे, डिगांबर कुरकुटे अशी तीन मुले व एक मुलगी असा परिवार आहे. त्यांच्या निधनाने कुरकुटे परिवारावर दुःखाचा डोंगर कोसळला असून, त्यांच्या आठवणी सदैव स्मरणात राहतील.
कार्यक्रमास कुरकुटे परिवारातील सदस्य, नातेवाईक, मित्रपरिवार तसेच परिसरातील भाविक मोठ्या संख्येने उपस्थित होते.
    user_शंकर झाडे  दैनिक समर्थ राजयोग  पत्रकार
    शंकर झाडे दैनिक समर्थ राजयोग पत्रकार
    Wadwani, Beed•
    9 hrs ago
  • ईद-ए-मिलादुन्नबी निमित्त हजारो अकीदतमंदांसाठी ‘ऑफिशियल ग्रुप’चा भव्य भोजनाचा उपक्रम ईद-ए-मिलादुन्नबी निमित्त हजारो अकीदतमंदांसाठी ‘ऑफिशियल ग्रुप’चा भव्य भोजनाचा उपक्रम
    1
    ईद-ए-मिलादुन्नबी निमित्त हजारो अकीदतमंदांसाठी ‘ऑफिशियल ग्रुप’चा भव्य भोजनाचा उपक्रम

ईद-ए-मिलादुन्नबी निमित्त हजारो अकीदतमंदांसाठी ‘ऑफिशियल ग्रुप’चा भव्य भोजनाचा उपक्रम
    user_जालना जनता सेवा न्यूज़
    जालना जनता सेवा न्यूज़
    Film Editor जालना, जालना, महाराष्ट्र•
    1 hr ago
  • वाळू उपशाविरोधात कारवाईला गेलेल्या तहसीलदारांवरच हल्ला!.. चापट-बुक्क्यांनी मारहाण; महसूल पथकाच्या वाहनावर दगडफेक, कोतवाल गंभीर जखमी; ५ हायवा पोलिसांच्या ताब्यात.. वाळू उपशाविरोधात कारवाईला गेलेल्या तहसीलदारांवरच हल्ला!.. चापट-बुक्क्यांनी मारहाण; महसूल पथकाच्या वाहनावर दगडफेक, कोतवाल गंभीर जखमी; ५ हायवा पोलिसांच्या ताब्यात.. आज दिनांक 26 बुधवार रोजी दुपारी 12 वाजता मिळालेल्या माहितीनुसार जालना : जिल्ह्यातील अवैध वाळू उपशाविरोधात कारवाई करण्यासाठी गेलेल्या महसूल पथकावर वाळूमाफियांनी हल्ला केल्याची धक्कादायक घटना समोर आली आहे. अंबडचे तहसीलदार सोमेश्वर मोहिते यांच्यावरच चापट-बुक्क्यांनी मारहाण करण्यात आल्याने महसूल विभागात मोठी खळबळ उडाली आहे. या घटनेचे व्हिडीओही समोर आले असून, गोंदी पोलीस ठाण्यात गुन्हा दाखल करण्याची प्रक्रिया सुरू आहे. गोंदी पोलीस ठाण्याच्या हद्दीतील गोदावरी नदीकाठावरील सिद्धेश्वर मंदिर परिसरात पहाटे साडेपाच ते सहा वाजण्याच्या सुमारास ही घटना घडली. तहसीलदार सोमेश्वर मोहिते यांच्या नेतृत्वाखाली महसूल पथक अवैध वाळू उपसा व वाहतुकीविरोधात कारवाई करण्यासाठी घटनास्थळी पोहोचले होते.
    1
    वाळू उपशाविरोधात कारवाईला गेलेल्या तहसीलदारांवरच हल्ला!..

चापट-बुक्क्यांनी मारहाण; महसूल पथकाच्या वाहनावर दगडफेक, कोतवाल गंभीर जखमी; ५ हायवा पोलिसांच्या ताब्यात..


वाळू उपशाविरोधात कारवाईला गेलेल्या तहसीलदारांवरच हल्ला!..
चापट-बुक्क्यांनी मारहाण; महसूल पथकाच्या वाहनावर दगडफेक, कोतवाल गंभीर जखमी; ५ हायवा पोलिसांच्या ताब्यात..
आज दिनांक 26 बुधवार रोजी दुपारी 12 वाजता मिळालेल्या माहितीनुसार
जालना : जिल्ह्यातील अवैध वाळू उपशाविरोधात कारवाई करण्यासाठी गेलेल्या महसूल पथकावर वाळूमाफियांनी हल्ला केल्याची धक्कादायक घटना समोर आली आहे. अंबडचे तहसीलदार सोमेश्वर मोहिते यांच्यावरच चापट-बुक्क्यांनी मारहाण करण्यात आल्याने महसूल विभागात मोठी खळबळ उडाली आहे. या घटनेचे व्हिडीओही समोर आले असून, गोंदी पोलीस ठाण्यात गुन्हा दाखल करण्याची प्रक्रिया सुरू आहे.
गोंदी पोलीस ठाण्याच्या हद्दीतील गोदावरी नदीकाठावरील सिद्धेश्वर मंदिर परिसरात पहाटे साडेपाच ते सहा वाजण्याच्या सुमारास ही घटना घडली. तहसीलदार सोमेश्वर मोहिते यांच्या नेतृत्वाखाली महसूल पथक अवैध वाळू उपसा व वाहतुकीविरोधात कारवाई करण्यासाठी घटनास्थळी पोहोचले होते.
    user_सय्यद अबरार सय्यद अफसर
    सय्यद अबरार सय्यद अफसर
    Press advisory जालना, जालना, महाराष्ट्र•
    8 hrs ago
  • राष्ट्रीय लोकअदालतीतून प्रलंबित प्रकरणे सामोपचाराने मिटविण्याचे आवाहन.. जालन्यात 12 सप्टेंबर रोजी राष्ट्रीय लोकअदालतीचे आयोजन.. राष्ट्रीय लोकअदालतीतून प्रलंबित प्रकरणे सामोपचाराने मिटविण्याचे आवाहन.. जालन्यात 12 सप्टेंबर रोजी राष्ट्रीय लोकअदालतीचे आयोजन.. आज दिनांक 26 बुधवार रोजी सकाळी 11 वाजता मिळालेल्या माहितीनुसार जालना जिल्ह्यातील सर्व न्यायालयांमध्ये येत्या 12 सप्टेंबर 2026 रोजी राष्ट्रीय लोकअदालत आयोजित करण्यात येणार आहे. धनादेश अनादर, अपघात भरपाई, कौटुंबिक व दिवाणी वाद सामोपचाराने मिटविण्याची सुवर्णसंधी पक्षकारांना उपलब्ध होणार असून, अधिकाधिक नागरिकांनी या उपक्रमाचा लाभ घ्यावा, असे आवाहन जिल्हा विधी सेवा प्राधिकरण, जालना यांच्यामार्फत करण्यात आले आहे. राष्ट्रीय विधी सेवा प्राधिकरण, सर्वोच्च न्यायालय, नवी दिल्ली तसेच महाराष्ट्र राज्य विधी सेवा प्राधिकरण, मुंबई आणि उच्च न्यायालय, मुंबई यांच्या निर्देशानुसार जालना जिल्ह्यातील जिल्हा व सत्र न्यायालय तसेच सर्व तालुका न्यायालयांमध्ये ही लोकअदालत आयोजित केली जाणार आहे. लोकअदालतीमध्ये धनादेश अनादर प्रकरणे, मोटार अपघात नुकसानभरपाई दावे, कौटुंबिक व वैवाहिक वाद, दिवाणी दावे (जमीन, मालमत्ता, वाटप, भाडेकरू वाद आदी), तडजोडपात्र फौजदारी गुन्हे तसेच बँकिंग, वीज वितरण कंपन्या आणि फायनान्स कंपन्यांशी संबंधित दाखलपूर्व (Pre-Litigation) प्रकरणे तडजोडीसाठी ठेवता येणार आहेत. तसेच कामगार, औद्योगिक, सहकार न्यायालय व ग्राहक तक्रार निवारण मंचातील प्रलंबित प्रकरणांचाही समावेश करण्यात आला आहे. लोकअदालतीचा महत्त्वाचा फायदा म्हणजे कोर्ट फी परतावा. लोकअदालतीत तडजोडीने वाद मिटल्यास पक्षकारांनी भरलेली न्यायालयीन फी नियमानुसार परत मिळते. तसेच लोकअदालतीच्या निवाड्याविरुद्ध अपीलची आवश्यकता नसल्याने प्रकरणाचा कायमस्वरूपी निपटारा होतो. त्यामुळे नागरिकांचा वेळ व पैसा वाचण्यासोबतच परस्पर सलोखा व नातेसंबंध टिकून राहण्यास मदत होते. ज्या पक्षकारांची प्रलंबित किंवा दाखलपूर्व प्रकरणे सामोपचाराने मिटवायची आहेत, त्यांनी आपल्या संबंधित वकिलामार्फत प्रकरण लोकअदालतीत दाखल करावे. अधिक माहितीसाठी जिल्हा विधी सेवा प्राधिकरण, जालना किंवा संबंधित तालुका विधी सेवा समितीशी संपर्क साधावा, असे आवाहन जिल्हा विधी सेवा प्राधिकरण, जालना यांच्या वतीने करण्यात आले आहे.
    1
    राष्ट्रीय लोकअदालतीतून प्रलंबित प्रकरणे सामोपचाराने मिटविण्याचे आवाहन..

जालन्यात 12 सप्टेंबर रोजी राष्ट्रीय लोकअदालतीचे आयोजन..


राष्ट्रीय लोकअदालतीतून प्रलंबित प्रकरणे सामोपचाराने मिटविण्याचे आवाहन..
जालन्यात 12 सप्टेंबर रोजी राष्ट्रीय लोकअदालतीचे आयोजन..
आज दिनांक 26 बुधवार रोजी सकाळी 11 वाजता मिळालेल्या माहितीनुसार जालना जिल्ह्यातील सर्व न्यायालयांमध्ये येत्या 12 सप्टेंबर 2026 रोजी राष्ट्रीय लोकअदालत आयोजित करण्यात येणार आहे. धनादेश अनादर, अपघात भरपाई, कौटुंबिक व दिवाणी वाद सामोपचाराने मिटविण्याची सुवर्णसंधी पक्षकारांना उपलब्ध होणार असून, अधिकाधिक नागरिकांनी या उपक्रमाचा लाभ घ्यावा, असे आवाहन जिल्हा विधी सेवा प्राधिकरण, जालना यांच्यामार्फत करण्यात आले आहे. राष्ट्रीय विधी सेवा प्राधिकरण, सर्वोच्च न्यायालय, नवी दिल्ली तसेच महाराष्ट्र राज्य विधी सेवा प्राधिकरण, मुंबई आणि उच्च न्यायालय, मुंबई यांच्या निर्देशानुसार जालना जिल्ह्यातील जिल्हा व सत्र न्यायालय तसेच सर्व तालुका न्यायालयांमध्ये ही लोकअदालत आयोजित केली जाणार आहे. लोकअदालतीमध्ये धनादेश अनादर प्रकरणे, मोटार अपघात नुकसानभरपाई दावे, कौटुंबिक व वैवाहिक वाद, दिवाणी दावे (जमीन, मालमत्ता, वाटप, भाडेकरू वाद आदी), तडजोडपात्र फौजदारी गुन्हे तसेच बँकिंग, वीज वितरण कंपन्या आणि फायनान्स कंपन्यांशी संबंधित दाखलपूर्व (Pre-Litigation) प्रकरणे तडजोडीसाठी ठेवता येणार आहेत. तसेच कामगार, औद्योगिक, सहकार न्यायालय व ग्राहक तक्रार निवारण मंचातील प्रलंबित प्रकरणांचाही समावेश करण्यात आला आहे. लोकअदालतीचा महत्त्वाचा फायदा म्हणजे कोर्ट फी परतावा. लोकअदालतीत तडजोडीने वाद मिटल्यास पक्षकारांनी भरलेली न्यायालयीन फी नियमानुसार परत मिळते. तसेच लोकअदालतीच्या निवाड्याविरुद्ध अपीलची आवश्यकता नसल्याने प्रकरणाचा कायमस्वरूपी निपटारा होतो. त्यामुळे नागरिकांचा वेळ व पैसा वाचण्यासोबतच परस्पर सलोखा व नातेसंबंध टिकून राहण्यास मदत होते.
ज्या पक्षकारांची प्रलंबित किंवा दाखलपूर्व प्रकरणे सामोपचाराने मिटवायची आहेत, त्यांनी आपल्या संबंधित वकिलामार्फत प्रकरण लोकअदालतीत दाखल करावे. अधिक माहितीसाठी जिल्हा विधी सेवा प्राधिकरण, जालना किंवा संबंधित तालुका विधी सेवा समितीशी संपर्क साधावा, असे आवाहन जिल्हा विधी सेवा प्राधिकरण, जालना यांच्या वतीने करण्यात आले आहे.
    user_सय्यद अबरार सय्यद अफसर
    सय्यद अबरार सय्यद अफसर
    Press advisory जालना, जालना, महाराष्ट्र•
    9 hrs ago
  • 🚨महापुराचा कहर ; बघा भयानक व्हिडिओ ; महापुरामुळे परिस्थिती अत्यंत गंभीर बनली असून, १००० हून अधिक नागरिक बेपत्ता 🚨महापुराचा कहर ; बघा भयानक व्हिडिओ काठमांडू : नेपाळमध्ये आलेल्या भीषण महापुरामुळे परिस्थिती अत्यंत गंभीर बनली असून, १००० हून अधिक नागरिक बेपत्ता असल्याची माहिती समोर आली आहे. यामध्ये १०० हून अधिक भारतीय नागरिक नॉट रिचेबल असल्याने भारतातील त्यांच्या कुटुंबीयांची चिंता वाढली आहे.
    1
    🚨महापुराचा कहर ; बघा भयानक व्हिडिओ ;   महापुरामुळे परिस्थिती अत्यंत गंभीर बनली असून, १००० हून अधिक नागरिक बेपत्ता
🚨महापुराचा कहर ; बघा भयानक व्हिडिओ 
काठमांडू : नेपाळमध्ये आलेल्या भीषण महापुरामुळे परिस्थिती अत्यंत गंभीर बनली असून, १००० हून अधिक नागरिक बेपत्ता असल्याची माहिती समोर आली आहे. यामध्ये १००  हून अधिक भारतीय नागरिक नॉट रिचेबल असल्याने भारतातील त्यांच्या कुटुंबीयांची चिंता वाढली आहे.
    user_पत्रकार ओमप्रकाश उढाण
    पत्रकार ओमप्रकाश उढाण
    घनसावंगी, जालना, महाराष्ट्र•
    1 hr ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.