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लखीमपुर खीरी। बोर्ड परीक्षा देने जा रहे छात्रों की मैजिक ट्रक से भिड़ी। 10वीं की छात्रा चंचल की मौके पर दर्दनाक मौत। कई छात्र-छात्राएं गंभीर रूप से घायल। ढखेरवा–धौरहरा हाईवे पर जीएस सिंह क्रेशर के पास सुबह करीब 7:10 बजे हादसा।मैजिक वाहन में सवार थे करीब 16 छात्र-छात्राएं। सामने से आ रही तेज रफ्तार ट्रक ने मारी जोरदार टक्कर। हादसे के बाद खेतों में काम कर रहे ग्रामीणों ने पुलिस को दी सूचना। मौके पर पहुंची पुलिस और ग्रामीणों ने मैजिक में फंसे छात्रों को बाहर निकाला। घायलों को एंबुलेंस से अस्पताल भिजवाया गया। मृतक छात्रा चंचल के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।
Anurag Patel
लखीमपुर खीरी। बोर्ड परीक्षा देने जा रहे छात्रों की मैजिक ट्रक से भिड़ी। 10वीं की छात्रा चंचल की मौके पर दर्दनाक मौत। कई छात्र-छात्राएं गंभीर रूप से घायल। ढखेरवा–धौरहरा हाईवे पर जीएस सिंह क्रेशर के पास सुबह करीब 7:10 बजे हादसा।मैजिक वाहन में सवार थे करीब 16 छात्र-छात्राएं। सामने से आ रही तेज रफ्तार ट्रक ने मारी जोरदार टक्कर। हादसे के बाद खेतों में काम कर रहे ग्रामीणों ने पुलिस को दी सूचना। मौके पर पहुंची पुलिस और ग्रामीणों ने मैजिक में फंसे छात्रों को बाहर निकाला। घायलों को एंबुलेंस से अस्पताल भिजवाया गया। मृतक छात्रा चंचल के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।
More news from Lakhimpur Kheri and nearby areas
- लखीमपुर खीरी जनपद के पढ़ुआ थाना क्षेत्र में एक बहुत बड़ा सड़क हादसा हुआ, बोर्ड परीक्षा देने जा रहे छात्रों से भरी टाटा वैन को अज्ञात ट्रक ने टक्कर मारी। हादसे में 1 की मौत और करीब 16 लोग घायल हुए। घायलों का इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। घायलों का हाल जानने जिलाधिकारी (DM) और पुलिस अधीक्षक (SP) जिला अस्पताल पहुंचे।1
- Post by अमित कुमार2
- Post by Anurag Patel1
- फरधान थाना क्षेत्र के खेतौसा प्रकरण में नया मोड़, परिजनों ने पोस्टमार्टम के बाद दाह संस्कार से किया इन्कार फरधान थाना क्षेत्र के ग्राम खेतौसा में युवक की हत्या के मामले ने तूल पकड़ लिया है। रविवार को पोस्टमार्टम के बाद जब शव गांव पहुंचा तो परिजनों ने दाह संस्कार करने से इनकार कर दिया। परिजनों की साफ मांग है कि नामजद आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की जाए और उनके खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई हो। मांग पूरी न होने तक अंतिम संस्कार न करने की चेतावनी दी गई है। इस बीच विशेष सूत्रों के हवाले से... एक और सवाल उठ रहा है, बताया जा रहा है कि घटना की रात करीब 2:00 बजे पुलिस गांव में मौजूद थी, इसके बावजूद दबंगों के घर से लगभग 20 भैंस और 13 बकरियां कैसे निकाली गईं? इसको लेकर ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है। फिलहाल पुलिस अधिकारियों द्वारा परिजनों को समझाने-बुझाने (मान-मुनौव्वल) का प्रयास जारी है। गांव में एहतियातन पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे। मामले को लेकर क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हैं।1
- फरधान थाना क्षेत्र के खेतौसा प्रकरण में नया मोड़, परिजनों ने पोस्टमार्टम के बाद दाह संस्कार से किया इन्कार फरधान थाना क्षेत्र के ग्राम खेतौसा में युवक की हत्या के मामले ने तूल पकड़ लिया है। रविवार को पोस्टमार्टम के बाद जब शव गांव पहुंचा तो परिजनों ने दाह संस्कार करने से इनकार कर दिया। परिजनों की साफ मांग है कि नामजद आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की जाए और उनके खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई हो। मांग पूरी न होने तक अंतिम संस्कार न करने की चेतावनी दी गई है। इस बीच विशेष सूत्रों के हवाले से... एक और सवाल उठ रहा है, बताया जा रहा है कि घटना की रात करीब 2:00 बजे पुलिस गांव में मौजूद थी, इसके बावजूद दबंगों के घर से लगभग 20 भैंस और 13 बकरियां कैसे निकाली गईं? इसको लेकर ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है। फिलहाल पुलिस अधिकारियों द्वारा परिजनों को समझाने-बुझाने (मान-मुनौव्वल) का प्रयास जारी है। गांव में एहतियातन पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे। मामले को लेकर क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हैं।1
- विभागीय काम ठप, जंगल सफारी में निजी गाड़ियों की एंट्री से रोजी-रोटी पर संकट, कागज अधूरे होने के भी आरोप पलिया (खीरी)। दुधवा टाइगर रिजर्व के पर्यटन परिसर में तैनात कुछ कर्मचारियों ने अपनी-अपनी निजी टैक्सियां जंगल सफारी के लिए लगा रखी हैं और विभागीय ड्यूटी से ज्यादा ध्यान अपनी गाड़ियों की बुकिंग पर दे रहे हैं। हालांकि ये गाड़िया कर्मचारियों के नाम नहीं हैं, नाम इसलिए नहीं कराई गयी हैं, ताकि कभी भी होने वाली जांच में कार्रवाई से बचा जा सके। इससे न केवल विभागीय कार्य प्रभावित हो रहा है, बल्कि स्थानीय टैक्सी चालकों की रोजी-रोटी पर भी संकट गहरा गया है। बताया जाता है कि संबंधित कर्मचारी कार्यालय और पार्किंग परिसर के आसपास ही मंडराते रहते हैं। जब तक उनकी निजी टैक्सियां पर्यटकों के साथ जंगल सफारी के लिए रवाना नहीं हो जातीं, तब तक वे अपने नियमित दायित्वों की ओर ध्यान नहीं देते हैं। परिणामस्वरूप पर्यटन परिसर के प्रशासनिक और व्यवस्थागत कार्यों पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। बता दें कि तमाम टैक्सी चालक तो पूरी तरह जंगल सफारी पर निर्भर हैं। अच्छी सैलरी पाने वाले कर्मचारी अपनी निजी गाड़ियां चलाकर जरूरतमंद टैक्सी चालकों का हक मारकर खा रहे हैं। जब विभाग के ही कर्मचारी अपनी गाड़ियां आगे कर देंगे तो वाकी टैक्सी चालक कहां जाएंगे। इतना ही नहीं, कुछ कर्मचारियों की टैक्सियों के कागजात पूरे न होने की भी चर्चा है। यदि यह सच है तो यह न सिर्फ नियमों की अनदेखी है, बल्कि सुरक्षा के लिहाज से भी गंभीर मामला है। बावजूद इसके, जिम्मेदार अधिकारी अब तक इस पूरे प्रकरण से अनजान बने हुए हैं, जिससे कर्मचारियों के हौसले बुलंद हैं। यदि समय रहते इस पर अंकुश नहीं लगाया गया तो विभाग की छवि धूमिल होने के साथ-साथ बेरोजगार अन्य टैक्सी चालकों के सामने भुखमरी की नौबत आ सकती है।1
- *थाना मैगलगंज क्षेत्रान्तर्गत एक व्यक्ति द्वारा पैसे का लालच देकर धर्म परिवर्तन कराने की घटना के सम्बन्ध में क्षेत्राधिकारी मितौली श्री यादवेन्द्र यादव की बाईट*1
- Post by Anurag Patel3