इटावा जिले की तहसील ताखा में 20 जून, 2026 को जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ब्रजेश कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में एक सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विभिन्न सन्दर्भों से संबंधित कुल 36 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 04 शिकायतों का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया। समाधान दिवस में सबसे अधिक जमीन से संबंधित शिकायतें प्राप्त हुईं। जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त शिकायतों का निर्धारित समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे संबंधित कर्मचारियों के साथ मौके पर जाकर शिकायतकर्ता का पक्ष सुनते हुए समस्याओं का समाधान करें। उन्होंने प्रकरणों की गंभीरता से जांच करने और जवाबदेह लोगों के विरुद्ध कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए। इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी ने अधिकारियों को गांवों के भ्रमण के दौरान अपने विभाग से संबंधित योजनाओं का मौके पर सत्यापन करने तथा लाभार्थियों से फीडबैक लेने के लिए भी कहा। उन्होंने विशेष रूप से निर्देशित किया कि एक सप्ताह से अधिक समय से लंबित प्रकरणों के निस्तारण में विलम्ब के कारण का उल्लेख किया जाए और सभी प्रकरणों को अनिवार्य रूप से एक सप्ताह के भीतर निस्तारित किया जाए। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ब्रजेश कुमार श्रीवास्तव ने पुलिस विभाग से संबंधित मामलों की सुनवाई की और थानाध्यक्षों को प्रत्येक मामले में मौके पर जाकर कार्यवाही करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सम्पूर्ण समाधान दिवस में जन सुनवाई के दौरान प्राप्त समस्याओं का निस्तारण शासन स्तर से होता है और समस्याग्रस्त व्यक्ति से फीडबैक भी लिया जा रहा है, इसलिए निस्तारण गुणवत्तापूर्ण होना चाहिए। इस कार्यक्रम में उप जिलाधिकारी ताखा श्वेता मिश्रा, क्षेत्राधिकारी ताखा, तहसीलदार सहित अन्य समस्त जिला स्तरीय अधिकारीगण भी उपस्थित रहे।
इटावा जिले की तहसील ताखा में 20 जून, 2026 को जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ब्रजेश कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में एक सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विभिन्न सन्दर्भों से संबंधित कुल 36 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 04 शिकायतों का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया। समाधान दिवस में सबसे अधिक जमीन से संबंधित शिकायतें प्राप्त हुईं। जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त शिकायतों का निर्धारित समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे संबंधित कर्मचारियों के साथ मौके पर जाकर शिकायतकर्ता का पक्ष सुनते हुए समस्याओं का समाधान करें। उन्होंने प्रकरणों की गंभीरता से जांच करने और जवाबदेह लोगों के विरुद्ध कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए। इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी ने अधिकारियों को गांवों के भ्रमण के दौरान अपने विभाग से संबंधित योजनाओं का मौके पर सत्यापन करने तथा लाभार्थियों से फीडबैक लेने के लिए भी कहा। उन्होंने विशेष रूप से निर्देशित किया कि एक सप्ताह से अधिक समय से लंबित प्रकरणों के निस्तारण में विलम्ब के कारण का उल्लेख किया जाए और सभी प्रकरणों को अनिवार्य रूप से एक सप्ताह के भीतर निस्तारित किया जाए। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ब्रजेश कुमार श्रीवास्तव ने पुलिस विभाग से संबंधित मामलों की सुनवाई की और थानाध्यक्षों को प्रत्येक मामले में मौके पर जाकर कार्यवाही करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सम्पूर्ण समाधान दिवस में जन सुनवाई के दौरान प्राप्त समस्याओं का निस्तारण शासन स्तर से होता है और समस्याग्रस्त व्यक्ति से फीडबैक भी लिया जा रहा है, इसलिए निस्तारण गुणवत्तापूर्ण होना चाहिए। इस कार्यक्रम में उप जिलाधिकारी ताखा श्वेता मिश्रा, क्षेत्राधिकारी ताखा, तहसीलदार सहित अन्य समस्त जिला स्तरीय अधिकारीगण भी उपस्थित रहे।
- इटावा जिला मुख्यालय पर, शिक्षक संघ के नेता देश दीपक तिवारी ने शिक्षकों को संबोधित किया। यह संबोधन शिक्षकों के लिए टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) की अनिवार्यता के मुद्दे पर एक ज्ञापन प्रस्तुत करने से ठीक पहले हुआ।1
- ग्राम बंसरी में कठेरिया समाज के लड़कों द्वारा डॉक्टर बी आर अंबेडकर बाबा साहब के झंडे का अपमान किया गया है। जानकारी के अनुसार, यह इसी परिवार द्वारा झंडे के अनादर की दूसरी घटना है। पहली बार 14 अप्रैल की रैली के कुछ ही दिन बाद इसी लड़के के छोटे भाई ने झंडे को जलाया था, और अब दोबारा उसी के बड़े भाई ने इस झंडे का अपमान किया है। पिछली बार पुलिस द्वारा इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई थी। हालांकि, अबकी बार जब यह खबर फिर से चर्चा में आई, तो संबंधित लड़कों को गिरफ्तार करवा दिया गया है।1
- औरैया के तिरंगा मैदान, ककोर में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर “स्वस्थ आयु के लिए योग” थीम पर एक भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश गोसेवा आयोग, लखनऊ के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता, राज्यसभा सांसद गीता शाक्य, भाजपा जिला अध्यक्ष सर्वेश कठेरिया, जिलाधिकारी औरैया और पुलिस अधीक्षक औरैया मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस दौरान पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों सहित बड़ी संख्या में लोगों ने सामूहिक योगाभ्यास किया, जिसमें योगासन, प्राणायाम एवं ध्यान का अभ्यास कराया गया। योग प्रशिक्षकों ने उपस्थित लोगों को योग के विभिन्न आसनों की जानकारी देते हुए इसे नियमित रूप से अपनाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में बताया गया कि योग केवल एक शारीरिक व्यायाम ही नहीं, बल्कि स्वस्थ, संतुलित, अनुशासित और निरोग जीवन जीने की भारतीय जीवन-पद्धति है। मुख्य अतिथियों ने अपने संबोधन में कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है, जो शरीर, मन और आत्मा को स्वस्थ एवं सशक्त बनाता है। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि नियमित योगाभ्यास से तनाव दूर होता है और व्यक्ति में सकारात्मक ऊर्जा तथा आत्मविश्वास का विकास होता है। इस अवसर पर सभी उपस्थित लोगों को नियमित योग करने, स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और जनस्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में अधिकारियों, कर्मचारियों एवं नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन “योग से स्वास्थ्य, स्वास्थ्य से आत्मविश्वास और आत्मविश्वास से राष्ट्र निर्माण” के संदेश के साथ हुआ, जिसमें सभी को स्वस्थ एवं निरोग जीवन की शुभकामनाएं दी गईं।1
- गोण्डा में शहर आ रहे एक युवक रामनारायण मिश्र पर मांदे करमा गांव के पास तीन बाइक सवार बदमाशों ने घात लगाकर चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। इस खूनी वारदात में युवक गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़ा और उसे लहूलुहान हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पीड़ित रामनारायण ने इस जानलेवा हमले की साजिश रचने का आरोप सीधे बैंक कर्मियों पर लगाया है। घायल रामनारायण का एक बैंक से लोन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था, जिसके चलते उन्होंने पहले भी बैंक कर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। रामनारायण का आरोप है कि यह हमला बैंक कर्मियों द्वारा ही करवाया गया है। घटना की सूचना मिलने पर क्षेत्राधिकारी (सीओ) ने जिला अस्पताल पहुंचकर घायल रामनारायण का बयान दर्ज किया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है और सभी पहलुओं से गहन जांच की जा रही है। हमलावरों की तलाश में पुलिस की कई टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। दिनदहाड़े हुए इस जानलेवा हमले से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है, जिसे लेकर पुलिस ने जल्द ही हमलावरों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा करने का आश्वासन दिया है।1
- भरथना/इटावा में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) बृजेश कुमार ने ऊसराहार थाने का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान, उन्होंने डिजिटल ऐप 'ई-सम्मन' और 'ई-साक्ष्य' पर हो रहे संपूर्ण कार्य को देखा और इसके लिए डिजिटल ऐप टीम की सराहना की। एसएसपी ने थानाध्यक्ष बलराज भाटी को निर्देश दिए कि वे सक्रिय हिस्ट्रीशीटर अपराधियों पर पैनी नजर रखें। इसके अतिरिक्त, उन्होंने गश्त को और अधिक प्रभावशाली बनाने के भी निर्देश जारी किए। इस निरीक्षण के समय, एसएसपी बृजेश कुमार के साथ क्षेत्राधिकारी भरथना रामदवन मौर्य भी मौजूद रहे।1
- औरैया जनपद के अजीतमल तहसील में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ ग्राम कुल्हुरुआ अटसू निवासी रामकिशन, पुत्र श्री राम शंकर, अपनी जीवित सास श्रीमती विमला देवी के साथ तहसील दिवस पहुँचे। उन्होंने अधिकारियों के समक्ष एक प्रार्थना पत्र देते हुए बताया कि उनकी पुत्रवधु श्रीदेवी और उसके पुत्र सोनू ने पुलिस अधीक्षक औरैया को एक फर्जी शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया था कि रामकिशन और उनकी पत्नी फूलन देवी ने विमला देवी की खेती अपने नाम कराकर उनकी हत्या कर दी है। रामकिशन ने इन आरोपों को सिरे से निराधार बताते हुए अपनी सास विमला देवी को अधिकारियों के सामने पेश किया। उन्होंने प्रशासन को गुमराह करने और झूठे आरोप में फंसाने के खिलाफ शिकायत दर्ज कराते हुए आरोपियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की। इस दौरान, जीवित विमला देवी ने स्वयं मीडिया से बात करते हुए बताया कि उनकी पुत्रवधु श्रीदेवी और उसका पुत्र सोनू आए दिन उनके साथ मारपीट करते हैं और उनकी जमीन हड़पकर उनकी हत्या करना चाहते हैं। अपनी जान बचाने के लिए वह अपनी बेटी फूलन देवी और दामाद रामकिशन के साथ कुल्हुरुआ अटसू में सकुशल रह रही हैं। पीड़ित वृद्ध महिला ने अपनी जान-माल की सुरक्षा की गुहार लगाई है और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।4
- एक उपयोगकर्ता ने अपनी हालिया जगन्नाथ रथयात्रा के अनुभव को अपने जीवन की सबसे यादगार यात्रा बताया है। ओडिशा के पुरी से जुड़ी इस यात्रा का जिक्र करते हुए, उन्होंने भक्तिभाव से 'जय जगन्नाथ' का उद्घोष किया, जो इस अनुभव की अविस्मरणीयता को दर्शाता है।1
- 11वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार सुबह औरैया के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) अयाना परिसर में एक भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुनील शर्मा के नेतृत्व में चिकित्सकों, स्वास्थ्य कर्मचारियों और प्रशिक्षित योग शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर योगाभ्यास किया। योग कार्यक्रम का शुभारंभ प्रार्थना और योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए किया गया। प्रशिक्षित योग शिक्षकों ने वहां मौजूद लोगों को ताड़ासन, भुजंगासन, वज्रासन, कपालभाति, अनुलोम-विलोम और ध्यान जैसी विभिन्न योगासन, प्राणायाम तथा ध्यान की विधियों का अभ्यास कराया। योग शिक्षकों ने इस बात पर जोर दिया कि नियमित योग शरीर को स्वस्थ रखता है, मानसिक तनाव को कम करता है और व्यक्ति के जीवन को सकारात्मक ऊर्जा से भर देता है। प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुनील शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है, जिसे आज पूरी दुनिया स्वीकार कर रही है। उन्होंने बदलती जीवनशैली और भागदौड़ भरे वातावरण में स्वस्थ रहने के लिए योग को दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया, क्योंकि योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है, बल्कि मानसिक संतुलन बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कार्यक्रम में मौजूद स्वास्थ्य कर्मियों और कर्मचारियों ने भी नियमित रूप से योग करने का संकल्प लिया, जिससे पूरे परिसर में उत्साह और सकारात्मक वातावरण बना रहा। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और दूसरों को भी योग के प्रति जागरूक करने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर सीएचसी अयाना के चिकित्सक, फार्मासिस्ट, स्टाफ नर्स, वार्ड बॉय, स्वास्थ्य कर्मचारी एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।1