एसडीएम की चौखट पर पहुंचा शिकायती पत्र… और दवगरान में उतर आया प्रशासन! “एसडीएम हो तो राकेश सोनी जैसा…” शिकायत मिलते ही एक्शन मोड, मौके पर पहुंची टीम और कथित कब्जे पर चला प्रशासन का हंटर जालौन। नगर के मोहल्ला दवगरान में मंगलवार को उस समय हलचल मच गई, जब मस्जिद के बगल में कथित कब्जे की शिकायत प्रशासन तक पहुंची और देखते ही देखते मामला कागज से निकलकर जमीन पर पहुंच गया। शिकायत लेकर पहुंचे हिंदू वाहिनी के जिला अध्यक्ष राजा सिंह सेंगर ने उपजिलाधिकारी जालौन राकेश सोनी को प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की। शिकायत मिलते ही प्रशासन ने मामले को संज्ञान में लिया। इसके बाद मौके पर प्रशासनिक अमला पहुंचा तो मोहल्ले में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया। सदर लेखपाल वैभव त्रिपाठी और नगर पालिका की टीम ने मौके पर पहुंचकर संबंधित स्थान का निरीक्षण किया और कथित कब्जे को हटवाने की कार्रवाई की। कागज पहुंचा एसडीएम तक… कार्रवाई पहुंच गई मौके तक दवगरान में कार्रवाई की सबसे ज्यादा चर्चा उसकी तेजी को लेकर रही। शिकायत मिलने के बाद मामले को केवल फाइलों में रखने के बजाय मौके पर टीम पहुंची और स्थिति का जायजा लिया गया। स्थानीय लोगों के बीच चर्चा रही— “एसडीएम हो तो राकेश सोनी जैसा… शिकायत पहुंची और प्रशासन एक्शन में आ गया।” लोगों का कहना था कि शिकायतों पर यदि इसी तरह त्वरित संज्ञान लिया जाए तो आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए लंबे समय तक कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। मौके पर पहुंची टीम तो बढ़ गई हलचल प्रशासनिक टीम के पहुंचते ही आसपास के लोगों की नजरें कार्रवाई पर टिक गईं। लेखपाल और नगर पालिका कर्मचारियों ने मौके की स्थिति देखी और कार्रवाई करते हुए कथित कब्जे को हटवाया। पूरे घटनाक्रम के दौरान मोहल्ले में काफी देर तक चर्चा होती रही। शिकायतकर्ता की ओर से उठाए गए मुद्दे पर प्रशासन की कार्रवाई के बाद संबंधित स्थान की स्थिति सामान्य बताई जा रही है। शिकायत से कार्रवाई तक—दवगरान में दिखा प्रशासन का बदला अंदाज इस मामले ने एक बार फिर यह सवाल भी खड़ा किया कि शिकायतों के निस्तारण में कागजी कार्रवाई से आगे बढ़कर मौके पर पहुंचना कितना महत्वपूर्ण है। दवगरान में शिकायत सामने आई, प्रशासन ने संज्ञान लिया, टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई भी दिखाई दी। फिलहाल दवगरान की इस कार्रवाई की चर्चा नगर में बनी हुई है। लोगों के बीच एसडीएम राकेश सोनी की त्वरित कार्रवाई को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। एक प्रार्थना पत्र… एक्शन मोड में प्रशासन… मौके पर टीम… और कथित कब्जे पर कार्रवाई।
एसडीएम की चौखट पर पहुंचा शिकायती पत्र… और दवगरान में उतर आया प्रशासन! “एसडीएम हो तो राकेश सोनी जैसा…” शिकायत मिलते ही एक्शन मोड, मौके पर पहुंची टीम और कथित कब्जे पर चला प्रशासन का हंटर जालौन। नगर के मोहल्ला दवगरान में मंगलवार को उस समय हलचल मच गई, जब मस्जिद के बगल में कथित कब्जे की शिकायत प्रशासन तक पहुंची और देखते ही देखते मामला कागज से निकलकर जमीन पर पहुंच गया। शिकायत लेकर पहुंचे हिंदू वाहिनी के जिला अध्यक्ष राजा सिंह सेंगर ने उपजिलाधिकारी जालौन राकेश सोनी को प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की। शिकायत मिलते ही प्रशासन ने मामले को संज्ञान में लिया। इसके बाद मौके पर प्रशासनिक अमला पहुंचा तो मोहल्ले में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया। सदर लेखपाल वैभव त्रिपाठी और नगर पालिका की टीम ने मौके पर पहुंचकर संबंधित स्थान
का निरीक्षण किया और कथित कब्जे को हटवाने की कार्रवाई की। कागज पहुंचा एसडीएम तक… कार्रवाई पहुंच गई मौके तक दवगरान में कार्रवाई की सबसे ज्यादा चर्चा उसकी तेजी को लेकर रही। शिकायत मिलने के बाद मामले को केवल फाइलों में रखने के बजाय मौके पर टीम पहुंची और स्थिति का जायजा लिया गया। स्थानीय लोगों के बीच चर्चा रही— “एसडीएम हो तो राकेश सोनी जैसा… शिकायत पहुंची और प्रशासन एक्शन में आ गया।” लोगों का कहना था कि शिकायतों पर यदि इसी तरह त्वरित संज्ञान लिया जाए तो आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए लंबे समय तक कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। मौके पर पहुंची टीम तो बढ़ गई हलचल प्रशासनिक टीम के पहुंचते ही आसपास के लोगों की नजरें कार्रवाई पर टिक गईं। लेखपाल और नगर पालिका कर्मचारियों ने मौके की स्थिति देखी और कार्रवाई करते
हुए कथित कब्जे को हटवाया। पूरे घटनाक्रम के दौरान मोहल्ले में काफी देर तक चर्चा होती रही। शिकायतकर्ता की ओर से उठाए गए मुद्दे पर प्रशासन की कार्रवाई के बाद संबंधित स्थान की स्थिति सामान्य बताई जा रही है। शिकायत से कार्रवाई तक—दवगरान में दिखा प्रशासन का बदला अंदाज इस मामले ने एक बार फिर यह सवाल भी खड़ा किया कि शिकायतों के निस्तारण में कागजी कार्रवाई से आगे बढ़कर मौके पर पहुंचना कितना महत्वपूर्ण है। दवगरान में शिकायत सामने आई, प्रशासन ने संज्ञान लिया, टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई भी दिखाई दी। फिलहाल दवगरान की इस कार्रवाई की चर्चा नगर में बनी हुई है। लोगों के बीच एसडीएम राकेश सोनी की त्वरित कार्रवाई को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। एक प्रार्थना पत्र… एक्शन मोड में प्रशासन… मौके पर टीम… और कथित कब्जे पर कार्रवाई।
- जालौन में अतिक्रमण पर चला प्रशासन का डंडा, मस्जिद कमेटी की कब्जाई भूमि कराई गई मुक्त ज्ञापन मिलते ही एसडीएम राकेश सोनी ने गठित की जांच कमेटी, नगर पालिका टीम ने मौके पर पहुंचकर हटाया अतिक्रमण जालौन। नगर के मोहल्ला दबगरान में आम रास्ते एवं भूमि पर अतिक्रमण किए जाने की शिकायत के बाद प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए कार्रवाई शुरू कर दी। मामले में ज्ञापन प्राप्त होते ही उप जिलाधिकारी जालौन राकेश सोनी ने तत्काल जांच कमेटी गठित कर जांच के निर्देश दिए। जांच कमेटी में नायब तहसीलदार सत्येंद्र कुमार एवं सदर लेखपाल वैभव त्रिपाठी को शामिल किया गया। टीम द्वारा मौके पर पहुंचकर भूमि एवं अतिक्रमण की जांच की गई। जांच के बाद नगर पालिका एवं प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान अतिक्रमण की गई भूमि से सरिया, गिट्टी, बालू सहित अन्य निर्माण सामग्री को हटाया गया। टीम ने मौके पर मौजूद अतिक्रमण को हटाकर रास्ते एवं भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया। स्थानीय लोगों का कहना है कि मस्जिद का निर्माण जिस भूमि पर किया गया है, वह अलग भूमि बताई जा रही है, जबकि इसके आसपास की अतिरिक्त भूमि पर कथित रूप से कब्जा किए जाने की शिकायत की गई थी। हालांकि इस संबंध में अंतिम स्थिति प्रशासन की जांच एवं अभिलेखों के आधार पर ही स्पष्ट होगी। प्रशासन की कार्रवाई के बाद अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि सार्वजनिक रास्ते अथवा सरकारी/अन्य भूमि पर किया गया अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिकारियों ने अतिक्रमणकारियों को चेतावनी दी कि यदि कहीं भी अतिक्रमण पाया जाता है तो जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। मौके पर जिस तरह नगर पालिका और प्रशासनिक टीम ने अतिक्रमण हटाया, उससे नगर में योगी सरकार की अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई की चर्चा तेज हो गई। हालांकि कार्रवाई के दौरान बुलडोजर का इस्तेमाल नहीं किया गया, लेकिन टीम ने मौके पर पहुंचकर निर्माण सामग्री हटाते हुए अतिक्रमण को खाली करा दिया। अब देखने वाली बात यह होगी कि जांच के बाद प्रशासन मस्जिद कमेटी अथवा अन्य जिम्मेदार लोगों के खिलाफ किस प्रकार की कानूनी कार्रवाई या जुर्माना निर्धारित करता है। प्रशासनिक अधिकारियों की अगली कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।1
- जालौन पुलिस की बड़ी सफलता: 40.97 लाख के 241 गुम मोबाइल बरामद, लौटाए तो खिले चेहरे अनुराग श्रीवास्तव पत्रकार *जनपद जालौन पुलिस की बड़ी सफलता: 40.97 लाख के 241 गुम मोबाइल बरामद, लौटाए तो खिले चेहरे* *जालौन।* अपर पुलिस महानिदेशक कानपुर जोन एवं पुलिस महानिरीक्षक झाँसी परिक्षेत्र के निर्देशन में पुलिस अधीक्षक जालौन के पर्यवेक्षण व अपर पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में साइबर थाना व जनपद के थानों पर गठित पुलिस टीम ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने विभिन्न थाना क्षेत्रों व अन्य जनपदों/राज्यों से गुम हुए 241 मोबाइल फोन, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 40 लाख 97 हजार रुपये है, को बरामद करने में सफलता प्राप्त की है। पुलिस अधीक्षक जालौन द्वारा आज दिनांक 01.09.2026 को पुलिस लाइन में एक कार्यक्रम आयोजित कर सभी बरामद मोबाइलों को उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द किया गया। महीनों पहले गुम हुए अपने मोबाइल फोन वापस पाकर मोबाइल स्वामियों के चेहरे खिल उठे और उन्होंने जालौन पुलिस की इस कार्यवाही की सराहना की। पुलिस ने बताया कि गुमशुदा मोबाइलों के प्रार्थना पत्रों के आधार पर साइबर थाना व थानों पर गठित साइबर टीम द्वारा ट्रेसिंग कर यह बरामदगी की गई है। बरामदगी करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक साइबर थाना मय टीम व जनपद के थानों पर गठित साइबर टीम शामिल रही।3
- जालौन में मस्जिद के पास खाली पड़ी जमीन पर मदरसे के निर्माण का विरोध नमस्कार दोस्तों आज़ हम आपको जालौन जिले के जालौन कोतवाली क्षेत्र के जालौन नगर क्षेत्र से जुड़ी खबर दिखाने जा रहे हैं जहां दबगरान मुहल्ले में स्थित मस्जिद के पास खाली पड़ी जमीन पर मदरसे का निर्माण किया जा रहा था इसकी जानकारी सामने आई तो हिन्दू संगठनों ने विरोध किया और एसडीएम को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की है2
- 241 गुमशुदा मोबाइल बरामद कर मालिकों को लौटाए, खिले चेहरे उरई, जालौन। साइबर थाना एवं जनपद जालौन के विभिन्न थानों पर गठित पुलिस टीम ने गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए चलाए जा रहे अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने कुल 241 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 40 लाख 97 हजार रुपये बताई गई है। बरामद मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द किए गए। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। मोबाइल स्वामियों ने पुलिस की कार्रवाई की सराहना करते हुए आभार जताया। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बताया कि साइबर थाना और जनपद के विभिन्न थानों की पुलिस टीम द्वारा गुमशुदा एवं खोए हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। तकनीकी माध्यमों की मदद से पुलिस टीम ने इन मोबाइलों को बरामद करने में सफलता प्राप्त की। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन आज के समय में लोगों के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। गुम मोबाइल की बरामदगी से लोगों को आर्थिक नुकसान से राहत मिलने के साथ ही उनमें पुलिस के प्रति विश्वास भी मजबूत होता है। उन्होंने पुलिस टीम की कार्रवाई की सराहना करते हुए आगे भी इसी तरह प्रभावी कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए। मोबाइल वापस मिलने पर स्वामियों ने पुलिस टीम का धन्यवाद किया और कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका खोया हुआ मोबाइल दोबारा मिल पाएगा। मोबाइल हाथ में आते ही उनके चेहरों पर खुशी साफ नजर आई।2
- जालौन में ऑपरेशन दहन के तहत 31.23 किलो मादक पदार्थ नष्ट /करीब 18.60 लाख रुपये का माल किया गया विनष्ट* *ऑपरेशन दहन /के तहत जालौन पुलिस का बड़ा एक्शन /09 मुकदमों में बरामद 31.23 किलो नशा किया गया नष्ट* सब दिखाते हैं खबर हम दिखाते हकीकत समीर मंसूरी की कलम से 🖋️ 🖋️ 🖋️ 🖋️ आजाद अहमद व यासीन मंसूरी व आशुतोष की रिपोट खबरों का सिलसिला जारी *जालौन में ऑपरेशन दहन के तहत 31.23 किलो मादक पदार्थ नष्ट /करीब 18.60 लाख रुपये का माल किया गया विनष्ट* *ऑपरेशन दहन /के तहत जालौन पुलिस का बड़ा एक्शन /09 मुकदमों में बरामद 31.23 किलो नशा किया गया नष्ट* जनपद जालौन पुलिस द्वारा मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान ऑपरेशन दहन के तहत बड़ी कार्यवाही की गई पुलिस ने मादक पदार्थों से संबंधित 09 अभियोगों में बरामद कुल 31.23 किलोग्राम मादक पदार्थ को न्यायालय की अनुमति प्राप्त करने के बाद नियमानुसार विनष्ट कर दिया पुलिस के अनुसार विनष्ट किए गए मादक पदार्थों की अनुमानित कीमत करीब 18 लाख 60 हजार 550 रुपये आंकी गई है न्यायालय से अनुमति मिलने के बाद निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हुए बरामद मादक पदार्थों के विनष्टीकरण की कार्यवाही की गई आप को बता दें 09 मुकदमों में हुई थी बरामदगी जालौन पुलिस की इस कार्रवाई के तहत अलग-अलग मामलों में बरामद किए गए मादक पदार्थों को एकत्रित कर नियमानुसार नष्ट किया गया। पुलिस का कहना है कि मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है नशे के कारोबार पर पुलिस का शिकंजा ऑपरेशन दहन’ के तहत की गई इस कार्रवाई को मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई के तौर पर देखा जा रहा है 31.23 किलोग्राम मादक पदार्थ का विनष्टीकरण किए जाने से अवैध नशे के कारोबार के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई को और मजबूती मिली इसी के मद्देनजर रखते हुए हम आप को बता दें जालौन पुलिस द्वारा मादक पदार्थों की तस्करी बिक्री और अवैध भंडारण में संलिप्त लोगों के खिलाफ लगातार कार्यवाही किए जाने की बात कही गई है पुलिस के मुताबिक अभियान का उद्देश्य नशे के अवैध कारोबार पर प्रभावी रोक लगाना और समाज को नशे के दुष्प्रभावों से सुरक्षित रखना है बता दें पुलिस की इस कार्यवाही में करीब 18.60 लाख रुपये मूल्य के 31.23 किलोग्राम मादक पदार्थ को न्यायालय की अनुमति के बाद नष्ट किया गया3
- पेट्रोल पंप पर पेट्रोल देने से मना करने पर कर्मचारी से मारपीट का आरोप, पुलिस से कार्रवाई की मांग कालपी। पेट्रोल पंप पर बोतल में पेट्रोल देने से मना करने को लेकर विवाद और मारपीट का मामला सामने आया है। मामले में पंप कर्मचारी रामदयाल पुत्र रामजीवन, निवासी तरीबुल्दा, कालपी ने कोतवाली कालपी में शिकायती प्रार्थना पत्र देकर आरोपितों के खिलाफ जांच कर कड़ी कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की है। शिकायती पत्र के अनुसार, रामदयाल एक पेट्रोल पंप पर कर्मचारी के रूप में कार्य करता है और पेट्रोल भरने का काम करता है। पीड़ित का कहना है कि 31 अगस्त 2026 को शाम करीब 4:30 बजे वह पंप पर ड्यूटी कर रहा था। इसी दौरान मोहित मिश्रा अपनी कार संख्या यूपी 92 एएन 0415 तथा तीन अज्ञात लोगों के साथ पेट्रोल पंप पर पहुंचा और बोतल में पेट्रोल देने की मांग करने लगा। पीड़ित के मुताबिक, पंप पर बोतल में पेट्रोल देना नियमों के विरुद्ध होने के कारण उसने पेट्रोल देने से मना कर दिया। आरोप है कि इसके बाद मोहित मिश्रा और उसके साथ आए तीनों लोग कथित तौर पर नशे की हालत में गाली-गलौज करने लगे। पीड़ित का आरोप है कि विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और उसके कपड़े भी फाड़ दिए गए। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि इसके बाद मोहित मिश्रा ने अपने भाई रोहित मिश्रा को भी मौके पर बुला लिया। पीड़ित के अनुसार, रोहित मिश्रा भी गाली-गलौज और मारपीट करने लगा। इस दौरान पेट्रोल पंप पर काम कर रहे अन्य लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराने का प्रयास किया। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि घटना से संबंधित सीसीटीवी फुटेज पेट्रोल पंप के लगे कैमरों में रिकॉर्ड है, जिसे जांच के दौरान देखा जा सकता है। उसने पुलिस से सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पूरे मामले की जांच कराने और आरोपितों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की है। पीड़ित रामदयाल ने प्रभारी निरीक्षक कालपी को दिए प्रार्थना पत्र में मामले की निष्पक्ष जांच कर उसे न्याय दिलाने की गुहार लगाई है। **फिलहाल पुलिस जांच और आरोपों की पुष्टि के बाद ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।**1
- सड़क हादसे में युवक की मौत के बाद फूटा परिजनों का गुस्सा, शव रखकर लगाया जाम लोडर चालक पर कार्रवाई न होने से नाराज परिजन, पुलिस पर लगाया लापरवाही का आरोप; मौके पर पहुंचे एसडीएम राकेश कुमार सोनी कुठौंद। सड़क हादसे में युवक की मौत के बाद मंगलवार को परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने शव को माधौगढ़ चौराहे पर सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। करीब आधा सैकड़ा ग्रामीण भी परिजनों के समर्थन में जाम में शामिल हो गए। परिजनों का आरोप है कि हादसे को 24 घंटे बीत जाने के बाद भी दुर्घटना में शामिल लोडर को पुलिस पकड़ नहीं सकी है। पुलिस की कार्रवाई से नाराज परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाते हुए जिम्मेदार वाहन चालक के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की। जाम के चलते मार्ग पर आवागमन प्रभावित हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया।1
- जालौन कुठौंद पुलिस की कार्यशैली पर परिजनों ने उठाए सवाल 🚨 बड़ा सवाल: आरोपी के खिलाफ अब तक कार्रवाई क्यों नहीं? जालौन। सड़क हादसे में युवक की मौत के बाद मृतक के परिजनों का गुस्सा लगातार बढ़ता जा रहा है। परिजनों का सवाल है कि हादसे के करीब 24 घंटे बीत जाने के बावजूद आरोपी वाहन चालक के खिलाफ अब तक प्रभावी कार्रवाई क्यों नहीं की गई? परिजनों का कहना है कि घटना के बाद सीसीटीवी कैमरे भी चेक करवाए गए, इसके बावजूद दुर्घटना में शामिल बताए जा रहे लोडर को अब तक नहीं पकड़ा गया। इसी को लेकर परिजन और ग्रामीण सड़क पर शव रखकर घंटों से जाम लगाए बैठे हैं। मौके पर करीब चार थानों की पुलिस मौजूद है और जाम खुलवाने का प्रयास कर रही है, लेकिन परिजन कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं। अब सवाल यह है कि आखिर पुलिस आरोपी तक कब पहुंचेगी और परिजनों को न्याय कब मिलेगा?1
- जालौन जिले में मस्जिद के पास खाली पड़ी जमीन पर मदरसे का निर्माण नमस्कार दोस्तों आज़ हम आपको जालौन जिले के जालौन नगर क्षेत्र से जुड़ी खबर दिखाने जा रहे हैं जहां दबगरान मुहल्ले में स्थित मस्जिद के पास खाली पड़ी जमीन पर मदरसे का निर्माण कार्य किया जा रहा है और इसका स्थानीय लोगों ने विरोध किया है मामला पुलिस तक पहुंचा दिया गया है2