24 मार्च को दिल्ली में प्रस्तावित महारैली को दिया समर्थन -385 वें दिन भी जारी रहा जेके मजदूरों का अनिश्चित कालीन धरना कोटा। जेके सिंथेटिक्स फैक्ट्री के बंद होने के बाद बकाया वेतन भुगतान की मांग को लेकर मजदूरों का अनिश्चित कालीन धरना रविवार को 385 वें दिन भी जिला कलेक्ट्रेट गेट पर जारी रहा। सीटू (सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियंस) के बैनर तले चल रहे इस धरने में सैकड़ों मजदूर, महिलाएं और उनके परिजन शामिल हैं। मजदूरों का आरोप है कि सरकार सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की भी अनदेखी कर रही है। जिससे उनका आक्रोश बढ़ता जा रहा है। धरना स्थल पर मजदूरों ने मानव श्रृंखला बनाकर जोरदार प्रदर्शन किया। धरने का संचालन कामरेड अशोक सिंह ने किया। मजदूरों का कहना है कि प्रशासन और सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, जिससे कोटा शहर में आमजन के बीच भी सरकार विरोधी भावनाएं बढ़ रही हैं। धरने को इन्होंने किया संबोधित सीटू मीडिया प्रभारी मुरारीलाल बैरवा ने बताया कि धरने को कामरेड हबीब खान, नरेंद्र सिंह, उमाशंकर, पुष्पा खींची, कालीचरण सोनी, केदार जोशी, गोपाल शर्मा, अल मोहम्मद सहित अन्य नेताओं ने संबोधित किया। 385 वें दिन प्रदर्शन में ये रहे शामिल 385 वें दिन प्रदर्शन करने वालों में कामरेड रामफूल, गणेश प्रसाद, गुलाब शंकर, मंगल सिंह, गिरजा शंकर पांडे, बच्चन जयसवाल, मलखान सिंह यादव, छीतर लाल, तुलसीराम, महावीर प्रसाद, सतीश चंद त्रिवेदी, मदन मोहन शर्मा, जेठाराम, बने सिंह, शिशुपाल सिंह, ओम प्रकाश पाल, हनुमान सिंह, सीताराम, लक्ष्मीकांत शामिल रहे। इन महिला नेताओं ने लिया प्रदर्शन में भाग महिला मजदूर नेताओं में कामरेड पुष्पा खींची, निर्मला बाई, रेशमा देवी, कैलाशी बाई, रहीसा बानो, राजू वर्मा, चंद्रकला, कलावती बाई, कंचन बाई, संतोष, मंजू, जाहिदा बानो, नजमा बेगम आदि सैकड़ों महिलाओं ने हिस्सा लिया।
24 मार्च को दिल्ली में प्रस्तावित महारैली को दिया समर्थन -385 वें दिन भी जारी रहा जेके मजदूरों का अनिश्चित कालीन धरना कोटा। जेके सिंथेटिक्स फैक्ट्री के बंद होने के बाद बकाया वेतन भुगतान की मांग को लेकर मजदूरों का अनिश्चित कालीन धरना रविवार को 385 वें दिन भी जिला कलेक्ट्रेट गेट पर जारी रहा। सीटू (सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियंस) के बैनर तले चल रहे इस धरने में सैकड़ों मजदूर, महिलाएं और उनके परिजन शामिल हैं। मजदूरों का आरोप है कि सरकार सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की भी अनदेखी कर रही है। जिससे उनका आक्रोश बढ़ता जा रहा है। धरना स्थल पर मजदूरों ने मानव श्रृंखला बनाकर जोरदार प्रदर्शन किया। धरने का संचालन कामरेड अशोक सिंह ने किया। मजदूरों का कहना है कि प्रशासन और सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, जिससे कोटा शहर में आमजन के बीच भी सरकार विरोधी भावनाएं बढ़ रही हैं। धरने को इन्होंने किया संबोधित सीटू मीडिया प्रभारी मुरारीलाल बैरवा ने बताया कि धरने को कामरेड हबीब खान, नरेंद्र सिंह, उमाशंकर, पुष्पा खींची, कालीचरण सोनी, केदार जोशी, गोपाल शर्मा, अल मोहम्मद सहित अन्य नेताओं ने संबोधित किया। 385 वें दिन प्रदर्शन में ये रहे शामिल 385 वें दिन प्रदर्शन करने वालों में कामरेड रामफूल, गणेश प्रसाद, गुलाब शंकर, मंगल सिंह, गिरजा शंकर पांडे, बच्चन जयसवाल, मलखान सिंह यादव, छीतर लाल, तुलसीराम, महावीर प्रसाद, सतीश चंद त्रिवेदी, मदन मोहन शर्मा, जेठाराम, बने सिंह, शिशुपाल सिंह, ओम प्रकाश पाल, हनुमान सिंह, सीताराम, लक्ष्मीकांत शामिल रहे। इन महिला नेताओं ने लिया प्रदर्शन में भाग महिला मजदूर नेताओं में कामरेड पुष्पा खींची, निर्मला बाई, रेशमा देवी, कैलाशी बाई, रहीसा बानो, राजू वर्मा, चंद्रकला, कलावती बाई, कंचन बाई, संतोष, मंजू, जाहिदा बानो, नजमा बेगम आदि सैकड़ों महिलाओं ने हिस्सा लिया।
- कोटा। शिक्षा नगरी के एक पॉश अपार्टमेंट में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब लिफ्ट के अंदर लगे CCTV कैमरे में एक बेहद डरावनी और रहस्यमयी महिला कैद हुई। इस वीडियो के सामने आने के बाद से ही अपार्टमेंट के निवासियों में दहशत का माहौल है और लोग लिफ्ट का इस्तेमाल करने से कतरा रहे हैं। क्या है पूरा मामला? वायरल हो रहे फुटेज में देखा जा सकता है कि आधी रात के वक्त लिफ्ट के अंदर एक महिला दिखाई दे रही है। महिला का हुलिया किसी को भी डराने के लिए काफी है: चेहरा धुंधला: कैमरे में उसका चेहरा साफ नहीं दिख रहा, जो इसे और भी संदिग्ध बनाता है। बिखरे बाल और अजीब हरकतें: महिला के बाल पूरी तरह बिखरे हुए हैं और वह लिफ्ट के अंदर बेहद असामान्य तरीके से हरकतें कर रही है। चुड़ैल या कोई गहरी साजिश? इस घटना को लेकर अपार्टमेंट के लोगों में दो तरह की राय बनी हुई है: अंधविश्वास और डर: कुछ लोग इसे 'साया' या 'चुड़ैल' बता रहे हैं, जिससे इलाके में तंत्र-मंत्र और डर की चर्चाएं तेज हो गई हैं। शातिर अपराधी की चाल: समझदार तबके का मानना है कि यह कोई शातिर महिला हो सकती है, जो जानबूझकर दहशत फैला रही है। मुमकिन है कि सुरक्षा व्यवस्था को चकमा देने या किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए यह 'डरावना नाटक' रचा गया हो। सुरक्षा पर सवाल इतनी कड़ी सुरक्षा और गार्ड्स की तैनाती के बावजूद यह रहस्यमयी महिला लिफ्ट तक कैसे पहुंची? क्या वह अपार्टमेंट की ही कोई निवासी है या बाहर से घुसी कोई घुसपैठिये? फिलहाल यह जांच का विषय है।1
- हम जानते हैं कि किसने हमारा शोषण किया: हमने देखा कि कौन आया और कौन गया और उन नामों की सूची पीड़ितों द्वारा ही बनाई जाएगी: Epstein पीड़ितों ने घोषणा की है कि वे खुद सारे नामों की सूची जारी करेंगी:1
- कोटा में 28 साल बाद भी नहीं हुआ फैसला, जीके कर्मचारियों ने परिवार सहित छावनी से लेकर कलेक्ट्री तक जोरदार प्रदर्शन किया, कलेक्ट्री पहुंचने पर ज्ञापन दिया गया1
- Post by VKH NEWS1
- कोटा की सड़कों पर महिलाओं की रफ्तार: ऑटो चलाकर आत्मनिर्भरता की मिसाल बन रहीं एक दर्जन से अधिक महिलाएं स्क्रिप्ट: कोटा शहर आज महिला सशक्तिकरण की एक अनोखी और प्रेरणादायक तस्वीर पेश कर रहा है। यहां एक दर्जन से अधिक महिलाएं शहर की व्यस्त सड़कों पर बेखौफ होकर ऑटो चलाती नजर आती हैं। ये महिलाएं न केवल अपने परिवार की जिम्मेदारियां निभा रही हैं, बल्कि समाज में यह मजबूत संदेश भी दे रही हैं कि महिलाएं किसी भी क्षेत्र में पुरुषों से कम नहीं हैं। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर ऐसी महिलाओं की कहानी और भी खास हो जाती है, जिन्होंने समाज की पुरानी धारणाओं और बेड़ियों को तोड़ते हुए अपने हौसले से नई राह बनाई है। महानगरों की तर्ज पर अब कोटा में भी महिलाएं फर्राटे से ऑटो चलाकर आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश कर रही हैं। इन महिलाओं ने खुले आसमान के नीचे ऑटो की स्टेयरिंग थामकर यह साबित कर दिया है कि अगर हौसला बुलंद हो तो कोई भी चुनौती बड़ी नहीं होती। शहर की सड़कों पर आत्मविश्वास के साथ ऑटो चलाते हुए ये महिलाएं न सिर्फ अपने परिवार का सहारा बन रही हैं, बल्कि समाज को सकारात्मक सोच और बदलाव का संदेश भी दे रही हैं।1
- Post by Journalist Asif khan KOTA City NEWS1
- विश्व महिला दिवस के उपलक्ष्य पर कोटा में सर्व हिंदू समाज महिला मंडल महासंघ के तत्वावधान में किशोर सागर स्थित सत्येश्वर महादेव मंदिर प्रांगण में भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कोटा शहर के 88 विभिन्न महिला संगठनों को “अखंड भारत हिंदू राष्ट्र मातृशक्ति गौरव सम्मान” से अलंकृत कर नारी शक्ति का सम्मान किया गया। कार्यक्रम के मुख्य संयोजक एवं अध्यक्ष गोविंद नारायण अग्रवाल ने बताया कि समारोह में कोटा शहर के सर्व हिंदू समाज के विभिन्न संगठनों की प्रतिनिधि महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इनमें सर्व ब्राह्मण समाज, अखिल भारतीय अग्रवाल संगठन, माहेश्वरी महिला मंडल, राजस्थान गुर्जर महासभा, भारतीय सिंधु सभा, सिख समाज रामगढ़िया वेलफेयर सोसाइटी तथा नेपाली संस्कृति अंतरराष्ट्रीय परिषद सहित अनेक प्रमुख संगठन शामिल रहे। समारोह के दौरान प्रत्येक संगठन से आमंत्रित पांच-पांच महिलाओं को स्मृति चिन्ह, दुपट्टा एवं मोतियों की माला पहनाकर सम्मानित किया गया। अपने संबोधन में अध्यक्ष गोविंद नारायण अग्रवाल ने कहा कि आज के बदलते दौर में महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा, मेहनत और क्षमता का लोहा मनवा रही हैं। शिक्षा, चिकित्सा, प्रशासन, खेल, व्यापार और विज्ञान जैसे क्षेत्रों में महिलाएं उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर समाज के लिए नई मिसाल कायम कर रही हैं। उन्होंने कहा कि आज की महिला आत्मनिर्भर, आत्मविश्वासी और सशक्त बनकर देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। कर्मयोगी सेवा संस्थान के संस्थापक राजाराम जैन ‘कर्मयोगी’ ने बताया कि कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजी बाबा पावन धाम आश्रम की पूजनीय महामंडलेश्वर हेमा सरस्वती महाराज (हरिद्वार), पंचदसनाम जूना अखाड़ा से महामंडलेश्वर मैत्रय गिरी महाराज, कुलम शक्ति पीठ से महामंडलेश्वर माता नीति अंबा तथा प्रजापिता ब्रह्माकुमारी विश्वविद्यालय से उर्मिला दीदी उपस्थित रहीं। अतिथियों ने अपने कर-कमलों से महिला मंडलों को सम्मानित कर मातृशक्ति की सराहना की। कार्यक्रम का संचालन लंकेश अश्वत्थामा दाधीच एवं नरेश कारा द्वारा किया गया। अंत में समिति के पदाधिकारी अनिल कुमार शर्मा, लक्ष्मी नारायण गर्ग, महिमा बंसल, महेश पंचोली और बृजनंदन गौतम सहित अन्य सदस्यों ने अतिथियों का आभार व्यक्त किया।1
- कोटा में गौ माता के संरक्षण पर इंजीनियर नंदकिशोर मेहरा से वरिष्ठ पत्रकार श्याम सुंदर शर्मा की चर्चा1