प्रयागराज में सड़क बनी शराबियों का अड्डा — स्थानीय लोगों का जीना हुआ दुश्वार! संगम नगरी प्रयागराज से एक बेहद चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई है, जहां शराबियों ने खुलेआम सड़क को ही बार में तब्दील कर दिया है। शहर के व्यस्त इलाके हीरा हलवाई से चंद कदम की दूरी पर स्थित थ्रोनाइल रोड की रेजिडेंट्स कॉलोनी के लोग इन दिनों दहशत और परेशानी में जीवन जीने को मजबूर हैं। बताया जा रहा है कि कॉलोनी के पास मौजूद दो-दो शराब के ठेकों के बाहर रोजाना शाम होते ही शराबियों की भीड़ जमा हो जाती है। हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि सड़क अब आम रास्ता नहीं बल्कि “ओपन बार” बन चुकी है। 🔴 सड़क पर शराब, गाली-गलौज और मारपीट का डर स्थानीय निवासियों का आरोप है कि: ठेके के बाहर खुलेआम शराब पी जाती है राह चलते लोगों से अभद्रता की जाती है विरोध करने पर मारपीट तक की नौबत आ जाती है महिलाएं और बच्चे घर से निकलने में डर महसूस कर रहे हैं लोगों का कहना है कि कई बार प्रशासन और पुलिस से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। 🗣️ स्थानीय लोगों की चेतावनी निवासियों ने साफ कहा — “अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो हम सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे।” ⚠️ बड़ा सवाल क्या शहर की सड़कों पर खुलेआम शराबखोरी की अनुमति है? क्या प्रशासन किसी बड़ी घटना का इंतजार कर रहा है? आखिर आम नागरिकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा? 📢 प्रशासन से मांग स्थानीय लोगों ने मांग की है: ✅ ठेकों के बाहर शराब पीने पर तत्काल रोक ✅ पुलिस की नियमित गश्त ✅ असामाजिक तत्वों पर सख्त कार्रवाई 👉 अब देखने वाली बात होगी कि संगम नगरी की छवि को दागदार करने वाली इस समस्या पर प्रशासन कब जागता है।
प्रयागराज में सड़क बनी शराबियों का अड्डा — स्थानीय लोगों का जीना हुआ दुश्वार! संगम नगरी प्रयागराज से एक बेहद चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई है, जहां शराबियों ने खुलेआम सड़क को ही बार में तब्दील कर दिया है। शहर के व्यस्त इलाके हीरा हलवाई से चंद कदम की दूरी पर स्थित थ्रोनाइल रोड की रेजिडेंट्स कॉलोनी के लोग इन दिनों दहशत और परेशानी में जीवन जीने को मजबूर हैं। बताया
जा रहा है कि कॉलोनी के पास मौजूद दो-दो शराब के ठेकों के बाहर रोजाना शाम होते ही शराबियों की भीड़ जमा हो जाती है। हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि सड़क अब आम रास्ता नहीं बल्कि “ओपन बार” बन चुकी है। 🔴 सड़क पर शराब, गाली-गलौज और मारपीट का डर स्थानीय निवासियों का आरोप है कि: ठेके के बाहर खुलेआम शराब पी जाती है राह चलते लोगों से अभद्रता की जाती है विरोध
करने पर मारपीट तक की नौबत आ जाती है महिलाएं और बच्चे घर से निकलने में डर महसूस कर रहे हैं लोगों का कहना है कि कई बार प्रशासन और पुलिस से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। 🗣️ स्थानीय लोगों की चेतावनी निवासियों ने साफ कहा — “अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो हम सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे।” ⚠️ बड़ा सवाल क्या शहर की सड़कों पर
खुलेआम शराबखोरी की अनुमति है? क्या प्रशासन किसी बड़ी घटना का इंतजार कर रहा है? आखिर आम नागरिकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा? 📢 प्रशासन से मांग स्थानीय लोगों ने मांग की है: ✅ ठेकों के बाहर शराब पीने पर तत्काल रोक ✅ पुलिस की नियमित गश्त ✅ असामाजिक तत्वों पर सख्त कार्रवाई 👉 अब देखने वाली बात होगी कि संगम नगरी की छवि को दागदार करने वाली इस समस्या पर प्रशासन कब जागता है।
- संगम नगरी प्रयागराज से एक बेहद चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई है, जहां शराबियों ने खुलेआम सड़क को ही बार में तब्दील कर दिया है। शहर के व्यस्त इलाके हीरा हलवाई से चंद कदम की दूरी पर स्थित थ्रोनाइल रोड की रेजिडेंट्स कॉलोनी के लोग इन दिनों दहशत और परेशानी में जीवन जीने को मजबूर हैं। बताया जा रहा है कि कॉलोनी के पास मौजूद दो-दो शराब के ठेकों के बाहर रोजाना शाम होते ही शराबियों की भीड़ जमा हो जाती है। हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि सड़क अब आम रास्ता नहीं बल्कि “ओपन बार” बन चुकी है। 🔴 सड़क पर शराब, गाली-गलौज और मारपीट का डर स्थानीय निवासियों का आरोप है कि: ठेके के बाहर खुलेआम शराब पी जाती है राह चलते लोगों से अभद्रता की जाती है विरोध करने पर मारपीट तक की नौबत आ जाती है महिलाएं और बच्चे घर से निकलने में डर महसूस कर रहे हैं लोगों का कहना है कि कई बार प्रशासन और पुलिस से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। 🗣️ स्थानीय लोगों की चेतावनी निवासियों ने साफ कहा — “अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो हम सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे।” ⚠️ बड़ा सवाल क्या शहर की सड़कों पर खुलेआम शराबखोरी की अनुमति है? क्या प्रशासन किसी बड़ी घटना का इंतजार कर रहा है? आखिर आम नागरिकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा? 📢 प्रशासन से मांग स्थानीय लोगों ने मांग की है: ✅ ठेकों के बाहर शराब पीने पर तत्काल रोक ✅ पुलिस की नियमित गश्त ✅ असामाजिक तत्वों पर सख्त कार्रवाई 👉 अब देखने वाली बात होगी कि संगम नगरी की छवि को दागदार करने वाली इस समस्या पर प्रशासन कब जागता है।4
- *चोरी की बाइक के साथ अभियुक्त को कोखराज पुलिस ने किया गिरफ्तार* *कोखराज कौशांबी* कानपुर का रहने वाला एक व्यक्ति कौशांबी जिले में अपने ससुराल में आया था और ससुराल में आने के बाद उसने निमंत्रण स्थल के पास से दूसरे की बाइक चोरी कर लिया है बाइक चोरी की घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और चोरी की बाइक भी बरामद कर लिया है जानकारी के मुताबिक राजू लाल पुत्र मुननू लाल निवासी चरवा खुर्द थाना चरवा 21 फरवरी को कोखराज थाना क्षेत्र के ककोढ़ा गांव में बाइक से निमंत्रण गए थे वह निमंत्रण खा रहे थे इस बीच मौका पाकर उनकी बाइक चोर उठा ले गए थे राजू ने बाइक की बहुत खोजबीन की लेकिन निमंत्रण के स्थान पर उसकी बाइक नहीं मिली मामले की सूचना उसने थाना पुलिस को दी थाना पर मु0अ0सं0 95/2026 धारा 303(2) बीएनएस पंजीकृत हुआ उपरोक्त क्रम में थाना कोखराज पुलिस ने मुकदमा उपरोक्त से सम्बन्धित प्रकाश में आए अभियुक्त शिवम पुत्र राम सजीवन निवसी ग्राम अरंज बनकट थाना साढ़ जनपद कानपुर नगर को गिरफ्तार किया है अभियुक्त के कब्जे से मुकदमा उपरोक्त से सम्बन्धित चोरी की बाइक नंबर UP70EV1337 पुलिस ने बरामद किया है विधिक कार्यवाही के पश्चात अभियुक्त को न्यायालय भेजा गया हैं।गिरफ्तार अभियुक्त से कड़ाई से पूछताछ करने पर बताया कि मेरी ससुराल फकीर बहस का पूरा थाना कोखराज में है तथा दिनांक 21.02.2026 को अपने साथियों के साथ मिलकर ग्राम ककोढा के एक शादी समारोह से उसने बाइक चोरी किया था उसके साथियों की तलाश पुलिस कर रही है।1
- कौशाम्बी। रमजान और होली पर्व के मद्देनजर पुलिस विभाग पूरी तरह सतर्क एवं मुस्तैद है।1
- जो ब्राह्मणवाद की कब्र खोदने की बात करेगा, मैं उसकी कब्र खोदने की बात करूंगा:- सर्वेश पांडेय (सवर्ण आर्मी प्रमुख) जंतर - मंतर में उमड़ी भीड़ बता रही है कि अब अत्याचार सहन नहीं किया जाएगा। #सवर्ण_आर्मी_प्रमुख #सवर्ण_आर्मी1
- कौशांबी में लेखपाल को घूस लेते विजिलेंस टीम ने रंगे हाथों दबोचा, मंझनपुर तहसील में मचा हड़कंप ब्यूरो रिपोर्ट सुनील साहू वैधयत ख़बर हिन्दी दैनिक PRIME 18 NEWS कौशांबी में भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एक बड़ी कार्रवाई हुई है। सोमवार को लखनऊ विजिलेंस टीम ने पश्चिम शरीरा क्षेत्र में एक लेखपाल को 10 हजार रुपए की घूस लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से राजस्व विभाग में हड़कंप मच गया। चंपहा निवासी भोलानाथ जायसवाल को आय प्रमाण पत्र बनवाना था। इसके लिए उनकी बातचीत बनी और सिंघवल गांव में तैनात लेखपाल महेंद्र कुमार मौर्य से चल रही थी। आरोप है कि लेखपाल ने प्रमाण पत्र जारी करने के एवज में भोलानाथ से 10 हजार रुपये की मांग की थी। पीड़ित भोलानाथ ने इसकी शिकायत विजिलेंस टीम से की। शिकायत की पुष्टि होने के बाद टीम ने लेखपाल को पकड़ने के लिए जाल बिछाया। सोमवार दोपहर चंपहा बाजार स्थित एक मिठाई की दुकान पर जैसे ही भोलानाथ ने लेखपाल महेंद्र कुमार मौर्य को 10 हजार रुपये दिए, पहले से मौजूद विजिलेंस टीम ने उन्हें रंगेहाथ पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद टीम आरोपी लेखपाल को अपने साथ ले गई। इस घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय राजस्व कर्मियों में हलचल मच गई। सदर एसडीएम एसपी वर्मा ने बताया कि उन्हें भी लेखपाल के घूस लेते पकड़े जाने की सूचना मिली है। उन्होंने कहा कि विजिलेंस टीम से आधिकारिक पुष्टि होते ही लेखपाल के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।1
- सोशल मीडिया #सोशल #मीडिया1
- आज दिनांक 22/2/2026 को तहसील मंझनपुर के बजहा खोर्रामपुर में राष्ट्रीय लोकदल की सफल मीटिंग सम्पन्न हुई जिसमें आम जनता ने बढ़चढ़ कर हिस्सेदारी अपनाई मै सभी ग्रामवासियों को तहेदिल से शुक्रिया/धन्यवाद/साधुवाद/ आभार प्रकट करता हूं विनय पासी जिला अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल कौशांबी1
- कौशांबी जिले में यमुना नदी अब प्राकृतिक धरोहर कम और बालू माफियाओं की निजी जागीर ज्यादा नजर आ रही है। वायरल हो रहे वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि नदी की जलधारा के बीच भारी मशीनें उतारकर खुलेआम खनन किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक जिले के अधिकांश बालू घाटों पर माफियाओं का कब्जा हो चुका है और एनजीटी के नियमों को खुलेआम ठेंगा दिखाया जा रहा है। पोकलैंड और बड़ी-बड़ी मशीनों से नदी की धारा को काटा जा रहा है, जिससे पर्यावरण और जल प्रवाह दोनों पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है। हैरानी की बात ये है कि ये अवैध खनन कोई छुपकर नहीं बल्कि दिनदहाड़े हो रहा है। लगातार सामने आ रही तस्वीरों ने खनन विभाग और स्थानीय पुलिस की भूमिका पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बिना मिलीभगत के इतनी बड़ी मशीनें नदी के बीच कैसे पहुंच सकती हैं? आखिर किसकी शह पर यमुना की कोख को लूटा जा रहा है? अब सवाल उठता है — 👉 क्या प्रशासन जानबूझकर आंखें मूंदे बैठा है? 👉 क्या नियम सिर्फ कागजों तक सीमित रह गए हैं? 👉 और कब रुकेगा यमुना का ये खुला दोहन? अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो आने वाले दिनों में यमुना नदी का अस्तित्व ही खतरे में पड़ सकता है।1