मेरठ से जारी एक बयान में बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजुद्दीन गादरे ने एक बड़ा दावा करते हुए कहा है कि भारत में हिंदू बहुसंख्यक नहीं हैं, बल्कि मुस्लिम आबादी 89% के साथ बहुसंख्यक है। उन्होंने इसे 'मसावाद विचारधारा को कमजोर करने का षड्यंत्र' और 'इस्लामोफोबिया' करार दिया है। गादरे ने वर्तमान स्थिति का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि कुछ षड्यंत्रकारी दबंगई से सामाजिक न्याय और हक अधिकारों से वंचित कर खुद का वर्चस्व कायम करने के लिए साजिश रच रहे हैं। उन्होंने अपने दावे के समर्थन में हिंदू धर्म के चार वर्णों का जिक्र किया, जिसमें ब्राह्मण, क्षत्रिय और वैश्य को भारत में 15% बताया, जबकि शूद्रों की जनसंख्या और मुस्लिमों को मिलाकर देश में 89% लोग बताए। गादरे ने यह भी कहा कि यह कही गई सच्चाई कुछ तथाकथित हिंदू संगठनों को हजम नहीं हो रही है। उन्होंने भाजपा और कांग्रेस दोनों को एक ही थैली के चट्टे-बट्टे बताते हुए टिप्पणी की कि जब उन्होंने 15 और 85 की बात कही, तो दोनों पार्टियां एक जैसी प्रतिक्रिया दे रही थीं। प्रवक्ता ने अपने बयान को दोहराते हुए कहा कि यह 89% मुस्लिम बहुमत को कमजोर करने का इस्लामोफोबिया का षड्यंत्र है।
मेरठ से जारी एक बयान में बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजुद्दीन गादरे ने एक बड़ा दावा करते हुए कहा है कि भारत में हिंदू बहुसंख्यक नहीं हैं, बल्कि मुस्लिम आबादी 89% के साथ बहुसंख्यक है। उन्होंने इसे 'मसावाद विचारधारा को कमजोर करने का षड्यंत्र' और 'इस्लामोफोबिया' करार दिया है। गादरे ने वर्तमान स्थिति का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि कुछ षड्यंत्रकारी दबंगई से सामाजिक न्याय और हक अधिकारों से वंचित कर खुद का वर्चस्व कायम करने के लिए साजिश रच रहे हैं। उन्होंने अपने दावे के समर्थन में हिंदू धर्म के चार वर्णों का जिक्र किया, जिसमें ब्राह्मण, क्षत्रिय और वैश्य को भारत में 15% बताया, जबकि शूद्रों की जनसंख्या और मुस्लिमों को मिलाकर देश में 89% लोग बताए। गादरे ने यह भी कहा कि यह कही गई सच्चाई कुछ तथाकथित हिंदू संगठनों को हजम नहीं हो रही है। उन्होंने भाजपा और कांग्रेस दोनों को एक ही थैली के चट्टे-बट्टे बताते हुए टिप्पणी की कि जब उन्होंने 15 और 85 की बात कही, तो दोनों पार्टियां एक जैसी प्रतिक्रिया दे रही थीं। प्रवक्ता ने अपने बयान को दोहराते हुए कहा कि यह 89% मुस्लिम बहुमत को कमजोर करने का इस्लामोफोबिया का षड्यंत्र है।
- भारतीय किसान यूनियन बाबा के जिला अध्यक्ष पद पर मुकेश शर्मा को नियुक्त किया गया है। राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रतिनिधि ठाकुर धर्मेंद्र सिंह सिसोदिया ने उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी है। इस अवसर पर मुकेश शर्मा को हार्दिक शुभकामनाएं दी गई हैं, और कई पदाधिकारी भी मौजूद रहे।1
- मेरठ के बुढ़ाना गेट क्षेत्र में मोहर्रम की पाँचवीं तारीख के अवसर पर एक पारंपरिक जुलूस पूरी अकीदत और अनुशासन के साथ निकाला गया। इस जुलूस में बड़ी संख्या में अज़ादार शामिल हुए, जिन्होंने नोहाख्वानी और मातम के ज़रिए हज़रत इमाम हुसैन और करबला के शहीदों को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। जुलूस के पूरे मार्ग पर एक गमगीन माहौल बना रहा, जिसके बीच अमन, इंसाफ और इंसानियत का संदेश लगातार गूंजता रहा। इस धार्मिक आयोजन के दौरान सामाजिक सद्भाव की अनूठी मिसाल देखने को मिली। हिंदू समाज के लोगों ने विभिन्न स्थानों पर अज़ादारों और राहगीरों के लिए रूह अफ़ज़ा और शरबत का वितरण कर उनकी सेवा की। इस पहल को स्थानीय लोगों ने खूब सराहा, जिसने गंगा-जमुनी तहज़ीब की एक बेहतरीन तस्वीर पेश की। इसके अतिरिक्त, इस कार्यक्रम में हिंदू, सिख और सुन्नी मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी बढ़-चढ़कर भागीदारी की। कई उपस्थित लोगों ने जुलजिनाह (ज़ुलजनाह) के साथ तस्वीरें खिंचवाकर आपसी प्रेम, एकता और भाईचारे का संदेश दिया। उपस्थित लोगों ने इस अवसर पर कहा कि मोहर्रम की सीख हमें इंसाफ, त्याग और मानवता के उच्च मूल्यों को आगे बढ़ाने की प्रेरणा देती है। बुढ़ाना गेट से निकला यह जुलूस धार्मिक आस्था का प्रतीक होने के साथ-साथ सामाजिक एकता और सांप्रदायिक सौहार्द का भी एक सशक्त प्रतीक बनकर उभरा।1
- उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के सरधना थाना क्षेत्र में एक दिल्ली निवासी युवती ने अपने बॉयफ्रेंड से मिलने के बाद सड़क पर जमकर हंगामा किया। यह घटना उस वक्त सामने आई जब युवती कथित तौर पर नशे की हालत में थी और उसने राहगीरों व पुलिसकर्मियों के साथ अभद्रता की। युवती पर आरोप है कि उसने एक युवक को थप्पड़ मारा और एक पुलिसकर्मी की वर्दी भी खींची। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए महिला पुलिसकर्मी को बुलाना पड़ा, जिन्होंने आखिरकार युवती को काबू किया। पुलिस ने इस मामले में युवती और उसके बॉयफ्रेंड दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके खिलाफ शांति भंग करने, सरकारी कार्य में बाधा डालने और अन्य संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1
- मेरठ में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर, 21 जून 2026 को 22 यूपी गर्ल्स बटालियन एनसीसी के प्रांगण में एक भव्य योग शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में सूबेदार मेजर सूरत सिंह एवं सीनियर जीसीआई संध्या सिंह की उपस्थिति में एनसीसी गर्ल्स कैडेट्स ने उत्साहपूर्वक विभिन्न योगाभ्यासों में भाग लिया। इस शिविर में योगाचार्य श्री ऋषिपाल सिंह ने कैडेट्स को प्रशिक्षण दिया। योगाचार्य श्री ऋषिपाल सिंह उत्तर प्रदेश योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष, जिला योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन मेरठ के महासचिव और क्रीड़ा भारती मेरठ महानगर से संबद्ध हैं। उन्होंने कॉमन योग प्रोटोकॉल के अंतर्गत बैठकर, खड़े होकर और लेटकर किए जाने वाले विभिन्न योगासनों के साथ-साथ प्राणायाम एवं ध्यान का अभ्यास कराया। योगाभ्यास के दौरान मंत्रोच्चार के माध्यम से भारतीय संस्कृति एवं योग की महत्ता से भी कैडेट्स को अवगत कराया गया। योगाचार्य श्री ऋषिपाल सिंह ने कैडेट्स को प्रतिदिन योग को अपनी दिनचर्या का अभिन्न अंग बनाने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि योग शारीरिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक स्वास्थ्य का आधार है। उन्होंने बताया कि नियमित योगाभ्यास तनाव को दूर कर स्वस्थ एवं संतुलित जीवन जीने की प्रेरणा देता है। इस अवसर पर विभिन्न विद्यालयों एवं महाविद्यालयों की एनसीसी गर्ल्स कैडेट्स ने बढ़-चढ़कर सहभागिता की, जिसमें सेंट जोसेफ गर्ल्स इंटर कॉलेज, सरधना की एनसीसी कैडेट्स ने भी सक्रिय रूप से भाग लिया। योग शिविर में लगभग 650 एनसीसी गर्ल्स कैडेट्स तथा विभिन्न विद्यालयों एवं महाविद्यालयों की 14 एसोसिएट एनसीसी ऑफिसर्स (ANOs) की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा स्वस्थ एवं अनुशासित जीवनशैली को प्रोत्साहित करना था।1
- काजीपुर गांव की युवा विकास संघर्ष समिति ने लोहिया नगर के किसानों के साथ पूर्व में आयोजित पंचायत के मद्देनजर, आज माननीय मंत्री डॉ. सोमेन्द्र तोमर ने काजीपुर के सरकारी स्कूल का दौरा किया। समिति ने मंत्री के समक्ष क्षेत्र और अपने परिवार की समस्याओं के साथ-साथ 'देश की शान किसान' की सबसे बड़ी समस्या को मजबूती से उठाया। समिति ने स्पष्ट किया कि वे हर हाल में अपने लोगों और पीड़ित किसानों के साथ हैं। उनका कहना है कि जब तक किसानों को उनका रुका हुआ प्रतिकार और प्लॉट MDA द्वारा नहीं दे दिया जाता, तब तक वे चैन से नहीं बैठेंगे और लगातार संघर्ष करते रहेंगे। समिति ने 'अगर मुआवजा नहीं तो वोट नहीं' का नारा बुलंद करते हुए चेतावनी दी कि यदि किसानों को जल्द ही मुआवजा नहीं मिला, तो वे मजबूती से मौजूदा सरकार और उसके जनप्रतिनिधियों का विरोध करेंगे।1
- मेरठ के मवाना तहसील परिसर में आयोजित संपूर्ण तहसील दिवस में बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याएँ लेकर पहुँचे। इस कार्यक्रम में एसपी देहात समेत विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने लोगों की शिकायतें सुनीं और उनके समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। तहसील दिवस के दौरान भूमि विवाद, राजस्व संबंधी मामले, पुलिस शिकायतें और बिजली-पानी जैसी जनहित से जुड़ी कई प्रमुख समस्याओं को उठाया गया। अधिकारियों ने शिकायतकर्ताओं को उनकी समस्याओं के त्वरित और निष्पक्ष निस्तारण का भरोसा दिलाया। विशेष रूप से, एसपी देहात ने पुलिस से संबंधित मामलों को गंभीरता से सुना और संबंधित थाना प्रभारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए, जबकि अन्य विभागों के अधिकारियों ने भी अपनी-अपनी शिकायतों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया। प्रशासन ने बताया कि संपूर्ण तहसील दिवस का मुख्य उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का समाधान एक ही स्थान पर उपलब्ध कराना और शिकायतों के निपटारे की प्रक्रिया को तेज़ करना है। इस आयोजन में बड़ी संख्या में ग्रामीण और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे, जिन्होंने उम्मीद जताई कि उनकी शिकायतों का समयबद्ध तरीके से समाधान किया जाएगा।1
- बागपत जिले के खेकड़ा निवासी पंकज धामा की सहादरा रेलवे स्टेशन पर एक छोटी सी कहासुनी के बाद कुछ दबंगों ने हत्या कर दी। इस जघन्य वारदात के बाद मृतक के परिजनों और बहुजन मुक्ति पार्टी ने हमलावरों को फाँसी देने तथा पीड़ित परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक मदद प्रदान करने की मांग की है। बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजुद्दीन गादरे ने अपनी टीम के साथ मृतक पंकज धामा, पुत्र श्री राजेन्द्र सिंह धामा, के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। गादरे ने घटना की फुटेज देखने के बाद एक पुलिसकर्मी को भी दोषी ठहराया, आरोप है कि 8-10 दबंगों द्वारा हमले के दौरान पुलिसकर्मी ने कोई बीच-बचाव नहीं किया, जिससे पंकज को गंभीर चोटें आईं और उसने मौके पर ही होश खो दिए, जिसके फलस्वरूप उसकी मृत्यु हो गई। पंकज धामा की उम्र करीब 34 वर्ष थी और उनके पीछे साढ़े चार साल का एक बेटा तथा डेढ़ साल की एक बेटी है, जिनकी माँ का इस दुखद घड़ी में बुरा हाल है। इस दुखद घटना के बाद खेकड़ा और आसपास के गाँवों से बड़ी संख्या में लोग पंकज धामा के घर पहुँचे और शोक संतप्त परिजनों को ढाँढस बँधाया। राजुद्दीन गादरे ने घटना की गहनता से जाँच करने, दोषियों को तत्काल फाँसी की सज़ा देने और परिवार को करीब एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है। उन्होंने शासन-प्रशासन से इस मामले में सख्ती से कदम उठाने का आह्वान किया। उनके साथ मोहम्मद असलम सैफी, मेरठ मंडल अध्यक्ष चौधरी गुल्लू बादशाह, चौ राजकुमार कृष्णपाल चौधरी फूल सिंह रविंद्र सिंह बाबा रणवीर सिंह कृपाल सिंह बंटी धामा गुल्लू बादशाह एडवोकेट शाइस्ता एंजेल निशांत धाम राजेश जयसवाल अनुज पासवान अतुल कुमार ओमवीर सिंह यादव सहित कई अन्य लोग भी मौके पर मौजूद थे, जिन्होंने सरकार से इन मांगों को पूरा करने का आग्रह किया।4
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर, 21 जून 2026 को मेरठ में 22 यूपी गर्ल्स बटालियन एनसीसी के प्रांगण में एक भव्य योग शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में सूबेदार मेजर सूरत सिंह और सीनियर जीसीआई संध्या सिंह की गरिमामयी उपस्थिति में एनसीसी गर्ल्स कैडेट्स ने विभिन्न योगाभ्यासों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। योगाचार्य श्री ऋषिपाल सिंह, जो उत्तर प्रदेश योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष, जिला योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन मेरठ के महासचिव और क्रीड़ा भारती मेरठ महानगर के सदस्य भी हैं, ने कॉमन योग प्रोटोकॉल के तहत कैडेट्स को बैठकर, खड़े होकर और लेटकर किए जाने वाले योगासनों के साथ-साथ प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराया। योगाभ्यास के दौरान मंत्रोच्चार के माध्यम से भारतीय संस्कृति और योग की महत्ता से भी अवगत कराया गया। योगाचार्य श्री ऋषिपाल सिंह ने कैडेट्स को प्रतिदिन योग को अपनी दिनचर्या का अभिन्न अंग बनाने के लिए प्रेरित किया, यह कहते हुए कि योग शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य का आधार है और नियमित अभ्यास से तनाव दूर होता है, जिससे स्वस्थ एवं संतुलित जीवन जीने की प्रेरणा मिलती है। इस भव्य शिविर में विभिन्न विद्यालयों और महाविद्यालयों की लगभग 650 एनसीसी गर्ल्स कैडेट्स और 14 एसोसिएट एनसीसी ऑफिसर्स (ANOs) ने गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई, जिसमें सेंट जोसेफ गर्ल्स इंटर कॉलेज, सरधना की एनसीसी कैडेट्स ने भी सक्रिय रूप से भाग लिया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाना और उन्हें एक स्वस्थ एवं अनुशासित जीवनशैली अपनाने के लिए प्रोत्साहित करना था।1