कैमरे के सामने छलका दर्द: “11 लाख के बदले 1 करोड़ से ज्यादा वसूली”—पीड़ित पहुंचा कोर्ट कैमरे के सामने छलका दर्द: “11 लाख के बदले 1 करोड़ से ज्यादा वसूली”—पीड़ित पहुंचा कोर्ट अरांई क्षेत्र निवासी एक सरकारी कर्मचारी ने सूदखोरी, धोखाधड़ी व ब्लैकमेलिंग के आरोपों को लेकर न्यायालय की शरण ली आरोप—कर्ज दिलाने के नाम पर “इंटरनेशनल कम्पनी” बताकर ऊंचे ब्याज का जाल बिछाया गया कैमरे के सामने अपनी आपबीती सुनाते हुए पीड़ित भावुक, आंखों से छलके आंसू पीड़ित का दावा—करीब ₹11 लाख के लेन-देन के बदले ₹1 करोड़ से अधिक की वसूली पीड़ित ने मामले में ग्राम पंचायत बरना के भूतपूर्व सरपंच गोविन्द सिंह डोबर का मुख्य नाम बताया गया घर बिकने की नौबत, पत्नी के गहने गिरवी रखकर जुटाए पैसे परिवार पर संकट—पिता गंभीर बीमारी से जूझ रहे, आर्थिक स्थिति चरमराई आरोप—81 हजार से शुरू हुई मासिक वसूली 1.43 लाख और फिर 1.73 लाख रुपये तक पहुंचाई गई पीड़ित ने बताया—“इंटरनेशनल कंपनी” के नाम पर कॉन्फ्रेंस कॉल से डराया-धमकाया जाता था पीड़ित का दावा—सिक्योरिटी के नाम पर खाली चेक, स्टाम्प पेपर व दस्तावेज लेकर बाद में दुरुपयोग किया गया थाना स्तर पर रिपोर्ट दर्ज, एसपी व कलेक्टर को भी शिकायत—फिर भी कार्रवाई नहीं होने का दावा अब एडवोकेट रूपेश शर्मा के माध्यम से कोर्ट में परिवाद पेश सवाल—क्या यह संगठित गिरोह है या सोची-समझी साजिश? जांच के बाद होगा खुलासा जानकारी—पीड़ित अरांई स्थित मुख्य ब्लॉक शिक्षा विभाग में सहायक लेखा अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं पीड़ित, शासन - प्रशासन से कर रहा हैं मांग सभी ब्याज खोरों के खिलाफ हो ठोस कार्यवाही,और जल्द मिले न्याय (नोट: मामला न्यायालय में विचाराधीन है, आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है।)
कैमरे के सामने छलका दर्द: “11 लाख के बदले 1 करोड़ से ज्यादा वसूली”—पीड़ित पहुंचा कोर्ट कैमरे के सामने छलका दर्द: “11 लाख के बदले 1 करोड़ से ज्यादा वसूली”—पीड़ित पहुंचा कोर्ट अरांई क्षेत्र निवासी एक सरकारी कर्मचारी ने सूदखोरी, धोखाधड़ी व ब्लैकमेलिंग के आरोपों को लेकर न्यायालय की शरण ली आरोप—कर्ज दिलाने के नाम पर “इंटरनेशनल कम्पनी” बताकर ऊंचे ब्याज का जाल बिछाया गया कैमरे के सामने अपनी आपबीती सुनाते हुए पीड़ित भावुक, आंखों से छलके आंसू पीड़ित का दावा—करीब ₹11 लाख के लेन-देन के बदले ₹1 करोड़ से अधिक की वसूली पीड़ित ने मामले में ग्राम पंचायत बरना के भूतपूर्व सरपंच गोविन्द सिंह डोबर का मुख्य नाम बताया गया घर बिकने की नौबत, पत्नी के गहने गिरवी रखकर जुटाए पैसे परिवार पर संकट—पिता गंभीर बीमारी से जूझ रहे, आर्थिक स्थिति चरमराई आरोप—81 हजार से शुरू हुई मासिक वसूली 1.43 लाख और फिर 1.73 लाख रुपये तक पहुंचाई गई पीड़ित ने बताया—“इंटरनेशनल कंपनी” के नाम पर कॉन्फ्रेंस कॉल से डराया-धमकाया जाता था पीड़ित का दावा—सिक्योरिटी के नाम पर खाली चेक, स्टाम्प पेपर व दस्तावेज लेकर बाद में दुरुपयोग किया गया थाना स्तर पर रिपोर्ट दर्ज, एसपी व कलेक्टर को भी शिकायत—फिर भी कार्रवाई नहीं होने का दावा अब एडवोकेट रूपेश शर्मा के माध्यम से कोर्ट में परिवाद पेश सवाल—क्या यह संगठित गिरोह है या सोची-समझी साजिश? जांच के बाद होगा खुलासा जानकारी—पीड़ित अरांई स्थित मुख्य ब्लॉक शिक्षा विभाग में सहायक लेखा अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं पीड़ित, शासन - प्रशासन से कर रहा हैं मांग सभी ब्याज खोरों के खिलाफ हो ठोस कार्यवाही,और जल्द मिले न्याय (नोट: मामला न्यायालय में विचाराधीन है, आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है।)
- कैमरे के सामने छलका दर्द: “11 लाख के बदले 1 करोड़ से ज्यादा वसूली”—पीड़ित पहुंचा कोर्ट अरांई क्षेत्र निवासी एक सरकारी कर्मचारी ने सूदखोरी, धोखाधड़ी व ब्लैकमेलिंग के आरोपों को लेकर न्यायालय की शरण ली आरोप—कर्ज दिलाने के नाम पर “इंटरनेशनल कम्पनी” बताकर ऊंचे ब्याज का जाल बिछाया गया कैमरे के सामने अपनी आपबीती सुनाते हुए पीड़ित भावुक, आंखों से छलके आंसू पीड़ित का दावा—करीब ₹11 लाख के लेन-देन के बदले ₹1 करोड़ से अधिक की वसूली पीड़ित ने मामले में ग्राम पंचायत बरना के भूतपूर्व सरपंच गोविन्द सिंह डोबर का मुख्य नाम बताया गया घर बिकने की नौबत, पत्नी के गहने गिरवी रखकर जुटाए पैसे परिवार पर संकट—पिता गंभीर बीमारी से जूझ रहे, आर्थिक स्थिति चरमराई आरोप—81 हजार से शुरू हुई मासिक वसूली 1.43 लाख और फिर 1.73 लाख रुपये तक पहुंचाई गई पीड़ित ने बताया—“इंटरनेशनल कंपनी” के नाम पर कॉन्फ्रेंस कॉल से डराया-धमकाया जाता था पीड़ित का दावा—सिक्योरिटी के नाम पर खाली चेक, स्टाम्प पेपर व दस्तावेज लेकर बाद में दुरुपयोग किया गया थाना स्तर पर रिपोर्ट दर्ज, एसपी व कलेक्टर को भी शिकायत—फिर भी कार्रवाई नहीं होने का दावा अब एडवोकेट रूपेश शर्मा के माध्यम से कोर्ट में परिवाद पेश सवाल—क्या यह संगठित गिरोह है या सोची-समझी साजिश? जांच के बाद होगा खुलासा जानकारी—पीड़ित अरांई स्थित मुख्य ब्लॉक शिक्षा विभाग में सहायक लेखा अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं पीड़ित, शासन - प्रशासन से कर रहा हैं मांग सभी ब्याज खोरों के खिलाफ हो ठोस कार्यवाही,और जल्द मिले न्याय (नोट: मामला न्यायालय में विचाराधीन है, आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है।)1
- डीग जिले के कामां के विलग गांव सहित अन्य गांवों से सैकड़ों ओवरलोड वाहनो के आतंक से लोग परेशान । गावो से होकर निकल रहे ओवरलोड वाहन मौत को दे रहे दावत।। पूर्व में भी इन ओवरलोड वाहनो से हो चुकी है सैकड़ों हादसे ओर मौतें।। *कौन कौन दलाल पुलिस के नाम पर कर रहे उगाई जल्द करेंगे ऑडियो वीडियो के साथ खुलासा*1
- डीग जिले के योगेंद्र सोगरवाल और अलवर जिले के जितेंद्र शर्मा का भारतीय पावरलिफ्टिंग टीम में चयन । अमर दीप सेन डीग एशिया पावरलिफ्टिंग चैंपियनशिप का आयोजन 9 से 15 मई 2026 को चीन में आयोजित होगी। जिसमें राजस्थान के दो खिलाड़ियों का चयन हुआ। 93 किलोग्राम में योगेंद्र सोगरवाल और 120 किलोग्राम में जितेंद्र शर्मा का चयन हुआ। योगेंद्र सोगरवाल अपेक्स यूनिवर्सिटी जयपुर में बी पी टी के कोर्स कर रहे हैं। उनके हैड़ ऑफ़ द डिपार्टमेंट पीयूष धाकड़ ने बधाइयां दी। जितेंद्र शर्मा अलवर फार्मेसी में बी फार्मा के छात्र हैं विद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा और मैनेजमेंट द्वारा बधाइयां दी गई। दोनों खिलाड़ी 8 मई को दिल्ली से फ्लाइट के द्वारा चीन के लिए रवाना होंगे। इन दोनों के कोच आशीष जैमन अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता खिलाड़ी और पावरलिफ्टिंग कोच पावरलिफ्टिंग इंडिया है। यह जानकारी विनोद साहू उपाध्यक्ष पावरलिफ्टिंग इंडिया ने दी।3
- सीकरी कस्बे में पहली ही बारिश ने नगरपालिका प्रशासन की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी। मात्र 20 से 25 मिनट की बारिश में मुख्य नगर-पहाड़ी मार्ग पर जलभराव हो गया, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सड़क किनारे कचरे के ढेर, चोक नाले और बिजली के खंभों के कारण पानी निकासी पूरी तरह बाधित नजर आई। नगर में प्रवेश से पहले ही कचरे का ढेर स्वागत करता दिखाई दिया, वहीं मेन बाजार का नाला भी कचरे का अड्डा बना हुआ है। नालों के दोनों तरफ अतिक्रमण होने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। आखिर कब जागेगा नगरपालिका प्रशासन? क्या सीकरीवासियों को मिलेगा स्थायी समाधान? पूरी खबर देखें और अपने सुझाव कमेंट में जरूर बताएं। देखते रहिए जय सैनी न्यूज नेटवर्क।1
- Post by Rajesh Kumar1
- खेड़ली- कस्बे में स्वायत शासन विभाग की टीम में कस्बे के फीकल स्लज ट्रीटमेंट (एफएसटी) प्लांट का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायज लिया। टीम ने प्लांट पर मानव मल से तैयार होने वाली खाद और उसकी प्रोसेसिंग प्रक्रिया को विस्तार से देखा। कार्य प्रणाली की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान टीम ने नगर पालिका अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह आम जन को समय पर अपने घरों के सेप्टिक टैंक खाली करने के लिए जागरूक करें और उन्हें प्रोत्साहित करें। इससे स्वच्छता व्यवस्था बेहतर बनी रहे। टीम ने कस्बे के सौंखर गांव स्थित डंपिंग यार्ड पर बने एफएसटी प्लांट का भी निरीक्षण किया। इस दौरान नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी नरसी लाल मीणा एवं कनिष्ठ अभियंता मुकेश मीणा मौजूद रहे। इस दौरान पालिका अधिकारियों को नगर पालिका की उपलब्ध सुविधाओं का अधिक से अधिक प्रचार प्रसार करने के निर्देश दिए गए उन्होंने बताया कि लंबे समय तक सेफ्टी टैंक खाली नहीं कराने पर हानिकारक बैक्टीरिया पनपने का खतरा बढ़ जाता है इससे कई संक्रामक बीमारियां फैल सकती है। ऐसे में समय पर टैंक की सफाई करना स्वास्थ्य की दृष्टि से अत्यंत आवश्यक है निरीक्षण के बाद टीम ने स्वच्छता व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिए।1
- Post by News 931
- जिला कारागार में मौत, अस्पताल में हंगामा—परिजनों ने उठाए सवाल1