बल्दीराय तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन, डीएम इंद्रजीत सिंह ने दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश 160 शिकायतें मिलीं, 45 का मौके पर समाधान; भूमि विवाद और विरासत के लंबित मामलों पर कड़ी नाराजगी बल्दीराय तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन, डीएम इंद्रजीत सिंह ने दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश सुलतानपुर,-जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह की अध्यक्षता में सोमवार को तहसील बल्दीराय में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार सिंह के साथ मुख्य चिकित्सा अधिकारी, जिला विकास अधिकारी, एसडीएम बल्दीराय, बेसिक शिक्षा अधिकारी, उपायुक्त उद्योग, पुलिस क्षेत्राधिकारी सहित जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने फरियादियों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और अधिकारियों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं प्रभावी निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप जन शिकायतों को प्राथमिकता पर निपटाते हुए शिकायतकर्ता को पूरी तरह संतुष्ट किया जाए। भूमि विवाद से जुड़ी शिकायतों में राजस्व और पुलिस विभाग को संयुक्त रूप से मौके पर जाकर निस्तारण करने को कहा गया। सम्पूर्ण समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 160 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 45 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को भेजकर निर्धारित समय में निपटारे के निर्देश दिए गए। इसके बाद जिलाधिकारी ने तहसीलदार, लेखपालों और राजस्व निरीक्षकों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में धारा-24 और विरासत से जुड़े लंबित प्रकरणों की समीक्षा की गई। डीएम ने स्पष्ट कहा कि विरासत के मामलों को अनावश्यक लंबित न रखा जाए और सभी प्रकरणों का नियमानुसार शीघ्र निपटारा हो। बल्दीराय में लंबित मामलों की स्थिति पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने एसडीएम और तहसीलदार को अपने न्यायालयों में नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एक सप्ताह के भीतर सभी शिकायतों की प्रगति की समीक्षा की जाएगी और लापरवाही मिलने पर कार्रवाई होगी। विद्युत, पुलिस और राजस्व विभाग को निर्देश दिए गए कि खेतों में बिजली के पोल या खंभों से सीधे लगी जाली और तारों पर प्रभावी कार्रवाई हो ताकि दुर्घटना की संभावना न रहे। अधिशासी अभियंता विद्युत को कहा गया कि फील्ड कर्मियों और लाइनमैन को जूते, ग्लव्स और हेलमेट जैसे सुरक्षा उपकरण देकर ही काम कराया जाए। एसडीएम बल्दीराय को तहसीलदार और नायब तहसीलदार के कार्यों की नियमित समीक्षा करने और धारा-116 के मामलों में आदेश के बाद तुरंत कब्जा दिलाने की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा में सीएचसी प्रभारी को एमएमआर पर गंभीरता से काम करने, केवल क्रिटिकल केस ही रेफर करने और गर्भवती महिलाओं की समय से पहचान कर सुविधा देने के निर्देश दिए गए। बीएसए को विद्यालयों से जुड़ी शिकायतों का प्राथमिकता से निस्तारण करने को कहा गया। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि हम सभी जनसेवक हैं और जनसेवा सर्वोच्च प्राथमिकता है। ईमानदारी, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी से काम करने पर ही आमजन को योजनाओं का लाभ समय से मिलेगा। अंत में डीएम ने समाधान दिवस परिसर में लगे विभागीय स्टॉलों का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
बल्दीराय तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन, डीएम इंद्रजीत सिंह ने दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश 160 शिकायतें मिलीं, 45 का मौके पर समाधान; भूमि विवाद और विरासत के लंबित मामलों पर कड़ी नाराजगी बल्दीराय तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन, डीएम इंद्रजीत सिंह ने दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश सुलतानपुर,-जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह की अध्यक्षता में सोमवार को तहसील बल्दीराय में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार सिंह के साथ मुख्य चिकित्सा अधिकारी, जिला विकास अधिकारी, एसडीएम बल्दीराय, बेसिक शिक्षा अधिकारी, उपायुक्त उद्योग, पुलिस क्षेत्राधिकारी सहित जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने फरियादियों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और अधिकारियों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं प्रभावी निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप जन शिकायतों को प्राथमिकता पर निपटाते हुए शिकायतकर्ता को पूरी तरह संतुष्ट किया जाए। भूमि विवाद से जुड़ी शिकायतों में राजस्व और पुलिस विभाग को संयुक्त रूप से मौके पर जाकर निस्तारण करने को कहा गया। सम्पूर्ण समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 160 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 45 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को भेजकर निर्धारित समय में निपटारे के निर्देश दिए गए। इसके बाद जिलाधिकारी ने तहसीलदार, लेखपालों और राजस्व निरीक्षकों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में धारा-24 और विरासत से जुड़े लंबित प्रकरणों की समीक्षा की गई। डीएम ने स्पष्ट कहा कि विरासत के मामलों को अनावश्यक लंबित न रखा जाए और सभी प्रकरणों का नियमानुसार शीघ्र निपटारा हो। बल्दीराय में लंबित मामलों की स्थिति पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने एसडीएम और तहसीलदार को अपने न्यायालयों में नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एक सप्ताह के भीतर सभी शिकायतों की प्रगति की समीक्षा की जाएगी और लापरवाही मिलने पर कार्रवाई होगी। विद्युत, पुलिस और राजस्व विभाग को निर्देश दिए गए कि खेतों में बिजली के पोल या खंभों से सीधे लगी जाली और तारों पर प्रभावी कार्रवाई हो ताकि दुर्घटना की संभावना न रहे। अधिशासी अभियंता विद्युत को कहा गया कि फील्ड कर्मियों और लाइनमैन को जूते, ग्लव्स और हेलमेट जैसे सुरक्षा उपकरण देकर ही काम कराया जाए। एसडीएम बल्दीराय को तहसीलदार और नायब तहसीलदार के कार्यों की नियमित समीक्षा करने और धारा-116 के मामलों में आदेश के बाद तुरंत कब्जा दिलाने की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा में सीएचसी प्रभारी को एमएमआर पर गंभीरता से काम करने, केवल क्रिटिकल केस ही रेफर करने और गर्भवती महिलाओं की समय से पहचान कर सुविधा देने के निर्देश दिए गए। बीएसए को विद्यालयों से जुड़ी शिकायतों का प्राथमिकता से निस्तारण करने को कहा गया। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि हम सभी जनसेवक हैं और जनसेवा सर्वोच्च प्राथमिकता है। ईमानदारी, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी से काम करने पर ही आमजन को योजनाओं का लाभ समय से मिलेगा। अंत में डीएम ने समाधान दिवस परिसर में लगे विभागीय स्टॉलों का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
- सुल्तानपुर एसपी ने की ऑनलाइन मीटिंग; त्योहारों और बारावफात जुलूस की तैयारियों पर दिए निर्देश सुल्तानपुर पुलिस अधीक्षक (एसपी) चारु निगम ने आगामी त्योहारों और बारावफात जुलूस को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से एक ऑनलाइन गूगल मीटिंग की। इस बैठक में जनपद के सभी राजपत्रित अधिकारी, थाना प्रभारी, हल्का प्रभारी और चौकी प्रभारी शामिल हुए। बैठक के दौरान, एसपी ने संबंधित अधिकारियों से बारावफात जुलूस के निर्धारित मार्गों, रूट और संवेदनशील स्थानों के संबंध में विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने जुलूस मार्गों का भौतिक निरीक्षण कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आगामी त्योहारों के मद्देनजर अपने-अपने क्षेत्रों में सघन पैदल गश्त, संदिग्ध व्यक्तियों एवं वाहनों की चेकिंग की जाए। साथ ही, संवेदनशील स्थानों पर विशेष सतर्कता बरती जाए। उन्होंने जुलूस के दौरान यातायात व्यवस्था, सुरक्षा व्यवस्था और आवश्यक पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। बैठक में असामाजिक तत्वों और अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित होने वाली भ्रामक या आपत्तिजनक सूचनाओं की निगरानी करने और किसी भी ऐसी सूचना पर तत्काल आवश्यक विधिक कार्रवाई करने के लिए भी कहा गया। एसपी चारु निगम ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि आगामी त्योहारों को शांतिपूर्ण, सकुशल और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक सुरक्षा व्यवस्थाएं समय पर पूरी कर ली जाएं। उन्होंने आमजन से संवाद स्थापित कर शांति एवं सद्भाव बनाए रखने में सहयोग लेने की बात भी कही।2
- श्री शोभाराम राष्ट्रीय इंटर कॉलेज में धूमधाम से मनाया गया स्वतंत्रता दिवस श्री शोभाराम राष्ट्रीय इंटर कॉलेज में धूमधाम से मनाया गया स्वतंत्रता दिवस चंदीपुर–सुलतानपुर। पंडित रामबली मिश्र श्री शोभाराम राष्ट्रीय इंटर कॉलेज, चंदीपुर में स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर भव्य तिरंगा रैली एवं प्रभात फेरी निकाली गई। इसके बाद स्वतंत्रता संग्राम सेनानी एवं संस्थापक की प्रतिमा पर पुष्पांजलि व माल्यार्पण कर ध्वजारोहण किया गया। विद्यालय परिसर में आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ, जिसमें छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति की शानदार प्रस्तुतियां देकर माहौल को राष्ट्रभक्ति से सराबोर कर दिया।1
- थाना संग्रामपुर पुलिस ने पांच वारंटियों को किया गिरफ्तार1
- नागपंचमी पर शिवालयों और नाग मंदिरों में उमड़ा आस्था का सैलाब, अमेठी में दूध-फूल से हुआ नाग देवता का पूजन, ग्रामीण क्षेत्रों में हुए खेल-कूद नागपंचमी पर शिवालयों और नाग मंदिरों में उमड़ा आस्था का सैलाब, अमेठी में दूध-फूल से हुआ नाग देवता का पूजन, ग्रामीण क्षेत्रों में हुए खेल-कूद अमेठी। सावन माह के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाए जाने वाले नागपंचमी पर्व पर सोमवार को पूरे अमेठी जिले में आस्था और उल्लास का माहौल रहा। जिले के शिवालयों, नाग मंदिरों और घरों में महिलाओं ने नाग देवता का दूध, दही, फूल और चंदन से पूजन कर सुख-समृद्धि की कामना की। सुबह से ही श्रद्धालु मंदिरों में पहुंचकर नाग देवता की पूजा-अर्चना में जुट गए। मुसाफिरखाना, गौरीगंज, जगदीशपुर और अमेठी नगर के प्राचीन शिव मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना की गई। महिलाओं ने व्रत रखकर नाग देवता को दूध चढ़ाया और आरती की। लोक मान्यता है कि नागपंचमी पर नाग देवता की पूजा करने से सर्पदंश का भय नहीं रहता और घर में सुख-शांति बनी रहती है। खेल-कूद और मेले से बढ़ी रौनक नागपंचमी के अवसर पर ग्रामीण क्षेत्रों में पारंपरिक खेल-कूद और मेले का भी आयोजन किया गया। गांवों में झूले लगाए गए, कुश्ती, कबड्डी और दौड़ प्रतियोगिताओं में बच्चों और युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। मेले में दुकानें सजीं और बच्चों ने नए कपड़े पहनकर खरीदारी की। किसानों ने खेतों में नाग देवता का पूजन कर अच्छी फसल की कामना की। प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मंदिर परिसरों और मेला स्थलों पर पुलिस बल तैनात रहा।4
- *स्मृति ईरानी के भाजपा राष्ट्रीय महामंत्री बनने पर अमेठी में जश्न* *गाजे-बाजे के साथ निकली शोभायात्रा, पटाखे और मिठाइयों से मनाई खुशी* *अमेठी* भाजपा नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री *स्मृति ईरानी* को भारतीय जनता पार्टी का *राष्ट्रीय महामंत्री* बनाए जाने पर सोमवार को अमेठी में भाजपा कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाया। कस्बे में पटाखे फोड़े गए, शोभायात्रा निकाली गई और मिठाइयां बांटकर खुशी का इजहार किया गया। *भाजपा नेता महेश सोनी* के नेतृत्व में *गांधी चौराहे से ददन सदन चौराहे* तक ढोल-नगाड़ों के साथ विशाल रैली निकाली गई। रैली में शामिल कार्यकर्ताओं ने "दीदी स्मृति ईरानी जिंदाबाद" के नारे लगाए। ददन सदन चौराहे पर आतिशबाजी कर कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी। इस अवसर पर *भाजपा जिलाध्यक्ष सुधांशु शुक्ला, राजेश शुक्ला, देव प्रकाश शुशील जायसवाल सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और समर्थक मौजूद रहे। वहीं *भाजपा नेता अमरेन्द्र सिंह पिंटू* ने अपने कार्यालय पर समर्थकों के साथ मिठाइयां बांटी और खुशियां मनाईं। बढ़ाया है, बल्कि महिलाओं को भी बड़ा सम्मान दिया है। इससे पार्टी को मजबूती मिलेगी और संगठन और अधिक सशक्त होगा।"3
- यूपी पुलिस परीक्षा की तैयारियों का एसपी ने लिया जायजा यूपी पुलिस परीक्षा की तैयारियों का एसपी ने लिया जायजा अमेठी। यूपी पुलिस परीक्षा 2026 के तहत होने वाले डाक्यूमेंट वेरिफिकेशन एवं शारीरिक मानक परीक्षण (DVPST) को लेकर सोमवार को पुलिस अधीक्षक अमेठी सरवणन टी. ने नवीन पुलिस लाइन गौरीगंज का निरीक्षण किया। उन्होंने परीक्षा प्रक्रिया से जुड़ी तैयारियों और व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान एसपी ने अभ्यर्थियों के बैठने की व्यवस्था, पेयजल, शौचालय, सीसीटीवी निगरानी समेत अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को देखा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिया कि डाक्यूमेंट वेरिफिकेशन एवं शारीरिक मानक परीक्षण की पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष, पारदर्शी और सुव्यवस्थित तरीके से कराई जाए। एसपी ने ड्यूटी में तैनात पुलिसकर्मियों को अभ्यर्थियों के साथ उचित व्यवहार रखने तथा किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न होने देने के निर्देश दिए। साथ ही सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस दौरान क्षेत्राधिकारी गौरीगंज अखिलेश वर्मा समेत अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।1
- अमेठी में रंगदारी न देने पर हत्या का मामला; कोर्ट ने 4 दोषियों को सुनाया आजीवन कारावास की सजा, 80% जुर्माना पीड़ित परिवार को होगा देना सुल्तानपुर कोर्ट ने रंगदारी न देने पर हत्या के चार दोषियों को सोमवार 5 बजे आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अपर जिला जज (एडीजे) श्याम मोहन जायसवाल ने यह फैसला सुनाया। कोर्ट ने दोषियों पर 3 लाख 98 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है, जिसका 80 प्रतिशत पीड़ित परिवार को दिया जाएगा। यह मामला अमेठी जिले के गौरीगंज कोतवाली क्षेत्र से संबंधित है। सहायक शासकीय अधिवक्ता विजय शंकर शुक्ल ने बताया कि घटना की एफआईआर अर्पित सिंह ने 13 नवंबर 2019 को दर्ज कराई थी। एफआईआर के अनुसार, 12 नवंबर 2019 की शाम अर्पित सिंह अपने भाई विजय कुमार सिंह उर्फ सोनू के साथ बाइक से चचेरे भाई के गौरीगंज स्थित मकान पर दावत खाने जा रहे थे। दूसरी बाइक पर अमरेंद्र सिंह भी उनके साथ थे। जब वे मुसाफिरखाना रोड मोड़ पर बैंक के पास पहुंचे, तो वहां चंद्रशेखर केसरवानी और शुभम तिवारी निवासी मवई, तीन अन्य लोगों के साथ पहले से खड़े थे। आरोपियों ने दो दिन पहले विजय कुमार से दो लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी और न देने पर जान से मारने की धमकी दी थी। देखते ही आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी। मना करने पर शुभम और चंद्रशेखर ने असलहों से फायर कर दिया, जबकि बाकी तीनों ने विजय को जान से मारने के लिए उकसाया। शोर सुनकर लोग इकट्ठा हुए तो आरोपी फरार हो गए। अस्पताल ले जाने पर विजय कुमार को मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस की विवेचना में शिवम जायसवाल, कल्लू मिर्चावाला और एक नाबालिग का नाम भी सामने आया। चश्मदीदों और दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर, जज ने चारों आरोपियों को हत्या और रंगदारी मांगने सहित अन्य अपराधों का दोषी पाया और उन्हें सजा सुनाई।1