फर्जी दस्तावेज बनाकर जमीन हड़पने की कोशिश, करैरा कोर्ट ने दो आरोपियों को सुनाई 5 और 7 साल की सजा शिवपुरी जिले के करैरा न्यायालय ने जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती मोनिका आध्या ने आरोपी ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी और दिर्गपाल सिंह बुंदेला को दोषी ठहराते हुए क्रमशः 5 वर्ष और 7 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोनों आरोपियों पर अर्थदंड भी लगाया गया है। मामला करैरा के लोटनपुरा टीला रोड स्थित जमीन से जुड़ा है, जहां आरोपियों पर फर्जी मुख्तियारनामा यानी पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार कर जमीन हड़पने की कोशिश करने का आरोप था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने दस्तावेजी साक्ष्य और गवाहों के आधार पर आरोप सिद्ध किए, जिसके बाद न्यायालय ने दोनों आरोपियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 467 और 468 के तहत दोषी करार दिया। न्यायालय के इस फैसले को जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामलों में एक अहम निर्णय माना जा रहा है। फर्जी दस्तावेज बनाकर जमीन हड़पने की कोशिश, करैरा कोर्ट ने दो आरोपियों को सुनाई 5 और 7 साल की सजा शिवपुरी जिले के करैरा न्यायालय ने जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती मोनिका आध्या ने आरोपी ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी और दिर्गपाल सिंह बुंदेला को दोषी ठहराते हुए क्रमशः 5 वर्ष और 7 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोनों आरोपियों पर अर्थदंड भी लगाया गया है। मामला करैरा के लोटनपुरा टीला रोड स्थित जमीन से जुड़ा है, जहां आरोपियों पर फर्जी मुख्तियारनामा यानी पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार कर जमीन हड़पने की कोशिश करने का आरोप था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने दस्तावेजी साक्ष्य और गवाहों के आधार पर आरोप सिद्ध किए, जिसके बाद न्यायालय ने दोनों आरोपियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 467 और 468 के तहत दोषी करार दिया। न्यायालय के इस फैसले को जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामलों में एक अहम निर्णय माना जा रहा है।
फर्जी दस्तावेज बनाकर जमीन हड़पने की कोशिश, करैरा कोर्ट ने दो आरोपियों को सुनाई 5 और 7 साल की सजा शिवपुरी जिले के करैरा न्यायालय ने जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती मोनिका आध्या ने आरोपी ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी और दिर्गपाल सिंह बुंदेला को दोषी ठहराते हुए क्रमशः 5 वर्ष और 7 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोनों आरोपियों पर अर्थदंड भी लगाया गया है। मामला करैरा के लोटनपुरा टीला रोड स्थित जमीन से जुड़ा है, जहां आरोपियों पर फर्जी मुख्तियारनामा यानी पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार कर जमीन हड़पने की कोशिश करने का आरोप था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने दस्तावेजी साक्ष्य और गवाहों के आधार पर आरोप सिद्ध किए, जिसके बाद न्यायालय ने दोनों आरोपियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 467 और 468 के तहत दोषी करार दिया। न्यायालय के इस फैसले को जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामलों में एक अहम निर्णय माना जा रहा है। फर्जी दस्तावेज बनाकर जमीन हड़पने की कोशिश, करैरा कोर्ट ने दो आरोपियों को सुनाई 5 और 7 साल की सजा शिवपुरी जिले के करैरा न्यायालय ने जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती मोनिका आध्या ने आरोपी ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी और दिर्गपाल सिंह बुंदेला को दोषी ठहराते हुए क्रमशः 5 वर्ष और 7 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोनों आरोपियों पर अर्थदंड भी लगाया गया है। मामला करैरा के लोटनपुरा टीला रोड स्थित जमीन से जुड़ा है, जहां आरोपियों पर फर्जी मुख्तियारनामा यानी पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार कर जमीन हड़पने की कोशिश करने का आरोप था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने दस्तावेजी साक्ष्य और गवाहों के आधार पर आरोप सिद्ध किए, जिसके बाद न्यायालय ने दोनों आरोपियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 467 और 468 के तहत दोषी करार दिया। न्यायालय के इस फैसले को जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामलों में एक अहम निर्णय माना जा रहा है।
- फर्जी दस्तावेज बनाकर जमीन हड़पने की कोशिश, करैरा कोर्ट ने दो आरोपियों को सुनाई 5 और 7 साल की सजा शिवपुरी जिले के करैरा न्यायालय ने जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती मोनिका आध्या ने आरोपी ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी और दिर्गपाल सिंह बुंदेला को दोषी ठहराते हुए क्रमशः 5 वर्ष और 7 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोनों आरोपियों पर अर्थदंड भी लगाया गया है। मामला करैरा के लोटनपुरा टीला रोड स्थित जमीन से जुड़ा है, जहां आरोपियों पर फर्जी मुख्तियारनामा यानी पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार कर जमीन हड़पने की कोशिश करने का आरोप था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने दस्तावेजी साक्ष्य और गवाहों के आधार पर आरोप सिद्ध किए, जिसके बाद न्यायालय ने दोनों आरोपियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 467 और 468 के तहत दोषी करार दिया। न्यायालय के इस फैसले को जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के मामलों में एक अहम निर्णय माना जा रहा है।1
- करैरा में फर्जी दस्तावेज बनाकर जमीन हड़पने की साजिश का खुलासा, ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी और दिर्गपाल सिंह बुंदेला को 7 व 5 वर्ष की सजा | करैरा न्यायालय से जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े के एक चर्चित मामले में अहम फैसला सामने आया है। , द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश करैरा ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर जमीन हड़पने की साजिश के मामले में दो आरोपियों को दोषी ठहराते हुए कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने आरोपी (35) निवासी मरोड़ीपुरा, वार्ड क्रमांक 1 करैरा और (28) निवासी वार्ड क्रमांक 5 करैरा को भारतीय दंड संहिता की धारा 467 और 468 के तहत दोषी पाया। अदालत ने ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी को 7 वर्ष तथा दिर्गपाल सिंह को 5 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाते हुए क्रमशः तीन हजार और दो हजार रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया है। जमीन हड़पने के लिए बनाया गया था फर्जी मुख्तियारनामा प्रकरण के अनुसार यह विवाद करैरा क्षेत्र के लोटनपुरा टीला रोड स्थित एक भूमि से जुड़ा हुआ है। मामले में परिवादी निवासी मरोड़ीपुरा ने न्यायालय में परिवाद प्रस्तुत किया था। आरोप था कि दोनों आरोपियों ने आपसी साजिश के तहत जमीन से संबंधित फर्जी मुख्तियारनामा (पावर ऑफ अटॉर्नी) तैयार किया और उसके आधार पर जमीन पर अधिकार जमाने का प्रयास किया। साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर साबित हुआ अपराध सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से शासकीय अधिवक्ता तथा अधिवक्ता और ने प्रभावी पैरवी करते हुए दस्तावेजी साक्ष्य और गवाहों के बयान न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किए। इन साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने माना कि आरोपियों ने आपराधिक साजिश के तहत जालसाजी कर फर्जी दस्तावेज तैयार किए और उन्हें असली बताकर उपयोग करने का प्रयास किया। क्षेत्र में चर्चा में रहा मुख्य आरोपी बताया जाता है कि मुख्य आरोपी ओबेदुल्ला उर्फ बॉबी करैरा के फूटे तालाब क्षेत्र में पैथोलॉजी लैब संचालन को लेकर भी पहले चर्चा में रहा है। फैसले को माना जा रहा कड़ा संदेश न्यायालय के इस फैसले को क्षेत्र में जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े और धोखाधड़ी के मामलों में एक कड़ा संदेश माना जा रहा है। लंबे समय से चल रहे इस मामले में फैसला आने के बाद परिवादी सफीउल्लाह खान ने भावुक होकर न्यायालय का आभार जताया और कहा कि आखिरकार सत्य की जीत हुई है। स्थानीय लोगों का भी कहना है कि इस निर्णय से जमीन से जुड़े फर्जी दस्तावेज बनाकर धोखाधड़ी करने वालों को सख्त चेतावनी मिलेगी कि कानून के साथ छल करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।1
- शिवपुरी जिले के दिनारा थाना क्षेत्र के छितीपुर गांव में मंगलवार देर रात एक किसान की झोपड़ी में अचानक आग भड़क गई। आग इतनी भीषण थी कि झोपड़ी के साथ उसमें रखा खेती-किसानी का सामान, गेहूं, बीज और गृहस्थी का सामान जलकर पूरी तरह खाक हो गया। घटना रात करीब 2 बजे की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार छितीपुर गांव निवासी दीपक राजपूत के घर के पास एक बड़ी झोपड़ी बनी हुई थी, जिसमें खेती-किसानी से जुड़ा सामान और अनाज रखा हुआ था। देर रात अचानक झोपड़ी में आग लग गई। आग की लपटें उठती देख दीपक राजपूत और उनके परिवार के लोग जाग गए और ग्रामीणों को सूचना दी। इसके बाद गांव के लोग मौके पर पहुंच गए और पानी तथा मिट्टी डालकर जैसे-तैसे आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक झोपड़ी में रखा अधिकांश सामान जल चुका था। इस आगजनी की घटना में करीब 1 क्विंटल गेहूं, 7 क्विंटल अरवी का बीज, खेती के उपकरण और गृहस्थी का सामान जलकर नष्ट हो गया। पीड़ित किसान दीपक राजपूत ने आरोप लगाया है कि उनका पड़ोसी जिहान सिंह लोधी उनकी जमीन पर कब्जा करना चाहता है और अक्सर उसी जगह पर घूरा फेंकता रहता है। दीपक को आशंका है कि उसी के द्वारा आगजनी की वारदात को अंजाम दिया गया है। मामले को लेकर दीपक राजपूत ने दिनारा थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है। खबर एवं विज्ञापन के लिए संपर्क करें रानू राजपूत-99938140771
- Post by Hrdas Emr tje1
- Jay Mata Di karila Dham Sarkar Jay Shri Radhe Radhe1
- शिवपुरी में मंदिर बना चोरों का निशाना: पिछोर के ऐतिहासिक कमलेश्वर महादेव मंदिर से चांदी की जलहरी पार न्यूज: शिवपुरी जिले के पिछोर क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक कमलेश्वर महादेव मंदिर में चोरी की बड़ी वारदात सामने आई है। अज्ञात चोरों ने देर रात मंदिर को निशाना बनाते हुए पहले मंदिर के गेट की जंजीर काटी और फिर पुजारी जी के कमरे की कुंडी बाहर से बंद कर दी। इसके बाद चोरों ने शिवलिंग पर लगी करीब 7 किलो की चांदी की जलहरी में से लगभग 3–4 किलो चांदी काटकर चोरी कर ली। सुबह घटना की जानकारी लगते ही क्षेत्र में आक्रोश फैल गया। 84 गहोई समाज के अध्यक्ष रामेंद्र छिरोलिया ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और चिंताजनक घटना है। जब मंदिर जैसे पवित्र स्थान सुरक्षित नहीं हैं तो आम जनता की सुरक्षा पर भी सवाल खड़े होते हैं। समाज के लोगों ने प्रशासन से जल्द से जल्द आरोपियों को पकड़ने और कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो समाज के लोग न्याय के लिए सड़क पर उतरने को मजबूर होंगे।1
- Post by Deepak Journalist1
- शिवपुरी में शीतला माता मंदिर से लौट रही महिला से चैन स्नेचिंग, बाइक सवार बदमाश फरार, फिजिकल थाना क्षेत्र की मोहनी सागर कॉलोनी की घटना के बाद जाँच में जुटी फिजिकल थाना प्रभारी नम्रता भदौरिया1