छमनिया में बन रहे महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का जिलाधिकारी ने किया निरीक्षण, जल्द शैक्षणिक सत्र शुरू कराने के निर्देश। चम्पावत 14 अप्रैल 2026, सूवि। जनपद चम्पावत के लोहाघाट क्षेत्र अंतर्गत छमनिया में लगभग 237 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन राज्य के पहले महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था एवं संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि समस्त निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता एवं मानकों के अनुरूप पूर्ण किए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। जिलाधिकारी ने महिला स्पोर्ट्स कॉलेज परिसर में विकसित किए जा रहे विभिन्न खेल अवसंरचनाओं का अवलोकन करते हुए फुटबॉल ग्राउंड, एस्ट्रोटर्फ हॉकी ग्राउंड, वॉलीबॉल एवं बास्केटबॉल कोर्ट, सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक सहित अन्य खेल मैदानों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। साथ ही खिलाड़ियों के लिए निर्मित किए जा रहे 300 बालिकाओं की क्षमता वाले तीन छात्रावास, स्टाफ क्वार्टर, प्रशासनिक भवन, एकेडमिक ब्लॉक, मल्टीपर्पज हॉल, ऑडिटोरियम एवं गेस्ट हाउस जैसी सुविधाओं की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए कि रिटेनिंग वॉल का कार्य तीव्र गति एवं पूर्ण गुणवत्ता के साथ शीघ्र पूर्ण करते हुए खेल मैदानों के निर्माण कार्यों को प्राथमिकता दी जाए, ताकि परियोजना समय पर पूर्ण हो सके। जिलाधिकारी ने विशेष रूप से निर्देशित किया कि कॉलेज में शैक्षणिक गतिविधियों एवं कक्षाओं का संचालन शीघ्र प्रारम्भ किया जा सके, इसके लिए निर्माण कार्यों में तेजी लाई जाए तथा आवश्यक आधारभूत सुविधाओं को प्राथमिकता के साथ पूर्ण किया जाए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्माण स्थल पर कार्यरत श्रमिकों की सुरक्षा एवं कल्याण को प्राथमिकता देने के निर्देश देते हुए कहा कि श्रमिकों के लिए सुरक्षित कार्य वातावरण, स्वच्छ पेयजल, शौचालय, आवास एवं उनके बच्चों की शिक्षा की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त धूल प्रदूषण की रोकथाम हेतु प्रतिदिन पानी का छिड़काव किए जाने के निर्देश भी दिए गए। जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता, समयबद्धता तथा उपलब्ध संसाधनों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी, उपजिलाधिकारी नीतू डागर, कार्यदायी संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर केशव राय सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे।
छमनिया में बन रहे महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का जिलाधिकारी ने किया निरीक्षण, जल्द शैक्षणिक सत्र शुरू कराने के निर्देश। चम्पावत 14 अप्रैल 2026, सूवि। जनपद चम्पावत के लोहाघाट क्षेत्र अंतर्गत छमनिया में लगभग 237 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन राज्य के पहले महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था एवं संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि समस्त निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता एवं मानकों के अनुरूप पूर्ण किए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। जिलाधिकारी ने महिला स्पोर्ट्स कॉलेज परिसर में विकसित किए जा रहे विभिन्न खेल अवसंरचनाओं का अवलोकन करते
हुए फुटबॉल ग्राउंड, एस्ट्रोटर्फ हॉकी ग्राउंड, वॉलीबॉल एवं बास्केटबॉल कोर्ट, सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक सहित अन्य खेल मैदानों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। साथ ही खिलाड़ियों के लिए निर्मित किए जा रहे 300 बालिकाओं की क्षमता वाले तीन छात्रावास, स्टाफ क्वार्टर, प्रशासनिक भवन, एकेडमिक ब्लॉक, मल्टीपर्पज हॉल, ऑडिटोरियम एवं गेस्ट हाउस जैसी सुविधाओं की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए कि रिटेनिंग वॉल का कार्य तीव्र गति एवं पूर्ण गुणवत्ता के साथ शीघ्र पूर्ण करते हुए खेल मैदानों के निर्माण कार्यों को प्राथमिकता दी जाए, ताकि परियोजना समय पर पूर्ण हो सके। जिलाधिकारी ने विशेष रूप से निर्देशित किया कि कॉलेज में शैक्षणिक गतिविधियों एवं कक्षाओं का संचालन शीघ्र प्रारम्भ किया जा सके, इसके लिए निर्माण कार्यों में
तेजी लाई जाए तथा आवश्यक आधारभूत सुविधाओं को प्राथमिकता के साथ पूर्ण किया जाए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्माण स्थल पर कार्यरत श्रमिकों की सुरक्षा एवं कल्याण को प्राथमिकता देने के निर्देश देते हुए कहा कि श्रमिकों के लिए सुरक्षित कार्य वातावरण, स्वच्छ पेयजल, शौचालय, आवास एवं उनके बच्चों की शिक्षा की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त धूल प्रदूषण की रोकथाम हेतु प्रतिदिन पानी का छिड़काव किए जाने के निर्देश भी दिए गए। जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता, समयबद्धता तथा उपलब्ध संसाधनों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी, उपजिलाधिकारी नीतू डागर, कार्यदायी संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर केशव राय सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे।
- नई दिल्ली/देहरादून। 4 अप्रैल 2026 को स्मॉल आर्म्स फैक्ट्री के सीनियर क्लब में अखिल भारतीय अराजपत्रित अधिकारी संघ की अखिल भारतीय परिषद की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में देशभर की विभिन्न निर्माणियों से जुड़े संगठन के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और कर्मचारियों से जुड़े कई अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक की अध्यक्षता संगठन के संरक्षक सुरेश कुमार सचान ने की, जबकि संचालन राष्ट्रीय सचिव अजय द्वारा किया गया। इस दौरान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष जय जय वर्धन रेड्डी भी मौजूद रहे। बैठक में मंत्रालय स्तर पर चल रही वार्ताओं और कर्मचारियों की लंबित मांगों को प्रमुखता से उठाया गया। बैठक में संगठन के वरिष्ठ सदस्यों गिरीश चंद्र उप्रेती, उमाशंकर जी सहित कोलकाता से आए वरिष्ठ साथियों को सम्मानित किया गया और उनके योगदान की सराहना करते हुए सेवानिवृत्ति की शुभकामनाएं दी गईं। वक्ताओं ने कहा कि गिरीश चंद्र उप्रेती का 40 वर्षों का ट्रेड यूनियन अनुभव संगठन के लिए प्रेरणादायक है। राष्ट्रीय सचिव अजय ने अपने संबोधन में बताया कि संगठन अपनी मांगों को लेकर रक्षा मंत्रालय, श्रम मंत्रालय और कार्मिक मंत्रालय सहित कई स्तरों पर लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि छठे वेतन आयोग की विसंगतियों (अनॉमलीज) का समाधान अब तक नहीं हुआ है, जबकि आठवें वेतन आयोग की चर्चा शुरू हो चुकी है। संगठन की मांग है कि पहले पुरानी विसंगतियों को दूर किया जाए। इसके अलावा एमसीएम/सीसीएम प्रमोशन, एलडीसी पदोन्नति, पे फिक्सेशन, टीम डेपुटेशन अवधि बढ़ाने और अन्य नीतिगत मुद्दों को भी बैठक में प्रमुखता से उठाया गया। संगठन ने स्पष्ट किया कि जब तक कर्मचारियों को आर्थिक मजबूती नहीं मिलती, तब तक नई नीतियों का विरोध जारी रहेगा। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि यदि मांगों पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई, तो संगठन दिल्ली या कोलकाता में बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन करेगा। इसके लिए 300 से 500 कर्मचारियों की भागीदारी सुनिश्चित करने की तैयारी शुरू करने का आह्वान किया गया। अंत में उत्तर क्षेत्रीय परिषद के अध्यक्ष गिरीश चंद्र उप्रेती ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि संगठन को मजबूत करना ही सभी मांगों को मनवाने की कुंजी है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में संगठन और अधिक मजबूती के साथ कर्मचारियों के हितों की लड़ाई लड़ेगा।1
- भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती धूमधाम से मनाई गई1
- Post by Jagdish Ballabh Sharma4
- अल्मोड़ा में यूथ कांग्रेस के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का स्वागत हुआ। नगर के चौघानपाटा में यूथ कांग्रेस के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का कांग्रेस और यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इसके बाद कांग्रेस कार्यालय में स्वागत किया गया।1
- Pindari Glacier ट्रैकिंग के लिए खुला, रोमांच का सफर 15 अप्रैल से शुरू1
- Post by Rajkumar mehra press reporter2
- विडियो देखें-अल्मोड़ा ( उत्तराखंड ) अल्मोड़ा के राजपुरा क्षेत्र की यह घटनाक्रम वायरल हो रहा है जिसमें यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण और डराने वाला विडियो है एक नशे में धुत व्यक्ति ने ना सिर्फ रात में गाली-गलौज की, बल्कि खुलेआम नशे की हालत में मारने की धमकी भी दे डाली। नशे के कारण महिलाएं , बच्चे और आमजन लोग सुरक्षित नहीं हैं! लोगो में डर का माहौल बना रहता है। नशा विनाश का कारण है इसे रोकना प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी है।1
- चम्पावत 14 अप्रैल 2026, सूवि। जनपद चम्पावत के लोहाघाट क्षेत्र अंतर्गत छमनिया में लगभग 237 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन राज्य के पहले महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था एवं संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि समस्त निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता एवं मानकों के अनुरूप पूर्ण किए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। जिलाधिकारी ने महिला स्पोर्ट्स कॉलेज परिसर में विकसित किए जा रहे विभिन्न खेल अवसंरचनाओं का अवलोकन करते हुए फुटबॉल ग्राउंड, एस्ट्रोटर्फ हॉकी ग्राउंड, वॉलीबॉल एवं बास्केटबॉल कोर्ट, सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक सहित अन्य खेल मैदानों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। साथ ही खिलाड़ियों के लिए निर्मित किए जा रहे 300 बालिकाओं की क्षमता वाले तीन छात्रावास, स्टाफ क्वार्टर, प्रशासनिक भवन, एकेडमिक ब्लॉक, मल्टीपर्पज हॉल, ऑडिटोरियम एवं गेस्ट हाउस जैसी सुविधाओं की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए कि रिटेनिंग वॉल का कार्य तीव्र गति एवं पूर्ण गुणवत्ता के साथ शीघ्र पूर्ण करते हुए खेल मैदानों के निर्माण कार्यों को प्राथमिकता दी जाए, ताकि परियोजना समय पर पूर्ण हो सके। जिलाधिकारी ने विशेष रूप से निर्देशित किया कि कॉलेज में शैक्षणिक गतिविधियों एवं कक्षाओं का संचालन शीघ्र प्रारम्भ किया जा सके, इसके लिए निर्माण कार्यों में तेजी लाई जाए तथा आवश्यक आधारभूत सुविधाओं को प्राथमिकता के साथ पूर्ण किया जाए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्माण स्थल पर कार्यरत श्रमिकों की सुरक्षा एवं कल्याण को प्राथमिकता देने के निर्देश देते हुए कहा कि श्रमिकों के लिए सुरक्षित कार्य वातावरण, स्वच्छ पेयजल, शौचालय, आवास एवं उनके बच्चों की शिक्षा की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त धूल प्रदूषण की रोकथाम हेतु प्रतिदिन पानी का छिड़काव किए जाने के निर्देश भी दिए गए। जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता, समयबद्धता तथा उपलब्ध संसाधनों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी, उपजिलाधिकारी नीतू डागर, कार्यदायी संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर केशव राय सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे।3