“गुरुओं के बिना सूना गुरुकुल” — सीमलवाड़ा कॉलेज में छात्रों का हुंकार, समाधान न हुआ तो आंदोलन तय धंबोला.?शिक्षा के मंदिर में जब ज्ञान देने वाले ही कम पड़ जाएं, तो विद्यार्थियों की चिंता स्वाभाविक है। ऐसा ही दृश्य शनिवार को सीमलवाड़ा स्थित राजकीय महाविद्यालय में देखने को मिला, जहां फैकल्टी की भारी कमी और अन्य समस्याओं को लेकर छात्रों ने आवाज बुलंद की। भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा के नेतृत्व में, ब्लॉक संयोजक विनेश डेंडोर के सान्निध्य में विद्यार्थियों ने एकत्रित होकर महाविद्यालय प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। इसके बाद प्राचार्य को ज्ञापन सौंपकर जल्द समाधान की मांग की गई। ज्ञापन में छात्रों ने स्पष्ट रूप से बताया कि कॉलेज के कई विषयों में व्याख्याताओं की भारी कमी बनी हुई है, जिससे नियमित कक्षाएं संचालित नहीं हो पा रही हैं। परिणामस्वरूप विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और उनका शैक्षणिक भविष्य दांव पर लगा हुआ है। छात्र संगठन ने यह भी आरोप लगाया कि महाविद्यालय में अन्य मूलभूत सुविधाओं का भी अभाव है, जिस पर अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। संगठन के पदाधिकारियों ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता कमलेश डेंडोर, युवा मोर्चा ब्लॉक संयोजक कांतिलाल डामोर, कॉलेज इकाई अध्यक्ष जयेश डामोर, उपाध्यक्ष बादल खराड़ी, वरिष्ठ कार्यकर्ता जितेंद्र आमलिया, प्रवक्ता नीलेश हाडात, मीडिया प्रभारी अजय रोत, राहुल रोत, महासचिव शीतल ननोमा, सचिव रवीना हिरात, सह सचिव चंदा सरपोटा, सीमा अहारी, पायल भमात सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
“गुरुओं के बिना सूना गुरुकुल” — सीमलवाड़ा कॉलेज में छात्रों का हुंकार, समाधान न हुआ तो आंदोलन तय धंबोला.?शिक्षा के मंदिर में जब ज्ञान देने वाले ही कम पड़ जाएं, तो विद्यार्थियों की चिंता स्वाभाविक है। ऐसा ही दृश्य शनिवार को सीमलवाड़ा स्थित राजकीय महाविद्यालय में देखने को मिला, जहां फैकल्टी की भारी कमी और अन्य समस्याओं को लेकर छात्रों ने आवाज बुलंद की। भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा के नेतृत्व में, ब्लॉक संयोजक विनेश डेंडोर के सान्निध्य में विद्यार्थियों ने एकत्रित होकर महाविद्यालय प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। इसके बाद प्राचार्य को ज्ञापन सौंपकर जल्द समाधान की मांग की गई। ज्ञापन में छात्रों ने स्पष्ट रूप से बताया कि कॉलेज के कई विषयों में व्याख्याताओं की भारी कमी बनी हुई है, जिससे नियमित कक्षाएं संचालित नहीं हो पा रही हैं। परिणामस्वरूप विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और उनका शैक्षणिक भविष्य दांव पर लगा हुआ है। छात्र संगठन ने यह भी आरोप लगाया कि महाविद्यालय में अन्य मूलभूत सुविधाओं का भी अभाव है, जिस पर अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। संगठन के पदाधिकारियों ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता कमलेश डेंडोर, युवा मोर्चा ब्लॉक संयोजक कांतिलाल डामोर, कॉलेज इकाई अध्यक्ष जयेश डामोर, उपाध्यक्ष बादल खराड़ी, वरिष्ठ कार्यकर्ता जितेंद्र आमलिया, प्रवक्ता नीलेश हाडात, मीडिया प्रभारी अजय रोत, राहुल रोत, महासचिव शीतल ननोमा, सचिव रवीना हिरात, सह सचिव चंदा सरपोटा, सीमा अहारी, पायल भमात सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
- सीमलवाड़ा। चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर बांसिया स्थित कल्याण धाम में शनिवार को विभिन्न धार्मिक आयोजनों के साथ श्रद्धा और भक्ति का अनूठा संगम देखने को मिला। पालकी शोभायात्रा, वाडी विसर्जन और काल भैरव हवन जैसे कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। चैत्र नवरात्रि के तहत कल्याण धाम बांसिया में शनिवार को धार्मिक आस्था और परंपरा का भव्य आयोजन किया गया। गादीपति अर्जुन सिंह एवं मुख्य सेवक मोतीलाल पटेल जेठाना के सानिध्य में दिनभर विविध धार्मिक कार्यक्रम आयोजित हुए, जिसमें क्षेत्रभर से आए श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम की शुरुआत पालकी शोभायात्रा से हुई, जिसमें भगवान की सजी-धजी पालकी को पूरे धाम परिसर में श्रद्धा के साथ भ्रमण कराया गया। इस दौरान भजन-कीर्तन और जयकारों से वातावरण भक्तिमय हो उठा। पालकी धारण करने का लाभ दिनेश कलाल ने प्राप्त किया। इसके पश्चात वाडी विसर्जन का आयोजन किया गया, जो धाम की प्रमुख परंपराओं में से एक है। मुख्य वाडी धारण का लाभ दिनेश कलाल को मिला, वहीं हनुमान वाडी का लाभ प्रहलाद सिंह ने लिया। श्रद्धालुओं ने विधिवत पूजा-अर्चना कर वाडी विसर्जन किया। इसके साथ ही काल भैरव हवन का आयोजन भी हुआ, जिसमें सेवक जीवराम रावल के मंत्रोच्चार के बीच दिनेश कलाल एवं सीमा कलाल ने विधिपूर्वक आहुतियां दीं। हवन के दौरान पूरे परिसर में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार महसूस किया गया। धाम में लोक देवता कल्लाजी राठौड़, गातरोड चौहान, नागेश्वरी माता, कृष्णा देवी, काल भैरव और हनुमान जी की प्रतिमाओं का विशेष श्रृंगार किया गया, जिसने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। भक्तों ने दर्शन कर सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। उल्लेखनीय है कि कल्याण धाम में प्रत्येक वर्ष दशमी के दिन वाडी विसर्जन की परंपरा निभाई जाती है, जिसे लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह रहता है। इस अवसर पर मुख्य सेवक मोतीलाल पटेल जेठाना, गुणवंत कलाल, वरसिंग आमलिया, जीवराम रावल, भावेश पटेल, करण सिंह, राजेंद्र डामोर, शंभुलाल कलाल, योगेश कलाल, जितेंद्र दर्जी, अजय दर्जी, वीरेंद्र सिंह सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।1
- दिगम्बर जैन समाज अध्यक्ष राजकुमार डेचिया से प्राप्त जानकारी के अनुसार आचार्य अपर्ण सागर जी महाराज का पाडली से विहार करते हुए पीठ में मंगल प्रवेश किया गया जहाँ समाज जनो द्वारा स्वागत किया गया आचार्य अपर्ण सागर जी महाराज के पावन सानिध्य में सुमतीनाथ भगवान का जन्म , मोक्ष एवं ज्ञान कल्याणक पर्व मनाया गया । आचार्य श्री का आहार चर्या संपन्न हुई । विहार पीठ से बड़ौदा की तरफ़ होगा ।जिसमे गोवर्धन डेचिया,प्रवीण शाह ,भंवरलाल ,महेंद्र डेचिया,ब्रजेश, रोशन,कपिल भूता उपस्थित रहे।3
- ब्राइट डे स्कूल की छात्रा सुहानी जवोत का नवोदय विद्यालय में चयन रिपोर्ट। राकेश कलाल कुआं डूंगरपुर हर खबर वागड़ न्यूज कुआं / डूंगरपुर। ब्राइट डे स्कूल की होनहार छात्रा सुहानी जवोत ने नवोदय विद्यालय कक्षा 6 की प्रवेश परिक्षा में 81% के साथ जिले में 45 वा स्थान प्राप्त किया हे उन्होंने इस उपलब्धि का श्रेय अपने माता पिता ओर विद्यालय के शिक्षक गण को दिया हे ज्ञात रहे ब्राइट डे विद्यालय द्वारा सैनिक स्कूल ,नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा के लिए प्रोत्साहित किया जाता हे विद्यालय के 3 विद्यार्थीयो ने सैनिक स्कूल एंट्रेंस एग्जाम के लिए क्वालीफाई हुए हे जानकारी विद्यालय के प्राचार्य नरेंद्र सिंह ने दी।1
- भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा छात्र संगठन ने BPVM ब्लॉक संयोजक सीमलवाड़ा विनेश डेंडोर के नेतृत्व में राजकीय महाविद्यालय सीमलवाड़ा में सभी संकाय/विषय की फैकल्टी और कॉलेज में विभिन्न समस्याओं को लेकर कॉलेज प्राचार्य महोदय को ज्ञापन दिया गया और जल्द ही विद्यार्थियों की समस्याओं को ध्यान रखते हुए अतिशीघ्र विद्यार्थियों के हित में फैकल्टी/व्याख्याताओं को उपलब्ध करवाया जाए। अन्यथा समस्याओं का समाधान नहीं होने पर भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा ने आंदोलन करने की चेतावनी दी। जिसमें वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता कमलेश डेंडोर, bpvm ब्लॉक संयोजक भंडारी कांतिलाल डामोर, कॉलेज इकाई अध्यक्ष जयेश डामोर, उपाध्यक्ष बादल खराड़ी, BPVM वरिष्ठ कार्यकर्ता जितेंद्र आमलिया,प्रवक्ता नीलेश हाडात,मीडिया प्रभारी अजय रोत,राहुल रोत,महासचिव शीतल ननोमा, सचिव रवीना हिरात,सह सचिव चंदा सरपोटा,सीमा अहारी,पायल भमात एवं महाविद्यालय के समस्त छात्र छात्राएं उपस्थित रहे1
- जिले के राजस्थान नर्सेज एसोसिएशन ने शनिवार को चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर के दौरे के दौरान ज्ञापन सौंपकर मेडिकल कॉलेजों में नर्सिंग ऑफिसर और अन्य संवर्ग के 1267 नियमित पदों को समाप्त करने के निर्णय को पुनः लेने का आग्रह किया। ज्ञापन में मेडिकल कॉलेजों में स्वीकृत नियमित पदों को समाप्त करने की प्रक्रिया पर गहरी आपत्ति जताते हुए एसोसिएशन जिलाध्यक्ष प्रियदर्शी मीणा और महामंत्री कोकिला कटारा ने शनिवार को बताया कि अकेले डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज में 110 नियमित कर्मचारी कार्यरत हैं, जिनके पदों पर अब संकट बन गया है।1
- डूंगरपुर जिले के राजकीय महाविद्यालय सीमलवाड़ा में व्याख्याताओं की कमी और अन्य शैक्षणिक समस्याओं को लेकर भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा (बीपीवीएम) ने कड़ा रुख अपनाया है। मोर्चा के ब्लॉक संयोजक विनेश डेंडोर के नेतृत्व में छात्र प्रतिनिधियों ने कॉलेज प्राचार्य को ज्ञापन सौंपकर सभी संकायों में रिक्त पदों पर जल्द से जल्द फैकल्टी नियुक्त करने की मांग की। छात्रों का कहना है कि पर्याप्त व्याख्याता नहीं होने के कारण उनकी पढ़ाई बाधित हो रही है, जिससे उनके भविष्य पर संकट मंडरा रहा है। ज्ञापन के माध्यम से संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने विद्यार्थियों के हितों को ध्यान में रखते हुए अतिशीघ्र समस्याओं का समाधान नहीं किया और शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित नहीं की, तो भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा उग्र आंदोलन के लिए विवश होगा। इस दौरान वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता कमलेश डेंडोर, ब्लॉक संयोजक कांतिलाल डामोर, कॉलेज इकाई अध्यक्ष जयेश डामोर और उपाध्यक्ष बादल खराड़ी सहित कई छात्र नेता मौजूद रहे। प्रदर्शन के दौरान प्रवक्ता नीलेश हाडात, मीडिया प्रभारी अजय रोत, महासचिव शीतल ननोमा और सचिव रवीना हिरात ने भी अपनी बात रखी। इस अवसर पर जितेंद्र आमलिया, राहुल रोत, चंदा सरपोटा, सीमा अहारी, पायल भमात समेत महाविद्यालय के बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित थे, जिन्होंने कॉलेज प्रशासन के विरुद्ध एकजुटता दिखाई।1
- डूंगरपुर जिले के मांडवा बियोला़ गांव में एक दर्दनाक हादसे में 9 वर्षीय मासूम बच्चे की जान चली गई। घटना शनिवार सुबह की है, जब बच्चा घर के पास बबूल के पेड़ पर रस्सी बांधकर झूला झूल रहा था। जानकारी के अनुसार, मृतक निकुल पुत्र सोहनलाल कलासुआ चौथी कक्षा का छात्र था। खेल-खेल में झूला झूलते समय अचानक उसका पैर फिसल गया और रस्सी उसके गले में फंस गई, जिससे वह फंदे पर लटक गया। इसी दौरान उसका बड़ा भाई अंकित उसे ढूंढते हुए मौके पर पहुंचा और भाई को लटका देख जोर-जोर से चिल्लाने लगा। शोर सुनकर पास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण मौके पर दौड़े आए और तुरंत बच्चे को फंदे से नीचे उतारकर डूंगरपुर जिला अस्पताल पहुंचाया। लेकिन वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद निकुल को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया। हादसे के समय बच्चे की मां हंसा पड़ोसी गांव में गेहूं साफ करने गई हुई थी, जबकि पिता सोहनलाल गुजरात में रोजगार के सिलसिले में थे। सूचना मिलने पर पिता शनिवार दोपहर 3 बजे अस्पताल की मोर्चरी पहुंचे और पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। पिता ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बेटे की मौत को दुर्घटना बताते हुए किसी भी प्रकार की शंका से इनकार किया है।1
- धंबोला. राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय डूका में 27 से 28 मार्च 2026 तक आयोजित ब्लॉक स्तरीय संस्थाप्रधान वाकपीठ की दो दिवसीय संगोष्ठी का शनिवार को समापन हुआ। कार्यक्रम में राजकीय एवं निजी विद्यालयों के कुल 296 संस्था प्रधानों सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे। समापन समारोह के मुख्य अतिथि पूर्व सांसद ताराचंद भगोरा रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता निमिषा भगोरा ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में सुरेश भोई, महेंद्र कुमार भगोरा, रूपचंद भगोरा, प्रकाश पाटीदार सहित अनेक गणमान्यजन मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न शैक्षिक विषयों पर विशेषज्ञों ने अपने विचार प्रस्तुत किए। पीयूष जैन ने पुस्तकालय के प्रभावी उपयोग, गोपाल त्रिवेदी ने खेलकूद, एसीबीईओ मनोज कुमार कलाल ने प्रशासनिक व्यवस्थाओं, रामराय आचार्य ने एफएल एन 2020, अशोक डामोर ने गतिविधि आधारित शिक्षण, दिलीप सिंह चौहान ने स्काउट-गाइड तथा हितेश लबाना ने डिजिटल शिक्षण सामग्री पर जानकारी दी। मुख्य ब्लॉक शिक्षाधिकारी हमराज सिंह चौहान ने ब्लॉक की शैक्षिक उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए शेष कार्यों को समयबद्ध पूरा करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षकों के सतत प्रयासों से ब्लॉक रैंकिंग में और सुधार संभव है। कार्यक्रम में वाकपीठ की नवीन कार्यकारिणी का भी निर्विरोध गठन किया गया, जिसमें अध्यक्ष दिव्यकांत शाह एवं सचिव जितेंद्र पाटीदार को चुना गया। आगामी सत्र के विभिन्न शैक्षिक एवं खेलकूद आयोजन स्थलों की भी घोषणा की गई। समारोह में 15 सेवानिवृत्त शिक्षकों का सम्मान पगड़ी, माला एवं उपर्णा ओढ़ाकर किया गया। स्थानीय विद्यालय के संस्था प्रधान द्वारा विद्यालय की उपलब्धियों एवं प्रगति से अतिथियों को अवगत कराया गया। अध्यक्ष निमिषा भगोरा ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षक समाज का दर्पण होता है और नव निर्माण में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। वहीं मुख्य अतिथि ताराचंद भगोरा ने संसाधनों की कमी के बावजूद उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम देने पर शिक्षकों की सराहना की। ग्रामीण प्रतिनिधि कल्याण सिंह डामोर ने क्षेत्रीय समस्याओं को मंच पर रखा। कार्यक्रम का संचालन रमेशचंद्र लबाना ने किया तथा अंत में आभार मनोज कुमार कलाल ने व्यक्त किया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि, शिक्षकगण एवं ग्रामीणजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।1