धाड़का में श्री हरि मंदिर भूमि पूजन, संतों के सानिध्य में ‘दिल्ली चलो’ का संदेश सज्जनगढ़ क्षेत्र के धाड़का गांव में श्री हरि मंदिर के भूमि पूजन कार्यक्रम का आयोजन श्रद्धा व उत्साह के साथ हुआ। आयोजक मालजी भगत ने संतों व भक्तों का स्वागत किया। बेणेश्वर धाम से पधारे धन्ना महाराज तथा मठ मंगलेश्वर के महंत दिवाकर भारतीजी ने धर्म व समाज जागरण पर विचार रखे। कार्यक्रम में जनजाति सुरक्षा मंच के तहत 24 मई के “दिल्ली चलो अभियान” को लेकर जागरूकता दी गई। वनवासी कल्याण परिषद के विभाग मंत्री भरतजी कुमावत, संत नरसिंह गिरी महाराज व समाजसेवी रूपसिंह डामोर ने एकता व अधिकारों के लिए संगठित होने का आह्वान किया। इस दौरान गिरधारी लालाजी महाराज, तुलसीरामजी महाराज, रामलाल जी महाराज, हरि मंदिर गिरधारीसिंह महाराज, भुरजी डामोर भगत, तेरसिंह पटेल भगत, मालजी महाराज, कैलाश जी भगत सहित कई गणमान्य मौजूद रहे। कार्यक्रम की जानकारी जिला संगठन मंत्री वेलजी देवदा ने दी।
धाड़का में श्री हरि मंदिर भूमि पूजन, संतों के सानिध्य में ‘दिल्ली चलो’ का संदेश सज्जनगढ़ क्षेत्र के धाड़का गांव में श्री हरि मंदिर के भूमि पूजन कार्यक्रम का आयोजन श्रद्धा व उत्साह के साथ हुआ। आयोजक मालजी भगत ने संतों व भक्तों का स्वागत किया। बेणेश्वर धाम से पधारे धन्ना महाराज तथा मठ मंगलेश्वर के महंत दिवाकर भारतीजी ने धर्म व समाज जागरण पर विचार रखे। कार्यक्रम में जनजाति सुरक्षा मंच के तहत 24 मई के “दिल्ली चलो अभियान” को लेकर जागरूकता दी गई। वनवासी कल्याण परिषद के विभाग मंत्री भरतजी कुमावत, संत नरसिंह गिरी महाराज व समाजसेवी रूपसिंह डामोर ने एकता व अधिकारों के लिए संगठित होने का आह्वान किया। इस दौरान गिरधारी लालाजी महाराज, तुलसीरामजी महाराज, रामलाल जी महाराज, हरि मंदिर गिरधारीसिंह महाराज, भुरजी डामोर भगत, तेरसिंह पटेल भगत, मालजी महाराज, कैलाश जी भगत सहित कई गणमान्य मौजूद रहे। कार्यक्रम की जानकारी जिला संगठन मंत्री वेलजी देवदा ने दी।
- सोश्यल मिडिया पर आज यह विडियो खूब वायरल हो रहा है, कहाँ का है यह विडियो यह मेसेज मे बताया की पश्चिम बंगाल का है! मेसेज मे महिला को "समर्पित कार्यकर्त्ता की संज्ञा दी गई है! सच्ची भाजपा कार्यकर्ता, खुद ही चल पड़ी पार्टी का झंडा लेकर ,,,, इसे कहते है समर्पित कार्यकर्ता । वरना एक झंडा लेकर दस -दस लोग विडियो वायरल करते हैं और चार चाटुकार विडियो बनाने में मसगुल रहते हैं ।। विधानसभा चुनाव पश्चिमी बंगाल1
- क्या फ़ायदा ऐसे स्थान पर जाने का जहाँ पर लोगो के साथ ऐसा व्यवहार किया जाये गलती उनकी नहीं गलती हमारी है जो आप दर्शन करने को इतनी दूर जाते हैं😭😭😭1
- शिवगढ़ में बुरी बुरी गंदगी रहती है हर समय बारिश का कोई ध्यान नहीं दे रहा है इस माध्यम से गवर्नमेंट द्वारा आवश्यकता कचरा डालने की गाड़ी भी भेज सकती है जल्दी से जल्दी उसका नारा सप्लाई होना चाहिए गांधी सप्लाई होने चाहिए1
- डूंगरपुर जिले की सागवाड़ा तहसील के कोकापुर गांव की किन्नर यशवंती पाटीदार को अंतर्राष्ट्रीय सनातनी किन्नर अखाड़ा द्वारा महंत की उपाधि से नवाजा गया है। यह उपलब्धि न केवल सागवाड़ा बल्कि पूरे राजस्थान के लिए गर्व का विषय है, क्योंकि यशवंती पाटीदार प्रदेश की पहली किन्नर हैं जिन्हें इस प्रतिष्ठित उपाधि से सम्मानित किया गया है। प्रयागराज में विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के नेतृत्व में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान उन्हें यह उपाधि प्रदान की गई। इस अवसर पर अंतर्राष्ट्रीय सनातनी किन्नर अखाड़ा के आचार्य श्री श्री 1008 आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कौशल्या नंद गिरी महाराज, भवानी मां श्री गोरी मां सरस्वती पालगर पीठाधीश्वर, मुंबई से डोली मां, दिल्ली से प्रेमपुरी महाराज (पूनम मां), तक्षनेश्वरी मां काली पीठाधीश्वर, श्री पुनम माई दिल्ली कामाख्या शक्ति पीठाधीश्वर, श्री भवानी मां दयालपुरी मां (डोली मां), वेकटेश्वर देवस्थान नजफगढ़ सहित अनेक संत-महंत एवं गणमान्य श्रद्धालु मौजूद रहे। इस दौरान आचार्य कौशल्या नंद गिरी महाराज ने घोषणा करते हुए बताया कि अब यशवंती पाटीदार को “महंत यशवंती पुरी” के नाम से जाना जाएगा। महंत यशवंती पुरी ने अपने संबोधन में कहा कि वे अब अपना संपूर्ण जीवन सनातन धर्म की सेवा और समाज कल्याण के लिए समर्पित कर चुकी हैं। उन्होंने कहा कि वे पहले भी विभिन्न धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों से जुड़ी रही हैं और आगे भी समाज सेवा के कार्यों को निरंतर जारी रखेंगी। अध्यक्षीय संबोधन में श्री श्री 1008 आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कौशल्या नंद गिरी महाराज ने कहा कि किन्नर भी इसी समाज का अभिन्न हिस्सा हैं और उसी मां की कोख से जन्म लेते हैं, जिससे अन्य लोग जन्म लेते हैं। उन्होंने कहा कि किन्नर समाज भी सनातन धर्म का सच्चा सेवक है और जीवनभर सेवा में समर्पित रहता है। उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मांग करते हुए कहा कि प्रत्येक जिले में किन्नर समाज के लिए अलग से समाधि स्थल बनाया जाना चाहिए, क्योंकि शरीर त्यागने के बाद भी किन्नरों को अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने समाज से आह्वान किया कि किन्नरों को उनका सम्मान लौटाया जाए और उन्हें समान अधिकार व प्रतिष्ठा दी जाए। कार्यक्रम का समापन भोजन प्रसादी के साथ हुआ। यह सम्मान सागवाड़ा क्षेत्र सहित पूरे राजस्थान के लिए एक ऐतिहासिक और गौरवपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है, जिससे क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है।1
- सीमलवाड़ा। कस्बे में लंबे समय से व्यापारियों द्वारा दुकानों के आगे अतिक्रमण कर सामान फैलाने से आमजन और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस समस्या को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए उपखंड अधिकारी विवेक गुर्जर के नेतृत्व में अतिक्रमण हटाने का अभियान शुरू किया। अभियान की शुरुआत के साथ ही बाजार क्षेत्र में व्यापक स्तर पर कार्रवाई की गई, जिसे आमजन ने राहत भरा कदम बताते हुए सराहा। अभियान के दौरान अधिकांश व्यापारियों ने प्रशासन की सख्ती को देखते हुए अपनी दुकानों के बाहर रखे सामान को हटाकर नियमों का पालन करने का आश्वासन दिया। हालांकि, कुछ छुटपुट व्यापारियों द्वारा निर्देशों की अनदेखी भी सामने आई, जिस पर प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है। रविवार को अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए धम्बोला थाना पुलिस ने भी मोर्चा संभाला। पुलिस जवानों ने वाहन के साथ कस्बे में गश्त करते हुए हाई अलर्ट रखा, ताकि कहीं भी दोबारा अतिक्रमण न हो सके। इसी दौरान एक घटना ने पूरे अभियान पर सवाल खड़े कर दिए। जानकारी के अनुसार, एक 65 वर्षीय विधवा महिला व्यापारी की दुकान के आगे कुछ जूते-चप्पल टंगे होने पर पुलिस ने सख्ती दिखाई। आरोप है कि महिला पुलिसकर्मी ने महिला व्यापारी के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए उसकी गर्दन पकड़कर जबरन पुलिस वाहन में बैठा दिया। बाद में महिला को छोड़ दिया गया, लेकिन इस घटनाक्रम ने स्थानीय लोगों में नाराजगी पैदा कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि मामूली अतिक्रमण को लेकर इस तरह की कठोर कार्रवाई उचित नहीं थी और पहले समझाइश दी जानी चाहिए थी। लोगों ने सवाल उठाया कि एक वृद्ध महिला के साथ इस प्रकार का व्यवहार कहीं न कहीं मानवीय संवेदनाओं के विपरीत है। वहीं प्रशासन का कहना है कि अभियान का उद्देश्य केवल व्यवस्था सुधारना और यातायात को सुचारु बनाना है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि नियमों की पालना सभी के लिए समान रूप से जरूरी है, हालांकि किसी भी प्रकार के दुर्व्यवहार की शिकायत मिलने पर जांच की जा सकती है। कुल मिलाकर, सीमलवाड़ा में अतिक्रमण हटाने की मुहिम को जहां एक ओर व्यापक समर्थन मिल रहा है, वहीं दूसरी ओर इस तरह की घटनाएं अभियान की कार्यप्रणाली पर सवाल भी खड़े कर रही हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सख्ती के साथ-साथ संवेदनशीलता बनाए रखने की भी मांग की है।1
- धंबोला। चौरासी क्षेत्र के पाडली गुजरेश्वर मंडल में 28 से 29 मार्च 2026 तक बस स्टैंड गैजी के पास स्थित विद्या निकेतन स्कूल में पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान का सफल आयोजन किया गया। दो दिनों तक चले इस प्रशिक्षण शिविर में भारतीय जनता पार्टी के संगठन को सशक्त बनाने पर विशेष जोर दिया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ उद्घाटन सत्र से हुआ, जिसमें पूर्व जिला महामंत्री दीनदयाल सिंह चौहान ने कार्यकर्ताओं को संगठन की रीढ़ बताते हुए उन्हें मजबूत करने का संदेश दिया। दूसरे सत्र में 84 क्षेत्र के विधायक प्रत्याशी करीलाल ननेमा ने कार्यकर्ताओं को चुनावी रणनीति और जनसंपर्क के महत्व पर मार्गदर्शन दिया। दूसरे दिन विभिन्न सत्रों का आयोजन हुआ, जिसमें सुदर्शन जैन, सुशील कटारा और दीनदयाल चौहान ने अलग-अलग विषयों पर कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया। प्रत्येक सत्र में संगठन विस्तार, बूथ प्रबंधन और कार्यकर्ता समन्वय जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। समापन कार्यक्रम में मंडल अध्यक्ष, पूर्व मंडल अध्यक्ष एवं मंडल महामंत्री सहित अनेक वरिष्ठ कार्यकर्ता उपस्थित रहे। मंडल अध्यक्ष प्रवीण रोत ने उद्घाटन से लेकर समापन तक सभी कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए संगठन को और अधिक मजबूत बनाने का संकल्प दिलाया। पूरे कार्यक्रम का संचालन भंवरलाल सोमेश्वर, लखाराम, आनंद रोत सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने किया, जबकि अंत में पाडली गुजरेश्वर मंडल के वरिष्ठ कार्यकर्ता द्वारा आभार व्यक्त किया गया। यह प्रशिक्षण शिविर न केवल कार्यकर्ताओं के लिए ज्ञानवर्धक रहा, बल्कि संगठन की मजबूती की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी साबित हुआ।2
- प्रतापगढ़ से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां लापरवाही ने एक बार फिर बड़ा हादसा करा दिया। सुबह करीब 6:07 बजे, एक तेज रफ्तार ट्रेलर (HR 38 INDE AG1881) हाइवे के खतरनाक मोड़ पर स्पीड ब्रेकर नहीं होने के कारण अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतर गया। गनीमत रही कि ट्रेलर सीधे सामने बने मकान में नहीं घुसा, वरना बड़ा जनहानि हादसा हो सकता था। आखिरी समय में ड्राइवर ने स्टेयरिंग मोड़कर बड़ा नुकसान टाल दिया। लेकिन इस हादसे ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं— सबसे बड़ा सवाल: हादसा सुबह हुआ, लेकिन 2 से 3 घंटे तक कोई भी जिम्मेदार मौके पर नहीं पहुंचा! लगातार तीसरा हादसा: स्थानीय लोगों के अनुसार, सिर्फ एक हफ्ते में यह तीसरी घटना है, जो इस हाइवे की खामियों को उजागर करती है। रोड ठेकेदार पर गंभीर आरोप: मोड़ पर स्पीड ब्रेकर का अभाव निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल के आरोप सुरक्षा मानकों की खुली अनदेखी स्थानीय लोगों का गुस्सा फूटा ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद प्रशासन और ठेकेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे, जिससे हर दिन हादसे का खतरा बना हुआ है। अब सवाल ये है कि क्या किसी बड़ी जानहानि के बाद ही प्रशासन जागेगा? मांग उठ रही है: तुरंत स्पीड ब्रेकर लगाए जाएं जिम्मेदार ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई हो हाइवे की गुणवत्ता की जांच हो प्रतापगढ़–बांसवाड़ा हाईवे अब हादसों का हॉटस्पॉट बनता जा रहा है… जिम्मेदार कौन? अपडेट के लिए जुड़े रही ये द नेशन न्यूज प्रतापगढ़ से संवाददाता परमेश्वर रेदास की रिपोर्ट प्रतापगढ़ से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां लापरवाही ने एक बार फिर बड़ा हादसा करा दिया। सुबह करीब 6:07 बजे, एक तेज रफ्तार ट्रेलर (HR 38 INDE AG1881) हाइवे के खतरनाक मोड़ पर स्पीड ब्रेकर नहीं होने के कारण अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतर गया। गनीमत रही कि ट्रेलर सीधे सामने बने मकान में नहीं घुसा, वरना बड़ा जनहानि हादसा हो सकता था। आखिरी समय में ड्राइवर ने स्टेयरिंग मोड़कर बड़ा नुकसान टाल दिया। लेकिन इस हादसे ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं— सबसे बड़ा सवाल: हादसा सुबह हुआ, लेकिन 2 से 3 घंटे तक कोई भी जिम्मेदार मौके पर नहीं पहुंचा! लगातार तीसरा हादसा: स्थानीय लोगों के अनुसार, सिर्फ एक हफ्ते में यह तीसरी घटना है, जो इस हाइवे की खामियों को उजागर करती है। रोड ठेकेदार पर गंभीर आरोप: मोड़ पर स्पीड ब्रेकर का अभाव निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल के आरोप सुरक्षा मानकों की खुली अनदेखी स्थानीय लोगों का गुस्सा फूटा ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद प्रशासन और ठेकेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे, जिससे हर दिन हादसे का खतरा बना हुआ है। अब सवाल ये है कि क्या किसी बड़ी जानहानि के बाद ही प्रशासन जागेगा? मांग उठ रही है: तुरंत स्पीड ब्रेकर लगाए जाएं जिम्मेदार ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई हो हाइवे की गुणवत्ता की जांच हो प्रतापगढ़–बांसवाड़ा हाईवे अब हादसों का हॉटस्पॉट बनता जा रहा है… जिम्मेदार कौन? अपडेट के लिए जुड़े रही ये द नेशन न्यूज प्रतापगढ़ से संवाददाता परमेश्वर रेदास की रिपोर्ट1
- थाना सज्जनगढ़ पुलिस ने नकली सोना एवं चांदी गिरवी रखकर लोगों से धोखाधड़ी करने वाली गैंग का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। थानाधिकारी धनपत सिंह ने बताया कि प्रार्थी दिवान पुत्र हड़ीया जाति गायरी निवासी डुंगरीपाड़ा, थाना सज्जनगढ़, जिला बांसवाड़ा ने 28 फरवरी 2026 को थाने में लिखित रिपोर्ट पेश कर बताया कि 27 मार्च 2026 को शाम करीब 4:30 बजे दो व्यक्ति एक फोर व्हीलर वाहन से आए और सोने के आभूषण गिरवी रखकर नकद राशि लेने का प्रयास किया। संदेह होने पर जब सोने की जांच करवाई गई तो वह नकली पाया गया। जांच में यह भी सामने आया कि इससे पहले 11 मार्च 2026 को आरोपियों ने सोना गिरवी रखकर 70 हजार रुपये प्राप्त कर लिए थे। पुलिस अनुसंधान में सामने आया कि मुख्य आरोपी नरेश पिता विटला निवासी बांसला, थाना कलिंजरा, जिला बांसवाड़ा किराना दुकान संचालित करता है तथा ब्याज का कार्य भी करता है। आरोपी अपने साथी के साथ मिलकर नकली सोना-चांदी तैयार करवाकर उसे असली बताकर लोगों को झांसे में लेता था और गिरवी के नाम पर नकद राशि लेकर फरार हो जाता था। आरोपियों द्वारा बीमारी एवं पारिवारिक परेशानी का बहाना बनाकर लोगों का विश्वास जीतने के बाद धोखाधड़ी की वारदात को अंजाम दिया जाता था। मामले में थाना सज्जनगढ़ पर प्रकरण संख्या 73/2026 धारा 318(4) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर एएसआई हसुखलाल द्वारा अनुसंधान किया जा रहा है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी नरेश पिता विटला उम्र 35 वर्ष निवासी बांसला थाना कलिंजरा जिला बांसवाड़ा तथा कमलेश पिता गोतम उम्र 31 वर्ष निवासी कलिंजरा थाना कलिंजरा जिला बांसवाड़ा को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति सोना या चांदी गिरवी रखकर नकद राशि लेने का प्रयास करे तो आभूषणों की जांच अवश्य करवाएं तथा किसी प्रकार की ठगी होने पर तुरंत निकटतम पुलिस थाने में शिकायत दर्ज करवाएं। इस कार्रवाई में थानाधिकारी धनपत सिंह, एएसआई हसुखलाल, हेडकांस्टेबल रमेश तथा कांस्टेबल जयंतिलाल की विशेष भूमिका रही। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर अन्य वारदातों के संबंध में भी जानकारी जुटा रही4