चौकी गाँव के निवासियों ने इस संबंध में कई बार जनप्रतिनिधियों और संबंधित विभाग के अधिकारियों को शिकायती पत्र सौंपे हैं प्रयागराज के मेजा तहसील स्थित चौकी गाँव का मुख्य संपर्क मार्ग लंबे समय से जर्जर हालत में है। इस मार्ग की बदहाली के कारण हजारों ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सड़क से डामर पूरी तरह गायब हो चुका है और यह बड़े-बड़े गड्ढों में बदल गई है। बरसात के मौसम में इन गड्ढों में पानी भर जाने से स्थिति और भी खराब हो जाती है, जिससे राहगीरों को आवागमन में अत्यधिक कठिनाई होती है। सड़क की खराब स्थिति के कारण मरीजों और स्कूली बच्चों को विशेष रूप से परेशानी हो रही है। ग्रामीणों के अनुसार, आपातकालीन स्थिति में एंबुलेंस गाँव तक समय पर नहीं पहुँच पाती, जिससे मरीजों को इलाज मिलने में देरी होती है। इसके अलावा, आए दिन बाइक सवार और साइकिल यात्री गड्ढों के कारण गिरकर चोटिल हो रहे हैं। खराब सड़क के चलते वाहनों के रखरखाव का खर्च भी बढ़ गया है, जिससे ग्रामीणों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। चौकी गाँव के निवासियों ने इस संबंध में कई बार जनप्रतिनिधियों और संबंधित विभाग के अधिकारियों को शिकायती पत्र सौंपे हैं। हालांकि, ग्रामीणों का आरोप है कि उन्हें अब तक केवल आश्वासन ही मिले हैं और सड़क की मरम्मत के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मार्ग का तत्काल पुनर्निर्माण कराने की मांग की है, ताकि क्षेत्र का विकास सुनिश्चित हो सके और उन्हें आवागमन में हो रही परेशानियों से मुक्ति मिल सके।
चौकी गाँव के निवासियों ने इस संबंध में कई बार जनप्रतिनिधियों और संबंधित विभाग के अधिकारियों को शिकायती पत्र सौंपे हैं प्रयागराज के मेजा तहसील स्थित चौकी गाँव का मुख्य संपर्क मार्ग लंबे समय से जर्जर हालत में है। इस मार्ग की बदहाली के कारण हजारों ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सड़क से डामर पूरी तरह गायब हो चुका है और यह बड़े-बड़े गड्ढों में बदल गई है। बरसात के मौसम में इन गड्ढों में पानी भर जाने से स्थिति और
भी खराब हो जाती है, जिससे राहगीरों को आवागमन में अत्यधिक कठिनाई होती है। सड़क की खराब स्थिति के कारण मरीजों और स्कूली बच्चों को विशेष रूप से परेशानी हो रही है। ग्रामीणों के अनुसार, आपातकालीन स्थिति में एंबुलेंस गाँव तक समय पर नहीं पहुँच पाती, जिससे मरीजों को इलाज मिलने में देरी होती है। इसके अलावा, आए दिन बाइक सवार और साइकिल यात्री गड्ढों के कारण गिरकर चोटिल हो रहे हैं। खराब सड़क के चलते वाहनों के रखरखाव का खर्च भी बढ़ गया है, जिससे ग्रामीणों पर
अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। चौकी गाँव के निवासियों ने इस संबंध में कई बार जनप्रतिनिधियों और संबंधित विभाग के अधिकारियों को शिकायती पत्र सौंपे हैं। हालांकि, ग्रामीणों का आरोप है कि उन्हें अब तक केवल आश्वासन ही मिले हैं और सड़क की मरम्मत के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मार्ग का तत्काल पुनर्निर्माण कराने की मांग की है, ताकि क्षेत्र का विकास सुनिश्चित हो सके और उन्हें आवागमन में हो रही परेशानियों से मुक्ति मिल सके।
- Post by JGE News1
- नैनी में बुजुर्ग की निर्मम हत्या, खून से लथपथ चारपाई पर मिला शव प्रयागराज के यमुनापार क्षेत्र में एक बुजुर्ग की धारदार हथियार से हत्या किए जाने से इलाके में सनसनी फैल गई। नैनी थाना क्षेत्र के धनुआ गांव निवासी 70 वर्षीय हजारी लाल भारतीय की अज्ञात हमलावरों ने बेरहमी से हत्या कर दी। बताया जाता है कि मृतक घर से कुछ दूरी पर बालू और गिट्टी के ठेके पर चौकीदारी का काम करता था। शुक्रवार सुबह जब वह देर तक नहीं उठा तो बेटा गंगा भारतीय उसे जगाने पहुंचा। इस दौरान उसने देखा कि पिता का शव चारपाई पर खून से लथपथ पड़ा है, जिससे परिवार में कोहराम मच गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। फील्ड यूनिट, डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। प्रारंभिक जांच में मृतक के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान मिले हैं। छाती, आंख और चेहरे पर वार किए जाने के संकेत मिले हैं, जिससे हत्या की वारदात बेहद क्रूर प्रतीत हो रही है। पुलिस मामले की जांच आपसी रंजिश, लूटपाट समेत हर एंगल से कर रही है। फिलहाल हत्यारों का कोई सुराग नहीं लग सका है और पुलिस जल्द खुलासा करने का दावा कर रही है।1
- प्रयागराज के नैनी थाने में 27 मार्च को हुए हंगामे के मामले में दो दरोगा लाइन हाजिर कर दिए गए हैं। इनमें गंगोत्री नगर चौकी प्रभारी शिवजी गुप्ता और आशीष यादव शामिल हैं। मामला एक रिटायर फौजी से संबंधित है, जिनका आरोप है कि उन्हें थाने में पीटा गया। मामले की गंभीरता से जांच के लिए अफसरों ने तीन सदस्यीय कमेटी भी गठित कर दी है।1
- कौशाम्बी जिले के चायल तहसील में आयोजित तहसील दिवस के दौरान उस समय अनोखा नजारा देखने को मिला, जब एक फरियादी कागजों की माला पहनकर जिलाधिकारी के सामने पहुंच गया। फरियादी ने खुद को भूमिहीन बताते हुए जमीन के पट्टे की मांग की और प्रशासन से न्याय दिलाने की गुहार लगाई।1
- Post by Aman Kumar1
- मंझनपुर, संवाददाता। कोतवाली मंझनपुर क्षेत्र के मलाकसद्दी गांव के समीप शुक्रवार की शाम तेज रफ्तार चार पहिया वाहन की टक्कर से बाइक सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना से परिजनों में कोहराम मच गया है। जानकारी के अनुसार कोखराज थाना क्षेत्र के जलापुर टेंगाई गांव निवासी 30 वर्षीय दिलीप कुमार गौतम पुत्र राजेंद्र प्रसाद अपने पड़ोसी विजय पुत्र बांकेलाल के साथ किसी कार्य से सिराथू गए थे। देर शाम दोनों बाइक से घर लौट रहे थे। करनपुर चौराहे से मलाकसद्दी गांव की ओर बढ़ते समय तेज रफ्तार अज्ञात चार पहिया वाहन ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में दिलीप कुमार गौतम की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल विजय को उपचार के लिए प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल भेजा गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थाना प्रभारी मंझनपुर सुनील कुमार सिंह ने बताया कि टक्कर मारने वाले वाहन और चालक की तलाश की जा रही है।1
- पुलिस अधीक्षक सत्यनारायण प्रजापति कौशांबी जिले के एसपी बनाए जाने की हार्दिक खुशी में प्रजापति समिति के पूर्व जिला अध्यक्ष जयसिंह प्रजापति ने शाल व पुष्प वह स्वामी विवेकानंद की तस्वीर देखकर सम्मानित किया अपने तमाम सहयोगी प्रजापतियों के साथ में1
- Post by Vertman Bharat News Prayagraj1
- . प्रयागराज, सराय ममरेज थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्रामसभा चौका जंघई के एक विधवा महिला द्वारा बताया जा रहा है कि 2020 में उसने चौक मोड पर स्थित जमीन बैनामा करवाई थी जिसमें जमीन विक्रेता द्वारा उसे जमीन पर जबरन कब्जा कर लिया है। सूचना पर मौके पर पहुंचे नायक तहसीलदार लेखपाल द्वारा पुलिस बल की मौजूद में विपक्षीगढ़ से मकान खाली करा कर विधवा महिला सीता देवी पत्नी स्वर्गीय रमेश को सुपुर्द किया गया। किंतु महिला ने बताया कि राजस्व टीम के जाने के बाद में विपक्षीगढ़ फिर दल बल के साथ अपने परिवार वालों के साथ लेकर महिला के परिवार वालों को धमकी देकर जबरन मकान में कब्जा किए बैठे हैं । महिला द्वारा इसकी शिकायत जिला आला अधिकारी से व मुख्यमंत्री से पोर्टल के माध्यम से गुहार लगाई है।2