माधोपुर में हाथियों के आतंक से परेशान ग्रामीणों ने किया सड़क जाम माधोपुर में जंगली हाथियों का कहर, आक्रोशित ग्रामीणों ने SH-103 किया जाम, घंटों ठप रहा यातायात गोविंदपुर (नवादा): गोविंदपुर प्रखंड के माधोपुर गांव में करीब एक महीने से जंगली हाथियों का आतंक लगातार जारी है। हाथियों के तांडव से ग्रामीणों का जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। लोग दहशत में जीने को मजबूर हैं। हाथियों द्वारा अब तक कई घरों को क्षतिग्रस्त किया जा चुका है, खेतों में लगी गेहूं और गन्ने की फसलें बर्बाद हो चुकी हैं, वहीं जंगली हाथियों ने एक महिला और एक गाय की जान भी जा चुकी है। सोमवार देर रात एक बार फिर हाथियों ने गांव में उत्पात मचाया और स्टेट हाईवे-103 किनारे हनुमान मंदिर के समीप राजेश राजवंशी के घर को नुकसान पहुंचाया और घर में रखा अनाज भी चट कर गए। लगातार हो रही घटनाओं से नाराज ग्रामीणों का आक्रोश मंगलवार को फूट पड़ा। मंगलवार को ग्रामीणों ने माधोपुर गांव के समीप SH-103 को पूरी तरह जाम कर दिया। सड़क जाम होते ही दोनों ओर सैकड़ों वाहनों की लंबी कतार लग गई। ट्रक, यात्री वाहन, दोपहिया और तीनपहिया वाहनों के साथ-साथ बारात की गाड़ियां भी घंटों जाम में फंसी रहीं। शादी-विवाह के मौसम में यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई लोग भूखे-प्यासे जाम में फंसे रहे, तो कुछ लोग तो सिर पर सामान उठाकर पैदल ही अपने गंतव्य की ओर जाते नजर आए। हालांकि, इस दौरान ग्रामीणों ने मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए एम्बुलेंस को नहीं रोका और उसे तत्काल रास्ता दिया। ग्रामीणों की मुख्य मांग थी कि वन विभाग के वरीय अधिकारी मौके पर पहुंचें और प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा देने का ठोस आश्वासन दें। सूचना मिलने पर वन विभाग के कई कर्मी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। बाद में रेंजर राकेश कुमार ने फोन पर बातचीत कर मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया, लेकिन ग्रामीण मौके पर अधिकारियों की उपस्थिति की मांग करते रहे। करीब साढ़े चार घंटे तक जाम जारी रहा। अंततः अकबरपुर फॉरेस्टर ए. के. मिश्रा एवं नीतीश राज सहित अन्य अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर अब तक क्षतिग्रस्त सभी घरों की लिखित सूची मांगी। साथ ही सभी प्रभावित परिवारों को मुआवजा दिलाने और टूटे हुए चापाकलों की मरम्मत कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त कर दिया। ग्रामीणों के अनुसार, बीते एक महीने में हाथियों ने लगभग 15 से 20 घरों को क्षतिग्रस्त कर दिया है, जिससे इलाके में भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है। अब लोग जल्द से जल्द स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं।
माधोपुर में हाथियों के आतंक से परेशान ग्रामीणों ने किया सड़क जाम माधोपुर में जंगली हाथियों का कहर, आक्रोशित ग्रामीणों ने SH-103 किया जाम, घंटों ठप रहा यातायात गोविंदपुर (नवादा): गोविंदपुर प्रखंड के माधोपुर गांव में करीब एक महीने से जंगली हाथियों का आतंक लगातार जारी है। हाथियों के तांडव से ग्रामीणों का जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। लोग दहशत में जीने को मजबूर हैं। हाथियों द्वारा अब तक कई घरों को क्षतिग्रस्त किया जा चुका है, खेतों में लगी गेहूं और गन्ने की फसलें बर्बाद हो चुकी हैं, वहीं जंगली हाथियों ने एक महिला और एक गाय की जान भी जा चुकी है। सोमवार देर रात एक बार फिर हाथियों ने गांव में उत्पात मचाया और स्टेट हाईवे-103 किनारे हनुमान मंदिर के समीप राजेश राजवंशी के घर को नुकसान पहुंचाया और घर में रखा अनाज भी चट कर गए। लगातार हो रही घटनाओं से नाराज ग्रामीणों का आक्रोश मंगलवार को फूट पड़ा। मंगलवार को ग्रामीणों ने माधोपुर गांव के समीप SH-103 को पूरी तरह जाम कर दिया। सड़क जाम होते ही दोनों ओर सैकड़ों वाहनों की लंबी कतार लग गई। ट्रक, यात्री वाहन, दोपहिया और तीनपहिया वाहनों के साथ-साथ बारात की गाड़ियां भी घंटों जाम में फंसी रहीं। शादी-विवाह के मौसम में यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई लोग भूखे-प्यासे जाम में फंसे रहे, तो कुछ लोग तो सिर पर सामान उठाकर पैदल ही अपने गंतव्य की ओर जाते नजर आए। हालांकि, इस दौरान ग्रामीणों ने मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए एम्बुलेंस को नहीं रोका और उसे तत्काल रास्ता दिया। ग्रामीणों की मुख्य मांग थी कि वन विभाग के वरीय अधिकारी मौके पर पहुंचें और प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा देने का ठोस आश्वासन दें। सूचना मिलने पर वन विभाग के कई कर्मी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। बाद में रेंजर राकेश कुमार ने फोन पर बातचीत कर मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया, लेकिन ग्रामीण मौके पर अधिकारियों की उपस्थिति की मांग करते रहे। करीब साढ़े चार घंटे तक जाम जारी रहा। अंततः अकबरपुर फॉरेस्टर ए. के. मिश्रा एवं नीतीश राज सहित अन्य अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर अब तक क्षतिग्रस्त सभी घरों की लिखित सूची मांगी। साथ ही सभी प्रभावित परिवारों को मुआवजा दिलाने और टूटे हुए चापाकलों की मरम्मत कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त कर दिया। ग्रामीणों के अनुसार, बीते एक महीने में हाथियों ने लगभग 15 से 20 घरों को क्षतिग्रस्त कर दिया है, जिससे इलाके में भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है। अब लोग जल्द से जल्द स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं।
- Vikash Kumarनवादा, नवादा, बिहार🙏2 hrs ago
- तिलैया थाना क्षेत्र के मडुवाटाण्ड में निर्माणाधीन एक मकान में छत पर सरिया चढ़ाने के क्रम में सरिया 11 हजार हाई वोल्टेज के संपर्क में आने से मजदूर गंभीर रूप से घायल, स्थिति नाजुक।3
- दूध से भरा हुआ साइकिल गिरा दिया1
- इसे एक्सपोज करना आसान नहीं था, बड़ा चैलेंज एक्सेप्ट किया क्योंकि खबर तो सब लिखते हैं मुझे तो बस वही करना था जो कोई नहीं करता. एक ही नहीं अभी कई खुलासे बाकी हैं, कड़ी दर कड़ी हर खुलासा होगा जो आपकी रूह कपा देगा.1
- Post by Sunil Kumar journalist1
- Post by S.K SINGH1
- सैया भई कोतवाल तो अब डर काहे का.... जी हां जब सरकार टीएमसी की हो तो भला कार्यकर्ता क्यों डरेंगे ...बंगाल के आज दूसरे चुनावी चरण के मतदान में एक स्थान पर ईवीएम मशीन में भारतीय जनता पार्टी का सिंबल सहित बटन पर कागज चिपका दिया गया ताकि भाजपा को लोग वोट ना कर सके... तो यह तरीका भी किसी पार्टी के द्वारा नहीं लेकिन सत्ता पक्ष वाले की तरफ से की गई... हालांकि वीडियो वायरल होने के बाद इस पर एक्शन लिया गया है एवं वहां पर उपस्थित कुछ कर्मचारियों पर गाज गिरना बाजीव है... वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल1
- कोडरमा तिलैया थाना क्षेत्र अंतर्गत महाराणा प्रताप चौक के समीप सब्जी लदा ऑटो पलटा #jharkhandupdates #KodermaNews #JharkhandNews1
- झारखंड के हजारीबाग से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां पत्रकारों के साथ कथित रूप से मारपीट और दुर्व्यवहार किया गया। बताया जा रहा है कि चतरा विमान हादसे के पीड़ितों को मुआवजा न मिलने के मुद्दे पर जब पत्रकारों ने मंत्री इरफान अंसारी से सवाल किया, तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई।1
- शेखपुरा - बिहार सरकार के पूर्व मंत्री श्रेया सिंह ने भाजपा कार्यालय में पहुँचकर कर किया प्रेस वार्ता, जहाँ भाजपा के ज़िला अध्यक्ष रेशमा भारती के अगुआई में श्रेया सिंह का भव्य स्वागत किया गया.1