नई दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर संसद भवन के बाहर छात्रों का प्रदर्शन लगातार तेज होता जा रहा है। बड़ी संख्या में छात्र संसद की ओर कूच कर रहे हैं, जिन्हें रोकने के लिए पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है। प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए पुलिस द्वारा आंसू गैस के गोले छोड़े गए, पानी की बौछार की गई और लाठीचार्ज भी किया गया। प्रदर्शन में शामिल छात्रों का दावा है कि पुलिस की कार्रवाई में कई छात्र घायल हुए हैं, जबकि आंसू गैस के धुएं के कारण कुछ लोगों की तबीयत बिगड़ गई और कुछ के बेहोश होने की भी सूचना है। हालांकि, इन दावों की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इस बीच विपक्ष के कई नेता भी प्रदर्शनकारियों के समर्थन में सामने आए हैं और छात्रों का स्पष्ट कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा और वे पीछे हटने वाले नहीं हैं। उधर, इस घटनाक्रम के बाद राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार, इस बढ़ते विवाद के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की है, हालांकि इस मुलाकात को लेकर सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि सरकार आंदोलन को लेकर क्या फैसला लेती है और क्या केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपने पद से इस्तीफा देते हैं या नहीं।
नई दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर संसद भवन के बाहर छात्रों का प्रदर्शन लगातार तेज होता जा रहा है। बड़ी संख्या में छात्र संसद की ओर कूच कर रहे हैं, जिन्हें रोकने के लिए पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है। प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए पुलिस द्वारा आंसू गैस के गोले छोड़े गए, पानी की बौछार की गई और लाठीचार्ज भी किया गया। प्रदर्शन में शामिल छात्रों का दावा है कि पुलिस की कार्रवाई में कई छात्र घायल हुए हैं, जबकि आंसू गैस के धुएं के कारण कुछ लोगों की तबीयत बिगड़ गई और कुछ के बेहोश होने की भी सूचना है। हालांकि, इन दावों की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इस बीच विपक्ष के कई नेता भी प्रदर्शनकारियों के समर्थन में सामने आए हैं और छात्रों का स्पष्ट कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा और वे पीछे हटने वाले नहीं हैं। उधर, इस घटनाक्रम के बाद राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार, इस बढ़ते विवाद के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की है, हालांकि इस मुलाकात को लेकर सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि सरकार आंदोलन को लेकर क्या फैसला लेती है और क्या केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपने पद से इस्तीफा देते हैं या नहीं।
- सीतापुर के महमूदाबाद के वार्ड नंबर 2 सिगंरोसी में सरकारी गौशाला ठेकेदारों का अड्डा बन चुकी है। इस पर तीखा सवाल उठाया गया है कि क्या सरकारी संपत्ति ठेकेदारों का सामान रखने के लिए बनाई जाती है या फिर गायों के भूसे और चारे के लिए। वर्तमान सभासद अपनी मनमानी चलाते हुए यहाँ मनमर्जी से काम कर रहे हैं। इस गंभीर लापरवाही को लेकर उच्च अधिकारियों से पुरजोर अनुरोध किया गया है कि वे मामले की जांच कर इसे तुरंत खाली करवाएं।1
- नई दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर संसद भवन के बाहर छात्रों का प्रदर्शन लगातार तेज होता जा रहा है। बड़ी संख्या में छात्र संसद की ओर कूच कर रहे हैं, जिन्हें रोकने के लिए पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है। प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए पुलिस द्वारा आंसू गैस के गोले छोड़े गए, पानी की बौछार की गई और लाठीचार्ज भी किया गया। प्रदर्शन में शामिल छात्रों का दावा है कि पुलिस की कार्रवाई में कई छात्र घायल हुए हैं, जबकि आंसू गैस के धुएं के कारण कुछ लोगों की तबीयत बिगड़ गई और कुछ के बेहोश होने की भी सूचना है। हालांकि, इन दावों की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इस बीच विपक्ष के कई नेता भी प्रदर्शनकारियों के समर्थन में सामने आए हैं और छात्रों का स्पष्ट कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा और वे पीछे हटने वाले नहीं हैं। उधर, इस घटनाक्रम के बाद राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार, इस बढ़ते विवाद के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की है, हालांकि इस मुलाकात को लेकर सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि सरकार आंदोलन को लेकर क्या फैसला लेती है और क्या केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपने पद से इस्तीफा देते हैं या नहीं।1
- उत्तर प्रदेश के सीतापुर जनपद के महमूदाबाद क्षेत्र में प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार हो रहे पेपर लीक के विरोध में सोमवार को छात्रों ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में एकत्र हुए छात्रों ने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता लाने और युवाओं के भविष्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग उठाई। इस दौरान छात्रों ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) महमूदाबाद को देश के राष्ट्रपति के नाम संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। छात्रों का कहना है कि बार-बार पेपर लीक होने के कारण लाखों अभ्यर्थियों की वर्षों की कड़ी मेहनत बेकार चली जाती है और परीक्षाएं निरस्त होने से युवाओं को मानसिक, आर्थिक और सामाजिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। छात्रों ने मांग की है कि देशभर में पेपर लीक की घटनाओं पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए एक कठोर कानून बनाया जाए, ताकि परीक्षा माफियाओं और इसमें शामिल दोषियों के खिलाफ सख्त व त्वरित कार्रवाई की जा सके। इसके अलावा, उन्होंने परीक्षा प्रक्रिया को सुरक्षित और तकनीकी रूप से मजबूत बनाने तथा मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग भी की है। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात प्रशासन के समक्ष रखी, जिसके बाद एसडीएम ने उनका ज्ञापन स्वीकार कर उसे शासन स्तर तक भेजने का आश्वासन दिया। छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में पेपर लीक की घटनाएं नहीं रुकीं और दोषियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, तो वे लोकतांत्रिक तरीके से अपना आंदोलन आगे भी जारी रखेंगे।1
- राष्ट्रीय रुद्र वीर सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष और राष्ट्रीय कार्यकारिणी की सहमति से संगठन के पूर्व सीतापुर जिला अध्यक्ष अंबुज पांडे को उत्तर प्रदेश का नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। अंबुज पांडे के प्रदेश अध्यक्ष बनने की घोषणा के बाद से ही कार्यकर्ताओं में भारी हर्ष का माहौल देखा जा रहा है। इसी कड़ी में सीतापुर के निवर्तमान जिला मंत्री कृष्ण मुरारी ने नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष को अपनी शुभकामनाएं प्रेषित की हैं और मिठाई बांटकर खुशी का इजहार किया है। निवर्तमान जिला मंत्री कृष्ण मुरारी का मानना है कि अंबुज पांडे के कुशल नेतृत्व में संगठन और अधिक मजबूती के साथ अपना विस्तार करेगा और सनातन धर्म की अलख जगाएगा। उन्होंने संगठन के विस्तार के लिए इस नेतृत्व परिवर्तन को बेहद जरूरी कदम बताया है। अंबुज पांडे के क्षेत्र में आगमन पर कार्यकर्ताओं द्वारा उनके स्वागत में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन भी किया जाएगा। इस खुशी के मौके पर जगदीश कुमार, सुनील जी, प्रवीण कुमार, डॉ. मनोज कमल जी, रवि, जागेश्वर, पूरन सिंह और जोधा लाल सहित कई अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।4
- योगी बाराबंकी के लोधेश्वर धाम महादेवा पहुंचे हैं। यहाँ उन्होंने क्षेत्र के लिए 542 करोड़ की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया।1
- बहराइच के महसी क्षेत्र की इस जानकारी के अनुसार, जंतर-मंतर पर अभिनेता नसीरुद्दीन सर देखने को मिले हैं। इस दृश्य को लेकर अत्यंत भावुक प्रतिक्रिया व्यक्त की गई है।1
- जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी का प्रदर्शन एक बार फिर शुरू हो गया है, जहाँ समर्थकों ने दोबारा अपना मंच तैयार कर लिया है। इस प्रदर्शन के बीच अभिजीत दीपके ने साफ तौर पर कहा है कि वे लोग आज भी संसद मार्च करेंगे।1