ग्राम विकास की जरूरतों और प्राथमिकताओं की पहचान जरूरी : रमेश चंद्र सिंह ग्राम परिदृश्य निर्माण व GPDP प्रक्रिया पर दिया गया प्रशिक्षण मऊ। भगवान मानव कल्याण समिति द्वारा संचालित ग्रामीण महिला सशक्तीकरण कार्यक्रम के तहत नारी संघ की अगुआ सदस्यों के लिए आयोजित दो दिवसीय प्रशिक्षण के अंतिम दिन ग्राम परिदृश्य निर्माण और ग्राम पंचायत विकास योजना (GPDP) की प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रतिभागियों को गांव की वास्तविक जरूरतों, समस्याओं, उपलब्ध संसाधनों और विकास की प्राथमिकताओं की पहचान करने का अभ्यास कराया गया। संस्था प्रमुख रमेश चंद्र सिंह ने GPDP की प्रक्रिया को सरल एवं व्यवहारिक तरीके से समझाते हुए कहा कि ग्राम पंचायत की विकास योजना तैयार करने से पहले गांव की वास्तविक स्थिति और समुदाय की आवश्यकताओं को समझना जरूरी है। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों ने सामाजिक एवं संसाधन मानचित्र तैयार कर गांव की विभिन्न बस्तियों, सार्वजनिक स्थलों, उपलब्ध संसाधनों तथा प्रमुख समस्याओं को चिन्हित किया। इसके बाद समस्याओं और आवश्यकताओं की प्राथमिकता तय करने के लिए PRA (Participatory Rural Appraisal) गतिविधि कराई गई। सामूहिक चर्चा के माध्यम से प्रतिभागियों ने यह समझने का प्रयास किया कि गांव के विकास से जुड़े किन मुद्दों को प्राथमिकता के साथ ग्राम पंचायत के समक्ष रखा जाना चाहिए। प्रशिक्षण में बताया गया कि GPDP केवल पंचायत स्तर की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि ग्राम सभा और समुदाय की सक्रिय भागीदारी इसके लिए महत्वपूर्ण है। प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए स्थानीय समस्याओं को विकास योजना से जोड़ने पर चर्चा की। इस दौरान प्रेमा, मिथिलेश, चंदा, किरन, लालमती, आरवती, पूनम, संजू, मंजू, नीलम सहित नारी संघ की अगुआ सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही। प्रशिक्षण के माध्यम से महिलाओं को स्थानीय लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं, सामुदायिक भागीदारी और ग्राम विकास की योजना प्रक्रिया में प्रभावी भूमिका निभाने के लिए जागरूक किया गया।
ग्राम विकास की जरूरतों और प्राथमिकताओं की पहचान जरूरी : रमेश चंद्र सिंह ग्राम परिदृश्य निर्माण व GPDP प्रक्रिया पर दिया गया प्रशिक्षण मऊ। भगवान मानव कल्याण समिति द्वारा संचालित ग्रामीण महिला सशक्तीकरण कार्यक्रम के तहत नारी संघ की अगुआ सदस्यों के लिए आयोजित दो दिवसीय प्रशिक्षण के अंतिम दिन ग्राम परिदृश्य निर्माण और ग्राम पंचायत विकास योजना (GPDP) की प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रतिभागियों को गांव की वास्तविक जरूरतों, समस्याओं, उपलब्ध संसाधनों और विकास की प्राथमिकताओं की पहचान करने का अभ्यास कराया गया। संस्था प्रमुख रमेश चंद्र सिंह ने GPDP की प्रक्रिया को सरल एवं व्यवहारिक तरीके से समझाते हुए कहा कि ग्राम पंचायत की विकास योजना तैयार करने से पहले गांव की वास्तविक स्थिति और समुदाय की आवश्यकताओं को समझना जरूरी है। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों ने सामाजिक एवं संसाधन मानचित्र तैयार कर गांव की विभिन्न बस्तियों, सार्वजनिक स्थलों, उपलब्ध संसाधनों
तथा प्रमुख समस्याओं को चिन्हित किया। इसके बाद समस्याओं और आवश्यकताओं की प्राथमिकता तय करने के लिए PRA (Participatory Rural Appraisal) गतिविधि कराई गई। सामूहिक चर्चा के माध्यम से प्रतिभागियों ने यह समझने का प्रयास किया कि गांव के विकास से जुड़े किन मुद्दों को प्राथमिकता के साथ ग्राम पंचायत के समक्ष रखा जाना चाहिए। प्रशिक्षण में बताया गया कि GPDP केवल पंचायत स्तर की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि ग्राम सभा और समुदाय की सक्रिय भागीदारी इसके लिए महत्वपूर्ण है। प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए स्थानीय समस्याओं को विकास योजना से जोड़ने पर चर्चा की। इस दौरान प्रेमा, मिथिलेश, चंदा, किरन, लालमती, आरवती, पूनम, संजू, मंजू, नीलम सहित नारी संघ की अगुआ सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही। प्रशिक्षण के माध्यम से महिलाओं को स्थानीय लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं, सामुदायिक भागीदारी और ग्राम विकास की योजना प्रक्रिया में प्रभावी भूमिका निभाने के लिए जागरूक किया गया।
- ग्राम विकास की जरूरतों और प्राथमिकताओं की पहचान जरूरी : रमेश चंद्र सिंह ग्राम परिदृश्य निर्माण व GPDP प्रक्रिया पर दिया गया प्रशिक्षण मऊ। भगवान मानव कल्याण समिति द्वारा संचालित ग्रामीण महिला सशक्तीकरण कार्यक्रम के तहत नारी संघ की अगुआ सदस्यों के लिए आयोजित दो दिवसीय प्रशिक्षण के अंतिम दिन ग्राम परिदृश्य निर्माण और ग्राम पंचायत विकास योजना (GPDP) की प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रतिभागियों को गांव की वास्तविक जरूरतों, समस्याओं, उपलब्ध संसाधनों और विकास की प्राथमिकताओं की पहचान करने का अभ्यास कराया गया। संस्था प्रमुख रमेश चंद्र सिंह ने GPDP की प्रक्रिया को सरल एवं व्यवहारिक तरीके से समझाते हुए कहा कि ग्राम पंचायत की विकास योजना तैयार करने से पहले गांव की वास्तविक स्थिति और समुदाय की आवश्यकताओं को समझना जरूरी है। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों ने सामाजिक एवं संसाधन मानचित्र तैयार कर गांव की विभिन्न बस्तियों, सार्वजनिक स्थलों, उपलब्ध संसाधनों तथा प्रमुख समस्याओं को चिन्हित किया। इसके बाद समस्याओं और आवश्यकताओं की प्राथमिकता तय करने के लिए PRA (Participatory Rural Appraisal) गतिविधि कराई गई। सामूहिक चर्चा के माध्यम से प्रतिभागियों ने यह समझने का प्रयास किया कि गांव के विकास से जुड़े किन मुद्दों को प्राथमिकता के साथ ग्राम पंचायत के समक्ष रखा जाना चाहिए। प्रशिक्षण में बताया गया कि GPDP केवल पंचायत स्तर की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि ग्राम सभा और समुदाय की सक्रिय भागीदारी इसके लिए महत्वपूर्ण है। प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए स्थानीय समस्याओं को विकास योजना से जोड़ने पर चर्चा की। इस दौरान प्रेमा, मिथिलेश, चंदा, किरन, लालमती, आरवती, पूनम, संजू, मंजू, नीलम सहित नारी संघ की अगुआ सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही। प्रशिक्षण के माध्यम से महिलाओं को स्थानीय लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं, सामुदायिक भागीदारी और ग्राम विकास की योजना प्रक्रिया में प्रभावी भूमिका निभाने के लिए जागरूक किया गया।2
- Post by SONI DEVI1
- गौ सेवा आयोग उत्तर प्रदेश सरकार से भानु प्रकाश पांडे हुए नामित सदस्य जिला मऊ से गौसेवा आयोग उत्तर प्रदेश सरकार से नामित सदस्य भानु प्रकाश पाण्डे का कार्यकर्ताओं द्वारा भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। अतिथियों का स्वागत बढुवा गोदाम से शुरू होकर महाकवि पंडित श्याम नारायण पांडे के मूर्ति पर अतिथियों द्वारा माल्यार्पण कर किया गया। उसके उपरांत गाड़ियों का काफिला गृहस्थ प्लाजा स्थित सभागार में पहुंचा जहां पर भारी संख्या में कार्यकर्ताओं ने फूल माला, अंगवस्त्र तथा पुष्पगुच्छ से भानु प्रकाश पांडे का स्वागत किया। कार्यक्रम को आगे शुभारंभ करते हुए दीप प्रज्वलन अतिथिओं द्वारा किया गया।सरस्वती वंदना तथा स्वागत गीत के बाद भानु प्रकाश ने भाव विभोर होकर सबका आभार व्यक्त किया तथा अपने कर्तव्यों को आत्मसात करने के लिए प्रतिबद्धता दोहराई। गौ रक्षा विभाग कानपुर प्रांत की उपाध्यक्ष तथा गौ सेवा आयोग उत्तर प्रदेश सरकार के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता की धर्मपत्नी श्रीमती मंजू गुप्ता ने भी अपने उद्बोधन में गाय की महत्ता तथा उपयोगिता का महत्व बताया मुख्य अतिथि प्रोफेसर गुरु प्रसाद सिंह ने अपने ओजस्वी भाषण में उपस्थित सभी जनमानस को बहुत अधिक मात्रा में प्रभावित किया दूसरे शब्दों में कहा जाए तो सम्मोहित कर लिया। जमीन से जुड़ी हुई बातें लोगों को बहुत प्रभावित की। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे पूर्व सांसद डॉक्टर संतोष सिंह ने अपने उद्बोधन में ग्रामीण जीवन तथा वर्तमान में जो अंधदौड है उसके दुष्प्रभाव को बहुत प्रभावी तरीके से उनको इंगित किया। उनका उद्बोधन बहुत ही सारगर्भित रहा। उन्होंने भानु प्रकाश पांडे की ।प्रशंसा करते हुए उनको उज्जवल भविष्य की हार्दिक शुभकामनाएं दी।1
- मऊ में आशा कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन, मानदेय बढ़ाने और सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने की मांग मऊ में आशा कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन, मानदेय बढ़ाने और सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने की मांग मऊ में मानदेय बढ़ाने और सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने की मांग को लेकर आशा कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। आशा बहू कल्याण समिति के बैनर तले बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचीं और डीएम कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गईं। प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी की। आशा कार्यकर्ताओं का कहना है कि स्वास्थ्य सेवाओं में लगातार काम करने के बावजूद उनकी मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने मानदेय में बढ़ोतरी और नियमित सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिए जाने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान पुलिस बल भी मौके पर पहुंचा। कार्यकर्ताओं ने मांगों पर जल्द निर्णय नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी। करीब दो घंटे चले प्रदर्शन के बाद जिलाधिकारी आनंद वर्धन ने आशा कार्यकर्ताओं की बात सुनी और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद धरना समाप्त हुआ।1
- अहरौला कांड के मृतकों के परिवारों के लिए आजमगढ़ पुलिस प्रशासन का बड़ा फैसला 📰 आजमगढ़ की बड़ी खबर अहरौला कांड के मृतकों के परिवारों के लिए आजमगढ़ पुलिस प्रशासन का बड़ा फैसला आजमगढ़ जिले के अहरौला थाना क्षेत्र के शंभूपुर गहजी गांव में पांच लोगों की मौत की घटना के बाद आजमगढ़ पुलिस प्रशासन ने मृतकों के परिजनों के सहयोग के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। आजमगढ़ के पुलिस कप्तान डॉ. अनिल कुमार ने पुलिस मुठभेड़ में मारे गए अरविंद सिंह की दो बेटियों की परवरिश की जिम्मेदारी लेने की घोषणा की है। उन्होंने दोनों बच्चियों के आर्थिक सहयोग के लिए अपने एक माह के वेतन का योगदान करने की भी घोषणा की है। इसके साथ ही एसपी ने बताया कि आजमगढ़ के करीब 5,000 पुलिसकर्मी स्वेच्छा से अपना एक दिन का वेतन इस सहायता में देंगे। एकत्रित धनराशि को फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) में रखा जाएगा, जिसका उपयोग बच्चियां 18 वर्ष की आयु पूरी होने के बाद कर सकेंगी। वहीं, घटना में पूजा कराने गए दो ब्राह्मण परिवारों के परिजनों को ₹8,000 प्रतिमाह आर्थिक सहायता दिलाने के लिए सरकार को प्रस्ताव भेजे जाने की बात भी कही गई है। फिलहाल पुलिस मुठभेड़ में मारे गए अरविंद सिंह की दोनों बेटियों को उनके परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया है।1
- ‘वेलकम’ फेम एक्टर मुश्ताक खान का निधन, 56 की उम्र में ली आखिरी सांस बॉलीवुड से दुखद खबर सामने आई है। ‘वेलकम’ फेम अभिनेता मुश्ताक खान का 56 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। बिजनेस पार्टनर शिवम ने उनके निधन की पुष्टि की है। अभिनेता पिछले करीब 15 दिनों से अस्पताल में भर्ती थे। [Mushtaq Khan, Mushtaq Khan death, Mushtaq Khan death news, Mushtaq Khan passed away, Mushtaq Khan latest news, Welcome actor Mushtaq Khan, Welcome fame actor, Mushtaq Khan news, Bollywood news, Bollywood latest news, Bollywood death news, actor death news, entertainment news, Hindi entertainment news, Mushtaq Khan 56, Mushtaq Khan hospital, Mushtaq Khan Shivam, Welcome movie actor, Gadar actor Mushtaq Khan, Aashiqui actor Mushtaq Khan, Mujhse Shaadi Karogi actor, Dainik Adhyay, Vande Times, latest Bollywood news, breaking Bollywood news, Bollywood update, Hindi news, latest news]1
- तेज रफ्तार बाइक की टक्कर से घायल मजदूर की लखनऊ में मौत, परिवार में मचा कोहराम सड़क हादसे में मजदूर की मौत की खबर आजमगढ़। कप्तानगंज थाना क्षेत्र के हिस्सामुद्दीनपुर गांव निवासी मजदूर बसंत कनौजिया (उम्र लगभग 45 वर्ष), पुत्र स्व. मनफेर कनौजिया की सड़क हादसे में इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। जानकारी के अनुसार, बसंत कनौजिया बीते 20 सितंबर को मजदूरी कर वापस अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान कप्तानगंज तिराहे के पास तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कोयलसा पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उनकी हालत गंभीर देखते हुए लखनऊ के लिए रेफर कर दिया। परिजनों के अनुसार, बसंत कनौजिया का लखनऊ मेडिकल कॉलेज में उपचार चल रहा था। बृहस्पतिवार को इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मृतक तीन भाइयों में सबसे छोटे थे। उनके दो बेटे हैं, जिनमें एक विवाहित और दूसरा अविवाहित है। पति की मौत की खबर सुनकर पत्नी रीता का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के लोगों का भी दुख से बुरा हाल है। परिजनों ने शव का पंचनामा तैयार कराने के बाद अंबेडकर नगर के कम्हरिया घाट पर अंतिम संस्कार कर दिया।1
- जनकल्याणकारी योजनाओं की दी गई जानकारी मधुबन के दुबारी मोड़ पर आयोजित हुआ जनजागरूकता कार्यक्रम, बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं युवा रहे मौजूद मऊ । सेवा संकल्प अभियान के तहत सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा नामित नुक्कड़ नाटक टीम द्वारा आज मधुबन के दुबारी मोड़ पर जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से ग्रामीणों को केंद्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी सरल एवं मनोरंजक तरीके से दी गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मा. विधायक मधुबन श्री रामविलास चौहान उपस्थित रहे।नुक्कड़ नाटक के कलाकारों ने अपने अभिनय एवं संवादों के माध्यम से प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, आयुष्मान भारत योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, विधवा पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन, स्वच्छ भारत मिशन तथा हर घर जल योजना सहित विभिन्न योजनाओं के उद्देश्य एवं पात्र लाभार्थियों को मिलने वाले लाभों की जानकारी दी। कलाकारों ने नाटकीय प्रस्तुति के माध्यम से यह भी बताया कि सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए पात्र लाभार्थियों को निर्धारित प्रक्रिया एवं आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी होना जरूरी है। नाटक के माध्यम से ग्रामीणों को योजनाओं के प्रति जागरूक रहने तथा पात्र होने पर उनका लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया। नुक्कड़ नाटक देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण, युवा एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे। इस अवसर पर मुख्य अतिथि विधायक रामविलास चौहान ने कहा कि केंद्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा गरीबों, किसानों, महिलाओं और युवाओं के हित में विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य समाज के अंतिम पायदान पर खड़े पात्र व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि जनजागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को सरकार की योजनाओं एवं उनके लाभ की जानकारी आसानी से उपलब्ध कराई जा सकती है। विधायक ने कहा कि नुक्कड़ नाटक लोक संवाद का प्रभावी माध्यम है। अभिनय और संवाद के जरिए कठिन विषयों को भी आमजन तक सरल भाषा में पहुंचाया जा सकता है। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम से ग्रामीणों को विभिन्न योजनाओं की जानकारी प्राप्त हुई तथा उन्हें पात्रता के अनुसार योजनाओं का लाभ लेने के लिए जागरूक किया गया। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने नुक्कड़ नाटक की प्रस्तुति को सराहा। आयोजन का उद्देश्य जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाना और पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ लेने के लिए जागरूक करना रहा। इसके अलावा सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा नामित टीम द्वारा विधानसभा क्षेत्र घोसी में भी नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के बारे में जानकारी दी गई।4