लखनऊ के थाना विभूतिखंड के अंतर्गत सिनेपोलिस चौकी (समिट बिल्डिंग) के चौकी प्रभारी हरिओम पटेल को लेकर क्षेत्र में विभिन्न तरह की चर्चाएं व्याप्त हैं। स्थानीय सूत्रों का दावा है कि चौकी प्रभारी सोशल मीडिया के लिए वीडियो बनाने में अधिक रुचि रखते हैं, और उनकी कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल भी हो चुकी हैं। इन कथित गतिविधियों के कारण उन पर गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं कि चौकी क्षेत्र में आए दिन होने वाली मारपीट और अन्य आपराधिक घटनाओं पर अपेक्षित गंभीरता से ध्यान नहीं दिया जाता। सूत्रों के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि समिट बिल्डिंग स्थित बार और अन्य प्रतिष्ठानों से कथित तौर पर सुविधा शुल्क वसूला जाता है, जिसके परिणामस्वरूप इन बार संचालकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाती। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है, और न ही इस संबंध में पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है। अब देखना यह होगा कि समाचार के प्रकाशन के बाद संबंधित उच्चाधिकारी इन गंभीर आरोपों का संज्ञान लेते हैं या नहीं और क्या वे इस मामले की निष्पक्ष जांच कराते हैं।
लखनऊ के थाना विभूतिखंड के अंतर्गत सिनेपोलिस चौकी (समिट बिल्डिंग) के चौकी प्रभारी हरिओम पटेल को लेकर क्षेत्र में विभिन्न तरह की चर्चाएं व्याप्त हैं। स्थानीय सूत्रों का दावा है कि चौकी प्रभारी सोशल मीडिया के लिए वीडियो बनाने में अधिक रुचि रखते हैं, और उनकी कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल भी हो चुकी हैं। इन कथित गतिविधियों के कारण उन पर गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं कि चौकी क्षेत्र में आए दिन होने वाली मारपीट और अन्य आपराधिक घटनाओं पर अपेक्षित गंभीरता से ध्यान नहीं दिया जाता। सूत्रों के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि समिट बिल्डिंग स्थित बार और अन्य प्रतिष्ठानों से कथित तौर पर सुविधा शुल्क वसूला जाता है, जिसके परिणामस्वरूप इन बार संचालकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाती। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है, और न ही इस संबंध में पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है। अब देखना यह होगा कि समाचार के प्रकाशन के बाद संबंधित उच्चाधिकारी इन गंभीर आरोपों का संज्ञान लेते हैं या नहीं और क्या वे इस मामले की निष्पक्ष जांच कराते हैं।
- ब्रेकिंग न्यूज़ संवाददाता आशीष मिश्रा द्वारा जारी यूपी दिनभर की 15 बड़ी खबरों के तहत तीन प्रमुख घटनाएँ सामने आई हैं। इनमें एक माँ अपने शहीद बेटे का आखिरी बार चेहरा नहीं देख पाई, चीनी माँझे के कारण एक गंभीर हादसा हुआ, और श्री राम जन्मभूमि मंदिर में दान की रकम में कथित हेराफेरी की जाँच के लिए एक विशेष टीम ने पड़ताल शुरू कर दी है। शहीद बेटे का आखिरी बार चेहरा नहीं देख पाने का यह भावुक प्रकरण शहीदों के सम्मान और उनके पार्थिव शरीर को घर पहुँचाने से जुड़े कुछ मामलों को उजागर करता है, जहाँ परिवारों को अत्यधिक पीड़ा का सामना करना पड़ा है। इसी क्रम में, बरेली सहित उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में चीनी माँझे के इस्तेमाल से जानलेवा हादसे लगातार हो रहे हैं। हाल ही में एक दर्दनाक घटना में एक मंत्री के भतीजे की गर्दन माँझे से कटने की गंभीर बात सामने आई है, जिसके बाद प्रशासन इस पर सख्त कदम उठाने पर विचार कर रहा है। वहीं, अयोध्या के श्री राम जन्मभूमि मंदिर में दान की रकम में हेराफेरी और गबन के आरोपों की जाँच के लिए स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) अयोध्या पहुँच चुकी है और उसने अपनी पड़ताल शुरू कर दी है। इस मामले में ट्रस्ट और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी गहन जाँच में जुटे हैं।1
- लखनऊ के गोसाईगंज पावर हाउस के अंतर्गत मोहम्मदपुर गढ़ी मजरा नारायणपुर गांव में पिछले लगभग पांच वर्षों से बिजली के खंभे नहीं लगाए गए हैं। इस गंभीर लापरवाही के कारण बिजली की तारें सड़क के किनारे और रास्तों में खतरनाक ढंग से झूल रही हैं, जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा होने का अंदेशा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि उन्होंने इस समस्या को लेकर विद्युत विभाग को कई बार लिखित शिकायतें और प्रार्थना पत्र दिए हैं, लेकिन उनकी गुहार पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि खुले में लटकती ये केबलें उनकी जान-माल के लिए बड़ा खतरा बनी हुई हैं। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग को चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में इन झूलती केबलों के कारण कोई दुर्घटना होती है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी विद्युत विभाग की होगी। उन्होंने विभागीय अधिकारियों से तत्काल बिजली के खंभे लगवाकर इस समस्या का स्थायी समाधान करने की पुरजोर मांग की है।1
- लखनऊ के नगराम थाना क्षेत्र में स्थित एक पटाखा फैक्ट्री में जोरदार धमाका हुआ है, जिसकी आवाज करीब 2 किलोमीटर तक सुनाई दी। इस भीषण धमाके के कारण पूरा घर उड़ गया और एक महिला तथा एक युवक घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमें राहत कार्य के लिए तुरंत मौके पर पहुंच गईं।1
- हरदोई के सुरसा विकास खण्ड के मतुआ गाँव में आयोजित श्रीमद्भागवत साप्ताहिक ज्ञान कथा के सप्तम दिवस पर श्रोतागण भक्तिभाव में लीन हो गए। नैमिषारण्य धाम के कथावाचक ऋषि शुक्ला ने अपनी मधुर और अमृतमयी वाणी से रुक्मणी विवाह, सुदामा चरित्र, कंस वध और राजा परीक्षित मोक्ष कथा के प्रेरक प्रसंगों का वर्णन किया, जिससे पूरा नगर भक्ति भावना से सराबोर होकर भाव विभोर हो गया। इस कथा के मुख्य यजमान गुड्डू सिंह रहे। कथा की रोचकता के कारण परिसर में भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा। कथा व्यास ऋषि शुक्ला ने इस अवसर पर कहा कि श्रीमद्भागवत कथा के श्रवण की सार्थकता इसी में है कि मनुष्य नियमित रूप से कुछ क्षण भगवान की भक्ति और सेवा कार्यों में लगाए। उन्होंने सभी को अपने परिवार के सदस्यों के साथ बैठकर सकारात्मक संवाद स्थापित करने और एक-दूसरे के सुख-दुःख में सहभागी बनने का प्रयास करने की सलाह दी। जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली के लिए प्रत्येक व्यक्ति को मानवीय मूल्यों को जीवन में संजोकर सदा नेक कार्य करने के प्रति सजग रहना चाहिए। इस श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में पुरुष, महिलाएँ और बच्चे मौजूद थे। माधौगंज नगर से चलकर आए ज्वाला मंदिर कमेटी के सदस्यों ने भी सप्तम दिवस की कथा का रसपान किया। आरती के उपरांत, आयोजन समिति के सदस्यों द्वारा प्रसाद वितरित किया गया, जिसमें भगवान श्रीकृष्ण और देवी रुक्मिणी का विवाह बड़े ही धूमधाम से मनाया गया।4
- जयपुर में अभिजीत दीपके को थप्पड़ मारने वाले व्यक्ति ने खुद को प्रबल राष्ट्रवादी घोषित किया है। इस घटना के बाद, उक्त व्यक्ति ने बेहद आक्रामक लहजे में अपनी पहचान बताते हुए कहा, 'मैं राष्ट्रवादी हूं। मच्छर, तेरे को बताऊं अभी, क्या हूं मैं', और इस बात पर उसने पुनः जोर दिया। यह बयान ऐसे समय सामने आया है जब देश में एक व्यापक राष्ट्रवादी भावना के उभार को लेकर सवाल उठ रहे हैं। टेक्स्ट में उल्लेख किया गया है कि 'बंगाल का रण रोज नया आगाज बता रहा है' और 'राजस्थान में भी जनता का अलग ही मिजाज है', जो देश के मिजाज में बदलाव का संकेत दे रहा है। इसके साथ ही यह सवाल भी उठाया गया है कि 'कहीं देश अब राष्ट्रवादी तो नहीं हो गया है', और यह प्रश्न 'पूछता है भारत' के नारे के साथ जुड़ गया है।1
- उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जनपद स्थित दोस्तपुर थाना क्षेत्र के ग्राम गोलनपारा से 14 जून को एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस वीडियो में एक व्यक्ति को जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए और डॉ. भीमराव अंबेडकर साहब के विरुद्ध अपशब्द बोलते हुए दिखाया गया था। इस मामले के संबंध में, क्षेत्राधिकारी श्री विनय कुमार गौतम ने बताया है कि वीडियो में वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस द्वारा इस प्रकरण में आगे की विधिक कार्यवाही की जा रही है।1
- लखनऊ में फ़र्ज़ी आधार कार्ड का इस्तेमाल कर लाखों की संपत्ति हड़पने की एक बड़ी साजिश का पर्दाफाश हुआ है। जालसाजों द्वारा फ़र्ज़ी आधार कार्डों की मदद से संपत्ति का एस्टीमेट बनवाने का प्रयास किया जा रहा था, जिसकी भनक लगते ही पीड़ित ने तत्काल थाना पारा में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पीड़ित के बयान के अनुसार, जालसाज सरोसा भरोसा के जे.ई. और फीडर प्रभारी से जल्द से जल्द एस्टीमेट तैयार कराने का दबाव बना रहे थे। पावर हाउस सरोसा भरोसा के विद्युत कर्मियों को इस गतिविधि पर संदेह हुआ, जिसके बाद उन्होंने मौके पर जाकर गहन जांच की। इस जांच के दौरान ही पूरे जालसाजी का खुलासा हुआ और फर्जीवाड़े की पोल खुल गई। पीड़ित ने अब थाना पारा में अपनी शिकायत दर्ज कराकर पुलिस से न्याय दिलाने की अपील की है।1
- श्रीलंका-ए के खिलाफ सुपर ओवर में भारत-ए की हार के बाद मैदान पर काफी गहमागहमी देखने को मिली। इस दौरान, भारत-ए के खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी ने एक श्रीलंकाई खिलाड़ी को धक्का मारा। यह घटना तब हुई जब श्रीलंकाई खिलाड़ियों ने वैभव को मैच न जिता पाने के कारण ताना मारा, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हुई और स्थिति हाथापाई तक पहुँचने वाली थी। इस गरमागरम माहौल के बीच, भारत-ए के कप्तान तिलक वर्मा भी अंपायरों से उलझते हुए दिखाई दिए।1