बलिया जिले के विकास खंड गड़वार के ग्राम मनियर में रविवार को गड़वार थाना पुलिस द्वारा 'सास-बहू-बेटी सम्मेलन' का आयोजन किया गया। उत्तर प्रदेश शासन और उत्तर प्रदेश पुलिस के 'मिशन शक्ति' अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा, सम्मान, स्वावलंबन तथा उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना था। सम्मेलन के दौरान पारिवारिक सौहार्द बढ़ाने से लेकर साइबर अपराधों से बचाव जैसे गंभीर मुद्दों पर विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों ने महिलाओं को घरेलू हिंसा या किसी भी प्रकार के उत्पीड़न के खिलाफ चुप न रहने और तत्काल पुलिस से संपर्क करने के लिए प्रेरित किया। सम्मेलन में मुख्य रूप से सास और बहू के बीच बेहतर संवाद स्थापित करने और पारिवारिक समरसता बनाए रखने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही, अभिभावकों को अपनी बेटियों की शिक्षा, उनकी संगति और मोबाइल व इंटरनेट के सुरक्षित उपयोग पर नजर रखने की सलाह दी गई, ताकि वे साइबर अपराध, फर्जी कॉल और ऑनलाइन ठगी का शिकार न हों। सम्मेलन में बेटियों को शिक्षित और आत्मनिर्भर बनाने का आह्वान किया गया। महिलाओं को मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना और निराश्रित महिला (विधवा) पेंशन योजना जैसी विभिन्न सरकारी कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देकर उनका लाभ उठाने की अपील की गई। इसके अलावा, आपातकालीन स्थिति में मदद के लिए साइबर हेल्पलाइन-1930, आपातकालीन सेवा-112, वूमेन पावर लाइन-1090, महिला हेल्पलाइन-181 और चाइल्ड हेल्पलाइन-1098 जैसे महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबर भी साझा किए गए। इस जागरूकता कार्यक्रम में उपनिरीक्षक सोनाली सिंह, महिला रिक्रूट आरक्षी कोमल पटेल, राजनंदिनी और जया तिवारी सहित भारी संख्या में ग्रामीण महिलाएं और युवतियां उपस्थित रहीं।
बलिया जिले के विकास खंड गड़वार के ग्राम मनियर में रविवार को गड़वार थाना पुलिस द्वारा 'सास-बहू-बेटी सम्मेलन' का आयोजन किया गया। उत्तर प्रदेश शासन और उत्तर प्रदेश पुलिस के 'मिशन शक्ति' अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा, सम्मान, स्वावलंबन तथा उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना था। सम्मेलन के दौरान पारिवारिक सौहार्द बढ़ाने से लेकर साइबर अपराधों से बचाव जैसे गंभीर मुद्दों पर विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों ने महिलाओं को घरेलू हिंसा या किसी भी
प्रकार के उत्पीड़न के खिलाफ चुप न रहने और तत्काल पुलिस से संपर्क करने के लिए प्रेरित किया। सम्मेलन में मुख्य रूप से सास और बहू के बीच बेहतर संवाद स्थापित करने और पारिवारिक समरसता बनाए रखने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही, अभिभावकों को अपनी बेटियों की शिक्षा, उनकी संगति और मोबाइल व इंटरनेट के सुरक्षित उपयोग पर नजर रखने की सलाह दी गई, ताकि वे साइबर अपराध, फर्जी कॉल और ऑनलाइन ठगी का शिकार न हों। सम्मेलन में बेटियों को शिक्षित और आत्मनिर्भर बनाने का आह्वान किया
गया। महिलाओं को मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना और निराश्रित महिला (विधवा) पेंशन योजना जैसी विभिन्न सरकारी कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देकर उनका लाभ उठाने की अपील की गई। इसके अलावा, आपातकालीन स्थिति में मदद के लिए साइबर हेल्पलाइन-1930, आपातकालीन सेवा-112, वूमेन पावर लाइन-1090, महिला हेल्पलाइन-181 और चाइल्ड हेल्पलाइन-1098 जैसे महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबर भी साझा किए गए। इस जागरूकता कार्यक्रम में उपनिरीक्षक सोनाली सिंह, महिला रिक्रूट आरक्षी कोमल पटेल, राजनंदिनी और जया तिवारी सहित भारी संख्या में ग्रामीण महिलाएं और युवतियां उपस्थित रहीं।
- बलिया क्लिनिक की डॉ. ज़ेबा खान के कॉन्फ्रेंस अटेंड करने की जानकारी सामने आई है। शारदा नारायण हॉस्पिटल मऊ और बलिया क्लिनिक से जुड़ी डॉ. ज़ेबा खान का यह कार्यक्रम कांटा श्री रेस्टोरेंट में आयोजित किया जाएगा। इस कॉन्फ्रेंस के लिए 11/07/26 की तारीख और शाम 7:00 बजे का समय तय किया गया है।1
- बलिया जिले के रेवती थाना क्षेत्र के गायघाट निवासी कामजी गोंड़ की कथित पुलिस पिटाई के बाद हुई मौत के वायरल दावों पर पुलिस ने अपना आधिकारिक पक्ष जारी किया है। पुलिस के अनुसार, 7 जुलाई 2026 को ग्राम गायघाट में दो पक्षों के बीच विवाद हुआ था, जिसके संबंध में सूरज कुमार रजक द्वारा शिकायत दी गई थी। इसी शिकायत के आधार पर 8 जुलाई को पुलिस गांव पहुंची थी और पूछताछ के लिए कामजी गोंड़ को थाने लाई थी। पुलिस का दावा है कि पूछताछ के बाद कामजी गोंड़ को सकुशल गांव के ही मनीष यादव के सुपुर्द कर दिया गया था। अपने इस दावे के पक्ष में पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और सुपुर्दगी का फोटो-वीडियो उपलब्ध होने की बात कही है। इसके बाद, 10 जुलाई 2026 को वाराणसी के ट्रॉमा सेंटर में इलाज के दौरान कामजी गोंड़ की मृत्यु हो गई। पुलिस का कहना है कि यदि परिजनों की ओर से कोई तहरीर या शिकायत दी जाती है, तो नियमानुसार जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस द्वारा क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखी गई है।1
- बक्सर के महदह पंचायत के वार्ड नंबर 3 (भगवती डेरा) में 5 साल बीतने जा रहे हैं, लेकिन अभी तक सड़क और नाली का निर्माण कार्य नहीं हुआ है। इस संबंध में पहले कहा गया था कि यहाँ मिनी ब्लॉक बन रहा है, इसलिए अभी सड़क और नाली नहीं बनाई जाएगी। इसके बावजूद, अब तक न तो मिनी ब्लॉक बनकर तैयार हुआ है और न ही सड़क तथा नाली का कोई काम कराया गया है।4
- सिवान जिले के रघुनाथपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम पोस्ट पंजवार में सड़क की हालत इतनी बदतर हो चुकी है कि यहाँ से एक मोटरसाइकिल तक नहीं जा पा रही है। इस रास्ते पर पैदल चलने वाले लोगों को भी आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे स्थानीय लोग बेहद त्रस्त हैं। ग्रामीणों ने इस गंभीर समस्या को जल्दी से हल करने के लिए कर्मचारियों से विनती की है कि वे भी इंसान हैं और उन्हें जनता की इस परेशानी को समझना चाहिए। लोगों ने सीधे तौर पर सीओ साहब से गुहार लगाई है कि वे एक बार खुद यहाँ आकर सड़क की वास्तविक स्थिति को देखें। ग्रामीणों का आरोप है कि इस बदहाल सड़क पर किसी भी कर्मचारी की नजर नहीं जा रही है और आम जनता बहुत परेशान है, इसलिए सरकार को भी एक बार यहाँ आकर इस समस्या को देखना चाहिए।2
- बलिया के सिकंदरपुर अंतर्गत नवानगर विकासखंड के रुद्रावार गांव में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पौधारोपण एवं पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना और अधिक से अधिक पौधे लगाकर प्रकृति के संतुलन को बनाए रखने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उपजिलाधिकारी सुनील कुमार ने बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और घटती हरियाली को मानव जीवन के लिए गंभीर चुनौती बताते हुए हर व्यक्ति से कम से कम एक पौधा लगाने और उसकी देखभाल करने का आह्वान किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि पौधे न केवल पर्यावरण को शुद्ध करते हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की नींव भी रखते हैं। इस दौरान खंड विकास अधिकारी विनोद कुमार बिंद ने ग्रामीणों से पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की अपील की ताकि क्षेत्र को हरा-भरा बनाकर प्रदूषण पर नियंत्रण पाया जा सके। वहीं, प्रधान प्रतिनिधि पवन कुमार राय ने स्पष्ट किया कि केवल पौधा लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि वृक्ष बनने तक उनकी नियमित देखरेख करना भी बेहद आवश्यक है। इस अवसर पर अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने विभिन्न प्रकार के छायादार व फलदार पौधों का रोपण किया। साथ ही, कार्यक्रम में उपस्थित क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों, ग्रामवासियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं को पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण और स्वच्छता के प्रति जागरूक करते हुए सामूहिक प्रयास करने का संकल्प दिलाया गया।1
- सीवान के आंदर क्षेत्र के अर्कपुर गांव में समाज सेवा एवं जनकल्याण के उद्देश्य से मानव सहारा फाउंडेशन के गठन को लेकर रविवार की दोपहर 5 बजे एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में गांव के लगभग 40–50 ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। बैठक के दौरान सामाजिक विकास, शिक्षा, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, नशामुक्ति, जरूरतमंदों की सहायता और युवा जागरूकता जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस अवसर पर जदयू नेता सुशील गुप्ता, कुंदन कुमार ठाकुर, बबलू सिंह, सचिन कुमार गुप्ता, अमन प्रसाद, युवा समाजसेवी आदित्य सिंह, समाजसेवी सूरज कुमार ठाकुर, लखन शर्मा, सुनील पंडित, पप्पू पंडित और चंद्रमा कुमार समेत दर्जनों लोग उपस्थित थे।1
- बलिया क्लिनिक और शारदा नारायण हॉस्पिटल मऊ की डॉ. जेबा खान का कांटा श्री रेस्टोरेंट में कॉन्फ्रेंस अटेंड करने का कार्यक्रम है। यह कॉन्फ्रेंस 11/07/26 को शाम 7:00 बजे निर्धारित की गई है।2
- उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बलिया के विकास खण्ड दुबहड़ के अंतर्गत ग्राम विशुनपुरा (प्रतापपुर कला) स्थित श्री गरीबनाथ महादेव मंदिर परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ 'वृक्षारोपण महायज्ञ-2026' कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस कार्यक्रम के दौरान परिवहन मंत्री सहित जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह, राज्यसभा सांसद नीरज शेखर, भाजपा जिलाध्यक्ष संजय मिश्रा और वन विभाग के नोडल अधिकारी नीतीश कुमार सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने अपने-अपने नाम से पौधारोपण किया। इस अवसर पर छात्राओं द्वारा स्वागत गीत प्रस्तुत किया गया और जिलाधिकारी ने परिवहन मंत्री को पुष्पगुच्छ, स्मृति चिन्ह एवं शॉल भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार ने वृक्षारोपण महायज्ञ-2026 के तहत पूरे प्रदेश में एक ही दिन में 35 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसी कड़ी में बलिया जनपद के विभिन्न स्थानों पर कुल 39,02,300 पौधों का रोपण किया गया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश में अब तक लगभग ढाई सौ करोड़ पौधे लगाए जा चुके हैं। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि जिले में सड़क निर्माण और ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे जैसी विकास परियोजनाओं के कारण बड़ी संख्या में पेड़ों की कटाई हुई है, इसलिए सरकार का प्रयास है कि पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए जितने पेड़ कटे हैं, उससे दोगुने पौधे लगाए जाएं। परिवहन मंत्री ने लोगों से 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत कम से कम एक पौधा लगाने और उसकी बच्चों की तरह देखभाल करने की भावुक अपील की। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित और हरित भविष्य के लिए हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन बनाए जाने की बात भी कही। इस आयोजन में वन विभाग की ओर से अतिथियों को पौधे भेंट किए गए। कार्यक्रम में सिटी मजिस्ट्रेट आसाराम वर्मा, एडीएम अभिनेंद्र सिंह, पूर्व जिलाध्यक्ष जय प्रकाश शाहू सहित कई प्रशासनिक अधिकारी, वन विभाग के कर्मचारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।1