गन्ने के खेत को लेकर खूनी संघर्ष, लाठी-डंडे व कुदाल चले — आधा दर्जन घायल, एक की हालत नाजुक 📍 लखीमपुर-खीरी, नीमगांव। बेहजम क्षेत्र के नीमगांव थाना अंतर्गत बाछेपारा गांव में गन्ने के खेत से ट्रैक्टर निकालने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। मामूली कहासुनी ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया, जिसमें लाठी-डंडे, ईंट-पत्थर और कुदाल तक चल गईं। घटना में भोलू पुत्र श्रीकृष्ण के सिर में गंभीर चोट आई है, जिससे उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। वहीं विनोद, विनय कुमार, सोमू, मुदित और दीपक सहित करीब आधा दर्जन लोग घायल हो गए। सभी घायलों को बेहजम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, राजेश के गन्ने के खेत से ट्रैक्टर निकालने को लेकर दोनों पक्षों में विवाद शुरू हुआ था। आरोप है कि दूसरे पक्ष ने घेरकर हमला किया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि एक दिन पहले भी दोनों पक्षों में विवाद हुआ था, जिसके बाद सुनियोजित तरीके से हमला किया गया। घटना की सूचना मिलने के बावजूद पुलिस समय पर मौके पर नहीं पहुंच सकी, जिससे हालात और बिगड़ गए। फिलहाल नीमगांव पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। 👉 घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है और क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस की आगे की कार्रवाई का इंतजार है।
गन्ने के खेत को लेकर खूनी संघर्ष, लाठी-डंडे व कुदाल चले — आधा दर्जन घायल, एक की हालत नाजुक 📍 लखीमपुर-खीरी, नीमगांव। बेहजम क्षेत्र के नीमगांव थाना अंतर्गत बाछेपारा गांव में गन्ने के खेत से ट्रैक्टर निकालने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। मामूली कहासुनी ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया, जिसमें लाठी-डंडे, ईंट-पत्थर और कुदाल तक चल गईं। घटना में भोलू पुत्र श्रीकृष्ण के सिर में गंभीर चोट आई है, जिससे उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। वहीं विनोद, विनय कुमार, सोमू, मुदित और दीपक सहित करीब आधा दर्जन लोग घायल हो गए। सभी घायलों को बेहजम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते
हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, राजेश के गन्ने के खेत से ट्रैक्टर निकालने को लेकर दोनों पक्षों में विवाद शुरू हुआ था। आरोप है कि दूसरे पक्ष ने घेरकर हमला किया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि एक दिन पहले भी दोनों पक्षों में विवाद हुआ था, जिसके बाद सुनियोजित तरीके से हमला किया गया। घटना की सूचना मिलने के बावजूद पुलिस समय पर मौके पर नहीं पहुंच सकी, जिससे हालात और बिगड़ गए। फिलहाल नीमगांव पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। 👉 घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है और क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस की आगे की कार्रवाई का इंतजार है।
- Post by Kailash Gupta1
- Post by खीरी न्यूज़ अपडेट1
- वाह छोरी वाह देखिए कैसे नशे में धुत लड़की टोल प्लाजा पर हंगामा कर रही है झांसी में लुहारी टोल प्लाजा का मामला1
- Post by संदीप कुमार शर्मा1
- रील का जुनून बना जानलेवा: दोस्त, झूठ और गोली. अंश की मौत के पीछे क्या है असली सच?1
- ASTv24 digital शाहिद लखाही लखीमपुर खीरी के पढुआ थाना क्षेत्र के बैरिया गांव में शनिवार दोपहर अचानक लगी भीषण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया। तेज हवाओं के चलते आग इतनी तेजी से फैली कि करीब 25 घर इसकी चपेट में आकर जलकर राख हो गए। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी जमील के घर से दोपहर में अचानक आग भड़क उठी। उस समय तेज हवा चल रही थी, जिसने आग को और ज्यादा भड़का दिया। कुछ ही देर में आग ने आसपास के कई घरों को अपनी चपेट में ले लिया। आग की तेज लपटों को देखकर गांव में अफरा-तफरी मच गई और लोग अपनी जान बचाकर घरों से बाहर निकल आए। आग से हुए नुकसान को लेकर अलग-अलग आंकड़े सामने आ रहे हैं। लेखपाल के अनुसार आग में 8 बकरियां जलकर मरी हैं, जबकि ग्रामीणों का दावा है कि लगभग 18 बकरियों की जान गई है। हालांकि प्रशासन की ओर से किसी भी प्रकार की जनहानि या पशुहानि की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस दौरान पुलिस प्रशासन भी मौके पर मौजूद रहा और राहत एवं बचाव कार्य में जुटा रहा। राजस्व विभाग की टीम ने भी मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया। लेखपाल द्वारा रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है। निघासन के एसडीएम राजीव निगम ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि आग से करीब 25 घर जलकर राख हो गए हैं। उन्होंने कहा कि राहत की बात यह है कि किसी भी व्यक्ति की जान नहीं गई है। प्रशासन द्वारा आग के कारणों की जांच की जा रही है। एसडीएम ने भरोसा दिलाया कि सभी प्रभावित परिवारों को शासन की ओर से हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी। फिलहाल, आग से बेघर हुए ग्रामीणों के सामने अपने आशियाने को दोबारा बसाने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है।1
- दिल दहला देने वाली घटना: मदद की कोशिश बनी काल यह मंजर रूह कंपा देने वाला है… उत्तर प्रदेश के अमरोहा में एक 6 साल की बच्ची पहले सड़क पार कर चुकी थी, लेकिन जब उसने अपनी सहेली को डरा हुआ देखा, तो उसे छोड़ नहीं पाई। वो वापस लौटी, उसका हाथ थामा और उसे सुरक्षित पार कराने लगी… लेकिन तभी एक तेज रफ्तार बाइक ने दोनों को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में मदद करने आई मासूम की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसकी सहेली गंभीर रूप से घायल है। मासूमियत की ये कीमत… और लापरवाही का ये अंजाम—एक बार फिर सड़क सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा करता है1
- Post by Kailash Gupta1
- "ये किसी थाने का थर्ड डिग्री ट्रीटमेंट नहीं है.. एक मदरसे में छात्र की नॉर्मल पिटाई है.." मदरसा है सहारनपुर के गंगोह का.. वीडियो में दिख रहे हैं तीन लोग.. दो हाफिज हैं, एक मासूम बच्चा है.. पहले बच्चे को पेट के बल लिटा कर डंडे से पीट रहे हैं.. फिर उसके दोनों पैर उठवाकर तलवों पर डंडे चला रहे हैं.. जैसा अक्सर फिल्मों में हमने थानों की हवालात में अपराधियों के साथ होते देखा है.. अजब हाल हैं मदरसों में पढ़ने वाले मासूमों के.... वीडियो में देखिए कैसे धार्मिक गुरु इन मासूमो को इस तरह निर्ममता से पीट रहे हैं- दया भी नही आ रही जालिमो को मुकदमा दर्ज हो गया है1