सिल्ली:-सिल्ली प्रखंड के नागेडीह पंचायत अंतर्गत बूढ़ा बेहरा गांव में अत्यधिक बारिश के पानी से कॉलवेट एवं सड़क टूट जाने से आवागमन बाधित हो गया है।कॉलवेट एवं सड़क टूट जाने के कारण ग्रामीणों को राह चलने में एवं स्कूली बच्चों को विद्यालय आने जाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।बतातें चले की सड़क के टूटने से बूढ़ाबेहरा,महतो टोला,कुड़मी टोला,मांझ टोला,गम्हार टोला,सिमुलिया टोला, बेलटोला एवं नया टोला के ग्रामीण प्रभावित हो गए हैं। इसी रास्ते से बच्चे पठन-पाठन के लिए कुम्हार विद्यालय जोभीया,उत्क्रमित हाईस्कूल लोटा एवं ओम शांति ओम स्कूल बुढ़ाम जाते हैं। बारिश का पानी के तेज बहाव के कारण सड़क के नीचे कटाव होता गया और धीरे-धीरे सड़क कमजोर हो गई एवं अचानक टूटकर धंस गई, जिससे अब पैदल आने-जाने में भी लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।सड़क के टूटने से कई गांव से संपर्क बाधित हो गया है। ग्रामीणों ने कॉलवेट और सड़क निर्माण को लेकर प्रशासन एवं संबंधित विभाग से जल्द से जल्द मरम्मत की मांग की है ताकि ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को विद्यालय आने-जाने में परेशानी न हो।
सिल्ली:-सिल्ली प्रखंड के नागेडीह पंचायत अंतर्गत बूढ़ा बेहरा गांव में अत्यधिक बारिश के पानी से कॉलवेट एवं सड़क टूट जाने से आवागमन बाधित हो गया है।कॉलवेट एवं सड़क टूट जाने के कारण ग्रामीणों को राह चलने में एवं स्कूली बच्चों को विद्यालय आने जाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।बतातें चले की सड़क के टूटने से बूढ़ाबेहरा,महतो टोला,कुड़मी टोला,मांझ टोला,गम्हार टोला,सिमुलिया टोला, बेलटोला एवं नया टोला के ग्रामीण प्रभावित हो गए हैं। इसी रास्ते से बच्चे पठन-पाठन के लिए कुम्हार विद्यालय जोभीया,उत्क्रमित हाईस्कूल लोटा एवं ओम शांति ओम स्कूल बुढ़ाम जाते हैं। बारिश का पानी के तेज बहाव के कारण सड़क के नीचे कटाव होता गया और धीरे-धीरे सड़क कमजोर हो गई एवं अचानक टूटकर धंस गई, जिससे अब पैदल आने-जाने में भी लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।सड़क के टूटने से कई गांव से संपर्क बाधित हो गया है। ग्रामीणों ने कॉलवेट और सड़क निर्माण को लेकर प्रशासन एवं संबंधित विभाग से जल्द से जल्द मरम्मत की मांग की है ताकि ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को विद्यालय आने-जाने में परेशानी न हो।
- सिल्ली:-सिल्ली प्रखंड के नागेडीह पंचायत अंतर्गत बूढ़ा बेहरा गांव में अत्यधिक बारिश के पानी से कॉलवेट एवं सड़क टूट जाने से आवागमन बाधित हो गया है।कॉलवेट एवं सड़क टूट जाने के कारण ग्रामीणों को राह चलने में एवं स्कूली बच्चों को विद्यालय आने जाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।बतातें चले की सड़क के टूटने से बूढ़ाबेहरा,महतो टोला,कुड़मी टोला,मांझ टोला,गम्हार टोला,सिमुलिया टोला, बेलटोला एवं नया टोला के ग्रामीण प्रभावित हो गए हैं। इसी रास्ते से बच्चे पठन-पाठन के लिए कुम्हार विद्यालय जोभीया,उत्क्रमित हाईस्कूल लोटा एवं ओम शांति ओम स्कूल बुढ़ाम जाते हैं। बारिश का पानी के तेज बहाव के कारण सड़क के नीचे कटाव होता गया और धीरे-धीरे सड़क कमजोर हो गई एवं अचानक टूटकर धंस गई, जिससे अब पैदल आने-जाने में भी लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।सड़क के टूटने से कई गांव से संपर्क बाधित हो गया है। ग्रामीणों ने कॉलवेट और सड़क निर्माण को लेकर प्रशासन एवं संबंधित विभाग से जल्द से जल्द मरम्मत की मांग की है ताकि ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को विद्यालय आने-जाने में परेशानी न हो।1
- चुटूपालू और ओरमांझी प्रखंड क्षेत्र में अवैध पत्थर खनन एवं स्टोन क्रशिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई ओरमांझी: माननीय उच्च न्यायालय द्वारा पारित आदेश के अनुपालन में तथा खान एवं भूतत्व विभाग, झारखण्ड सरकार के आदेश के आलोक में चुटूपालू और ओरमांझी प्रखंड क्षेत्र में अवैध पत्थर खनन एवं स्टोन क्रशिंग इकाइयों के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई की गयी। गठित संयुक्त जांच समिति द्वारा क्षेत्र में संचालित पत्थर खनन एवं स्टोन क्रशिंग इकाइयों का स्थल निरीक्षण एवं भौतिक सत्यापन किया गया। जांच के दौरान कुल 19 स्टोन क्रशिंग इकाइयों के विरुद्ध कार्रवाई की गयी। इनमें CTO (Consent to Operate) लैप्स पाये जाने के कारण 08 स्टोन क्रशर को सील किया गया, जबकि 11 स्टोन क्रशिंग इकाइयों को ध्वस्त किया गया। संयुक्त जांच दल द्वारा क्षेत्र में संचालित खनन एवं स्टोन क्रशिंग इकाइयों के संबंध में उपलब्ध अभिलेखों एवं स्थल की वास्तविक स्थिति का सत्यापन किया गया। जांच के दौरान संबंधित इकाइयों के स्वीकृत खनन पट्टा/अनुज्ञप्ति, पर्यावरणीय स्वीकृति, Consent to Establish (CTE), Consent to Operate (CTO) तथा अन्य वैधानिक अनुमतियों की स्थिति की जांच की गयी। साथ ही CTO की वैधता एवं उसकी निर्धारित शर्तों के अनुपालन, प्रदूषण नियंत्रण से संबंधित प्रावधानों तथा जहां लागू हो वहां SEIAA द्वारा प्रदत्त पर्यावरणीय स्वीकृति से संबंधित अभिलेखों का भी सत्यापन किया गया। जांच के क्रम में जिन इकाइयों का CTO वैध नहीं पाया गया अथवा लैप्स पाया गया, उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करते हुए 08 स्टोन क्रशरों को सील किया गया। वहीं नियमों के उल्लंघन एवं अवैध रूप से संचालित पायी गयी 11 स्टोन क्रशिंग इकाइयों को ध्वस्त किया गया। माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के अनुपालन में गठित संयुक्त टीम ने ये कार्रवाई की, साथ ही संबंधित अंचल अधिकारी, थाना प्रभारी एवं पुलिस बल भी कार्रवाई के दौरान मौजूद थे। संयुक्त टीम द्वारा स्थल पर उपलब्ध अभिलेखों की जांच के साथ-साथ संबंधित इकाइयों की वास्तविक स्थिति का भी भौतिक सत्यापन किया गया। कार्रवाई के दौरान वैधानिक प्रावधानों के अनुपालन एवं पर्यावरणीय मानकों के पालन को प्राथमिकता दी गयी। जिला प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि अवैध खनन एवं बिना वैध अनुमति/स्वीकृति के संचालित स्टोन क्रशिंग इकाइयों के विरुद्ध कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। प्रशासन द्वारा संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर खनन क्षेत्र में नियमों के अनुपालन एवं पर्यावरणीय मानकों की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जा रही है।1
- SIR की त्रुटियां को सुधारने में मतदाता और अधिकारी परेशान । दिनभर कम छोड़ दस्तावेज जुटाने में जुटे लोग ।1
- ओरमांझी में अवैध क्रेशरों पर जिला प्रशासन का बड़ा शिकंजा, हाईकोर्ट के आदेश पर ताबड़तोड़ छापेमारी से मचा हड़कंप ओरमांझी: माननीय उच्च न्यायालय के सख्त निर्देशों के आलोक में रांची जिला प्रशासन ने अवैध खनन और क्रशर संचालन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। ओरमांझी प्रखंड क्षेत्र के खीराबेड़ा इलाके में जिला प्रशासन की संयुक्त टास्क फोर्स ने गुप्त सूचना के आधार पर ताबड़तोड़ छापेमारी की। प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर क्रशर संचालन से जुड़े आवश्यक कागजातों, वैध अनुज्ञप्ति और पर्यावरणीय स्वीकृतियों की गहन पड़ताल की। संयुक्त टास्क फोर्स ने संभाला मोर्चा इस उच्च-स्तरीय छापामारी अभियान का नेतृत्व जिला खनन पदाधिकारी अबू हुसैन, अपर समाहर्ता (एडिशनल कलेक्टर) राम नारायण सिंह, एसआईए (SEIAA) मेंबर डॉ. कृति अभिषेक, ग्रामीण एसपी रांची गौरव गोस्वामी, अंचल अधिकारी उज्ज्वल सोरेन और थाना प्रभारी मनोज कुमार ने भारी पुलिस बल के साथ संयुक्त रूप से किया। नियम विरुद्ध संचालित इकाइयों पर बुलडोजर और सीलिंग की कार्रवाई जांच के दौरान कई क्रेशर और प्लांट नियमों को ताक पर रखकर अवैध रूप से संचालित पाए गए। प्रशासनिक टीम ने बिना वैध दस्तावेजों के चल रहे इन क्रेशरों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। साथ ही, कुछ अवैध निर्माण और मशीनरी को बुलडोजर की मदद से ध्वस्त कर हटाया गया। इस त्वरित और सख्त कार्रवाई के बाद से क्षेत्र के अवैध क्रेशर संचालकों के बीच हड़कंप मच गया है। अधिकारियों के अनुसार, कई संचालकों के खिलाफ सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। लंबे समय से उठ रहे थे सवाल खीराबेड़ा और आसपास के क्षेत्रों में अवैध क्रेशरों के संचालन को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इन क्रेशरों के कारण उड़ने वाली धूल, प्रदूषण और भारी वाहनों की अंधाधुंध आवाजाही से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा था। प्रशासनिक कार्रवाई के बाद अब स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है और क्षेत्र के अन्य अवैध संचालन की भी निष्पक्ष जांच कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। इस बड़ी कार्रवाई ने स्पष्ट कर दिया है कि जिला प्रशासन पर्यावरणीय कानूनों और उच्च न्यायालय के आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ पूरी तरह सख्त रुख अपना चुका है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इस जांच का दायरा कहां तक फैलता है और प्रशासन आगे क्या नए कदम उठाता है।4
- कमर-गर्दन दर्द को हल्के में न लें ! Spine Specialist Dr. Nishant Kumar ने बताई जरूरी बातें ! Ranchi कमर दर्द और गर्दन दर्द को क्या आप भी सामान्य समझकर नजरअंदाज कर देते हैं? लंबे समय तक बैठकर काम करना, गलत Posture, Exercise की कमी और बदलती Lifestyle का असर हमारी Spine Health पर पड़ सकता है। रांची के Spine Specialist Dr. Nishant Kumar ने Spine से जुड़ी समस्याओं को लेकर लोगों को जरूरी जानकारी दी है। इस वीडियो में जानिए Back Pain, Neck Pain, Slip Disc, Sciatica और Scoliosis जैसी समस्याओं को लेकर किन बातों का ध्यान रखना चाहिए और कब Specialist से सलाह लेना जरूरी हो सकता है। डॉ. निशांत कुमार ने यह भी बताया कि बच्चों में रीढ़ की हड्डी के टेढ़ेपन यानी Scoliosis को समय रहते पहचानना क्यों महत्वपूर्ण है। इस वीडियो का उद्देश्य Health Awareness और Public Information है। किसी भी बीमारी या लक्षण के लिए स्वयं इलाज करने के बजाय योग्य Medical Professional से उचित सलाह लें। 📍 The Spine Clinic & Rehab Centre, Ranchi 📍 रेडियम रोड, रांची, झारखंड 📞 Contact: 6202826767 This live stream is for informational and public awareness purposes only. Disclaimer: यह वीडियो स्वास्थ्य जागरूकता और सूचना के उद्देश्य से है। इसमें दी गई जानकारी को व्यक्तिगत मेडिकल सलाह या किसी बीमारी के निदान/उपचार का विकल्प न माना जाए। Dr Nishant Kumar, Dr Nishant Kumar Ranchi, Spine Specialist Ranchi, Spine Doctor Ranchi, Spine Clinic Ranchi, The Spine Clinic Ranchi, Spine Clinic and Rehab Centre, Ranchi Health News, Jharkhand Health News, Back Pain, कमर दर्द, Kamar Dard, Neck Pain, गर्दन दर्द, Gardan Dard, Slip Disc, Sciatica, Scoliosis, Spine Health, Spine Care, Back Pain Treatment, Spine Awareness, Health Awareness, Ranchi Doctor, Jharkhand Doctor, Spine Problem, Spine Surgery, Non Surgical Spine Treatment, Health News Ranchi #DrNishantKumar #SpineSpecialist #SpineHealth #BackPain #NeckPain #SlipDisc #Sciatica #Scoliosis #HealthAwareness #Ranchi #RanchiNews #JharkhandNews #HealthNews #SpineCare #RanchiClubTV #KamarDard #GardanDard #SpineDoctor #RanchiHealth #JharkhandHealth1
- रिपोर्टिंग करने पहुंचे पत्रकार ने लगाया मारपीट का आरोप ऑपरेशन थिएटर में बंद कर पीटने का दावा बच्चे मिड-डे मील खाने के बाद बीमार पड़े… और अब इसी मामले की रिपोर्टिंग करने पहुंचे पत्रकार के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आया है। आरोप है कि प्रभात खबर डिजिटल के पत्रकार को अस्पताल के ऑपरेशन थिएटर में ले जाकर पीटा गया। सवाल सीधा है—बच्चों की तबीयत बिगड़ने की निष्पक्ष जांच होगी या सवाल पूछने वाले पत्रकार पर ही दबाव बनाया जाएगा? मामले में सामने आए आरोपों की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई जरूरी है। #Saharsa #BiharNews #MidDayMeal #Journalist #JournalistSafety #PressFreedom #BiharNews #SpeakUpJharkhand1
- रांची मे हुआ सुलह समझौता... कम खर्च, कम समय… लोक अदालत में मिला समाधान... #ranchinews #ranchi #jalsa #jharkhandnews #lokadalat #lokadalat2026 #lokadalatchallan #bns #rastriyajantadal1
- नर्सिंग परीक्षा के बीच ईरबा में उमड़ी भीड़ गड्ढों वाली सड़क ने बढ़ाई परीक्षार्थियों की मुश्किलें1