क्या यही है सुशासन, जहां न्याय की खुलेआम लगती है बोली? मऊगंज जिले की हाटा पुलिस चौकी से जुड़ा ऑडियो बना चर्चा का विषय मध्यप्रदेश में सुशासन और भ्रष्टाचार-मुक्त प्रशासन के दावों के बीच एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। मऊगंज जिले की पुलिस चौकी हाटा में पदस्थ मुंशी राशिरमण साहू से जुड़ा एक कथित ऑडियो रिकॉर्डिंग सोशल मीडिया और जनचर्चा में तेजी से वायरल हो रहा है। इस ऑडियो में एक व्यक्ति से काम करने के एवज में लेन-देन और सौदेबाजी की बातचीत होने का दावा किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, सामने आई इस रिकॉर्डिंग को सुनकर यह सहज ही अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि किस तरह से कानून की रखवाली करने वाले तंत्र के भीतर ही न्याय की कीमत तय की जा रही है। बातचीत में कथित तौर पर पैसों के बदले काम कराने, मामले को आगे-पीछे करने और “मैनेज” करने जैसी बातें सुनी जा सकती हैं। यह मामला केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि यह पूरे प्रशासनिक तंत्र पर गंभीर सवाल खड़े करता है। अगर इस ऑडियो की सत्यता जांच में प्रमाणित होती है, तो यह स्पष्ट संकेत होगा कि किस तरह रिश्वतखोरी ने शासन और प्रशासन की साख को दागदार कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब पुलिस चौकी जैसे स्तर पर इस तरह की गतिविधियां सामने आती हैं, तो आम जनता का कानून और व्यवस्था से विश्वास उठना स्वाभाविक है। सवाल यह भी है कि क्या ऐसे मामलों पर वरिष्ठ अधिकारी स्वतः संज्ञान लेंगे या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा। फिलहाल, इस कथित ऑडियो को लेकर पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। लेकिन जनता और सामाजिक संगठनों की मांग है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराई जाए तथा यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो। अब बड़ा सवाल यही है— क्या यही है वह “सुशासन”, जिसमें न्याय खुलेआम बोली लगाकर बेचा जा रहा है? या फिर शासन-प्रशासन इस मामले में त्वरित कार्रवाई कर यह साबित करेगा कि कानून आज भी बिकाऊ नहीं है
क्या यही है सुशासन, जहां न्याय की खुलेआम लगती है बोली? मऊगंज जिले की हाटा पुलिस चौकी से जुड़ा ऑडियो बना चर्चा का विषय मध्यप्रदेश में सुशासन और भ्रष्टाचार-मुक्त प्रशासन के दावों के बीच एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। मऊगंज जिले की पुलिस चौकी हाटा में पदस्थ मुंशी राशिरमण साहू से जुड़ा एक कथित ऑडियो रिकॉर्डिंग सोशल मीडिया और जनचर्चा में तेजी से वायरल हो रहा है। इस ऑडियो में एक व्यक्ति से काम करने के एवज में लेन-देन और सौदेबाजी की बातचीत होने का दावा किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, सामने आई इस रिकॉर्डिंग को सुनकर यह सहज ही अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि किस तरह से कानून की रखवाली करने वाले तंत्र के भीतर ही न्याय की कीमत तय की जा रही है। बातचीत में कथित तौर पर पैसों के बदले काम कराने, मामले को आगे-पीछे करने और “मैनेज” करने जैसी बातें सुनी जा सकती हैं। यह मामला केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि यह पूरे प्रशासनिक तंत्र पर गंभीर सवाल खड़े करता है। अगर इस ऑडियो की सत्यता जांच में प्रमाणित होती है, तो यह स्पष्ट संकेत होगा कि किस तरह रिश्वतखोरी ने शासन और प्रशासन की साख को दागदार कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब पुलिस चौकी जैसे स्तर पर इस तरह की गतिविधियां सामने आती हैं, तो आम जनता का कानून और व्यवस्था से विश्वास उठना स्वाभाविक है। सवाल यह भी है कि क्या ऐसे मामलों पर वरिष्ठ अधिकारी स्वतः संज्ञान लेंगे या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा। फिलहाल, इस कथित ऑडियो को लेकर पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। लेकिन जनता और सामाजिक संगठनों की मांग है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराई जाए तथा यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो। अब बड़ा सवाल यही है— क्या यही है वह “सुशासन”, जिसमें न्याय खुलेआम बोली लगाकर बेचा जा रहा है? या फिर शासन-प्रशासन इस मामले में त्वरित कार्रवाई कर यह साबित करेगा कि कानून आज भी बिकाऊ नहीं है
- Post by ड्राइवर महासंघ मध्य प्रदेश Sahu1
- लाइफ में ज़िद होना कोई जिद्दीपन नहीं, बल्कि ज़िंदा रहने की पहचान है।क्योंकि किस्मत का होना अलग बात है, लेकिन किस्मत को बिना कोशिश मान लेना सबसे बड़ी हार। आज की दुनिया में वही आगे बढ़ता है जो हालात से लड़ना जानता है, मान लेना नहीं। ज़िद वही ताक़त है जो आम इंसान को खास बनाती है। #Motivation #LifeQuotes #Inspiration #SuccessMindset #HindiQuotes #ReelsIndia #ViralReels #Trending #Mindset #Zid1
- Post by Umashankar Sahu7
- संविधान में आर्टिकल 14 में सबको समान अधिकार की बात कही गई है फिर सुरक्षा में भेदभाव क्यो? UGC के नियम भेदभाव बढ़ाएँगे… हर सवाल का जवाब शुभांकर मिश्रा जी के साथ 👇✊1
- *✰जगतगुरू तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज के पावन सान्निध्य में 508वें कबीर परमेश्वर निर्वाण दिवस के अवसर पर 27, 28 व 29 जनवरी 2026 को आयोजित विशाल भंडारे में आप सभी सपरिवार सादर आमंत्रित हैं✰* आयोजन स्थल का पता है :- सतलोक आश्रम धनाना धाम (हरियाणा), सतलोक आश्रम कुरुक्षेत्र (हरियाणा), सतलोक आश्रम मुंडका (दिल्ली) सतलोक आश्रम सोजत (राजस्थान), सतलोक आश्रम खमानो (पंजाब), सतलोक आश्रम धुरी (पंजाब), सतलोक आश्रम शामली (उत्तर प्रदेश), सतलोक आश्रम सीतापुर (उत्तर प्रदेश), सतलोक आश्रम बैतूल (मध्य प्रदेश), सतलोक आश्रम इन्दौर (मध्य प्रदेश), सतलोक आश्रम धवलपुरी (महाराष्ट्र) सतलोक आश्रम जनकपुर (नेपाल देश)1
- प्रयागराज जिले की संगम नगरी में आयोजित माघ मेले के दौरान श्री हरि धाम पीठाधीश्वर, निरंजनी अखाड़े के महामंडलेश्वर स्वामी विनयानंद गिरी जी महाराज के शिविर में चर्चित भोजपुरी गायक व अभिनेता विजय चौहान ने पहुंचकर आध्यात्मिक लाभ लिया। विजय चौहान ने संगम में आस्था की डुबकी लगाई तथा लेटे हुए हनुमान जी का दर्शन किया। इसके उपरांत उन्होंने श्री हरि धाम पीठाधीश्वर निरंजनी अखाड़े के महामंडलेश्वर स्वामी विनयानंद गिरी जी महाराज, श्रृंगवेरपुर धाम के पीठाधीश्वर माधव दास जी एवं महंत बलवीर गिरी जी से आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर विजय चौहान ने माघ मेले की भव्यता, उत्कृष्ट व्यवस्थाओं एवं साफ-सफाई की सराहना करते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी जी के संरक्षण में मेले की साज-सज्जा और व्यवस्थाएं अत्यंत दिव्य, भव्य और सुव्यवस्थित हुई हैं। साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी को माघ मेले की सफल व्यवस्थाओं के लिए हार्दिक बधाई दी। इस दौरान उनके साथ रमेश कश्यप, युगेश वर्मा, सनी, मिथुन निषाद और मोहित भी उपस्थित रहे।1
- *गणतंत्र दिवस 2026 के शुभ अवसर पर नागौद एसडीएम और तहसीलदार के साथ पुलिसकर्मियों का वेंगा बॉयज सॉन्ग के साथ डांस हुआ वायरल।*1
- ड्राइवर की लाइव खाना पीने की समस्या1
- UGC Act के परिणाम आने शुरू हो गए । #UGC_RollBack #NoUGCRollBack_NoVote1