शहाडार के जंगलों में 'वनराज' की दस्तक: देर रात सड़क पार करते दिखा विशालकाय बाघ, कैमरे में कैद हुआ दुर्लभ नजारा *शहाडार के जंगलों में 'वनराज' की दस्तक: देर रात सड़क पार करते दिखा विशालकाय बाघ, कैमरे में कैद हुआ दुर्लभ नजारा* * *कटनी जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में बाघों की आवाजाही बढ़ी; राहगीरों ने गाड़ी की हेडलाइट में बनाया वीडियो, वन विभाग ने जारी किया अलर्ट।* कटनी । जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में एक बार फिर वनराज की मौजूदगी से सनसनी फैल गई है। शुक्रवार की देर रात मुख्य मार्ग से गुजर रहे राहगीरों को सड़क पार करता हुआ एक विशालकाय बाघ दिखाई दिया। वाहनों की हेडलाइट और टॉर्च की रोशनी में बाघ का यह शानदार और लाइव दृश्य राहगीरों ने अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया। *बिना किसी हड़बड़ाहट के जंगल में ओझल हुआ बाघ* वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि विशालकाय बाघ बिना किसी घबराहट या हड़बड़ाहट के बड़े ही शांत अंदाज में पक्की सड़क पार कर रहा है। गाड़ियों की रोशनी और हल्की आहट सुनकर बाघ कुछ पलों के लिए रुका, पीछे मुड़कर देखा और फिर सहजता से झाड़ियों में गायब हो गया। *स्थानीय ग्रामीणों और नियमित यात्रियों के अनुसार:* * *3 से 4 बाघों का कुनबा सक्रिय*: बीते कई महीनों से इस इलाके में 3 से 4 बाघ लगातार मूवमेंट कर रहे हैं। * *रात में बढ़ती है सक्रियता*: कभी-कभी दिन में भी बाघ सीमावर्ती इलाकों में नजर आते हैं, लेकिन रात के समय मुख्य सड़कों पर इनकी सक्रियता काफी बढ़ जाती है। *वन विभाग की निगरानी और सख्त निर्देश* मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए वन विभाग का गश्ती दल अलर्ट मोड पर है। वन अधिकारियों ने बताया कि संवेदनशील इलाकों में सतत निगरानी रखी जा रही है ताकि मानव-वन्यजीव संघर्ष (Man-Animal Conflict) की स्थिति उत्पन्न न हो। *राहगीरों और ग्रामीणों के लिए वन विभाग की एडवाइजरी:* अनावश्यक यात्रा से बचें: रात के समय शहाडार जंगल मार्ग से अकारण गुजरने से परहेज करें। दोपहिया वाहन चालक सावधान रहें: रात में बाइक/स्कूटी से गुजरने वाले राहगीर विशेष सतर्कता बरतें। *कौतूहल में जोखिम न लें:* जंगली जानवर दिखने पर वाहन रोकने, बेवजह हॉर्न बजाने या पास जाकर फोटो/वीडियो बनाने का भी चलाया जा रहा है। #shahdarkejungle #जंगलकराजा #katnimesher #KatniNews #NewsUpdate
शहाडार के जंगलों में 'वनराज' की दस्तक: देर रात सड़क पार करते दिखा विशालकाय बाघ, कैमरे में कैद हुआ दुर्लभ नजारा *शहाडार के जंगलों में 'वनराज' की दस्तक: देर रात सड़क पार करते दिखा विशालकाय बाघ, कैमरे में कैद हुआ दुर्लभ नजारा* * *कटनी जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में बाघों की आवाजाही बढ़ी; राहगीरों ने गाड़ी की हेडलाइट में बनाया वीडियो, वन विभाग ने जारी किया अलर्ट।* कटनी । जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में एक बार फिर वनराज की मौजूदगी से सनसनी फैल गई है। शुक्रवार की देर रात मुख्य मार्ग से गुजर रहे राहगीरों को सड़क पार करता हुआ एक विशालकाय बाघ दिखाई दिया। वाहनों की हेडलाइट और टॉर्च की रोशनी में बाघ का यह शानदार और लाइव दृश्य राहगीरों ने अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया। *बिना किसी हड़बड़ाहट के जंगल में ओझल हुआ बाघ* वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि विशालकाय बाघ बिना किसी घबराहट या हड़बड़ाहट के बड़े ही शांत अंदाज में पक्की सड़क पार कर रहा है। गाड़ियों की रोशनी और हल्की आहट सुनकर बाघ कुछ पलों के लिए रुका, पीछे मुड़कर देखा और फिर सहजता से झाड़ियों में गायब हो गया। *स्थानीय ग्रामीणों और नियमित यात्रियों के अनुसार:* * *3 से 4 बाघों का कुनबा सक्रिय*: बीते कई महीनों से इस इलाके में 3 से 4 बाघ लगातार मूवमेंट कर रहे हैं। * *रात में बढ़ती है सक्रियता*: कभी-कभी दिन में भी बाघ सीमावर्ती इलाकों में नजर आते हैं, लेकिन रात के समय मुख्य सड़कों पर इनकी सक्रियता काफी बढ़ जाती है। *वन विभाग की निगरानी और सख्त निर्देश* मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए वन विभाग का गश्ती दल अलर्ट मोड पर है। वन अधिकारियों ने बताया कि संवेदनशील इलाकों में सतत निगरानी रखी जा रही है ताकि मानव-वन्यजीव संघर्ष (Man-Animal Conflict) की स्थिति उत्पन्न न हो। *राहगीरों और ग्रामीणों के लिए वन विभाग की एडवाइजरी:* अनावश्यक यात्रा से बचें: रात के समय शहाडार जंगल मार्ग से अकारण गुजरने से परहेज करें। दोपहिया वाहन चालक सावधान रहें: रात में बाइक/स्कूटी से गुजरने वाले राहगीर विशेष सतर्कता बरतें। *कौतूहल में जोखिम न लें:* जंगली जानवर दिखने पर वाहन रोकने, बेवजह हॉर्न बजाने या पास जाकर फोटो/वीडियो बनाने का भी चलाया जा रहा है। #shahdarkejungle #जंगलकराजा #katnimesher #KatniNews #NewsUpdate
- शहाडार के जंगलों में 'वनराज' की दस्तक: देर रात सड़क पार करते दिखा विशालकाय बाघ, कैमरे में कैद हुआ दुर्लभ नजारा *शहाडार के जंगलों में 'वनराज' की दस्तक: देर रात सड़क पार करते दिखा विशालकाय बाघ, कैमरे में कैद हुआ दुर्लभ नजारा* * *कटनी जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में बाघों की आवाजाही बढ़ी; राहगीरों ने गाड़ी की हेडलाइट में बनाया वीडियो, वन विभाग ने जारी किया अलर्ट।* कटनी । जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में एक बार फिर वनराज की मौजूदगी से सनसनी फैल गई है। शुक्रवार की देर रात मुख्य मार्ग से गुजर रहे राहगीरों को सड़क पार करता हुआ एक विशालकाय बाघ दिखाई दिया। वाहनों की हेडलाइट और टॉर्च की रोशनी में बाघ का यह शानदार और लाइव दृश्य राहगीरों ने अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया। *बिना किसी हड़बड़ाहट के जंगल में ओझल हुआ बाघ* वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि विशालकाय बाघ बिना किसी घबराहट या हड़बड़ाहट के बड़े ही शांत अंदाज में पक्की सड़क पार कर रहा है। गाड़ियों की रोशनी और हल्की आहट सुनकर बाघ कुछ पलों के लिए रुका, पीछे मुड़कर देखा और फिर सहजता से झाड़ियों में गायब हो गया। *स्थानीय ग्रामीणों और नियमित यात्रियों के अनुसार:* * *3 से 4 बाघों का कुनबा सक्रिय*: बीते कई महीनों से इस इलाके में 3 से 4 बाघ लगातार मूवमेंट कर रहे हैं। * *रात में बढ़ती है सक्रियता*: कभी-कभी दिन में भी बाघ सीमावर्ती इलाकों में नजर आते हैं, लेकिन रात के समय मुख्य सड़कों पर इनकी सक्रियता काफी बढ़ जाती है। *वन विभाग की निगरानी और सख्त निर्देश* मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए वन विभाग का गश्ती दल अलर्ट मोड पर है। वन अधिकारियों ने बताया कि संवेदनशील इलाकों में सतत निगरानी रखी जा रही है ताकि मानव-वन्यजीव संघर्ष (Man-Animal Conflict) की स्थिति उत्पन्न न हो। *राहगीरों और ग्रामीणों के लिए वन विभाग की एडवाइजरी:* अनावश्यक यात्रा से बचें: रात के समय शहाडार जंगल मार्ग से अकारण गुजरने से परहेज करें। दोपहिया वाहन चालक सावधान रहें: रात में बाइक/स्कूटी से गुजरने वाले राहगीर विशेष सतर्कता बरतें। *कौतूहल में जोखिम न लें:* जंगली जानवर दिखने पर वाहन रोकने, बेवजह हॉर्न बजाने या पास जाकर फोटो/वीडियो बनाने का भी चलाया जा रहा है। #shahdarkejungle #जंगलकराजा #katnimesher #KatniNews #NewsUpdate1
- *🔶 भारत दिनभर🔶* *शहाडार के जंगलों में 'वनराज' की दस्तक: देर रात सड़क पार करते दिखा विशालकाय बाघ, कैमरे में कैद हुआ दुर्लभ नजारा* * *कटनी जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में बाघों की आवाजाही बढ़ी; राहगीरों ने गाड़ी की हेडलाइट में बनाया वीडियो, वन विभाग ने जारी किया अलर्ट।* कटनी । जिले के शहाडार जंगल क्षेत्र में एक बार फिर वनराज की मौजूदगी से सनसनी फैल गई है। शुक्रवार की देर रात मुख्य मार्ग से गुजर रहे राहगीरों को सड़क पार करता हुआ एक विशालकाय बाघ दिखाई दिया। वाहनों की हेडलाइट और टॉर्च की रोशनी में बाघ का यह शानदार और लाइव दृश्य राहगीरों ने अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया। *बिना किसी हड़बड़ाहट के जंगल में ओझल हुआ बाघ* वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि विशालकाय बाघ बिना किसी घबराहट या हड़बड़ाहट के बड़े ही शांत अंदाज में पक्की सड़क पार कर रहा है। गाड़ियों की रोशनी और हल्की आहट सुनकर बाघ कुछ पलों के लिए रुका, पीछे मुड़कर देखा और फिर सहजता से झाड़ियों में गायब हो गया। *स्थानीय ग्रामीणों और नियमित यात्रियों के अनुसार:* * *3 से 4 बाघों का कुनबा सक्रिय*: बीते कई महीनों से इस इलाके में 3 से 4 बाघ लगातार मूवमेंट कर रहे हैं। * *रात में बढ़ती है सक्रियता*: कभी-कभी दिन में भी बाघ सीमावर्ती इलाकों में नजर आते हैं, लेकिन रात के समय मुख्य सड़कों पर इनकी सक्रियता काफी बढ़ जाती है। *वन विभाग की निगरानी और सख्त निर्देश* मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए वन विभाग का गश्ती दल अलर्ट मोड पर है। वन अधिकारियों ने बताया कि संवेदनशील इलाकों में सतत निगरानी रखी जा रही है ताकि मानव-वन्यजीव संघर्ष (Man-Animal Conflict) की स्थिति उत्पन्न न हो। *राहगीरों और ग्रामीणों के लिए वन विभाग की एडवाइजरी:* अनावश्यक यात्रा से बचें: रात के समय शहाडार जंगल मार्ग से अकारण गुजरने से परहेज करें। दोपहिया वाहन चालक सावधान रहें: रात में बाइक/स्कूटी से गुजरने वाले राहगीर विशेष सतर्कता बरतें। *कौतूहल में जोखिम न लें:* जंगली जानवर दिखने पर वाहन रोकने, बेवजह हॉर्न बजाने या पास जाकर फोटो/वीडियो बनाने का प्रयास बिल्कुल न करें। यह जानलेवा साबित हो सकता है। वन विभाग ने नागरिकों को आश्वस्त किया है कि मैदानी अमला लगातार गश्त कर रहा है और आसपास के गांवों में जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है।1
- 22 वर्षीय युवक की रहस्यमयी मौत, मां ने उठाए गंभीर सवाल… अंतिम संस्कार को लेकर भी जताई आपत्ति जिला कटनी से ज्योति तिवारी खास 💥💥खबर*////8103728933////*💥 कटनी के पन्ना मोड़ में 22 वर्षीय युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद मामला रहस्य बन गया है। दुकान के अंदर युवक का शव फांसी के फंदे पर लटका मिला। अब मृतक की मां ने घटना को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं और आरोप लगाया है कि उसे सूचना मिलने से पहले ही बेटे का अंतिम संस्कार कर दिया गया। पन्ना मोड़ निवासी 22 वर्षीय विवेक यादव का शव बीते सप्ताह एक दुकान के अंदर फंदे पर लटका मिला था। बताया जा रहा है कि सोमवार को आसपास के दुकानदारों को दुकान से दुर्गंध आने का अहसास हुआ। शटर के बाहर खून जैसा द्रव दिखाई देने पर दुकान मालिक को बुलाकर शटर खुलवाया गया, जहां विवेक का शव फंदे पर लटका मिला। परिजनों के अनुसार, शव कई घंटे पुराना था। मृतक के पिता और परिवार के अन्य सदस्य पन्ना मोड़ में रहते हैं, जबकि उसकी मां सुशीला यादव कई वर्षों से रीवा में अलग रह रही हैं। मां का आरोप है कि उन्हें घटना की जानकारी 3 अगस्त को अन्य लोगों से मिली और उनके कटनी पहुंचने से पहले ही बेटे का अंतिम संस्कार कर दिया गया। अब वह बेटे की मौत की परिस्थितियों, सूचना देने में देरी और अंतिम संस्कार जल्द किए जाने को लेकर सवाल उठा रही हैं। वहीं पुलिस की मानें तो पी एम रिपोर्ट में फांसी लगाए जाने की पुष्टि हो चुकी है। ऐसे में मौत के वास्तविक कारण और मां द्वारा लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।4
- गांजा दारु सट्टे का किया विरोध तो विकलांग को मिली जान से मारने की धमकी एक ऐसा युवक जो अपाहिज होने के पश्चात बुराइयों का विरोध करता है काली मंदिर में चल रहे अवैध कार्यक्रमों के विरोध में तथा गांजा दारु सट्टे का किया विरोध जान से मारने की मिली धमकी आर्य तक न्यूज़ को प्राप्त हुआ वीडियो1
- जय जय मां कंकाली माता कुआंताल गरीब निर्धनों के दुख कष्ट हर लो1
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- जबलपुर हाईकोर्ट के छात्रसंघ चुनाव संबंधी निर्णय का NSUI ने किया स्वागत, प्रत्यक्ष प्रणाली से चुनाव कराने की मांग 💥👉Jyoti Tiwari 👈 💥 एनएसयूआई की लड़ाई 70% से ज्यादा विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में बैठे उन शिक्षकों एवं प्राध्यापकों से है, जो एबीवीपी और आरएसएस के पदाधिकारी अथवा उनकी विचारधारा के अनुरूप कार्य कर रहे हैं — अपेक्षा सूर्यवंशी छिंदवाड़ा। जबलपुर हाईकोर्ट द्वारा मध्यप्रदेश शासन को सितंबर के प्रथम सप्ताह तक छात्रसंघ चुनाव कराने के संबंध में दिए गए निर्देश का भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) ने स्वागत किया है। इस संबंध में आज आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में NSUI छिंदवाड़ा जिलाध्यक्ष अपेक्षा सूर्यवंशी ने कहा कि यह निर्णय प्रदेश के लाखों छात्र-छात्राओं की लोकतांत्रिक आवाज़ की जीत है। उन्होंने कहा कि छात्रसंघ चुनाव को लेकर मध्यप्रदेश NSUI द्वारा दायर जनहित याचिका (PIL) पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को छात्रसंघ चुनाव कराने के निर्देश दिए हैं। यह फैसला छात्रहित और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करने वाला है। अपेक्षा सूर्यवंशी ने मांग की कि छात्रसंघ चुनाव प्रत्यक्ष प्रणाली (Direct/Presidential System) से कराए जाएं, ताकि प्रत्येक छात्र-छात्रा अपने अध्यक्ष एवं अन्य पदाधिकारियों का चुनाव स्वयं कर सके। अप्रत्यक्ष प्रणाली खरीद-फरोख्त और बंद कमरों की राजनीति को बढ़ावा देती है, जबकि प्रत्यक्ष चुनाव छात्रों को वास्तविक लोकतांत्रिक अधिकार प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष प्रणाली के बीच का अंतर समझना भी आवश्यक है। प्रत्यक्ष (Direct/Presidential) प्रणाली में प्रत्येक नियमित विद्यार्थी अपने मताधिकार का प्रयोग करते हुए सीधे छात्रसंघ के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव एवं सहसचिव का चुनाव करता है। इससे प्रत्येक छात्र-छात्रा को अपने प्रतिनिधि चुनने का समान लोकतांत्रिक अधिकार प्राप्त होता है। इसके विपरीत, अप्रत्यक्ष (Indirect) प्रणाली में विद्यार्थी केवल कक्षा प्रतिनिधि (CR) का चुनाव करते हैं, जिसके बाद वही निर्वाचित प्रतिनिधि आपस में मतदान कर छात्रसंघ के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव एवं सहसचिव का चुनाव करते हैं। इस व्यवस्था में सभी विद्यार्थियों को प्रत्यक्ष रूप से अपने छात्रसंघ नेतृत्व को चुनने का अवसर नहीं मिलता, जिससे लोकतांत्रिक भागीदारी सीमित हो जाती है। इसलिए NSUI का स्पष्ट मत है कि मध्यप्रदेश में छात्रसंघ चुनाव केवल प्रत्यक्ष प्रणाली से ही कराए जाएं, ताकि प्रत्येक विद्यार्थी का वोट सीधे उसके छात्र नेतृत्व के चयन में प्रभावी हो सके। उन्होंने कहा कि पिछले लगभग 10 वर्षों से मध्यप्रदेश में छात्रसंघ चुनाव बंद रहे, जिससे छात्र राजनीति को गंभीर नुकसान पहुंचा है। छात्रसंघ लोकतंत्र की पहली पाठशाला है। प्रदेश और देश को अनेक बड़े नेता छात्र राजनीति से ही मिले हैं। मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्रीनिवास तिवारी सहित अनेक जनप्रतिनिधियों ने छात्र राजनीति से निकलकर प्रदेश और देश में अपनी पहचान बनाई। चुनाव बंद होने से योग्य, शिक्षित और नेतृत्व क्षमता रखने वाले युवाओं को अवसर नहीं मिल पा रहा था। NSUI जिलाध्यक्ष ने सभी छात्र नेताओं और छात्र-छात्राओं को इस ऐतिहासिक निर्णय की बधाई देते हुए कहा कि यह निर्णय छात्र शक्ति की जीत है। उन्होंने सभी छात्र नेताओं से आह्वान किया कि यदि राज्य सरकार हाईकोर्ट के निर्देशों का पालन करते हुए चुनाव कराती है तो सभी छात्र पूरी तैयारी के साथ लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भाग लें। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार कभी छात्रसंघ चुनाव कराने के पक्ष में नहीं रही है। वर्तमान परिस्थितियों में भी छात्र-युवा विभिन्न मुद्दों को लेकर सरकार से नाराज़ हैं। हाल के छात्र आंदोलनों, विशेषकर नीट परीक्षा से जुड़े घटनाक्रमों तथा दतिया उपचुनाव के परिणामों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि छात्र और युवा बदलाव चाहते हैं। अब प्रदेश सरकार को न्यायालय के निर्देशों का सम्मान करते हुए छात्रसंघ चुनाव समय पर कराना चाहिए। अपेक्षा सूर्यवंशी ने स्पष्ट किया कि NSUI की लड़ाई किसी छात्र संगठन के सामान्य कार्यकर्ताओं या छात्र नेताओं से नहीं, बल्कि विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों की अव्यवस्थाओं, छात्रों के अधिकारों की अनदेखी करने वाले तंत्र तथा छात्र विरोधी नीतियों के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता समर्थित छात्र संगठन एबीवीपी को संस्थागत संरक्षण प्राप्त होता है और कई विश्वविद्यालयों व महाविद्यालयों में कुलपति, प्राचार्य तथा एबीवीपी अथवा आरएसएस की विचारधारा से जुड़े पदों पर कार्य करने वाले कुछ प्राध्यापकों एवं शिक्षकों का प्रभाव भी छात्र राजनीति को प्रभावित करता है। उनके अनुसार NSUI को केवल एक छात्र संगठन से नहीं, बल्कि पूरे उस तंत्र से संघर्ष करना पड़ता है, जो छात्र हितों की आवाज़ को दबाने का प्रयास करता है। उन्होंने आगे कहा कि NSUI के सामने चुनौती केवल परिसर स्तर तक सीमित नहीं है, बल्कि उसे प्रदेश एवं केंद्र की भाजपा सरकार की नीतियों के विरुद्ध भी छात्र हितों की लड़ाई लड़नी पड़ती है। इसके बावजूद NSUI हर चुनौती का लोकतांत्रिक तरीके से सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है और छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए लगातार संघर्ष करती रहेगी। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से घोषणा की कि आज से NSUI छिंदवाड़ा द्वारा सदस्यता अभियान भी प्रारंभ किया जा रहा है। संगठन के कार्यकर्ता महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में पहुंचकर छात्रों से संवाद करेंगे, उनकी समस्याओं को सुनेंगे तथा उन्हें छात्र अधिकारों और छात्रसंघ चुनाव के महत्व से अवगत कराएंगे। अंत में NSUI ने राज्य सरकार से मांग की कि हाईकोर्ट के निर्देशों का सम्मान करते हुए सितंबर के प्रथम सप्ताह में प्रत्यक्ष प्रणाली से निष्पक्ष एवं पारदर्शी छात्रसंघ चुनाव कराए जाएं, ताकि प्रदेश के छात्रों को अपना लोकतांत्रिक नेतृत्व चुनने का अधिकार मिल सके। धन्यवाद अपेक्षा सूर्यवंशी जिलाध्यक्ष NSUI4