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शिक्षा व्यवस्था को लेकर संजय सिंह ने सरकार पर साधा निशाना। शिक्षा व्यवस्था को लेकर संजय सिंह ने सरकार पर साधा निशाना।

2 hrs ago
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Court reporter गढ़वा, गढ़वा, झारखंड•
2 hrs ago

शिक्षा व्यवस्था को लेकर संजय सिंह ने सरकार पर साधा निशाना। शिक्षा व्यवस्था को लेकर संजय सिंह ने सरकार पर साधा निशाना।

More news from झारखंड and nearby areas
  • बाबा रामपाल का नाम एक बार फिर चर्चा में है। कभी सरकारी इंजीनियर रहे रामपाल ने खुद को कबीर का अवतार बताया और देखते ही देखते बड़ी संख्या में अनुयायी जुटा लिए। हत्या के मामलों में उम्रकैद की सजा, जेल में लंबा वक्त और अब जमानत पर बाहर आने के बाद भी भक्तों की दीवानगी बरकरार है। आलीशान गाड़ियों से लेकर AC वाले ठाठ तक, सवाल यही है कि मोह-माया छोड़ने का ज्ञान देने वाले बाबाओं की अपनी जिंदगी इतनी शाही क्यों है? संत रामपाल (बाबा रामपाल) धार्मिक उपदेशक बनने से पहले हरियाणा सरकार के सिंचाई विभाग में जूनियर इंजीनियर (कनिष्ठ अभियंता) के पद पर नौकरी करते थे। शिक्षा: उन्होंने निलोखेरी (करनाल) से इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया था। नौकरी: पढ़ाई पूरी होने के बाद उन्हें हरियाणा सरकार में सिंचाई विभाग में नौकरी मिल गई थी, जहाँ उन्होंने करीब 18 वर्षों तक जूनियर इंजीनियर के रूप में काम किया। धार्मिक मार्ग: वर्ष 1988 में उनकी मुलाकात कबीरपंथी गुरु स्वामी रामदेवानंद से हुई, जिसके बाद उनका झुकाव आध्यात्म की ओर हुआ। इसके बाद उन्होंने वर्ष 2000 में अपनी सरकारी नौकरी से इस्तीफा दे दिया और पूरी तरह से सत्संग व आध्यात्मिक प्रचार से जुड़ गए। क्या आप संत रामपाल के जीवन या ससतलोक आश्रम विवाद के बारे में कोई अन्य जानकारी चाहते हैं? बाबा रामपाल को 19 नवंबर 2014 को हरियाणा के हिसार स्थित सतलोक आश्रम में पुलिस के साथ हुए हिंसक गतिरोध और टकराव के बाद गिरफ्तार करके जेल भेजा गया था। [1] जेल जाने के मुख्य कारण: हिंसक संघर्ष: पुलिस जब उन्हें एक पुराने मामले में गिरफ्तार करने बरवाला आश्रम गई, तो उनके समर्थकों ने भारी विरोध किया और हिंसा भड़क उठी। [1, 2] जनहानि: इस हिंसक झड़प और भगदड़ में कई महिलाओं और एक बच्चे की मौत हो गई थी। [1, 2] गंभीर मामले: रामपाल और उनके समर्थकों पर हत्या, हत्या का प्रयास, देशद्रोह और आपराधिक षड्यंत्र जैसे कई गंभीर मामले दर्ज किए गए थे। [1, 2, 3] उम्रकैद की सजा: साल 2018 में हिसार की अदालत ने उन्हें और उनके कई साथियों को हत्या के मामलों में दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास (उम्रकैद) की सजा सुनाई थी। संत रामपाल (सतलोक आश्रम के संस्थापक) के नाम पर व्यक्तिगत रूप से कोई घोषित कुल संपत्ति (Net Worth) नहीं है। हालांकि, पुलिस जांच, मीडिया रिपोर्ट्स और उनके ट्रस्ट (डेरे) के रिकॉर्ड के अनुसार, उनके द्वारा संचालित सतलोक आश्रम और उनके संगठन के पास अरबों रुपये का साम्राज्य और चल-अचल संपत्ति है।रामपाल और उनके संगठन से जुड़ी संपत्तियों का ब्यौरा नीचे दिया गया है:1. आश्रम और रियल एस्टेट (Real Estate)बरवाला आश्रम (हरियाणा): हरियाणा के हिसार (बरवाला) में स्थित उनका मुख्य सतलोक आश्रम करीब 12 एकड़ में फैला हुआ है, जिसकी कीमत लगभग ₹100 करोड़ आंकी गई थी। इस भव्य आश्रम में अत्याधुनिक सुविधाएं, स्विमिंग पूल, और एसी कमरे मौजूद हैं।अन्य राज्यों में जमीन: पुलिस पूछताछ और जांच के दौरान सामने आया था कि उनके संगठन के पास मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र और दिल्ली जैसे कई राज्यों में सैकड़ों एकड़ जमीन और कई अन्य आश्रम हैं। उदाहरण के लिए, अकेले मध्य प्रदेश के बैतुल में ही विशाल जमीन और निर्माण कार्य शामिल थे।2. कमर्शियल बिजनेस और वाहन (Business & Vehicles)ट्रांसपोर्ट कंपनी: रामपाल के करीबियों और ट्रस्ट से जुड़ी एक बड़ी ट्रांसपोर्ट कंपनी का खुलासा हुआ था, जिसके पास 400 से 500 तक बड़े ट्रोले/ट्रक मौजूद हैं।लक्जरी गाड़ियां: उनके बेड़े में BMW और मर्सिडीज (Mercedes) जैसी कई महंगी और लक्जरी कारें शामिल रही हैं।3. समर्थकों और अनुयायियों का तर्कसंत रामपाल के अनुयायियों और उनके आधिकारिक मंचों का कहना है कि यह संपत्ति संत रामपाल की निजी संपत्ति नहीं है। उनके अनुसार, भक्तों द्वारा जो भी दान या गुप्त दान आता है, उसे समाज कल्याण, मुफ्त भोजन (भंडारा), और आश्रमों के संचालन में ही पूरी तरह खर्च किया जाता है।नोट: अप्रैल 2026 में, रामपाल को 11 साल से अधिक समय जेल में बिताने के बाद देशद्रोह के एक मामले में पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत मिली है। वर्तमान में उनकी अधिकांश बड़ी संपत्तियां और आश्रम कानूनी प्रक्रियाओं, सरकारी निगरानी या अदालती मामलों के अधीन हैं।
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    बाबा रामपाल का नाम एक बार फिर चर्चा में है। कभी सरकारी इंजीनियर रहे रामपाल ने खुद को कबीर का अवतार बताया और देखते ही देखते बड़ी संख्या में अनुयायी जुटा लिए। हत्या के मामलों में उम्रकैद की सजा, जेल में लंबा वक्त और अब जमानत पर बाहर आने के बाद भी भक्तों की दीवानगी बरकरार है। आलीशान गाड़ियों से लेकर AC वाले ठाठ तक, सवाल यही है कि मोह-माया छोड़ने का ज्ञान देने वाले बाबाओं की अपनी जिंदगी इतनी शाही क्यों है?
संत रामपाल (बाबा रामपाल) धार्मिक उपदेशक बनने से पहले हरियाणा सरकार के सिंचाई विभाग में जूनियर इंजीनियर (कनिष्ठ अभियंता) के पद पर नौकरी करते थे।
शिक्षा: उन्होंने निलोखेरी (करनाल) से इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया था।
नौकरी: पढ़ाई पूरी होने के बाद उन्हें हरियाणा सरकार में सिंचाई विभाग में नौकरी मिल गई थी, जहाँ उन्होंने करीब 18 वर्षों तक जूनियर इंजीनियर के रूप में काम किया।
धार्मिक मार्ग: वर्ष 1988 में उनकी मुलाकात कबीरपंथी गुरु स्वामी रामदेवानंद से हुई, जिसके बाद उनका झुकाव आध्यात्म की ओर हुआ। इसके बाद उन्होंने वर्ष 2000 में अपनी सरकारी नौकरी से इस्तीफा दे दिया और पूरी तरह से सत्संग व आध्यात्मिक प्रचार से जुड़ गए।
क्या आप संत रामपाल के जीवन या ससतलोक आश्रम विवाद के बारे में कोई अन्य जानकारी चाहते हैं?
बाबा रामपाल को 19 नवंबर 2014 को हरियाणा के हिसार स्थित सतलोक आश्रम में पुलिस के साथ हुए हिंसक गतिरोध और टकराव के बाद गिरफ्तार करके जेल भेजा गया था। [1]
जेल जाने के मुख्य कारण:
हिंसक संघर्ष: पुलिस जब उन्हें एक पुराने मामले में गिरफ्तार करने बरवाला आश्रम गई, तो उनके समर्थकों ने भारी विरोध किया और हिंसा भड़क उठी। [1, 2]
जनहानि: इस हिंसक झड़प और भगदड़ में कई महिलाओं और एक बच्चे की मौत हो गई थी। [1, 2]
गंभीर मामले: रामपाल और उनके समर्थकों पर हत्या, हत्या का प्रयास, देशद्रोह और आपराधिक षड्यंत्र जैसे कई गंभीर मामले दर्ज किए गए थे। [1, 2, 3]
उम्रकैद की सजा: साल 2018 में हिसार की अदालत ने उन्हें और उनके कई साथियों को हत्या के मामलों में दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास (उम्रकैद) की सजा सुनाई थी। 
संत रामपाल (सतलोक आश्रम के संस्थापक) के नाम पर व्यक्तिगत रूप से कोई घोषित कुल संपत्ति (Net Worth) नहीं है। हालांकि, पुलिस जांच, मीडिया रिपोर्ट्स और उनके ट्रस्ट (डेरे) के रिकॉर्ड के अनुसार, उनके द्वारा संचालित सतलोक आश्रम और उनके संगठन के पास अरबों रुपये का साम्राज्य और चल-अचल संपत्ति है।रामपाल और उनके संगठन से जुड़ी संपत्तियों का ब्यौरा नीचे दिया गया है:1. आश्रम और रियल एस्टेट (Real Estate)बरवाला आश्रम (हरियाणा): हरियाणा के हिसार (बरवाला) में स्थित उनका मुख्य सतलोक आश्रम करीब 12 एकड़ में फैला हुआ है, जिसकी कीमत लगभग ₹100 करोड़ आंकी गई थी। इस भव्य आश्रम में अत्याधुनिक सुविधाएं, स्विमिंग पूल, और एसी कमरे मौजूद हैं।अन्य राज्यों में जमीन: पुलिस पूछताछ और जांच के दौरान सामने आया था कि उनके संगठन के पास मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र और दिल्ली जैसे कई राज्यों में सैकड़ों एकड़ जमीन और कई अन्य आश्रम हैं। उदाहरण के लिए, अकेले मध्य प्रदेश के बैतुल में ही विशाल जमीन और निर्माण कार्य शामिल थे।2. कमर्शियल बिजनेस और वाहन (Business & Vehicles)ट्रांसपोर्ट कंपनी: रामपाल के करीबियों और ट्रस्ट से जुड़ी एक बड़ी ट्रांसपोर्ट कंपनी का खुलासा हुआ था, जिसके पास 400 से 500 तक बड़े ट्रोले/ट्रक मौजूद हैं।लक्जरी गाड़ियां: उनके बेड़े में BMW और मर्सिडीज (Mercedes) जैसी कई महंगी और लक्जरी कारें शामिल रही हैं।3. समर्थकों और अनुयायियों का तर्कसंत रामपाल के अनुयायियों और उनके आधिकारिक मंचों का कहना है कि यह संपत्ति संत रामपाल की निजी संपत्ति नहीं है। उनके अनुसार, भक्तों द्वारा जो भी दान या गुप्त दान आता है, उसे समाज कल्याण, मुफ्त भोजन (भंडारा), और आश्रमों के संचालन में ही पूरी तरह खर्च किया जाता है।नोट: अप्रैल 2026 में, रामपाल को 11 साल से अधिक समय जेल में बिताने के बाद देशद्रोह के एक मामले में पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत मिली है। वर्तमान में उनकी अधिकांश बड़ी संपत्तियां और आश्रम कानूनी प्रक्रियाओं, सरकारी निगरानी या अदालती मामलों के अधीन हैं।
    user_Ramashankar sharma
    Ramashankar sharma
    Communications central गढ़वा, गढ़वा, झारखंड•
    22 hrs ago
  • तेज बारिश में गिरे 11 बिजली पोल, विभाग और ग्रामीणों की मेहनत से गोता टोला भलुआनी में फिर जगमग हुई बिजली आज मंगलवार तीन बजे दिन में ग्रामीण ने बताया कि सोनदाग पंचायत के भलुआनी गांव स्थित गोता टोला में तेज वर्षा के कारण बिजली के करीब 11 पोल गिर जाने से गांव में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित हो गई थी। बिजली गुल होने से ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इसके बाद ग्रामीणों ने इसकी जानकारी भाजपा दक्षिणी महामंत्री मनोज कुमार ठाकुर को दी। उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल बिजली विभाग के अधिकारियों से संपर्क कर बिजली व्यवस्था बहाल कराने की पहल की। मनोज कुमार ठाकुर के प्रयास के बाद बिजली विभाग की ओर से संजू मिस्त्री को मौके पर भेजा गया। संजू मिस्त्री ने ग्रामीणों के सहयोग से गिरे हुए बिजली पोल एवं क्षतिग्रस्त लाइन को दुरुस्त करने का कार्य शुरू किया। इस दौरान तेज बारिश और खराब परिस्थितियों के बावजूद बिजली कर्मी एवं ग्रामीण लगातार कार्य में जुटे रहे। काफी मेहनत और प्रयास के बाद बिजली लाइन को दुरुस्त कर गोता टोला भलुआनी में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई। बिजली बहाल होने के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। ग्रामीणों ने बताया कि बिजली नहीं रहने से घरों के साथ-साथ बच्चों की पढ़ाई, पेयजल की व्यवस्था और रोजमर्रा के कार्यों में भी काफी परेशानी हो रही थी। ग्रामीणों ने बिजली विभाग के जेई सहित संबंधित कर्मियों का आभार जताया और कहा कि विभाग ने तत्परता दिखाते हुए समस्या का समाधान कराया। इस कार्य में कामेश्वर सिंह, रामचंद्र सिंह, रमेश सिंह, छठु सिंह, राजेश सिंह, बिगन राम, रविंद्र सिंह, राजिंद्र सिंह, संतोष सिंह, हरी राम सहित गोता टोला के कई ग्रामीणों ने संजू मिस्त्री का सहयोग किया। ग्रामीणों की एकजुटता और बिजली विभाग की तत्परता से आखिरकार गोता टोला एक बार फिर बिजली की रोशनी से जगमगा उठा।
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    तेज बारिश में गिरे 11 बिजली पोल, विभाग और ग्रामीणों की मेहनत से गोता टोला भलुआनी में फिर जगमग हुई बिजली
आज मंगलवार तीन बजे दिन में ग्रामीण ने बताया कि 
सोनदाग पंचायत के भलुआनी गांव स्थित गोता टोला में तेज वर्षा के कारण बिजली के करीब 11 पोल गिर जाने से गांव में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित हो गई थी। बिजली गुल होने से ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इसके बाद ग्रामीणों ने इसकी जानकारी भाजपा दक्षिणी महामंत्री मनोज कुमार ठाकुर को दी। उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल बिजली विभाग के अधिकारियों से संपर्क कर बिजली व्यवस्था बहाल कराने की पहल की।
मनोज कुमार ठाकुर के प्रयास के बाद बिजली विभाग की ओर से संजू मिस्त्री को मौके पर भेजा गया। संजू मिस्त्री ने ग्रामीणों के सहयोग से गिरे हुए बिजली पोल एवं क्षतिग्रस्त लाइन को दुरुस्त करने का कार्य शुरू किया। इस दौरान तेज बारिश और खराब परिस्थितियों के बावजूद बिजली कर्मी एवं ग्रामीण लगातार कार्य में जुटे रहे। काफी मेहनत और प्रयास के बाद बिजली लाइन को दुरुस्त कर गोता टोला भलुआनी में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई।
बिजली बहाल होने के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। ग्रामीणों ने बताया कि बिजली नहीं रहने से घरों के साथ-साथ बच्चों की पढ़ाई, पेयजल की व्यवस्था और रोजमर्रा के कार्यों में भी काफी परेशानी हो रही थी। ग्रामीणों ने बिजली विभाग के जेई सहित संबंधित कर्मियों का आभार जताया और कहा कि विभाग ने तत्परता दिखाते हुए समस्या का समाधान कराया।
इस कार्य में कामेश्वर सिंह, रामचंद्र सिंह, रमेश सिंह, छठु सिंह, राजेश सिंह, बिगन राम, रविंद्र सिंह, राजिंद्र सिंह, संतोष सिंह, हरी राम सहित गोता टोला के कई ग्रामीणों ने संजू मिस्त्री का सहयोग किया। ग्रामीणों की एकजुटता और बिजली विभाग की तत्परता से आखिरकार गोता टोला एक बार फिर बिजली की रोशनी से जगमगा उठा।
    user_Sunil singh
    Sunil singh
    रंका, गढ़वा, झारखंड•
    1 hr ago
  • भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के तहत तत्कालीन विश्रामपुर प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी रमेश चन्द्र प्रसाद को पांच वर्ष सश्रम कारावास की सजा पलामू जिला व्यवहार न्यायालय के एंटी करप्शन व्यूरो के स्पेशल जज राज कुमार मिश्र की अदालत ने पलामू जिला अंतर्गत विश्रामपुर प्रखंड के तत्कालीन प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी रमेश चन्द्र प्रसाद को प्रीवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट की धारा 13 (2) आर/डब्लू 13(1)(डी) में दोषी पाते हुए पाँच वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाया है।
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    भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के तहत तत्कालीन विश्रामपुर प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी रमेश चन्द्र प्रसाद को पांच वर्ष सश्रम कारावास की सजा

पलामू जिला व्यवहार न्यायालय के एंटी करप्शन व्यूरो के स्पेशल जज राज कुमार मिश्र की अदालत ने पलामू जिला अंतर्गत विश्रामपुर प्रखंड के तत्कालीन प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी रमेश चन्द्र प्रसाद को प्रीवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट की धारा 13 (2) आर/डब्लू 13(1)(डी) में दोषी पाते हुए पाँच वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाया है।
    user_पब्लिक लोकल न्यूज झारखंड
    पब्लिक लोकल न्यूज झारखंड
    विश्रामपुर, पलामू, झारखंड•
    9 hrs ago
  • हमारे गांव में देवी मंदिर से लेकर में रोड तक रोड नहीं बन सकता है क्या मुखिया थोड़ा सा कोई बनाना है हमारे गांव का देवी धाम देवी मंदिर से लेकर मैं रोड तक मुखिया बन नहीं सकता है
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    हमारे गांव में देवी मंदिर से लेकर में रोड तक रोड नहीं बन सकता है क्या मुखिया थोड़ा सा कोई बनाना है
हमारे गांव का देवी धाम देवी मंदिर से लेकर मैं रोड तक मुखिया बन नहीं सकता है
    user_Jay prakash Gupta
    Jay prakash Gupta
    Carpenter कांडी, गढ़वा, झारखंड•
    23 hrs ago
  • बाईक से अनियत्रित हो गिरे युवक का इलाज के दौरान मौत भाई के तहरीर पर म्योरपुर पुलिस ने मामला दर्ज कर अग्रिम कार्यवाही मे जुटी बाईक से अनियत्रित हो गिरे युवक का इलाज के दौरान मौत भाई के तहरीर पर म्योरपुर पुलिस ने मामला दर्ज कर अग्रिम कार्यवाही मे जुटी
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    बाईक से अनियत्रित हो गिरे युवक का इलाज के दौरान मौत भाई के तहरीर पर म्योरपुर पुलिस ने मामला दर्ज कर अग्रिम कार्यवाही मे जुटी
बाईक से अनियत्रित हो गिरे युवक का इलाज के दौरान मौत भाई के तहरीर पर म्योरपुर पुलिस ने मामला दर्ज कर अग्रिम कार्यवाही मे जुटी
    user_Nitesh Kumar
    Nitesh Kumar
    Mandi Agent Mahuli•
    1 hr ago
  • अपने गुरु महराज की समाधी स्थल बनवा रहे महंत अंकित दास जी महाराज श्री राम जानकी मंदिर के निजधाम पधारे गुरुमहाराज जी ये समाधी, महात्मा गांधी जी जैसी बनवाने का लिया संकल्प , कीमती पत्थरों का प्रयोग , कुशल कारीगरों द्वारा निर्मित ये गुरुजी की समाधी जल्द ही बनकर तैयारी होगी , आप भी सुने क्या कहा महंत अंकित दास जी ने
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    अपने गुरु महराज की समाधी स्थल बनवा रहे महंत अंकित दास जी महाराज श्री राम जानकी मंदिर के निजधाम पधारे गुरुमहाराज जी ये समाधी, महात्मा गांधी जी जैसी  बनवाने का लिया संकल्प  , कीमती पत्थरों का प्रयोग , कुशल कारीगरों द्वारा निर्मित ये गुरुजी की समाधी जल्द ही बनकर तैयारी होगी , आप भी सुने क्या कहा महंत अंकित दास जी ने
    user_संजय श्रीवास्तव ( ब्यूरो चीफ)
    संजय श्रीवास्तव ( ब्यूरो चीफ)
    Dudhi, Sonbhadra•
    21 hrs ago
  • डूबने वाला है गढ़वा का बस स्टैंड, सभी यात्रीगण हैरान व परेशान गढ़वा बस स्टैंड में भारी जलभराव से हालात बेहद खराब नजर आ रहे हैं। सड़कें पानी में डूबी हैं और बस यात्रियों समेत आम लोग काफी परेशान हैं। लगातार बढ़ते पानी से बस स्टैंड के डूबने का खतरा बना हुआ है।
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    डूबने वाला है गढ़वा का बस स्टैंड, सभी यात्रीगण हैरान व परेशान 
गढ़वा बस स्टैंड में भारी जलभराव से हालात बेहद खराब नजर आ रहे हैं।
सड़कें पानी में डूबी हैं और बस यात्रियों समेत आम लोग काफी परेशान हैं।
लगातार बढ़ते पानी से बस स्टैंड के डूबने का खतरा बना हुआ है।
    user_Green Line News, Md Mostaque
    Green Line News, Md Mostaque
    पत्रकार गढ़वा, गढ़वा, झारखंड•
    12 hrs ago
  • 7.8% growth. Strong numbers. Even stronger confidence 7.8% growth. Strong numbers. Even stronger confidence
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    7.8% growth.

Strong numbers.

Even stronger confidence
7.8% growth.
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    user_Nitesh Kumar
    Nitesh Kumar
    Mandi Agent Mahuli•
    10 hrs ago
  • हर-हर महादेव के जयघोष से गूंजा हरनाकछार, श्री मालेश्वर महादेव मंदिर में हुई भव्य शिव चर्चा। हर-हर महादेव के जयघोष से गूंजा हरनाकछार, श्री मालेश्वर महादेव मंदिर में हुई भव्य शिव चर्चा। दूर-दराज से पहुंचे शिव शिष्य गुरु भाई-बहन, आध्यात्मिक माहौल में हुआ शिव चर्चा का आयोजन। विंढमगंज सोनभद्र/हरनाकछार। श्री मालेश्वर महादेव मंदिर के पावन प्रांगण में रविवार, 30 अगस्त 2026 को दोपहर करीब 2 बजे शिव शिष्यों की ओर से विशेष शिव चर्चा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र सहित दूर-दराज के विभिन्न स्थानों से बड़ी संख्या में शिव शिष्य गुरु भाई-बहन पहुंचे और भगवान शिव की भक्ति एवं आध्यात्मिक चर्चा में शामिल होकर मंदिर परिसर की शोभा बढ़ाई। शिव चर्चा के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के विचारों और उनके बताए मार्ग पर चलने को लेकर आपसी विचार साझा किए। कार्यक्रम में शामिल शिव शिष्यों में खासा उत्साह देखने को मिला। शांत एवं भक्तिमय वातावरण में आयोजित शिव चर्चा से पूरा मंदिर परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर नजर आया। दूर-दराज से पहुंचे गुरु भाई-बहनों ने कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए शिव चर्चा को सफल बनाया। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की महिमा का गुणगान करते हुए समाज में प्रेम, भाईचारा, सेवा और सद्भाव की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया। कार्यक्रम की देखरेख एवं व्यवस्था में घिवही निवासी गुरु बहन सीता देवी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उन्होंने आयोजन से जुड़ी व्यवस्थाओं को संभालने में सक्रिय योगदान दिया, जिसके चलते कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ। आयोजन में शामिल श्रद्धालुओं ने कहा कि इस तरह की शिव चर्चा से लोगों को आध्यात्मिक चिंतन के साथ समाज में एकजुटता और सकारात्मक सोच का संदेश मिलता है। कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर में भक्तिमय माहौल बना रहा। शिव शिष्यों ने भविष्य में भी इस प्रकार के धार्मिक एवं आध्यात्मिक आयोजनों को जारी रखने की भावना व्यक्त की। कार्यक्रम के समापन पर सभी गुरु भाई-बहनों ने एक-दूसरे के प्रति प्रेम, सहयोग और सद्भाव बनाए रखने का संकल्प लिया। श्री मालेश्वर महादेव मंदिर में आयोजित शिव चर्चा श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक चेतना का संदेश देते हुए संपन्न हुई।
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    हर-हर महादेव के जयघोष से गूंजा हरनाकछार, श्री मालेश्वर महादेव मंदिर में हुई भव्य शिव चर्चा।
हर-हर महादेव के जयघोष से गूंजा हरनाकछार, श्री मालेश्वर महादेव मंदिर में हुई भव्य शिव चर्चा।
दूर-दराज से पहुंचे शिव शिष्य गुरु भाई-बहन, आध्यात्मिक माहौल में हुआ शिव चर्चा का आयोजन।
विंढमगंज सोनभद्र/हरनाकछार। श्री मालेश्वर महादेव मंदिर के पावन प्रांगण में रविवार, 30 अगस्त 2026 को दोपहर करीब 2 बजे शिव शिष्यों की ओर से विशेष शिव चर्चा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र सहित दूर-दराज के विभिन्न स्थानों से बड़ी संख्या में शिव शिष्य गुरु भाई-बहन पहुंचे और भगवान शिव की भक्ति एवं आध्यात्मिक चर्चा में शामिल होकर मंदिर परिसर की शोभा बढ़ाई।
शिव चर्चा के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के विचारों और उनके बताए मार्ग पर चलने को लेकर आपसी विचार साझा किए। कार्यक्रम में शामिल शिव शिष्यों में खासा उत्साह देखने को मिला। शांत एवं भक्तिमय वातावरण में आयोजित शिव चर्चा से पूरा मंदिर परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर नजर आया।
दूर-दराज से पहुंचे गुरु भाई-बहनों ने कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए शिव चर्चा को सफल बनाया। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की महिमा का गुणगान करते हुए समाज में प्रेम, भाईचारा, सेवा और सद्भाव की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया।
कार्यक्रम की देखरेख एवं व्यवस्था में घिवही निवासी गुरु बहन सीता देवी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उन्होंने आयोजन से जुड़ी व्यवस्थाओं को संभालने में सक्रिय योगदान दिया, जिसके चलते कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ।
आयोजन में शामिल श्रद्धालुओं ने कहा कि इस तरह की शिव चर्चा से लोगों को आध्यात्मिक चिंतन के साथ समाज में एकजुटता और सकारात्मक सोच का संदेश मिलता है। कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर में भक्तिमय माहौल बना रहा।
शिव शिष्यों ने भविष्य में भी इस प्रकार के धार्मिक एवं आध्यात्मिक आयोजनों को जारी रखने की भावना व्यक्त की। कार्यक्रम के समापन पर सभी गुरु भाई-बहनों ने एक-दूसरे के प्रति प्रेम, सहयोग और सद्भाव बनाए रखने का संकल्प लिया।
श्री मालेश्वर महादेव मंदिर में आयोजित शिव चर्चा श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक चेतना का संदेश देते हुए संपन्न हुई।
    user_Jitendr Prshad
    Jitendr Prshad
    Court reporter दुद्धी, सोनभद्र, उत्तर प्रदेश•
    23 hrs ago
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