logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

ताले में कैद ग्राम सचिवालय, छोटे-छोटे कामों के लिए भटक रहे ग्रामीण ताले में कैद ग्राम सचिवालय, छोटे-छोटे कामों के लिए भटक रहे ग्रामीण नेवास गोरखपुर। पाली क्षेत्र के नेवास, गोविंदपुर, सहरी और भगवानपुर ग्राम पंचायतों में बने ग्राम सचिवालयों के नियमित संचालन को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि सचिवालय अक्सर बंद रहता है, जिससे सरकारी योजनाओं और जरूरी प्रमाण-पत्रों से जुड़े कार्य समय पर नहीं हो पा रहे हैं। ग्रामीण कन्हैया, दरोगा, ज्ञान, कमल, मोहन राम, ललित, समर, महेश, रमेश और रामानंद ने बताया कि आय, जाति, निवास प्रमाण-पत्र, पेंशन, आवास, शौचालय और अन्य सरकारी योजनाओं के संबंध में जानकारी या आवेदन के लिए सचिवालय पहुंचने पर अक्सर ताला लटका मिलता है। इससे लोगों को बार-बार चक्कर लगाने पड़ते हैं और समय व धन दोनों की बर्बादी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकार ने गांव स्तर पर ही लोगों को सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ग्राम सचिवालय की व्यवस्था शुरू की थी, लेकिन नियमित संचालन नहीं होने से इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने मांग की कि सचिवालय तय समय पर खुले और संबंधित कर्मचारी नियमित रूप से उपस्थित रहें, ताकि ग्रामीणों को सरकारी सेवाएं आसानी से मिल सकें। इस संबंध में ग्राम विकास अधिकारी राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी ली जा रही है। संबंधित कर्मचारियों से बात कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी, ताकि ग्राम सचिवालयों का नियमित संचालन सुनिश्चित हो सके।

3 hrs ago
user_उपेंद्र राज
उपेंद्र राज
सहजनवा, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश•
3 hrs ago
fc5c119b-8ef1-449d-b6cb-4b00d21e0dc2

ताले में कैद ग्राम सचिवालय, छोटे-छोटे कामों के लिए भटक रहे ग्रामीण ताले में कैद ग्राम सचिवालय, छोटे-छोटे कामों के लिए भटक रहे ग्रामीण नेवास गोरखपुर। पाली क्षेत्र के नेवास, गोविंदपुर, सहरी और भगवानपुर ग्राम पंचायतों में बने ग्राम सचिवालयों के नियमित संचालन को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि सचिवालय अक्सर बंद रहता है, जिससे सरकारी योजनाओं और जरूरी प्रमाण-पत्रों से जुड़े कार्य समय पर नहीं हो पा रहे हैं। ग्रामीण कन्हैया, दरोगा, ज्ञान,

कमल, मोहन राम, ललित, समर, महेश, रमेश और रामानंद ने बताया कि आय, जाति, निवास प्रमाण-पत्र, पेंशन, आवास, शौचालय और अन्य सरकारी योजनाओं के संबंध में जानकारी या आवेदन के लिए सचिवालय पहुंचने पर अक्सर ताला लटका मिलता है। इससे लोगों को बार-बार चक्कर लगाने पड़ते हैं और समय व धन दोनों की बर्बादी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकार ने गांव स्तर पर ही लोगों को सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ग्राम सचिवालय की व्यवस्था

शुरू की थी, लेकिन नियमित संचालन नहीं होने से इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने मांग की कि सचिवालय तय समय पर खुले और संबंधित कर्मचारी नियमित रूप से उपस्थित रहें, ताकि ग्रामीणों को सरकारी सेवाएं आसानी से मिल सकें। इस संबंध में ग्राम विकास अधिकारी राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी ली जा रही है। संबंधित कर्मचारियों से बात कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी, ताकि ग्राम सचिवालयों का नियमित संचालन सुनिश्चित हो सके।

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • बहन-बेटियों की सुरक्षा को लेकर सहजनवा में पैदल मार्च, 90 दिनों में दोषियों को फांसी देने की उठाई मांग बहन-बेटियों की सुरक्षा को लेकर सहजनवा में पैदल मार्च, 90 दिनों में दोषियों को फांसी देने की उठाई मांग सहजनवा, गोरखपुर। बहन-बेटियों और मासूम बच्चों के खिलाफ बढ़ रहे हत्या एवं दुष्कर्म जैसे जघन्य अपराधों के विरोध में शनिवार को दलित शोषित कल्याण समिति, उत्तर प्रदेश के तत्वावधान में सहजनवा में जनजागरण पैदल मार्च निकाला गया। बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने इसमें भाग लेकर अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग उठाई। पैदल मार्च भीटी चौराहे से प्रारंभ होकर सहजनवा थाना होते हुए पूरे सहजनवा बाजार में निकाला गया। इस दौरान प्रतिभागियों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर महिला सुरक्षा के समर्थन में नारे लगाए तथा लोगों को जागरूक किया। मार्च के उपरांत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासन को सौंपा गया। ज्ञापन में मांग की गई कि बहन-बेटियों और बच्चों के साथ हत्या, दुष्कर्म तथा अन्य जघन्य अपराध करने वाले दोषियों को 90 दिनों के भीतर फांसी की सजा सुनिश्चित की जाए, ताकि अपराधियों में कानून का भय पैदा हो और भविष्य में ऐसे अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके। समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि सहजनवा, खजनी, चित्रकूट सहित देश और प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में लगातार सामने आ रही घटनाएं बेहद चिंताजनक हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए तथा दोषियों के खिलाफ त्वरित और कठोर कार्रवाई से ही समाज में न्याय का विश्वास मजबूत होगा। कार्यक्रम के दौरान मौजूद लोगों ने एक स्वर में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा अपराधियों को शीघ्र एवं कड़ी सजा दिलाने की मांग दोहराई।
    4
    बहन-बेटियों की सुरक्षा को लेकर सहजनवा में पैदल मार्च, 90 दिनों में दोषियों को फांसी देने की उठाई मांग

बहन-बेटियों की सुरक्षा को लेकर सहजनवा में पैदल मार्च, 90 दिनों में दोषियों को फांसी देने की उठाई मांग
सहजनवा, गोरखपुर।
बहन-बेटियों और मासूम बच्चों के खिलाफ बढ़ रहे हत्या एवं दुष्कर्म जैसे जघन्य अपराधों के विरोध में शनिवार को दलित शोषित कल्याण समिति, उत्तर प्रदेश के तत्वावधान में सहजनवा में जनजागरण पैदल मार्च निकाला गया। बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने इसमें भाग लेकर अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग उठाई।
पैदल मार्च भीटी चौराहे से प्रारंभ होकर सहजनवा थाना होते हुए पूरे सहजनवा बाजार में निकाला गया। इस दौरान प्रतिभागियों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर महिला सुरक्षा के समर्थन में नारे लगाए तथा लोगों को जागरूक किया।
मार्च के उपरांत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासन को सौंपा गया। ज्ञापन में मांग की गई कि बहन-बेटियों और बच्चों के साथ हत्या, दुष्कर्म तथा अन्य जघन्य अपराध करने वाले दोषियों को 90 दिनों के भीतर फांसी की सजा सुनिश्चित की जाए, ताकि अपराधियों में कानून का भय पैदा हो और भविष्य में ऐसे अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।
समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि सहजनवा, खजनी, चित्रकूट सहित देश और प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में लगातार सामने आ रही घटनाएं बेहद चिंताजनक हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए तथा दोषियों के खिलाफ त्वरित और कठोर कार्रवाई से ही समाज में न्याय का विश्वास मजबूत होगा।
कार्यक्रम के दौरान मौजूद लोगों ने एक स्वर में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा अपराधियों को शीघ्र एवं कड़ी सजा दिलाने की मांग दोहराई।
    user_सर्वेश कुमार शुक्ला
    सर्वेश कुमार शुक्ला
    सहजनवा, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश•
    7 hrs ago
  • सूर्यांश न्यूज़ 24 हर खबर पर नजर आपका अपना लोकप्रिय चैनल
    1
    सूर्यांश न्यूज़ 24 हर खबर पर नजर आपका अपना लोकप्रिय चैनल
    user_Vinay kumar giri
    Vinay kumar giri
    Reporter Vinay Kumar Giri सहजनवा, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश•
    13 hrs ago
  • गोरखपुर में मा*सूम के ह*या के खिलाफ सड़कों पर अधिवक्ता,सिपाही के खिलाफ कारवाई की मांग....| गोरखपुर में मा*सूम के ह*या के खिलाफ सड़कों पर अधिवक्ता,सिपाही के खिलाफ कारवाई की मांग....|
    1
    गोरखपुर में मा*सूम के ह*या के खिलाफ सड़कों पर अधिवक्ता,सिपाही के खिलाफ कारवाई की मांग....|
गोरखपुर में मा*सूम के ह*या के खिलाफ सड़कों पर अधिवक्ता,सिपाही के खिलाफ कारवाई की मांग....|
    user_Nihal
    Nihal
    Media house वाराणसी, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश•
    12 min ago
  • कुशीनगर में तीन बहनों की नाले में डूबने से हुई मौत, परिजनों में मचा कोहराम कुशीनगर में हुए दर्दनाक हादसे ने झकझोर कर रख दिया है, यहां नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के दुबौली गांव के पास तेज बहाव वाले नाले के किनारे खेल रही 3 मासूम बहने अचानक संतुलन खोने से उसमें गिर गई। घटना शुक्रवार शाम 5 बजे गांव के बाहर सिधरिया नाले की पुलिया के पास हुई, वहीं उनका भाई भी खेल रहा था। सपना, शिवानी और कुंजन घर से निकलीं। साथ में भाई प्रियांशु को भी ले गईं।  तीनों नाले के पुल पर पहुंचीं। रेलिंग पर पैर लटकाकर बैठ गईं। अचानक संतुलन बिगड़ने से तीनों गहरे नाले में गिर गईं। बहनों को डूबता देखकर प्रियांशु बहनों को बचाने भागा। लेकिन, बहाव तेज होने की वजह से कुछ कर नहीं पाया। बहनों के नाले में गिरता देख  भाई चिल्लाने लगा। आसपास कोई नहीं दिखा तो भागकर गांव पहुंचा। लोगों को हादसे की जानकारी दी। इसके बाद ग्रामीण भागकर पुलिया के पास पहुंचे, पुलिस और एसडीआरएफ को सूचना दी गई। सर्च ऑपरेशन चलाया गया। करीब 14 घंटे बाद शनिवार सुबह 7 बजे पुलिया से 3 सौ मीटर दूर तीनों के शव बरामद किए। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बच्चियों की मौत के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
    1
    कुशीनगर में तीन बहनों की नाले में डूबने से हुई मौत, परिजनों में मचा कोहराम
कुशीनगर में हुए दर्दनाक हादसे ने झकझोर कर रख दिया है, यहां नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के दुबौली गांव के पास तेज बहाव वाले नाले के किनारे खेल रही 3 मासूम बहने अचानक संतुलन खोने से उसमें गिर गई। 
घटना शुक्रवार शाम 5 बजे गांव के बाहर सिधरिया नाले की पुलिया के पास हुई, वहीं उनका भाई भी खेल रहा था। सपना, शिवानी और कुंजन घर से निकलीं। साथ में भाई प्रियांशु को भी ले गईं। 
तीनों नाले के पुल पर पहुंचीं। रेलिंग पर पैर लटकाकर बैठ गईं। अचानक संतुलन बिगड़ने से तीनों गहरे नाले में गिर गईं। बहनों को डूबता देखकर प्रियांशु बहनों को बचाने भागा। लेकिन, बहाव तेज होने की वजह से कुछ कर नहीं पाया। बहनों के नाले में गिरता देख  भाई चिल्लाने लगा। आसपास कोई नहीं दिखा तो भागकर गांव पहुंचा। लोगों को हादसे की जानकारी दी।
इसके बाद ग्रामीण भागकर पुलिया के पास पहुंचे, पुलिस और एसडीआरएफ को सूचना दी गई। सर्च ऑपरेशन चलाया गया। करीब 14 घंटे बाद शनिवार सुबह 7 बजे पुलिया से 3 सौ मीटर दूर तीनों के शव बरामद किए। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बच्चियों की मौत के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
    user_अनूप शुक्ला
    अनूप शुक्ला
    Gorakhpur, Uttar Pradesh•
    1 hr ago
  • देवरिया डीएम को ज्ञापन देने गोरखपुर से चलकर पूर्वांचल भागीदारी संकल्प मोर्चा की पूरी टीम द्वारा अधिकारी से कई मुद्दों पर मांग किया गया पूर्वांचल भागीदारी संकल्प मोर्चा और भारतीय अपना समाज पार्टी द्वारा कई छोटे छोटे संगठन मिलकर एक दूसरे से कदम से कदम मिलाकर 2027 के चुनाव का तैयारी कर रहे हैं इसी बीच इन सब दलों ने मिलकर देवरिया डीएम को कई मुद्दों पर सवाल और कई मांगों को लेकर ज्ञापन सोपा
    1
    देवरिया डीएम को ज्ञापन देने गोरखपुर से चलकर पूर्वांचल भागीदारी संकल्प मोर्चा की पूरी टीम द्वारा अधिकारी से कई मुद्दों पर मांग किया गया 
पूर्वांचल भागीदारी संकल्प मोर्चा और भारतीय अपना समाज पार्टी द्वारा कई छोटे छोटे संगठन मिलकर एक दूसरे से कदम से कदम मिलाकर 2027 के चुनाव का तैयारी कर रहे हैं इसी बीच इन सब दलों ने मिलकर देवरिया डीएम को कई मुद्दों पर सवाल और कई मांगों को लेकर ज्ञापन सोपा
    user_Jai Singh
    Jai Singh
    Court reporter Gorakhpur, Uttar Pradesh•
    1 hr ago
  • गोरखपुर दीपिका हत्याकांड: CM को सौंपा गया ज्ञापन, पीड़ित परिवार के लिए 7 बड़ी मांगें | Gorakhpur News
    1
    गोरखपुर दीपिका हत्याकांड: CM को सौंपा गया ज्ञापन, पीड़ित परिवार के लिए 7 बड़ी मांगें | Gorakhpur News
    user_EN Daily National
    EN Daily National
    Journalist वाराणसी, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश•
    6 hrs ago
  • नील गाय का बढ़ता आतंक, किसान परेशान निगरानी करने को मजबूर हैं। इसके बावजूद फसलों को बचा पाना मुश्किल हो रहा है। नेवास गोरखपुर। पाली क्षेत्र में नीलगायों का बढ़ता आतंक किसानों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। हासपार्टी, सजनापार, नेवास, गोविंदपुर, तिवरान, पनिका और इटार समेत कई गांवों में नीलगायों के झुंड खेतों में घुसकर धान और अन्य फसलों को लगातार नुकसान पहुंचा रहे हैं। इससे किसानों की महीनों की मेहनत पर पानी फिरता नजर आ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि जैसे ही रात होती है, नीलगायों के झुंड खेतों में पहुंच जाते हैं। फसल बचाने के लिए किसान टॉर्च, डंडे और शोर-शराबे के सहारे पूरी रात खेतों की निगरानी करने को मजबूर हैं। इसके बावजूद फसलों को बचा पाना मुश्किल हो रहा है। किसान विनोद, महेश, रामलखन, कन्हैया, गोविंद, कमल और बिनय कपूर सहित कई किसानों ने बताया कि नीलगायों के कारण आर्थिक नुकसान लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने प्रशासन और वन विभाग से मांग की है कि नीलगायों से फसलों की सुरक्षा के लिए प्रभावी और स्थायी व्यवस्था की जाए, ताकि किसानों को राहत मिल सके और उनकी मेहनत बर्बाद होने से बच सके।
    1
    नील गाय का बढ़ता आतंक, किसान परेशान निगरानी करने को मजबूर हैं। इसके बावजूद फसलों को बचा पाना मुश्किल हो रहा है।

नेवास गोरखपुर। पाली क्षेत्र में नीलगायों का बढ़ता आतंक किसानों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। हासपार्टी, सजनापार, नेवास, गोविंदपुर, तिवरान, पनिका और इटार समेत कई गांवों में नीलगायों के झुंड खेतों में घुसकर धान और अन्य फसलों को लगातार नुकसान पहुंचा रहे हैं। इससे किसानों की महीनों की मेहनत पर पानी फिरता नजर आ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि जैसे ही रात होती है, नीलगायों के झुंड खेतों में पहुंच जाते हैं। फसल बचाने के लिए किसान टॉर्च, डंडे और शोर-शराबे के सहारे पूरी रात खेतों की निगरानी करने को मजबूर हैं। इसके बावजूद फसलों को बचा पाना मुश्किल हो रहा है।
किसान विनोद, महेश, रामलखन, कन्हैया, गोविंद, कमल और बिनय कपूर सहित कई किसानों ने बताया कि नीलगायों के कारण आर्थिक नुकसान लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने प्रशासन और वन विभाग से मांग की है कि नीलगायों से फसलों की सुरक्षा के लिए प्रभावी और स्थायी व्यवस्था की जाए, ताकि किसानों को राहत मिल सके और उनकी मेहनत बर्बाद होने से बच सके।
    user_उपेंद्र राज
    उपेंद्र राज
    सहजनवा, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.