बेमौसम कहर: आंधी-तूफान और बारिश ने तोड़ी किसानों की कमर, बिजली-नेटवर्क भी ठप हेमंत कुमार की रिपोर्ट चिनियां प्रखंड मुख्यालय में सोमवार देर रात आए बेमौसम आंधी-तूफान और झमाझम बारिश ने जमकर तबाही मचाई। इस अचानक बदले मौसम ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। खेतों में काटकर रखी गई गेहूं की फसल भीगकर खराब हो गई, वहीं पैक कर तैयार रखे गए अनाज को भी भारी नुकसान झेलना पड़ा। फसल में दोबारा नमी आ जाने से किसानों की चिंता और बढ़ गई है। तेज हवा के साथ आए तूफान ने इलाके में कई जगह पेड़ों की डालियां तोड़ दीं। इसी दौरान एक पेड़ की बड़ी डाली 4400 वोल्ट की बिजली तार पर गिर गई, जिससे पूरे प्रखंड में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। अंधेरे में डूबे इलाके में नेटवर्क सेवा भी घंटों ठप रही, जिससे लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। हालांकि, बिजली विभाग की टीम ने पूरी रात मेहनत कर मंगलवार सुबह करीब 6 बजे बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन किसानों के चेहरे पर अभी भी नुकसान की चिंता साफ झलक रही है।
बेमौसम कहर: आंधी-तूफान और बारिश ने तोड़ी किसानों की कमर, बिजली-नेटवर्क भी ठप हेमंत कुमार की रिपोर्ट चिनियां प्रखंड मुख्यालय में सोमवार देर रात आए बेमौसम आंधी-तूफान और झमाझम बारिश ने जमकर तबाही मचाई। इस अचानक बदले मौसम ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। खेतों में काटकर रखी गई गेहूं की फसल भीगकर खराब हो गई, वहीं पैक कर तैयार रखे गए अनाज को भी भारी नुकसान झेलना पड़ा। फसल में दोबारा नमी आ जाने से किसानों की चिंता और बढ़ गई है। तेज हवा के साथ आए तूफान ने इलाके में कई जगह पेड़ों की डालियां तोड़ दीं। इसी दौरान एक पेड़ की बड़ी डाली 4400 वोल्ट की बिजली तार पर गिर गई, जिससे पूरे प्रखंड में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। अंधेरे में डूबे इलाके में नेटवर्क सेवा भी घंटों ठप रही, जिससे लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। हालांकि, बिजली विभाग की टीम ने पूरी रात मेहनत कर मंगलवार सुबह करीब 6 बजे बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन किसानों के चेहरे पर अभी भी नुकसान की चिंता साफ झलक रही है।
- हेमंत कुमार की रिपोर्ट चिनियां प्रखंड मुख्यालय में सोमवार देर रात आए बेमौसम आंधी-तूफान और झमाझम बारिश ने जमकर तबाही मचाई। इस अचानक बदले मौसम ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। खेतों में काटकर रखी गई गेहूं की फसल भीगकर खराब हो गई, वहीं पैक कर तैयार रखे गए अनाज को भी भारी नुकसान झेलना पड़ा। फसल में दोबारा नमी आ जाने से किसानों की चिंता और बढ़ गई है। तेज हवा के साथ आए तूफान ने इलाके में कई जगह पेड़ों की डालियां तोड़ दीं। इसी दौरान एक पेड़ की बड़ी डाली 4400 वोल्ट की बिजली तार पर गिर गई, जिससे पूरे प्रखंड में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। अंधेरे में डूबे इलाके में नेटवर्क सेवा भी घंटों ठप रही, जिससे लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। हालांकि, बिजली विभाग की टीम ने पूरी रात मेहनत कर मंगलवार सुबह करीब 6 बजे बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन किसानों के चेहरे पर अभी भी नुकसान की चिंता साफ झलक रही है।1
- #अखिल भारतीय आदिम जनजाति विकास परिषद् प्रखंड इकाई भवनाथपुर प्रखंड अंचल के प्रांगण में एक दिवसीय विरोध धरना प्रदर्शन किया गया।1
- Post by Sunil singh1
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- गढ़वा DC दिनेश कुमार यादव ने सदर अस्पताल में HPV वैक्सीनेशन............1
- बलरामपुर जिला के बिकास खंड kusmi में आक्रोश मुस्लिम समुदाय ने दिया अल्टीमेटम, आरोपी की गिरफ्तारी न होने पर कल चक्का जाम की चेतावनी बिकासखंड kusmi क्षेत्र में हाल ही में हुए विवादित मामले को लेकर मुस्लिम समुदाय में जबरदस्त उबाल है। पुलिस प्रशासन द्वारा अब तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं किए जाने से नाराज समुदाय के लोगों ने आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। समुदाय ने प्रशासन को स्पष्ट अल्टीमेटम दिया है कि यदि जल्द ही आरोपी सलाखों के पीछे नहीं हुआ, तो कल पूरे क्षेत्र में उग्र आंदोलन और चक्का जाम किया जाएगा। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, विवादित घटना के बाद से ही आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर है और खुलेआम घूम रहा है। इस स्थिति ने न केवल लोगों के गुस्से को भड़काया है, बल्कि क्षेत्र में भय का माहौल भी पैदा कर दिया है। समुदाय के प्रतिनिधियों का आरोप है कि बार-बार शिकायत और साक्ष्य सौंपने के बावजूद pulis और स्थानीय प्रशासन मौन साधे हुए है। मुस्लिम समुदाय के प्रतिनिधियों ने आज एक बैठक कर रणनीति तैयार की। बैठक के बाद उन्होंने कड़े शब्दों में कहा हमने हमेशा शांति और कानून का सम्मान किया है, लेकिन हमारी सहनशीलता को कमजोरी न समझा जाए। यदि प्रशासन समय रहते कार्रवाई नहीं करता है, तो हम सड़कों पर उतरने को मजबूर होंगे। कल होने वाले चक्का जाम और विरोध प्रदर्शन की पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। फिलहाल क्षेत्र में स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवालिया निशान लग रहे हैं कि आखिर क्यों अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्रशासन की ढिलाई मामले को और अधिक तूल दे सकती है।1
- खुशबू कुमारी से, जो एक प्रतिभाशाली गायिका, संगीतकार और गीतकार हैं , अपनी अद्भुत प्रतिभा और समर्पण के लिए जानी जाती हैं। संगीत जगत में उनके जुनून और रचनात्मकता ने गहरा प्रभाव डाला है।3