बलिया नाला के तेज बहाव में बहते-बहते बचे स्कूली बच्चे ग्रामीणों ने बचाई जान बलिया नाला के तेज बहाव में बहते-बहते बचे स्कूली बच्चे ग्रामीणों ने बचाई जान दो छात्रों की साइकिल पानी में बही प्रशासन से नालों पर सुरक्षा व्यवस्था की मांग भूपेंद्र कुमार विश्वकर्मा ब्यूरो चीफ दैनिक अखंण्ड चक्र समाचार सिंगरौली सिंगरौली 25 अगस्त 2026 सोमवार से जिले में रुक-रुककर हो रही लगातार बारिश के बीच नदी-नाले उफान पर हैं। सिंगरौली ग्रामीण तहसील क्षेत्र के अंतर्गत कंजी ग्राम पंचायत के बरौहा गांव से लापरवाही और सुरक्षा व्यवस्था की कमी की तस्वीर सामने आई है। बताया जा रहा है कि बलिया नाला के तेज बहाव को पार करने के दौरान दो स्कूली छात्र पानी के तेज बहाव में बहते-बहते बच गए। इस दौरान छात्रों की साइकिल भी पानी में बह गई। आसपास मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए दोनों छात्रों को सुरक्षित बाहर निकाला। तेज बहाव के बीच नाला पार करते नजर आए बच्चे घटना की सामने आई तस्वीरें बारिश के दौरान बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाने वाली हैं। जिस समय नाले में पानी का तेज बहाव था उसी दौरान स्कूली बच्चों को उसे पार करना पड़ा। यदि आसपास मौजूद लोगों ने समय रहते मदद नहीं की होती तो बड़ा हादसा हो सकता था। लगातार बारिश के कारण जिले के कई नदी-नाले उफान पर हैं। ऐसे में स्कूली बच्चों सहित आम लोगों के लिए इस तरह के जलभराव वाले रास्तों को पार करना जोखिम भरा बना हुआ है। घटना ने स्कूल प्रबंधन के साथ-साथ स्थानीय प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। नालों पर वॉलंटियर्स तैनात करने की मांग स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दौरान जिन मार्गों पर नदी और नाले पड़ते हैं, वहां प्रशासन द्वारा सुरक्षा के लिए वॉलंटियर्स या सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की जानी चाहिए। खासकर स्कूल आने-जाने वाले रास्तों पर विशेष निगरानी रखी जाए, ताकि तेज बहाव होने की स्थिति में बच्चों और ग्रामीणों को नाला पार करने से रोका जा सके। लोगों ने मांग की है कि स्कूल प्रबंधन भी बारिश के दौरान बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्कता बरते और जोखिम वाले मार्गों की जानकारी लेकर आवश्यक कदम उठाए। बरौहा गांव की घटना ने एक बार फिर सवाल खड़ा कर दिया है कि बारिश के दौरान उफनते नदी-नालों को पार करने से लोगों को रोकने के लिए प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था आखिर कितनी तैयार है। तस्वीर में साफ दिखाई दे रही कि जिला प्रशासन कि लापरवाही सामने उजागर हुई है।
बलिया नाला के तेज बहाव में बहते-बहते बचे स्कूली बच्चे ग्रामीणों ने बचाई जान बलिया नाला के तेज बहाव में बहते-बहते बचे स्कूली बच्चे ग्रामीणों ने बचाई जान दो छात्रों की साइकिल पानी में बही प्रशासन से नालों पर सुरक्षा व्यवस्था की मांग भूपेंद्र कुमार विश्वकर्मा ब्यूरो चीफ दैनिक अखंण्ड चक्र समाचार सिंगरौली सिंगरौली 25 अगस्त 2026 सोमवार से जिले में रुक-रुककर हो रही लगातार बारिश के बीच नदी-नाले उफान पर हैं। सिंगरौली ग्रामीण तहसील क्षेत्र के अंतर्गत कंजी ग्राम पंचायत के बरौहा गांव से लापरवाही और सुरक्षा व्यवस्था की कमी की तस्वीर सामने आई है। बताया जा रहा है कि बलिया नाला के तेज बहाव को पार करने के दौरान दो स्कूली छात्र पानी के तेज बहाव में बहते-बहते बच गए। इस दौरान छात्रों की साइकिल भी पानी में बह गई। आसपास मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए दोनों छात्रों को सुरक्षित बाहर निकाला। तेज बहाव के बीच नाला पार करते नजर आए बच्चे घटना की सामने आई तस्वीरें बारिश के दौरान बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाने वाली हैं। जिस समय नाले में पानी का तेज बहाव था उसी दौरान स्कूली बच्चों को उसे पार करना पड़ा। यदि आसपास मौजूद लोगों ने समय रहते मदद नहीं की होती तो बड़ा हादसा हो सकता था। लगातार बारिश के कारण जिले के कई नदी-नाले उफान पर हैं। ऐसे में स्कूली बच्चों सहित आम लोगों के लिए इस तरह के जलभराव वाले रास्तों को पार करना जोखिम भरा बना हुआ है। घटना ने स्कूल प्रबंधन के साथ-साथ स्थानीय प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। नालों पर वॉलंटियर्स तैनात करने की मांग स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दौरान जिन मार्गों पर नदी और नाले पड़ते हैं, वहां प्रशासन द्वारा सुरक्षा के लिए वॉलंटियर्स या सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की जानी चाहिए। खासकर स्कूल आने-जाने वाले रास्तों पर विशेष निगरानी रखी जाए, ताकि तेज बहाव होने की स्थिति में बच्चों और ग्रामीणों को नाला पार करने से रोका जा सके। लोगों ने मांग की है कि स्कूल प्रबंधन भी बारिश के दौरान बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्कता बरते और जोखिम वाले मार्गों की जानकारी लेकर आवश्यक कदम उठाए। बरौहा गांव की घटना ने एक बार फिर सवाल खड़ा कर दिया है कि बारिश के दौरान उफनते नदी-नालों को पार करने से लोगों को रोकने के लिए प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था आखिर कितनी तैयार है। तस्वीर में साफ दिखाई दे रही कि जिला प्रशासन कि लापरवाही सामने उजागर हुई है।
- जरूरतमंद बच्चों के बीच जन्मदिन मनाकर पेश की मिसाल सत्य प्रकाश सिंह ने पौधारोपण कर ट्रामा सेंटर में भेंट की व्हीलचेयर वैढ़न। लायंस क्लब विद्युत विहार के सदस्य सत्य प्रकाश सिंह ने अपने जन्मदिन एवं बेटे के जन्मदिन के अवसर को यादगार बनाते हुए रेडक्रॉस बालिका खुला आश्रय गृह की बालिकाओं के बीच परिवार और लायंस क्लब विद्युत विहार की टीम के साथ जन्मदिन मनाया। इस दौरान बालिकाओं के बीच खुशी का माहौल देखने को मिला। जरूरतमंद बच्चों के साथ इस तरह जन्मदिन मनाने की पहल की उपस्थित लोगों ने जमकर सराहना की। जन्मदिन समारोह के बाद सत्य प्रकाश सिंह ने अपने परिवार के साथ पौधारोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इसके पश्चात वे जिला अस्पताल ट्रामा सेंटर पहुंचे, जहां ड्यूटी पर मौजूद डॉ. अभिषेक राव से स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर चर्चा की। इसके बाद जिला अस्पताल के मुख्य द्वार पर परिवार एवं लायंस क्लब विद्युत विहार के सदस्यों की मौजूदगी में जरूरतमंद मरीजों के लिए व्हीलचेयर भेंट की गई। सत्य प्रकाश सिंह ने मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि जन्मदिन, सालगिरह अथवा किसी पुण्यतिथि जैसे अवसरों को जरूरतमंदों की मदद, पौधारोपण, रक्तदान, वस्त्रदान एवं भोजन वितरण जैसे सामाजिक कार्यों के साथ मनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि गरीब और जरूरतमंद परिवारों के बीच पहुंचकर उनके साथ खुशियां बांटना समाज के लिए सकारात्मक संदेश देता है। वहीं डॉ. अभिषेक राव ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि जरूरतमंद लोगों के बीच जाकर जन्मदिन मनाना काबिल-ए-तारीफ है। अस्पताल को उपलब्ध कराई गई व्हीलचेयर निश्चित रूप से जरूरतमंद मरीजों के काम आएगी। कार्यक्रम में सत्य प्रकाश सिंह, अंजली सिंह, मनोमय सिंह, अंजिका सिंह, सिद्धार्थ मिश्रा, हनी मिश्रा, नटवर दास अग्रवाल, सुभाष चंद्र वैस, गौरव केशरी, रवि मिश्रा एवं डॉ. अभिषेक राव सहित अन्य लोग मौजूद रहे।1
- मध्यप्रदेश में फार्मर आईडी के माध्यम से किसानों की सुविधाओं को डिजिटल और सरल बनाया जा रहा है। इससे कम कागजी कार्रवाई में बैंक लोन, फसल बीमा, खाद-बीज एवं विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा : CM डॉ मोहन यादव1
- बागाड़ीह आंगनबाड़ी केंद्र की बदहाली पर सवाल: केंद्र में कीचड़, कार्यकर्ता की अनुपस्थिति का आरोप, बोर भी उखाड़ ले जाने की शिकायत 2022-23 में बना आंगनबाड़ी भवन जर्जर होने का दावा, ग्रामीण बोले—शिकायत करने पर मिलती है धमकी, बच्चों की सुविधाओं पर जिम्मेदारों की नजर कब पड़ेगी? बागाड़ीह। ग्राम पंचायत बागाड़ीह स्थित आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक-5 इन दिनों बदहाली की तस्वीर पेश कर रहा है। ग्रामीणों ने आंगनबाड़ी केंद्र की व्यवस्था को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता चंदा साहू नियमित रूप से केंद्र पर नहीं आती हैं। आरोप है कि वह कभी 8-10 दिन तो कभी 15 दिन में एक बार केंद्र पर पहुंचती हैं, जिसके चलते बच्चों को आंगनबाड़ी की नियमित सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीणों के अनुसार वर्ष 2022-23 में निर्मित आंगनबाड़ी भवन कुछ ही वर्षों में जर्जर स्थिति में पहुंच गया है। केंद्र के अंदर की स्थिति भी बेहद खराब बताई जा रही है। बारिश अथवा पानी भरने के कारण परिसर और अंदर की जमीन पर कीचड़ होने से बच्चों के बैठने तक की उचित व्यवस्था नहीं होने का आरोप है। स्कूल के पास लगा बोर भी नहीं रहा ग्रामीणों ने बताया कि आंगनबाड़ी एवं स्कूल के पास बच्चों की सुविधा के लिए बोर कराया गया था, लेकिन आरोप है कि करीब एक वर्ष पहले सरपंच द्वारा बोर को वहां से निकालकर ले जाया गया। ग्रामीणों का कहना है कि इसके बाद से बच्चों और स्थानीय लोगों को पानी की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। शिकायत करने पर धमकी देने का आरोप ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया है कि जब आंगनबाड़ी की व्यवस्था और पानी की समस्या को लेकर शिकायत की जाती है तो उन्हें कथित रूप से धमकी दी जाती है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी है और वे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। बच्चों के भविष्य से जुड़ा सवाल आंगनबाड़ी केंद्र छोटे बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य और प्रारंभिक शिक्षा से जुड़ी महत्वपूर्ण व्यवस्था है। ऐसे में यदि ग्रामीणों के आरोप सही हैं तो यह गंभीर चिंता का विषय है। सवाल यह है कि जब आंगनबाड़ी भवन जर्जर है, अंदर कीचड़ है और कार्यकर्ता की नियमित उपस्थिति पर भी सवाल उठ रहे हैं, तो जिम्मेदार विभागीय अधिकारी निरीक्षण क्यों नहीं कर रहे? ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक-5 की जमीनी जांच कराई जाए, कार्यकर्ता की उपस्थिति की जांच हो, भवन की स्थिति सुधारी जाए और पेयजल की व्यवस्था तत्काल बहाल की जाए। अब देखना यह है कि ग्रामीणों की शिकायत के बाद जिम्मेदार अधिकारी मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेते हैं या फिर आंगनबाड़ी केंद्र की बदहाली यूं ही बनी रहती है। बागाड़ीह आंगनबाड़ी केंद्र की बदहाली पर सवाल: केंद्र में कीचड़, कार्यकर्ता की अनुपस्थिति का आरोप, बोर भी उखाड़ ले जाने की शिकायत 2022-23 में बना आंगनबाड़ी भवन जर्जर होने का दावा, ग्रामीण बोले—शिकायत करने पर मिलती है धमकी, बच्चों की सुविधाओं पर जिम्मेदारों की नजर कब पड़ेगी? बागाड़ीह। ग्राम पंचायत बागाड़ीह स्थित आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक-5 इन दिनों बदहाली की तस्वीर पेश कर रहा है। ग्रामीणों ने आंगनबाड़ी केंद्र की व्यवस्था को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता चंदा साहू नियमित रूप से केंद्र पर नहीं आती हैं। आरोप है कि वह कभी 8-10 दिन तो कभी 15 दिन में एक बार केंद्र पर पहुंचती हैं, जिसके चलते बच्चों को आंगनबाड़ी की नियमित सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीणों के अनुसार वर्ष 2022-23 में निर्मित आंगनबाड़ी भवन कुछ ही वर्षों में जर्जर स्थिति में पहुंच गया है। केंद्र के अंदर की स्थिति भी बेहद खराब बताई जा रही है। बारिश अथवा पानी भरने के कारण परिसर और अंदर की जमीन पर कीचड़ होने से बच्चों के बैठने तक की उचित व्यवस्था नहीं होने का आरोप है। स्कूल के पास लगा बोर भी नहीं रहा ग्रामीणों ने बताया कि आंगनबाड़ी एवं स्कूल के पास बच्चों की सुविधा के लिए बोर कराया गया था, लेकिन आरोप है कि करीब एक वर्ष पहले सरपंच द्वारा बोर को वहां से निकालकर ले जाया गया। ग्रामीणों का कहना है कि इसके बाद से बच्चों और स्थानीय लोगों को पानी की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। शिकायत करने पर धमकी देने का आरोप ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया है कि जब आंगनबाड़ी की व्यवस्था और पानी की समस्या को लेकर शिकायत की जाती है तो उन्हें कथित रूप से धमकी दी जाती है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी है और वे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। बच्चों के भविष्य से जुड़ा सवाल आंगनबाड़ी केंद्र छोटे बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य और प्रारंभिक शिक्षा से जुड़ी महत्वपूर्ण व्यवस्था है। ऐसे में यदि ग्रामीणों के आरोप सही हैं तो यह गंभीर चिंता का विषय है। सवाल यह है कि जब आंगनबाड़ी भवन जर्जर है, अंदर कीचड़ है और कार्यकर्ता की नियमित उपस्थिति पर भी सवाल उठ रहे हैं, तो जिम्मेदार विभागीय अधिकारी निरीक्षण क्यों नहीं कर रहे? ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक-5 की जमीनी जांच कराई जाए, कार्यकर्ता की उपस्थिति की जांच हो, भवन की स्थिति सुधारी जाए और पेयजल की व्यवस्था तत्काल बहाल की जाए। अब देखना यह है कि ग्रामीणों की शिकायत के बाद जिम्मेदार अधिकारी मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेते हैं या फिर आंगनबाड़ी केंद्र की बदहाली यूं ही बनी रहती है।1
- नवनिर्मित पुलिया दो-तीन माह में ध्वस्त, निर्माण गुणवत्ता पर उठे सवाल सीधी जिले के जनपद पंचायत गोपद बनास अंतर्गत ग्राम पंचायत सारों में जोगीबहरा से चोकरीदह पहुंच मार्ग पर स्थित नवनिर्मित पुलिया बरसाती पानी के तेज बहाव में ध्वस्त हो गई। बताया जा रहा है कि यह पुलिया जून माह में पंचायत निधि से स्वीकृत होकर बनाई गई थी, लेकिन निर्माण के महज दो-तीन माह बाद ही अगस्त में क्षतिग्रस्त हो गई। पुलिया के इतनी कम अवधि में टूट जाने से निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिया के निर्माण में घटिया गुणवत्ता की सामग्री का इस्तेमाल किया गया, जिसके चलते पहली ही बरसात में पुलिया बरसाती पानी का दबाव नहीं झेल सकी और क्षतिग्रस्त हो गई। पुलिया के टूटने से जोगीबहरा और चोकरीदह के बीच आवागमन प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों के साथ-साथ स्कूली बच्चों को भी आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने संबंधित अधिकारियों से मामले की जांच कर निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच कराने और दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों की मांग है कि पुलिया का जल्द से जल्द पुनर्निर्माण कराया जाए, ताकि स्कूली बच्चों सहित आम लोगों को आवागमन में हो रही परेशानी से राहत मिल सके। अब देखना होगा कि जिम्मेदार विभाग इस मामले में कब तक जांच और कार्रवाई करता है।2
- 🚨 ब्रेकिंग: सोनभद्र 🌾 सड़क पर धान रोपकर ग्रामीणों का अनोखा प्रदर्शन! बिल्ली मारकुंडी के खैरटिया में 5 साल से बदहाल ओम चौराहा से रेणुका नदी तक करीब 2 किमी सड़क को लेकर ग्रामीणों का विरोध। गड्ढों में जलभराव से राहगीर व स्कूली बच्चे परेशान, बाइक सवार हो रहे चोटिल। ग्रामीणों ने सड़क चौड़ीकरण, जलनिकासी व प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की। ⚠️ समाधान न होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी। #Sonbhadra #Khairtia #RoadProblem #BreakingNews1
- जनपद सोनभद्र घोरावल तहसील के ग्राम पंचायत भैसवार सेमरीहवा टोला बछनार बिरबाबा देवस्थान पर धरनारत किसानों का धरना प्रदर्शन 463 वे दिन में पहुचा धरने का नेतृत्व कर रहे हैं भारतीय किसान यूनियन लोक शक्ति के जिला अध्यक्ष जी कुशवाह जिला सचिव संजय कुमार यादव मनोज कुमार यादव सीताराम आदि संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे2
- शाहपुर पुलिस की बड़ी कार्यवाही पशु तस्कर गिरफ्तार1
- तीन लायंस क्लबों का संयुक्त स्थापना समारोह एवं रजत उत्सव समारोह सम्पन्न अमलोरी/सिंगरौली। लायंस क्लब अमलोरी, जयंत उर्जाधानी एवं निगाही एक्सीलेंट का संयुक्त स्थापना समारोह शनिवार को कल्याण मंडपम, अमलोरी में उत्साह एवं गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ। लायंस क्लब अमलोरी की 25वीं स्थापना वर्षगांठ के उपलक्ष्य में समारोह को रजत उत्सव के रूप में आयोजित किया गया। समारोह का मुख्य आकर्षण पर्यावरण संरक्षण के संदेश के साथ 100 पौधों का वितरण रहा। क्लब सदस्यों एवं अतिथियों ने पौधों का वितरण कर लोगों को अधिक से अधिक पौधारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित किया। तीनों क्लबों को एक मंच पर लाने की पहल में एमजेएफ लायन निधि कुमार (पीडीजी) एवं लायन शिशांत श्रीवास्तव की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनके समन्वय से तीनों क्लबों ने संयुक्त रूप से समारोह का आयोजन किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पीएमजेएफ लायन एडवोकेट उदय चंदानी (डीजी) रहे। उद्घाटन अधिकारी एमजेएफ लायन जे.एन. श्रीवास्तव (पीडीजी), स्थापना अधिकारी पीएमजेएफ लायन उमेश चंद्र कक्कड़ (वीडीजी-1), इंडक्शन अधिकारी एमजेएफ लायन श्याम बाबू वर्मा (वीडीजी-2) तथा मुख्य वक्ता पीएमजेएफ लायन वीरेंद्र गोयल (पीडीजी) रहे। समारोह में तीनों क्लबों के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों की स्थापना की गई। लायंस क्लब अमलोरी के अध्यक्ष लायन सत्येंद्र पांडेय, सचिव लायन विपिन द्विवेदी एवं कोषाध्यक्ष लायन राज कुमार सिंह; लायंस क्लब जयंत उर्जाधानी के अध्यक्ष लायन प्रितुंजय सिंह, सचिव लायन राम विनोद सिंह एवं कोषाध्यक्ष लायन धीरेंद्र मिश्रा तथा लायंस क्लब निगाही एक्सीलेंट के अध्यक्ष लायन अशोक कुमार, सचिव लायन कुंदन पांडेय एवं कोषाध्यक्ष लायन सुनील कुमार सिंह को शुभकामनाएं दी गईं। इस अवसर पर लायन सुखदेव सिंह एवं लायन दृष्टांत कुलश्रेष्ठ को लायंस क्लब में 25 वर्षों की दीर्घकालीन सदस्यता एवं सेवा के लिए सम्मानित किया गया। वक्ताओं ने कहा कि लायंस क्लब सेवा की भावना के साथ जरूरतमंदों की सेवा, सामाजिक सरोकारों और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर रहा है। लायंस क्लब अमलोरी की 25 वर्षों की सेवा यात्रा को रेखांकित करते हुए सदस्यों ने कहा कि रजत उत्सव उपलब्धियों का उत्सव होने के साथ भविष्य में और अधिक प्रभावी सेवा कार्यों के लिए नई ऊर्जा और संकल्प का अवसर है। समारोह में पीएमजेएफ लायन सीए सौरभ कांत (पीडीजी), पीएमजेएफ लायन नितिन यशार्थ (पीडीजी), लायन आर.एम. बालाजी (कैबिनेट सचिव), लायन सतीश टंडन (कैबिनेट कोषाध्यक्ष), लायन बृजेंद्र बाजपेयी (कैबिनेट जनसंपर्क अधिकारी), लायन गोपाल जी श्रीवास्तव (क्षेत्र अध्यक्ष), लायन शिशांत श्रीवास्तव (क्षेत्र अध्यक्ष), लायन सुभाष चंद्र बैस (क्षेत्र अध्यक्ष) सहित डिस्ट्रिक्ट 321ई के विभिन्न पदाधिकारी एवं लायन सदस्य उपस्थित रहे। तीनों क्लबों का संयुक्त समारोह एकता, आपसी समन्वय, सेवा भावना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश देते हुए सम्पन्न हुआ।1