*कला संकाय के स्थानांतरण आदेश पर रोक की मांग,धरना जारी,विद्यार्थियों और ग्रामीणों का आंदोलन तेज* विराटनगर विधानसभा क्षेत्र के बाबा भगवान दास राजकीय महाविद्यालय चिमनपुरा में कला संकाय को दूर स्थानांतरित करने के आदेशों के विरोध में विद्यार्थियों और ग्रामीणों का आंदोलन तेज हो गया है। कॉलेज के मुख्य द्वार के बाहर टेंट लगाकर पांचवें दिन भी अनिश्चितकालीन धरना जारी रहा। आंदोलनकारी स्थानांतरण आदेश पर तत्काल रोक लगाने और पूर्व की तरह एकीकृत व्यवस्था बनाए रखने की मांग कर रहे है। ब्रह्मलीन पद्मश्री बाबा नारायणदास महाराज की ओर से 45 वर्ष पूर्व स्थापित इस महाविद्यालय को पहले बीबीडी और बीएनडी नाम से अलग-अलग स्थानों पर संचालित किया जाता था,शाहपुरा के चिमनपुरा कॉलेज के बार धरने पर बैठे छात्र व ग्रामीण ,एकीकरण कर एक ही परिसर में संचालन के आदेश जारी किए गए गए। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष अनिल कुमार बुनकर ने बताया कि हाल ही में कला संकाय को अलग कर दूसरी जगह स्थानांतरित करने के आदेश जारी किए गए हैं, जिससे विद्यार्थियों को आवागमन सहित अन्य सुविधाओं में परेशानी होगी। इस निर्णय के विरोध में छात्रों और ग्रामीणों ने उपखंड अधिकारी के माध्यम से राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष महेंद्र यादव, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष निहाल पलसानिया, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष राजेंद्र सिसोटिया, रोहिताश यादव, राहुल बागड़ी, प्रभु अटल, हंसराज गुर्जर, सुभाष भड़ाणा,रवि यादव आदि ने कहा कि जब तक स्थानांतरण आदेश पर रोक नहीं लगाई जाती, तब तक धरना जारी रहेगा
*कला संकाय के स्थानांतरण आदेश पर रोक की मांग,धरना जारी,विद्यार्थियों और ग्रामीणों का आंदोलन तेज* विराटनगर विधानसभा क्षेत्र के बाबा भगवान दास राजकीय महाविद्यालय चिमनपुरा में कला संकाय को दूर स्थानांतरित करने के आदेशों के विरोध में विद्यार्थियों और ग्रामीणों का आंदोलन तेज हो गया है। कॉलेज के मुख्य द्वार के बाहर टेंट लगाकर पांचवें दिन भी अनिश्चितकालीन धरना जारी रहा। आंदोलनकारी स्थानांतरण आदेश पर तत्काल रोक लगाने और पूर्व की तरह एकीकृत व्यवस्था बनाए रखने की मांग कर रहे है। ब्रह्मलीन पद्मश्री बाबा नारायणदास महाराज की ओर से 45 वर्ष पूर्व स्थापित इस महाविद्यालय को पहले बीबीडी और बीएनडी नाम से अलग-अलग स्थानों पर संचालित किया जाता था,शाहपुरा के चिमनपुरा कॉलेज के बार धरने पर बैठे छात्र व ग्रामीण ,एकीकरण कर एक ही परिसर में संचालन के आदेश जारी किए गए गए। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष अनिल कुमार बुनकर ने बताया कि हाल ही में कला संकाय को अलग कर दूसरी जगह स्थानांतरित करने के आदेश जारी किए गए हैं, जिससे विद्यार्थियों को आवागमन सहित अन्य सुविधाओं में परेशानी होगी। इस निर्णय के विरोध में छात्रों और ग्रामीणों ने उपखंड अधिकारी के माध्यम से राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष महेंद्र यादव, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष निहाल पलसानिया, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष राजेंद्र सिसोटिया, रोहिताश यादव, राहुल बागड़ी, प्रभु अटल, हंसराज गुर्जर, सुभाष भड़ाणा,रवि यादव आदि ने कहा कि जब तक स्थानांतरण आदेश पर रोक नहीं लगाई जाती, तब तक धरना जारी रहेगा
- जिला कलक्टर प्रियंका गोस्वामी की अध्यक्षता में आशान्वित ब्लॉक (नीमराना) कार्यक्रम एवं गुरु गोलवलकर आकांक्षी ब्लॉक विकास योजनांतर्गत गठित जिला स्तरीय संचालन समिति की बैठक सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार नीमराना में आयोजित हुई। जिला कलक्टर ने 28 जनवरी से 14 अप्रैल तक संचालित संपूर्णता अभियान के तहत स्वास्थ्य व पोषण, शिक्षा, कृषि एवं संबंधित सेवायें, आधारभूत संरचना व सामाजिक विकास के निर्धारित इंडिकेटर्स को समयावधि में संतृप्त करने सहित मासिक प्रगति रिपोर्ट एवं नीति आयोग से जारी की रैंकिंग एवं इससे संबंधित समस्त संकेतकों की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश प्रदान किये। उन्होंने कहा कि यह भारत सरकार की एक पहल हैं, जिसका उद्देश्य विकास के मानकों पर पिछड़ रहे ब्लॉकों के जीवन स्तर में सुधार लाना हैं और यह स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि और बुनियादी ढ़ांचे जैसे क्षेत्रों में सुधार के लिये केंद्र व राज्य योजनाओं को एकीकृत करता है। इस हेतु सभी संबंधित विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने की आवश्यकता1
- जन अधिकार यात्रा2
- शाहपुरा जगदंबा ग्रुप कार्यकर्ता बाबा श्याम भक्तों की सेवा में जुटे#न्यू सॉन्ग#हमारी अर्जी सुनजे ओ खाटु का राजा लेखक व गायक कवि गिर्राज लालवाड़ी एंडपार्टी थानागाजी#1
- #जयपुर में आज सैनी समाज की ओर से जन आक्रोश रैली और अपनी 11 सूत्री मांगों को लेकर विधानसभा का घेराव करने का निर्णय लिया है हर क्षेत्र से लोग इस रैली में हिस्सा लेने के लिए पहुंच रहे हैं। सबसे मजेदार बात यह है कि जिनकी उम्र 80 से 85 है वह लोग भी पैदल चलकर अपने समाज की घोसला अक्षय करते हुए इन 11 सूत्री मांगों को लेकर इस रैली में भाग ले रहे हैं। #satyadarshanharsora #05ChallengeAccepted #etc #satyadarshan @highlight1
- बहन का दलाल भाई ये सोचता रहता है..दीदी ने जीजा जी पे झूटा दहेज का केस लगा के हमारे लिए कमाई का इंतज़ाम कर दिया...पर दल्ला ये नहीं सोचता कि यहीं बेहा घर बेथ के ब्लाउज का अस्तर लेने जाने के बहाने कहीं या भी जा सक्ती ह लेकिन दलाल का क्या है बहन हर महीने पैसे लेकर डीआरही Or ye wahi jhuti mahila hoti h jo suhagrat pe hi apne pati ko hath nhi lagane deti 10 saal ka time mangti h ... Koyoki apne khasam se wada kar rakha hotaa hai #koitputli #local #hindinews #jks #xyz #harsors2
- शिक्षा मंदिर पर लटका रहा ताला, 10:10 बजे तक गेट पर खड़े रहे मासूम जिम्मेदार शिक्षकों की गैरहाजिरी से खुली लापरवाही की पोल, विभाग की कार्यशैली कटघरे में कुंडल। मुख्यालय स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के प्राथमिक विंग में मंगलवार को जो दृश्य सामने आया, उसने सरकारी शिक्षा व्यवस्था की गंभीर सच्चाई उजागर कर दी। विद्यालय समय पर खुलना तो दूर, सुबह 10 बजकर 10 मिनट तक मुख्य गेट पर ताला लटका रहा और नौनिहाल बच्चे बैग टांगे गेट के बाहर खड़े इंतजार करते रहे। जिस समय कक्षाओं में पढ़ाई शुरू हो जानी चाहिए थी, उस समय मासूम बच्चे सड़क किनारे खड़े होकर जिम्मेदार शिक्षकों की राह ताकते नजर आए। न कोई अध्यापक मौजूद, न कोई वैकल्पिक व्यवस्था — यह स्थिति साफ बताती है कि विद्यालय प्रशासन को बच्चों के भविष्य से कोई सरोकार नहीं रहा। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह सीधी-सीधी लापरवाही नहीं बल्कि कर्तव्यहीनता है। सरकारी वेतन समय पर लेने वाले कर्मचारी यदि समय पर विद्यालय नहीं पहुंचते तो यह जनता के टैक्स और बच्चों के भविष्य के साथ खुला खिलवाड़ है। अभिभावकों में घटना को लेकर भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि यदि निजी विद्यालयों में ऐसी लापरवाही होती तो तुरंत कार्रवाई हो जाती, लेकिन सरकारी स्कूलों में ढिलाई आम बात बनती जा रही है। ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से मांग की है कि संबंधित प्रधानाध्यापक और ड्यूटी पर तैनात शिक्षकों के खिलाफ तत्काल विभागीय जांच बैठाकर निलंबन जैसी कठोर कार्रवाई की जाए। साथ ही विद्यालय में समयपालन सुनिश्चित करने के लिए स्पष्ट जवाबदेही तय की जाए। यह घटना केवल एक दिन की देरी नहीं, बल्कि उस व्यवस्था पर करारा तमाचा है जो बच्चों को अनुशासन सिखाने का दावा करती है। अब देखना यह है कि जिम्मेदारों पर कार्रवाई होती है या फिर यह मामला भी कागजों में दबा दिया3
- Post by Ram Mishra1
- *कला संकाय के स्थानांतरण आदेश पर रोक की मांग,धरना जारी,विद्यार्थियों और ग्रामीणों का आंदोलन तेज* विराटनगर विधानसभा क्षेत्र के बाबा भगवान दास राजकीय महाविद्यालय चिमनपुरा में कला संकाय को दूर स्थानांतरित करने के आदेशों के विरोध में विद्यार्थियों और ग्रामीणों का आंदोलन तेज हो गया है। कॉलेज के मुख्य द्वार के बाहर टेंट लगाकर पांचवें दिन भी अनिश्चितकालीन धरना जारी रहा। आंदोलनकारी स्थानांतरण आदेश पर तत्काल रोक लगाने और पूर्व की तरह एकीकृत व्यवस्था बनाए रखने की मांग कर रहे है। ब्रह्मलीन पद्मश्री बाबा नारायणदास महाराज की ओर से 45 वर्ष पूर्व स्थापित इस महाविद्यालय को पहले बीबीडी और बीएनडी नाम से अलग-अलग स्थानों पर संचालित किया जाता था,शाहपुरा के चिमनपुरा कॉलेज के बार धरने पर बैठे छात्र व ग्रामीण ,एकीकरण कर एक ही परिसर में संचालन के आदेश जारी किए गए गए। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष अनिल कुमार बुनकर ने बताया कि हाल ही में कला संकाय को अलग कर दूसरी जगह स्थानांतरित करने के आदेश जारी किए गए हैं, जिससे विद्यार्थियों को आवागमन सहित अन्य सुविधाओं में परेशानी होगी। इस निर्णय के विरोध में छात्रों और ग्रामीणों ने उपखंड अधिकारी के माध्यम से राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष महेंद्र यादव, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष निहाल पलसानिया, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष राजेंद्र सिसोटिया, रोहिताश यादव, राहुल बागड़ी, प्रभु अटल, हंसराज गुर्जर, सुभाष भड़ाणा,रवि यादव आदि ने कहा कि जब तक स्थानांतरण आदेश पर रोक नहीं लगाई जाती, तब तक धरना जारी रहेगा1