छतरपुर पुलिस द्वारा लोगों को साइबर अपराधों से जागरूक करने के लिए "सेफ क्लिक 2.0" अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में, नौगांव के राजा यादवेंद्र सिंह स्टेडियम में एक साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने उपस्थित विद्यार्थियों और आमजन को ऑनलाइन ठगी से बचाव के तरीके बताए। कार्यक्रम में एसडीओपी अमित मेश्राम, थाना प्रभारी संजय राय, लुगासी चौकी प्रभारी सब इंस्पेक्टर ओशो गुप्ता और सब इंस्पेक्टर रोहित ने संयुक्त रूप से लोगों को साइबर अपराधों के प्रति सचेत किया। उन्होंने डिजिटल अरेस्ट, फर्जी लोन, ओटीपी फ्रॉड, निवेश एवं ट्रेडिंग फ्रॉड, फर्जी लिंक और सोशल मीडिया ठगी जैसे विभिन्न साइबर अपराधों से बचाव के उपायों पर विस्तृत जानकारी दी। पुलिस अधिकारियों ने सभी से अपील की कि वे किसी भी अनजान कॉल, लिंक या लालच में न आएं। साथ ही, साइबर ठगी होने की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करने या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई। अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि साइबर अपराधों से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका केवल जागरूकता और सतर्कता है।
छतरपुर पुलिस द्वारा लोगों को साइबर अपराधों से जागरूक करने के लिए "सेफ क्लिक 2.0" अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में, नौगांव के राजा यादवेंद्र सिंह स्टेडियम में एक साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने उपस्थित विद्यार्थियों और आमजन को ऑनलाइन ठगी से बचाव के तरीके बताए। कार्यक्रम में एसडीओपी अमित मेश्राम, थाना प्रभारी संजय राय, लुगासी चौकी प्रभारी सब इंस्पेक्टर ओशो गुप्ता और सब इंस्पेक्टर रोहित ने संयुक्त रूप से लोगों को साइबर अपराधों के प्रति सचेत किया। उन्होंने डिजिटल अरेस्ट, फर्जी लोन,
ओटीपी फ्रॉड, निवेश एवं ट्रेडिंग फ्रॉड, फर्जी लिंक और सोशल मीडिया ठगी जैसे विभिन्न साइबर अपराधों से बचाव के उपायों पर विस्तृत जानकारी दी। पुलिस अधिकारियों ने सभी से अपील की कि वे किसी भी अनजान कॉल, लिंक या लालच में न आएं। साथ ही, साइबर ठगी होने की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करने या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई। अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि साइबर अपराधों से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका केवल जागरूकता और सतर्कता है।
- Post by Hargovind recvar1
- छतरपुर जिले के राजनगर विकासखंड के अंतर्गत आने वाले हल्का शिवराजपुर में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ दबंग भूमाफिया राजेंद्र सिंह यादव के संरक्षण में सुभाष चंद्र चौरसिया द्वारा अवैध प्लाटिंग और निर्माण कार्य बेखौफ जारी है। यह सब राजनगर तहसीलदार महोदय द्वारा खसरा नंबर 219/1/1 और 218/1/1, भियाताल रोड पर स्थित भूमि के लिए जारी किए गए स्थगन आदेश के बावजूद हो रहा है। यह मामला थाना बमीठा क्षेत्र से संबंधित है। उक्त भूमि, जो पूर्व में 2004 में मध्य प्रदेश शासन के नाम पर दर्ज थी, उसे कूटरचित दस्तावेज तैयार करके अपने नाम करा लिया गया है। यह पूरा मामला वर्तमान में कोर्ट में विचाराधीन है और इसमें तहसीलदार कोर्ट की भू राजस्व संहिता की धारा 151 का खुला उल्लंघन हो रहा है। नायब तहसीलदार सर्कल चंद्रनगर धीरज गौतम द्वारा 24 जून 2026 को स्थगन आदेश भी जारी किया गया था। इस धांधली में गरीब आदिवासियों के साथ धोखाधड़ी की जा रही है, क्योंकि उन्हें शासकीय भूमि के प्लॉट बेचे जा रहे हैं, जो 'सावधान ग्राहक सिद्धांत' के विरुद्ध है। यह कृत्य शासन को करोड़ों रुपए के राजस्व का नुकसान पहुँचा रहा है। स्थगन आदेश का पालन कराने के लिए बमीठा थाने, चंद्रनगर चौकी और हल्का पटवारी को मौके पर अवैध निर्माण कार्य बंद कराने और प्रतिवेदन पेश करने के निर्देश दिए गए थे। हालांकि, हल्का पटवारी शिवराजपुर के छुट्टी पर होने के कारण पटवारी प्रतिवेदन पेश नहीं हो पाया, जिसका फायदा उठाकर भूमाफिया धड़ल्ले से निर्माण कार्य कर रहे हैं और तहसील के तहसीलदार महोदय के आदेश का सरेआम उल्लंघन कर रहे हैं। सरहदी किसानों ने इस मामले को लेकर तहसीलदार महोदय को लिखित आवेदन भी दिया है, लेकिन स्थगन आदेश का पालन नहीं कराया गया है, जिससे स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। इस तरह से भूमाफियाओं के हौसले बुलंद होते देख, यह कार्य प्रकृति के न्याय सिद्धांतों के विरुद्ध है और न्यायसंगत नहीं है। मीडिया के संज्ञान में यह मामला आने के बाद, अब यह देखना होगा कि जिले के ईमानदार कलेक्टर इस स्थगन आदेश के उल्लंघन पर क्या कार्रवाई करते हैं।3
- चंदेरा और पलेरा में सेन समाज को संगठित करने तथा युवाओं में सामाजिक चेतना जगाने के उद्देश्य से 'सेन समाज युवा जागृति बैठक' का आयोजन किया गया। इस बैठक में समाज के विकास, युवाओं की शिक्षा और उनके अधिकारों से संबंधित एक विस्तृत रणनीति तैयार की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर ओबीसी महासभा के जिला अध्यक्ष उत्तम नापित और हदेश सेन ने युवाओं को संबोधित किया। वक्ताओं ने जोर देकर कहा कि समाज की उन्नति के लिए युवाओं का जागरूक और शिक्षित होना बेहद ज़रूरी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक युवा आगे बढ़कर ज़िम्मेदारी नहीं संभालेंगे, तब तक सामाजिक सुधार की गति को तेज़ करना मुश्किल होगा। इस गरिमामयी उपस्थिति वाली बैठक में समाज के सैकड़ों युवाओं ने भाग लिया। बैठक में वरिष्ठ पदाधिकारियों उत्तम नापित (जिला अध्यक्ष, ओबीसी महासभा) और हदेश सेन (युवा प्रदेश उपाध्यक्ष, सेन समाज) के साथ-साथ विनोद, अंकुश, विशाल, कुलदीप, सोनू, शिवानंद, अनूप, मोनू सेन, प्रवीण, राज नारायण, मोहित, कैलाश, रामलाल और रवि सेन जैसे कई सक्रिय सदस्य भी उपस्थित रहे। बैठक के समापन पर, उपस्थित सभी युवाओं ने समाज के आर्थिक और शैक्षणिक पिछड़ेपन को दूर करने के लिए तथा हर स्तर पर एक-दूसरे की मदद करने का सामूहिक संकल्प लिया।1
- छतरपुर जिले में मंगलवार को कलेक्टर पार्थ जैसवाल की अध्यक्षता में जिला पंचायत सभाकक्ष में एक जिला स्तरीय जनसुनवाई का आयोजन किया गया। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ नमः शिवाय अरजरिया, एडीएम विनय द्विवेदी, एसडीएम प्रशांत अग्रवाल, डिप्टी कलेक्टर समेत विभागीय जिलाधिकारी मौजूद रहे, जबकि जिले के अनुभागों के एसडीएम और तहसीलदार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े। जनसुनवाई में कुल 238 शिकायती आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने इन सभी आवेदनों का परीक्षण कर लोगों की समस्याओं को सुना और संबंधित विभागों को उनके तत्काल निराकरण के निर्देश दिए। शिक्षा, राजस्व, पुलिस, नगरीय निकाय, ग्रामीण विकास, विद्युत मण्डल, स्वास्थ्य, खाद्य, आदिम जाति, श्रम, सामाजिक न्याय, महिला एवं बाल विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़ी शिकायतें प्राप्त हुईं। विशेष रूप से, कलेक्टर ने दिव्यांगों की समस्याओं को अलग से सुना। इसके अतिरिक्त, कलेक्टर ने पूर्व की जनसुनवाईयों के लंबित आवेदनों की भी समीक्षा की और उनके त्वरित निराकरण के साथ-साथ पोर्टल पर एंट्री सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में अनुपस्थित रहने पर एसई एमपीईबी, जीएम सीसीबी और एजीएम पीएमजीएसवाई को एक-एक दिन का अवैतनिक करने के आदेश दिए गए, वहीं कार्यपालन यंत्री जल संसाधन विभाग को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।4
- आज 30 जून को दोपहर करीब 12:30 बजे छतरपुर में आयोजित कलेक्टर की जनसुनवाई में ग्राम बगौता की मत्स्योद्योग सहकारी समिति के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई। समिति के सदस्यों ने अध्यक्ष सहित कुछ पदाधिकारियों पर गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि समिति में लंबे समय से पारदर्शिता का अभाव है। नए सदस्यों से राशि लेने के बावजूद उन्हें स्थायी सदस्यता नहीं दी जाती, वहीं विरोध करने वाले सदस्यों के नाम हटा दिए जाते हैं। इसके अतिरिक्त, सदस्यों से खाली रजिस्टरों पर हस्ताक्षर कराने जैसे गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं। आवेदन में यह भी बताया गया है कि वर्ष 2023-24 और 2024-25 में तालाब मछली पालन के लिए दिया गया था, लेकिन अब सदस्यों की सहमति के बिना उसे दोबारा बेचने का प्रयास किया जा रहा है। दूसरी ओर, भगवानदास रैकवार ने इन सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि समिति का गठन 1991 में हुआ था और वे केवल एक साधारण सदस्य हैं। उनका समिति के संचालन या तालाब बेचने के प्रयासों से कोई संबंध नहीं है। भगवानदास रैकवार ने इस शिकायत को अपने खिलाफ एक साजिश करार दिया है।1
- बुंदेलखंड क्षेत्र के टीकमगढ़ जिले की पलेरा तहसील के कई ग्रामों में किसान इस समय बारिश की ओर टकटकी लगाए हुए हैं। वे बेसब्री से आसमान की ओर देखते हुए वर्षा का इंतज़ार कर रहे हैं।1
- बल्देवगढ़ बम्हौरी तिगैला पर एक प्रेमी और प्रेमिका के साथ मारपीट का मामला सामने आया है, जो करीब 40 मिनट तक 'हाई वोल्टेज' स्थिति में चला। बताया जा रहा है कि यह प्रेमी और प्रेमिका ग्राम पंचायत भेलसी के निवासी हैं। घटना के बाद यह मामला बल्देवगढ़ थाने तक पहुंच गया है। इस पूरे घटनाक्रम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1