Shuru
Apke Nagar Ki App…
चीन ने अरुणाचल प्रदेश में 60 किलोमीटर भारतीय क्षेत्र पर कब्जा कर लिया है, जिससे लोगों की खुशी छिन गई है। इस गंभीर स्थिति को लेकर केंद्र की भाजपा सरकार पर चुप्पी साधने का आरोप लगाया गया है। पोस्ट में यह भी कहा गया है कि प्रधानमंत्री मोदी की आवाज़ भी इस मुद्दे पर पूरी तरह खामोश है, और तथाकथित 'गोदी मीडिया' भी इस खबर को न तो दिखा रहा है और न ही इस पर कोई चर्चा कर रहा है।
Vishal Jadhav
चीन ने अरुणाचल प्रदेश में 60 किलोमीटर भारतीय क्षेत्र पर कब्जा कर लिया है, जिससे लोगों की खुशी छिन गई है। इस गंभीर स्थिति को लेकर केंद्र की भाजपा सरकार पर चुप्पी साधने का आरोप लगाया गया है। पोस्ट में यह भी कहा गया है कि प्रधानमंत्री मोदी की आवाज़ भी इस मुद्दे पर पूरी तरह खामोश है, और तथाकथित 'गोदी मीडिया' भी इस खबर को न तो दिखा रहा है और न ही इस पर कोई चर्चा कर रहा है।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- दिल्ली के जंतर मंतर पर पेपर लीक मामले को लेकर पिछले 16 दिनों से विरोध प्रदर्शन जारी है। इस दौरान प्रदर्शनकारी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं, और कुछ छात्र भूख हड़ताल पर भी बैठे हैं। प्रदर्शनकारियों ने 'कॉकरोच जनता पार्टी' पर दिल्ली में 'चोरों की तरह' विरोध प्रदर्शन किए जाने का आरोप लगाते हुए, भाजपा सरकार की चुप्पी पर सवाल उठाया है कि वह इस गंभीर मुद्दे पर मौन क्यों है।1
- इंदौर के गांधी हॉल में इन दिनों 'फाइबर टू सिल्क फेब' एक्सपो चल रहा है, जो 13 जुलाई तक चलेगा। इस एक्सपो में आंध्र प्रदेश की पारंपरिक कलमकारी साड़ियाँ विशेष आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं, जिन्हें दूध और घी में उबालकर पक्के प्राकृतिक रंगों से तैयार किया जाता है। साथ ही, गुजरात का महंगा डबल पटोला भी यहाँ मौजूद है। आंध्र प्रदेश के अभिषेक गुप्ता द्वारा लाई गई कलमकारी साड़ियों की हर एक डिजाइन में राधा-कृष्ण, रामायण और महाभारत के प्रसंगों के साथ-साथ मोर और प्राकृतिक सौंदर्य जीवंत हो उठता है। इन साड़ियों को प्योर टसर सिल्क और बेंगलुरु सिल्क पर कई कारीगरों द्वारा हैंड पेंटिंग और हैंड ब्लॉक की मदद से 10 से 15 दिनों में तैयार किया जाता है। फूलों के प्राकृतिक रंगों को स्थायी बनाने के लिए तैयार साड़ी को पारंपरिक रूप से दूध और घी में उबालने की विधि अपनाई जाती है, जिससे रंग कभी उतरते नहीं। आयोजक आशीष गुप्ता ने बताया कि आगामी त्योहारी और वेडिंग सीजन को ध्यान में रखते हुए इस सिल्क फेब का आयोजन किया गया है। यहाँ 40 स्टॉल पर देशभर के बुनकर मलबारी, कांथा, बालूचरी, तनचोई, बनारसी, और जामदानी जैसी विभिन्न प्रकार की साड़ियाँ लेकर आए हैं। इनमें पाटन और राजकोट (गुजरात) का पटोला भी शामिल है, जो मलबरी सिल्क पर बनता है। इस स्टॉल पर कम से कम 40 और अधिकतम 60 दिन में बनने वाला, लाखों की कीमत वाला डबल पटोला भी उपलब्ध है। इसे लेकर आए टम्पी बताते हैं कि पटोला का काम पाटन के लगभग हर पुश्तैनी घर में होता है, और इसे बनाने में लगने वाला लंबा समय कारीगरों के वर्षों के अनुभव और धैर्य को दर्शाता है, क्योंकि साड़ी बुनने से पहले धागे को डिजाइन के अनुरूप कई रंगों में रंगा जाता है। बनारस के मुशाहिद राजा प्योर कतान, मूंगा, चिनिया, रॉ मैंगो, टिशू और मशरू पर तैयार की गई मीनाकारी वाली साड़ियाँ प्रस्तुत कर रहे हैं। इन साड़ियों पर तीन से पाँच धागे तक का बारीकी से काम किया गया है, और इन्हें तैयार होने में 20 से 40 दिन तक का समय लगता है, जो काम की नज़ाकत पर निर्भर करता है। कर्नाटक की मशहूर और सेलिब्रिटीज के वार्डरोब की शोभा बढ़ाने वाली कांजीवरम साड़ियाँ भी इस एक्सपो में खासा आकर्षण बनी हुई हैं।1
- सिमरोल पुलिस थाने की ओर से आम जनता के हित में एक महत्वपूर्ण वीडियो जारी किया गया है। इस वीडियो के माध्यम से लोगों से सतर्क रहने और स्वयं को सुरक्षित रखने का आग्रह किया गया है। यह पहल आम जनता को लगातार जागरूक करते रहने के उद्देश्य से की गई है, जिसकी जानकारी इंडिया News7 द्वारा जारी की गई है।1
- इंदौर के कनाड़िया थाना क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहाँ एक मजदूर ने अपनी लगभग दो लाख रुपये की बकाया मजदूरी न मिलने का आरोप लगाते हुए पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है। मजदूर का आरोप है कि निर्माण कार्य पूरा होने के बावजूद बिल्डर और साइट इंजीनियर उसकी मेहनत की कमाई का भुगतान लगातार टाल रहे हैं। पीड़ित मुकेश पंचोली ने अपनी शिकायत में बताया है कि बुराना खेड़ी स्थित K-3 निर्माण परियोजना में काम पूरा करने के बाद भी बिल्डर कुर्बान खान और साइट इंजीनियर उस्मान खान द्वारा उसे भुगतान नहीं किया जा रहा है। मुकेश ने यह भी आरोप लगाया है कि उसे बार-बार साइट पर बुलाकर दबाव बनाया जा रहा है और उसे अपनी सुरक्षा को लेकर खतरा महसूस हो रहा है। मामले की जांच कर रहे रामनारायण प्रजापति ने जानकारी दी है कि शिकायत मिलते ही जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस ने संबंधित बिल्डर को नोटिस जारी कर इस मामले में जवाब तलब किया है। जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस पूरे मामले में अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि क्या मजदूर को उसकी मेहनत की कमाई मिल पाएगी और क्या दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई होगी? सभी की निगाहें पुलिस की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।1
- इंदौर के विजयनगर थाना क्षेत्र में एक होटल संचालक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है।1
- इंदौर सहित पूरे प्रदेश में 28 जून से 8 जुलाई तक 'सेफ क्लिक 2.0' अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य लोगों को साइबर ठगी से बचाव के तरीके बताना और साइबर अपराध होने पर तत्काल कार्रवाई के लिए जागरूक करना है। पुलिस विशेष रूप से युवाओं, बुजुर्गों और बच्चों को साइबर सुरक्षा के प्रति सचेत कर रही है। इंदौर के पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने बताया कि इस अभियान के तहत शहर के लगभग 2 लाख लोगों तक सीधे पहुँच बनाई जा चुकी है, जबकि सोशल मीडिया के माध्यम से 12 लाख 61 हजार से अधिक लोग इससे जुड़ चुके हैं। इस प्रकार, अभियान के जरिए 14 लाख से ज्यादा लोगों तक साइबर सुरक्षा का महत्वपूर्ण संदेश पहुँचाया गया है। साइबर अपराधों की जाँच को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए प्रत्येक पुलिस जोन में एक्सपर्ट साइबर इन्वेस्टिगेशन टीम (ECIT) का गठन किया गया है। शुरुआती चरण में ये टीमें राजेंद्र नगर, विजयनगर, भंवरकुआ, पलासिया और क्राइम ब्रांच थानों में शुरू की गई हैं। पुलिस लोगों को साइबर अपराध की स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराने के लिए भी प्रेरित कर रही है, ताकि पीड़ितों को जल्द से जल्द राहत मिल सके।1
- भाजपा सरकार द्वारा अपनी बात न सुने जाने से हताश होकर एक व्यक्ति ने अनोखे तरीके से विरोध प्रदर्शन किया है। इस विरोध स्वरूप, व्यक्ति ने मिट्टी के भीतर समाधि ले ली है, जिसमें उनका पूरा शरीर मिट्टी में डूबा हुआ है। प्रदर्शनकारी ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनकी सुनवाई नहीं होती, तब तक वे इसी प्रकार आंदोलन करते रहेंगे।1
- महाकाल की नगरी में सामने आए शराब खोरी के एक वीडियो को लेकर स्पष्टीकरण दिया गया है।1
- इंदौर पुलिस ने नशे के कारोबार पर एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई चंदन नगर थाना, कनाड़िया थाना और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम द्वारा की गई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के पास से लाखों रुपये कीमत की एमडी ड्रग्स और 36 ग्राम ब्राउन शुगर बरामद की गई है। प्रारंभिक पूछताछ में सभी आरोपियों ने जल्दी पैसा कमाने के लालच में ड्रग्स तस्करी करने की बात स्वीकार की है। पुलिस फिलहाल इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है और इस मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।1