गजरौला पुलिस ने 5 वर्षीय एक बालक के अपहरण के मामले का त्वरित खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अपहृत बालक को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों को सौंप दिया। यह मामला 28 जून की रात करीब 11 बजे सामने आया, जब एक 5 वर्षीय बालक के खेलते समय लापता होने की सूचना मिली। बालक की मां ने अपनी जेठानी और उसके बेटे पर बच्चे को ले जाने का संदेह व्यक्त किया था। सूचना मिलते ही गजरौला पुलिस ने तत्काल एक अभियान चलाया और रातभर की तलाश के बाद ग्राम बहलोलपुर से बालक को सुरक्षित बरामद कर लिया। इस संबंध में थाना गजरौला में मुकदमा संख्या 358/2026, धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने ग्राम नौनेर निवासी आदित्य पुत्र विजेंद्र और उसकी मां सरिता पत्नी विजेंद्र को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पूछताछ के दौरान आरोपी सरिता ने बताया कि उसकी अपनी देवरानी से लंबे समय से पारिवारिक रंजिश चल रही थी, और इसी रंजिश के चलते उसने अपने बेटे आदित्य के साथ मिलकर अपनी देवरानी के 5 वर्षीय पुत्र का अपहरण किया था। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ में बच्चे को बेचने की नीयत से अपहरण करने की बात भी स्वीकार की है, जिसकी जांच और पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के दौरान की जाएगी। पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश भदौरिया के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी धनौरा अंजली कटारिया के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार के नेतृत्व में एक पुलिस टीम ने इस कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक सरज कुमार, हेड कांस्टेबल सोहनवीर सिंह, कांस्टेबल अजय कुमार और महिला कांस्टेबल बबीता शामिल थीं।
गजरौला पुलिस ने 5 वर्षीय एक बालक के अपहरण के मामले का त्वरित खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अपहृत बालक को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों को सौंप दिया। यह मामला 28 जून की रात करीब 11 बजे सामने आया, जब एक 5 वर्षीय बालक के खेलते समय लापता होने की सूचना मिली। बालक की मां ने अपनी जेठानी और उसके बेटे पर बच्चे को ले जाने का संदेह व्यक्त किया था। सूचना मिलते ही गजरौला पुलिस ने तत्काल एक अभियान चलाया और रातभर की तलाश के बाद ग्राम बहलोलपुर से बालक को सुरक्षित बरामद कर लिया। इस संबंध में थाना गजरौला में मुकदमा संख्या 358/2026, धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने ग्राम नौनेर निवासी आदित्य पुत्र विजेंद्र और उसकी मां सरिता पत्नी विजेंद्र को गिरफ्तार
कर न्यायालय में पेश किया। पूछताछ के दौरान आरोपी सरिता ने बताया कि उसकी अपनी देवरानी से लंबे समय से पारिवारिक रंजिश चल रही थी, और इसी रंजिश के चलते उसने अपने बेटे आदित्य के साथ मिलकर अपनी देवरानी के 5 वर्षीय पुत्र का अपहरण किया था। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ में बच्चे को बेचने की नीयत से अपहरण करने की बात भी स्वीकार की है, जिसकी जांच और पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के दौरान की जाएगी। पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश भदौरिया के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी धनौरा अंजली कटारिया के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार के नेतृत्व में एक पुलिस टीम ने इस कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक सरज कुमार, हेड कांस्टेबल सोहनवीर सिंह, कांस्टेबल अजय कुमार और महिला कांस्टेबल बबीता शामिल थीं।
- उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विकास और विरासत के संगम के बीच कई महत्वाकांक्षी परियोजनाओं का लोकार्पण किया। इस दौरान उन्होंने यह भी कहा कि डबल इंजन की सरकार सबका विकास कर रही है और सबका विश्वास जीत रही है, जबकि गुंडे-माफियाओं की जगह सिर्फ जेल में है। इसी कार्यक्रम में एक बेहद मार्मिक और संवेदनशील पल तब आया जब करोड़ों की परियोजनाओं में शामिल 'श्री राम वाटिका' का उद्घाटन किसी राजनेता या अधिकारी के बजाय दो नन्ही बच्चियों, वांची और आची, के हाथों मुख्यमंत्री के सानिध्य में हुआ। मुख्यमंत्री और इन बच्चियों, छह वर्षीय वांची और उसकी छोटी बहन आची, के बीच स्नेह का यह बंधन नया नहीं है। दरअसल, मुरादाबाद निवासी इनके पिता अमित कुमार जून 2025 में अपनी बेटी वांची के स्कूल दाखिले को लेकर तीन महीने से परेशान थे। उन्होंने ‘जनता दर्शन’ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर अपनी गुहार लगाई थी, जिस पर बच्चों के प्रति विशेष स्नेह रखने वाले मुख्यमंत्री ने तत्काल संज्ञान लिया। मुख्यमंत्री ने न केवल फरियाद सुनी, बल्कि महज तीन घंटे के भीतर ही समस्या का समाधान भी कर दिया। उनके त्वरित निर्देश पर उसी दिन सोमवार दोपहर को वांची का दाखिला आरटीई के तहत मुरादाबाद के प्रतिष्ठित 'सीएल गुप्ता वर्ल्ड स्कूल' में हो गया था। श्री राम वाटिका के लोकार्पण के समय जब मुख्यमंत्री का काफिला पहुंचा, तो ये दोनों बच्चियां उनसे मिलने आईं। मुख्यमंत्री ने बिना किसी देरी के उन्हें अपने पास बुलाया और पूरे वात्सल्य के साथ उन्हीं नन्हे हाथों से इस भव्य वाटिका का फीता कटवाकर इसे जनता को समर्पित किया। इस अनूठे पल और बच्चियों के चेहरों की मुस्कान ने वहां मौजूद सभी का दिल जीत लिया।1
- गजरौला पुलिस ने एक 5 वर्षीय बालक के अपहरण के मामले को त्वरित कार्रवाई करते हुए 12 घंटे के भीतर सुलझा लिया है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर अपहृत बालक को सकुशल बरामद कर लिया, जिसे बाद में उसके परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस को 28 जून की रात करीब 11 बजे सूचना मिली थी कि एक 5 वर्षीय बालक खेलते समय लापता हो गया है। बालक की मां ने इस अपहरण के लिए अपनी जेठानी और उसके बेटे पर संदेह जताया था। इस सूचना के बाद पुलिस ने तत्काल एक अभियान चलाया और रात भर चली तलाश के बाद बालक को ग्राम बहलोलपुर से सुरक्षित ढूंढ निकाला। इस मामले में गजरौला थाना में मुकदमा संख्या 358/2026, धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने ग्राम नौनेर निवासी आदित्य पुत्र विजेंद्र और उसकी मां सरिता पत्नी विजेंद्र को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पूछताछ के दौरान आरोपी सरिता ने बताया कि उसकी अपनी देवरानी से लंबे समय से पारिवारिक रंजिश चली आ रही थी, जिसके चलते उसने अपने बेटे आदित्य के साथ मिलकर देवरानी के 5 वर्षीय पुत्र का अपहरण किया था। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ में बच्चे को बेचने की नीयत से अपहरण करने की बात भी स्वीकार की है, जिसकी जांच और पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के दौरान होगी। इस पूरी कार्रवाई को पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश भदौरिया के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी धनौरा अंजली कटारिया के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार के नेतृत्व में एक पुलिस टीम ने अंजाम दिया। गिरफ्तार करने वाली टीम में उपनिरीक्षक सरज कुमार, हेड कांस्टेबल सोहनवीर सिंह, कांस्टेबल अजय कुमार और महिला कांस्टेबल बबीता शामिल थीं।2
- जनपद अमरोहा के थाना रहरा क्षेत्र में पारिवारिक विवाद के चलते एक पति ने अपनी पत्नी की निर्मम हत्या कर दी है। यह घटना 28 जून 2026 को हुई, जब ग्राम पौरारा निवासी रामफल पुत्र पूरन सिंह ने अपनी पत्नी उर्मिला के सिर पर कथित तौर पर कुल्हाड़ी से वार कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतका के भाई महावीर पुत्र रामभरोसे, जो ग्राम मचौना, थाना सहसवान, बदायूं के निवासी हैं, ने थाना रहरा में इस घटना की तहरीर दी। तहरीर के आधार पर पुलिस ने तुरंत मुकदमा दर्ज किया। पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव के अपराधियों के विरुद्ध सख्त अभियान के तहत थाना रहरा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मात्र कुछ ही घंटों के अंदर आरोपी रामफल को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस टीम ने छापेमारी के दौरान घटना में प्रयुक्त कुल्हाड़ी भी आरोपी के कब्जे से बरामद की। आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूर्ण करने के बाद गिरफ्तार आरोपी रामफल को माननीय न्यायालय अमरोहा के समक्ष पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव ने इस पर ज़ोर देते हुए कहा कि महिलाओं के विरुद्ध होने वाले अपराधों पर पुलिस की शून्य सहनशीलता नीति है और ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।3
- मूल सूचना के अनुसार, डर्टी गाँव में इस समय भारी जलभराव की समस्या बनी हुई है। बताया गया है कि गाँव के भीतर बहुत अधिक पानी भर गया है, जिससे स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।1
- गजरौला पुलिस ने 5 वर्षीय एक बालक के अपहरण के मामले का त्वरित खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अपहृत बालक को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों को सौंप दिया। यह मामला 28 जून की रात करीब 11 बजे सामने आया, जब एक 5 वर्षीय बालक के खेलते समय लापता होने की सूचना मिली। बालक की मां ने अपनी जेठानी और उसके बेटे पर बच्चे को ले जाने का संदेह व्यक्त किया था। सूचना मिलते ही गजरौला पुलिस ने तत्काल एक अभियान चलाया और रातभर की तलाश के बाद ग्राम बहलोलपुर से बालक को सुरक्षित बरामद कर लिया। इस संबंध में थाना गजरौला में मुकदमा संख्या 358/2026, धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने ग्राम नौनेर निवासी आदित्य पुत्र विजेंद्र और उसकी मां सरिता पत्नी विजेंद्र को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पूछताछ के दौरान आरोपी सरिता ने बताया कि उसकी अपनी देवरानी से लंबे समय से पारिवारिक रंजिश चल रही थी, और इसी रंजिश के चलते उसने अपने बेटे आदित्य के साथ मिलकर अपनी देवरानी के 5 वर्षीय पुत्र का अपहरण किया था। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ में बच्चे को बेचने की नीयत से अपहरण करने की बात भी स्वीकार की है, जिसकी जांच और पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के दौरान की जाएगी। पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश भदौरिया के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी धनौरा अंजली कटारिया के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार के नेतृत्व में एक पुलिस टीम ने इस कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक सरज कुमार, हेड कांस्टेबल सोहनवीर सिंह, कांस्टेबल अजय कुमार और महिला कांस्टेबल बबीता शामिल थीं।2
- अमरोहा में भ्रष्टाचार के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी करप्शन टीम ने हसनपुर तहसील में तैनात कानूनगो अरविंद कुमार शर्मा को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई के बाद तहसील परिसर और राजस्व विभाग में हड़कंप मच गया। बताया गया कि एक किसान ने अपने राजस्व संबंधी कार्य को कराने के लिए कानूनगो से संपर्क किया था, जिसके एवज में कानूनगो अरविंद कुमार शर्मा ने किसान से 10 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। किसान ने इसकी शिकायत एंटी करप्शन संगठन से की, जिसके सत्यापन के बाद टीम ने जाल बिछाया। सोमवार को गजरौला स्थित एक स्वीट्स की दुकान पर किसान ने तय योजना के अनुसार कानूनगो को रिश्वत की रकम सौंपी। जैसे ही कानूनगो ने 10 हजार रुपये अपने कब्जे में लिए, पहले से मौके पर मौजूद एंटी करप्शन टीम ने उसे रंगे हाथों दबोच लिया। गिरफ्तारी के बाद टीम आरोपी कानूनगो को पूछताछ के लिए अपने साथ ले गई। इस कार्रवाई की सूचना मिलते ही राजस्व विभाग में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। एंटी करप्शन टीम आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आवश्यक कानूनी कार्रवाई कर रही है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि रिश्वतखोरी के मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।2