लखनऊ से बड़ी खबर: CM हेल्पलाइन की महिला कर्मचारियों का प्रदर्शन, पुलिस कार्रवाई पर सवाल तेज लखनऊ में CM हेल्पलाइन की महिला कर्मचारियों ने कम वेतन और बेहतर सुविधाओं की मांग को लेकर आज जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें मात्र ₹15,000 मासिक वेतन मिलता है, जो बढ़ती महंगाई में बेहद कम है। साथ ही वे अपने लिए 50 मिनट का निर्धारित ब्रेक लागू करने की भी मांग कर रही हैं। प्रदर्शन के दौरान माहौल उस वक्त गरमा गया जब मौके पर पहुंची पुलिस ने भीड़ को हटाने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस के व्यवहार को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। सोशल मीडिया पर घटना का वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें कथित तौर पर पुलिस की सख्ती दिखाई दे रही है। महिला कर्मचारियों का कहना है कि वे कई महीनों से अपनी मांगों को लेकर आवाज उठा रही हैं, मगर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। यह मामला एक बार फिर संविदा कर्मियों, खासकर महिलाओं को मिलने वाले वेतन और कार्य-परिस्थितियों पर बहस छेड़ रहा है। अब सबकी नज़र सरकार की प्रतिक्रिया पर है—क्या कर्मचारियों की मांगें सुनी जाएंगी या मामला फिर किसी फाइल में दबकर रह जाएगा?
लखनऊ से बड़ी खबर: CM हेल्पलाइन की महिला कर्मचारियों का प्रदर्शन, पुलिस कार्रवाई पर सवाल तेज लखनऊ में CM हेल्पलाइन की महिला कर्मचारियों ने कम वेतन और बेहतर सुविधाओं की मांग को लेकर आज जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें मात्र ₹15,000 मासिक वेतन मिलता है, जो बढ़ती महंगाई में बेहद कम है। साथ ही वे अपने लिए 50 मिनट का निर्धारित ब्रेक लागू करने की भी मांग कर रही हैं। प्रदर्शन के दौरान माहौल उस वक्त गरमा गया जब मौके पर पहुंची पुलिस ने भीड़ को हटाने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस के व्यवहार को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। सोशल मीडिया पर घटना का वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें कथित तौर पर पुलिस की सख्ती दिखाई दे रही है। महिला कर्मचारियों का कहना है कि वे कई महीनों से अपनी मांगों को लेकर आवाज उठा रही हैं, मगर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। यह मामला एक बार फिर संविदा कर्मियों, खासकर महिलाओं को मिलने वाले वेतन और कार्य-परिस्थितियों पर बहस छेड़ रहा है। अब सबकी नज़र सरकार की प्रतिक्रिया पर है—क्या कर्मचारियों की मांगें सुनी जाएंगी या मामला फिर किसी फाइल में दबकर रह जाएगा?
- Post by Ashish Bajpai (Ashubaj)1
- लखनऊ अधिवक्ता इंद्रदेव सिंह द्वारका किया गया लोकार्पण एवं अधिवक्ता सम्मान समारोह1
- लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी के अलीगंज वार्ड नंबर 91 स्थित पांडे टोला में इन दिनों क्षेत्रीय निवासी नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं। इलाके में पिछले कई महीनों से पेयजल की भीषण समस्या बनी हुई है, लेकिन नगर निगम और जलकल विभाग इस ओर आंखें मूंदे बैठा है। घरों में आ रहा है सीवर युक्त गंदा पानी पांडे टोला के निवासियों का आरोप है कि पिछले काफी समय से उनके घरों के नलों में बेहद गंदा और बदबूदार पानी आ रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, पानी इतना दूषित है कि वह न तो पीने योग्य है और न ही नहाने या कपड़े धोने के काम आ रहा है। गंदा पानी पीने से क्षेत्र में बीमारियां फैलने का भी डर बना हुआ है। महीनों से खराब पड़ी है पानी की टंकी क्षेत्र में पानी की सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए बनी पानी की टंकी भी पिछले कई महीनों से खराब पड़ी है। इसकी मरम्मत की दिशा में प्रशासन द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। स्थिति यह है कि लोगों को दूर-दराज के हैंडपंपों या अन्य माध्यमों से पानी ढोने को मजबूर होना पड़ रहा है। पार्षद की कार्यशैली पर उठे सवाल स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने कई बार क्षेत्रीय पार्षद को इस समस्या से अवगत कराया और लिखित शिकायत भी दी, लेकिन पार्षद द्वारा आश्वासन के अलावा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। जनता का आरोप है कि चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे करने वाले प्रतिनिधि अब उनकी बुनियादी जरूरतों को नजरअंदाज कर रहे हैं। क्षेत्रीय निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही पानी की टंकी को ठीक नहीं किया गया और स्वच्छ पेयजल की आपूर्ति बहाल नहीं हुई, तो वे नगर निगम मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन करने के लिए विवश होंगे।1
- कैफ़ी आज़मी के मेजवां गांव में अवैध कब्जे पर प्रशासन का चला बुलडोजर। खुरासन रोड । आजमगढ़ जिले के फूलपुर तहसील क्षेत्र मेजवां गांव में हुए अवैध कब्जा को बृहस्पतिवार को फूलपुर नायब तहसीलदार राजाराम के नेतृत्व में पुलिस पहुंची और काफी दिनों से हुए अवैध कब्जा को हटवा दिया। इस कार्रवाई से अवैध कब्जेदारो में हड़कंप मचा हुआ था। फूलपुर तहसील क्षेत्र के मेजवां गांव में सरकारी भूमि सौरहन आराजी नंबर, 161, 130 और पोखरी संख्या 160 का उत्तरी भाग की जमीन पर गांव के लोगों ने काफी दिनों से अवैध कब्जा कर लिया था। शिकायत पर हल्का लेखपाल सोनू गिरी , गोपाल राय, प्रदीप सोनी, करुणेश सिंह और राजस्व निरीक्षक बासदेव यादव के साथ नायब तहसीलदार राजाराम, एसआई एम के खान के साथ पुलिस टीम और प्रधान जेसीबी लेकर पहुंचे और कब्जा हटवा दिया। नायब तहसीदार राजाराम ने ने बताया कि नाली संख्या 74 पर भी अवैध कब्जा किया गया जिसकी टीम द्वारा पैमाईश की गई है। अवैध कब्जा धारी को एक सप्ताह के अंदर कब्जा हटाने की नोटिस दी गई है। प्रशासन द्वारा की गई इस कारवाही से गांव में हड़कंप की स्थिति बनी रही।2
- हाई कोर्ट के आदेश के बाद 60 साल पुरानी मस्जिद को गिराया गया बक्शी का तालाब की अस्ति रोड पर बनी थी मस्जिद1
- बिलासपुर में बेजुबान जानवर के साथ कथित कुकर्म का वीडियो सामने आने के बाद लोगों में आक्रोश फैल गया है। सोशल मीडिया पर वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। मामले को लेकर स्थानीय लोगों ने सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने घटना का संज्ञान लेते हुए जांच शुरू कर दी है।1
- सोनी शुक्ला क्रांति ने खाई कसम #shortvideo #हाईलाइट1
- Post by Ashish Bajpai (Ashubaj)1
- लखनऊ में CM हेल्पलाइन 1076 पर काम करने वाली महिलाओं को प्रदर्शन करने से पहले ही पुलिस ने रोक दिया। बताया जा रहा है कि ये महिलाएं अपनी समस्याओं को लेकर CM कार्यालय तक जाना चाहती थीं। आरोप है कि कम वेतन और अन्य मुद्दों को लेकर नाराज कर्मचारियों को रास्ते में ही रोक दिया गया, जिससे उनमें आक्रोश देखने को मिला। इस दौरान पुलिस और कर्मचारियों के बीच कहासुनी भी हुई। मामला अब तूल पकड़ता नजर आ रहा है।1