#बाराबंकी_शिवम_हत्याकांड दो माह बाद भी आरोपी फरार मां ने रो-रो कर बयान किया अपना दर्द एसपी कार्यालय पहुंचकर पीड़ित ने लगाई न्याय की गुहार बाराबंकी। शिवम रावत हत्याकांड में दो माह बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से नाराज परिजन मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और न्याय की गुहार लगाई। परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जल्द कार्रवाई की मांग की है। परिजनों के अनुसार शिवम रावत 19 जनवरी को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए थे। अगले दिन 20 जनवरी को उनका शव एक पेड़ से लटका हुआ मिला था। परिजनों का आरोप है कि रंजिश के चलते अरविंद, सोनी, मीना, सतीश व अफजाल ने शिवम की हत्या कर शव को पेड़ से लटका दिया, ताकि घटना को आत्महत्या का रूप दिया जा सके। मृतक के भाई #अंकित_रावत ने बताया कि घटना को दो माह से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक पुलिस ने किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है। उन्होंने कहा कि मामले में नामजद एफआईआर दर्ज होने के बावजूद आरोपी #खुलेआम घूम रहे हैं। परिजनों का यह भी आरोप है कि कार्रवाई न होने से आरोपियों के हौसले बुलंद हैं और वे लगातार परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर मामले में निष्पक्ष जांच कर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। परिजनों का कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को मजबूर होंगे।
#बाराबंकी_शिवम_हत्याकांड दो माह बाद भी आरोपी फरार मां ने रो-रो कर बयान किया अपना दर्द एसपी कार्यालय पहुंचकर पीड़ित ने लगाई न्याय की गुहार बाराबंकी। शिवम रावत हत्याकांड में दो माह बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से नाराज परिजन मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और न्याय की गुहार लगाई। परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जल्द कार्रवाई की मांग की है। परिजनों के अनुसार शिवम रावत 19 जनवरी को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए थे। अगले दिन 20 जनवरी को उनका शव एक पेड़ से लटका हुआ मिला था। परिजनों का आरोप है कि रंजिश के चलते अरविंद, सोनी, मीना, सतीश व अफजाल ने शिवम की हत्या कर शव को पेड़ से लटका दिया, ताकि घटना को आत्महत्या का रूप दिया जा सके। मृतक के भाई #अंकित_रावत ने बताया कि घटना को दो माह से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक पुलिस ने किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है। उन्होंने कहा कि मामले में नामजद एफआईआर दर्ज होने के बावजूद आरोपी #खुलेआम घूम रहे हैं। परिजनों का यह भी आरोप है कि कार्रवाई न होने से आरोपियों के हौसले बुलंद हैं और वे लगातार परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर मामले में निष्पक्ष जांच कर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। परिजनों का कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को मजबूर होंगे।
- Post by ᴛʜᴇ ʟᴜᴄᴋɴᴏᴡ ᴄʀɪᴍᴇ1
- कर्नाटक: “आपदा में अवसर” तलाशने वालों पर प्रशासन ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। कर्नाटक के यादगिरी जिले में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की टीम ने होटलों पर बड़े पैमाने पर छापेमारी कर घरेलू गैस सिलेंडरों के अवैध इस्तेमाल का खुलासा किया है। जानकारी के मुताबिक, विभागीय अधिकारियों ने कई होटलों और प्रतिष्ठानों पर अचानक छापा मारकर जांच की। इस दौरान 46 घरेलू एलपीजी सिलेंडर बरामद किए गए, जिनका कथित तौर पर व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा था। नियमों के अनुसार घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल केवल घरेलू जरूरतों के लिए किया जा सकता है, जबकि होटल और व्यवसायिक प्रतिष्ठानों के लिए कमर्शियल सिलेंडर अनिवार्य होते हैं। अधिकारियों ने सभी 46 सिलेंडरों को जब्त कर लिया है और संबंधित होटल संचालकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी गई है। विभाग का कहना है कि इस तरह की जमाखोरी और घरेलू गैस के गलत इस्तेमाल से आम उपभोक्ताओं पर सीधा असर पड़ता है, क्योंकि जरूरतमंद परिवारों को समय पर सिलेंडर उपलब्ध नहीं हो पाते। प्रशासन ने साफ किया है कि आपूर्ति व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल मामले की जांच जारी है और आने वाले दिनों में ऐसे अन्य प्रतिष्ठानों पर भी कार्रवाई तेज किए जाने के संकेत दिए गए हैं। एक लाइन हेडिंग: कर्नाटक के यादगिरी में छापेमारी: होटलों से 46 घरेलू LPG सिलेंडर जब्त, जमाखोरों पर प्रशासन सख्त1
- BREAKING NEWS... GT Express में यात्री से कथित मारपीट, वीडियो वायरल..1
- राजधानी लखनऊ इस्लामिक सेंटर ऑफ़ इंडिया ईदगाह के इमाम के अध्यक्ष मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली द्वारा बताया गया!! आज 13 मार्च 2026 शुक्रवार को पढ़ी जाएगी अलविदा की नमाज़ इस्लामिक सेंटर ऑफ इणिडया ईदगाह में 12 बजकर 45 मिंट पर होगी अलविदा की नमाज़!!1
- लखनऊ के मड़ियांव थाना क्षेत्र में पुलिस ने ई-रिक्शा और बैटरी चोरी करने वाले 5 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी में इस्तेमाल किए गए 2 ई-रिक्शा, 1 चोरी का ई-रिक्शा, 6 बैटरियां और 1325 रुपये नकद बरामद किए हैं। 11 मार्च को समनान गार्डन कॉलोनी निवासी आसिफ शकील का ई-रिक्शा चोरी हो गया था। मामले में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की।मुखबिर की सूचना पर यासीन बाग इलाके से पांचों आरोपियों को पकड़ लिया गया। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी कॉलोनियों में घूमकर सुनसान जगह खड़े ई-रिक्शों की बैटरी और ई-रिक्शा चोरी कर सस्ते दामों में बेच देते थे।पुलिस ने 24 घंटे के अंदर घटना का खुलासा करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उन्हें अदालत में पेश किया जा रहा है।1
- Post by Ashish Bajpai (Ashubaj)1
- #बाराबंकी_शिवम_हत्याकांड दो माह बाद भी आरोपी फरार मां ने रो-रो कर बयान किया अपना दर्द एसपी कार्यालय पहुंचकर पीड़ित ने लगाई न्याय की गुहार बाराबंकी। शिवम रावत हत्याकांड में दो माह बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से नाराज परिजन मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और न्याय की गुहार लगाई। परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जल्द कार्रवाई की मांग की है। परिजनों के अनुसार शिवम रावत 19 जनवरी को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए थे। अगले दिन 20 जनवरी को उनका शव एक पेड़ से लटका हुआ मिला था। परिजनों का आरोप है कि रंजिश के चलते अरविंद, सोनी, मीना, सतीश व अफजाल ने शिवम की हत्या कर शव को पेड़ से लटका दिया, ताकि घटना को आत्महत्या का रूप दिया जा सके। मृतक के भाई #अंकित_रावत ने बताया कि घटना को दो माह से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक पुलिस ने किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है। उन्होंने कहा कि मामले में नामजद एफआईआर दर्ज होने के बावजूद आरोपी #खुलेआम घूम रहे हैं। परिजनों का यह भी आरोप है कि कार्रवाई न होने से आरोपियों के हौसले बुलंद हैं और वे लगातार परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर मामले में निष्पक्ष जांच कर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। परिजनों का कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को मजबूर होंगे।1
- राजधानी लखनऊ के चिनहट थाना क्षेत्र में लेंसकार्ट कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ एक कर्मचारी ने गंभीर आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया है। पीड़ित यश अग्रवाल का आरोप है कि 22 जनवरी 2026 को स्टोर पर सहकर्मी ने उसके साथ गाली-गलौज, धक्का-मुक्की और जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित का कहना है कि उसने इसकी शिकायत कंपनी मैनेजमेंट से की, लेकिन मामले को दबाने के लिए उस पर पुलिस में शिकायत न करने का दबाव बनाया गया। आरोप है कि 26 जनवरी को एरिया मैनेजर ने भी उस पर शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया और नौकरी से निकालने की धमकी दी। पीड़ित के अनुसार 10 मार्च 2026 को उसे फोन कर कंपनी से निकालने की सूचना दी गई, जिसके बाद उसने दोबारा पुलिस से शिकायत की। इस मामले में 12 मार्च 2026 को चिनहट थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई धाराओं में FIR दर्ज की गई है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।1
- लखनऊ टेढ़ी पुलिया मैजिक स्टैंड पर उगाही का आरोप, ट्रैफिक पुलिस के नाम पर वसूली का खेल! राजधानी लखनऊ के थाना गुडंबा क्षेत्र में स्थित सेक्टर-G पुलिस चौकी और टेढ़ी पुलिया पुलिस चौकी के अंतर्गत आने वाले टेढ़ी पुलिया मार्ग पर अवैध वसूली का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि टेढ़ी पुलिया पुलिस चौकी के ठीक पास संचालित मैजिक स्टैंड पर लंबे समय से वसूली का खेल चल रहा है। मैजिक और टैक्सी चालकों का कहना है कि यहां आने-जाने वाली गाड़ियों से नियमित रूप से पैसे वसूले जा रहे हैं, जिससे स्थानीय पुलिस, ट्रैफिक विभाग, परिवहन विभाग और नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। चालकों के मुताबिक अभय शंकर पांडेय नाम का व्यक्ति स्टैंड पर गाड़ियों से पैसा वसूल रहा है। आरोप है कि जो चालक तय रकम देता है, उसी को स्टैंड से गाड़ी खड़ी करने और सवारी उठाने की अनुमति मिलती है, जबकि पैसे न देने वाले चालकों को वहां से हटाया जाता है। सूत्रों के अनुसार, स्टैंड से चलने वाली गाड़ियों से हर चक्कर पर लगभग ₹50 वसूले जा रहे हैं। इसके अलावा कुछ चालकों का दावा है कि हर वाहन से करीब ₹1000 प्रति माह की तय रकम भी ली जाती है। चालकों का कहना है कि यह वसूली ट्रैफिक पुलिस के नाम पर की जा रही है। कुछ चालकों ने यह भी आरोप लगाया है कि इस पूरे मामले में यातायात पुलिस के टीआई और टीएसआई स्तर के कर्मियों के संरक्षण की चर्चा क्षेत्र में हो रही है। हालांकि इन आरोपों की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन चर्चाओं के चलते मामला और गंभीर होता जा रहा है। इस प्रकरण के सामने आने के बाद सेक्टर-G पुलिस चौकी और टेढ़ी पुलिया पुलिस चौकी की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि लंबे समय से यहां वसूली हो रही है, तो संबंधित पुलिस चौकी, यातायात विभाग और परिवहन विभाग को इसकी जानकारी क्यों नहीं हुई। अब क्षेत्र के लोग शासन-प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। बड़े सवाल • क्या टेढ़ी पुलिया मैजिक स्टैंड पर ₹50 प्रति चक्कर और ₹1000 मासिक वसूली का खेल चल रहा है? • क्या ट्रैफिक पुलिस के नाम पर अवैध उगाही की जा रही है? • क्या टीआई-टीएसआई स्तर के कर्मियों के संरक्षण की चर्चाओं में सच्चाई है? • क्या शासन-प्रशासन और परिवहन विभाग इस पूरे मामले की जांच करेगा? फिलहाल मामला इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है और अब सभी की नजर प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हुई है।1