पांच भैया महाराज के मेले में उमडा आस्था का सैलाब हजारों की संख्या में श्रद्धालु की भीड़ महेश पाल गौतम जिला मीडिया प्रभारी बदायूं पांच भैया महाराज के मेले में उमडा आस्था का सैलाब हजारों की संख्या में श्रद्धालु की भीड़ मूसाझाग नगर पंचायत गुलडिया देहात ग्राम पंचायत बसैया खेड़ा लाल भुजिया प्रसिद्ध पंचभैया महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले में करीब ढाई सौ साल पुराना इतिहास के अनुसार पांच व्यापारी छठी बहन के हत्या के बाद स्थानीय बदमाशों के द्वारा उन्हें लूट लिया गया था नगर पंचायत गुलडिया देहात में लगने वाले प्रसिद्ध मेला महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले का इतिहास काफी पुराना है बुजुर्गों के मुताबिक ये मेला करीब ढाई सौ साल पुराना मेला है इसके ऐतिहासिक मेला को लेकर कमेटी की ओर से व्यवस्था चाक चौबंद दिखाई दी श्री श्री 1008 भोला गिरी महाराज ने बताया कि अब से ढाई सौ साल पहले का इतिहास है की ढाई सौ साल पहले दातागंज के पांच व्यापारी छठी अपनी बहन के साथ दिल्ली से व्यापार करके लौट रहे थे साथ में एक हाथी एक पालतू कुत्ता भी था जहां महाराज के जंगल में पहुंचे ही रास्ते में घात लगाए बैठे बदमाशों ने सभी भाई बहनों के साथ लूट पाठ शुरू कर दी विरोध करने पर पहले बहन को जान से मार दिया था यह सब देखकर सभी भाइयों ने डटकर मुकाबला किया मगर बदमाश अधिक होने पर सभी भाइयों की हत्या कर दी गई थी जब हाथी और कुत्ता यह सब देखकर उन पर झपटा तो बदमाशों ने उनको भी मौत के घाट उतार दिया था याद में ढाई सौ वर्ष पूर्व स्थानीय लोग मेला लगाया लगे हैं आज भी मेला लगाया जाता है मेला स्थल पर बने मंदिर के अंदर पांच भाई-बहन और हाथी कुत्ते की मूर्तियां विराजमान है भाई मंदिर से प्रीति क्षेत्र के लोगों की आस्था भारती चली आई है कहा जाता है कि यह यहां मन्नत मांगी तो पूर्ण होती है यहां पर दुर्धरा से बड़ी संख्या में श्रद्धालु के द्वारा प्रसाद चढ़ाया जाता है पूजा पाठ के अलावा मुंडन संस्कार भी किए जाते हैं हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहते हैं काफी भीड़ दिखाई देती है पुलिस प्रशासन की ओर से भी काफी संख्या में पुलिस लगाई गई किसी को कोई दिक्कत ना आए और मेला कमेटी का भी विशेष सहयोग रहा
पांच भैया महाराज के मेले में उमडा आस्था का सैलाब हजारों की संख्या में श्रद्धालु की भीड़ महेश पाल गौतम जिला मीडिया प्रभारी बदायूं पांच भैया महाराज के मेले में उमडा आस्था का सैलाब हजारों की संख्या में श्रद्धालु की भीड़ मूसाझाग नगर पंचायत गुलडिया देहात ग्राम पंचायत बसैया खेड़ा लाल भुजिया प्रसिद्ध पंचभैया महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले में करीब ढाई सौ साल पुराना इतिहास के अनुसार पांच व्यापारी छठी बहन के हत्या के बाद स्थानीय बदमाशों के द्वारा उन्हें लूट लिया गया था नगर पंचायत गुलडिया देहात में लगने वाले
प्रसिद्ध मेला महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले का इतिहास काफी पुराना है बुजुर्गों के मुताबिक ये मेला करीब ढाई सौ साल पुराना मेला है इसके ऐतिहासिक मेला को लेकर कमेटी की ओर से व्यवस्था चाक चौबंद दिखाई दी श्री श्री 1008 भोला गिरी महाराज ने बताया कि अब से ढाई सौ साल पहले का इतिहास है की ढाई सौ साल पहले दातागंज के पांच व्यापारी छठी अपनी बहन के साथ दिल्ली से व्यापार करके लौट रहे थे साथ में एक हाथी एक पालतू कुत्ता भी था जहां महाराज के जंगल में पहुंचे ही
रास्ते में घात लगाए बैठे बदमाशों ने सभी भाई बहनों के साथ लूट पाठ शुरू कर दी विरोध करने पर पहले बहन को जान से मार दिया था यह सब देखकर सभी भाइयों ने डटकर मुकाबला किया मगर बदमाश अधिक होने पर सभी भाइयों की हत्या कर दी गई थी जब हाथी और कुत्ता यह सब देखकर उन पर झपटा तो बदमाशों ने उनको भी मौत के घाट उतार दिया था याद में ढाई सौ वर्ष पूर्व स्थानीय लोग मेला लगाया लगे हैं आज भी मेला लगाया जाता है मेला स्थल पर बने मंदिर के अंदर पांच भाई-बहन
और हाथी कुत्ते की मूर्तियां विराजमान है भाई मंदिर से प्रीति क्षेत्र के लोगों की आस्था भारती चली आई है कहा जाता है कि यह यहां मन्नत मांगी तो पूर्ण होती है यहां पर दुर्धरा से बड़ी संख्या में श्रद्धालु के द्वारा प्रसाद चढ़ाया जाता है पूजा पाठ के अलावा मुंडन संस्कार भी किए जाते हैं हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहते हैं काफी भीड़ दिखाई देती है पुलिस प्रशासन की ओर से भी काफी संख्या में पुलिस लगाई गई किसी को कोई दिक्कत ना आए और मेला कमेटी का भी विशेष सहयोग रहा
- महेश पाल गौतम जिला मीडिया प्रभारी बदायूं पांच भैया महाराज के मेले में उमडा आस्था का सैलाब हजारों की संख्या में श्रद्धालु की भीड़ मूसाझाग नगर पंचायत गुलडिया देहात ग्राम पंचायत बसैया खेड़ा लाल भुजिया प्रसिद्ध पंचभैया महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले में करीब ढाई सौ साल पुराना इतिहास के अनुसार पांच व्यापारी छठी बहन के हत्या के बाद स्थानीय बदमाशों के द्वारा उन्हें लूट लिया गया था नगर पंचायत गुलडिया देहात में लगने वाले प्रसिद्ध मेला महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले का इतिहास काफी पुराना है बुजुर्गों के मुताबिक ये मेला करीब ढाई सौ साल पुराना मेला है इसके ऐतिहासिक मेला को लेकर कमेटी की ओर से व्यवस्था चाक चौबंद दिखाई दी श्री श्री 1008 भोला गिरी महाराज ने बताया कि अब से ढाई सौ साल पहले का इतिहास है की ढाई सौ साल पहले दातागंज के पांच व्यापारी छठी अपनी बहन के साथ दिल्ली से व्यापार करके लौट रहे थे साथ में एक हाथी एक पालतू कुत्ता भी था जहां महाराज के जंगल में पहुंचे ही रास्ते में घात लगाए बैठे बदमाशों ने सभी भाई बहनों के साथ लूट पाठ शुरू कर दी विरोध करने पर पहले बहन को जान से मार दिया था यह सब देखकर सभी भाइयों ने डटकर मुकाबला किया मगर बदमाश अधिक होने पर सभी भाइयों की हत्या कर दी गई थी जब हाथी और कुत्ता यह सब देखकर उन पर झपटा तो बदमाशों ने उनको भी मौत के घाट उतार दिया था याद में ढाई सौ वर्ष पूर्व स्थानीय लोग मेला लगाया लगे हैं आज भी मेला लगाया जाता है मेला स्थल पर बने मंदिर के अंदर पांच भाई-बहन और हाथी कुत्ते की मूर्तियां विराजमान है भाई मंदिर से प्रीति क्षेत्र के लोगों की आस्था भारती चली आई है कहा जाता है कि यह यहां मन्नत मांगी तो पूर्ण होती है यहां पर दुर्धरा से बड़ी संख्या में श्रद्धालु के द्वारा प्रसाद चढ़ाया जाता है पूजा पाठ के अलावा मुंडन संस्कार भी किए जाते हैं हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहते हैं काफी भीड़ दिखाई देती है पुलिस प्रशासन की ओर से भी काफी संख्या में पुलिस लगाई गई किसी को कोई दिक्कत ना आए और मेला कमेटी का भी विशेष सहयोग रहा4
- रिपोर्ट हुकुम सिंह दातागंज पांच भैया महाराज के मेले में उमडा आस्था का सैलाब हजारों की संख्या में श्रद्धालु की भीड़ मूसाझाग नगर पंचायत गुलडिया देहात ग्राम पंचायत बसैया खेड़ा लाल भुजिया प्रसिद्ध पंचभैया महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले में करीब ढाई सौ साल पुराना इतिहास के अनुसार पांच व्यापारी छठी बहन के हत्या के बाद स्थानीय बदमाशों के द्वारा उन्हें लूट लिया गया था नगर पंचायत गुलडिया देहात में लगने वाले प्रसिद्ध मेला महाराज का मेला चैत्र पूर्णिमा को लगता है इस मेले का इतिहास काफी पुराना है बुजुर्गों के मुताबिक ये मेला करीब ढाई सौ साल पुराना मेला है इसके ऐतिहासिक मेला को लेकर कमेटी की ओर से व्यवस्था चाक चौबंद दिखाई दी श्री श्री 1008 भोला गिरी महाराज ने बताया कि अब से ढाई सौ साल पहले का इतिहास है की ढाई सौ साल पहले दातागंज के पांच व्यापारी छठी अपनी बहन के साथ दिल्ली से व्यापार करके लौट रहे थे साथ में एक हाथी एक पालतू कुत्ता भी था जहां महाराज के जंगल में पहुंचे ही रास्ते में घात लगाए बैठे बदमाशों ने सभी भाई बहनों के साथ लूट पाठ शुरू कर दी विरोध करने पर पहले बहन को जान से मार दिया था यह सब देखकर सभी भाइयों ने डटकर मुकाबला किया मगर बदमाश अधिक होने पर सभी भाइयों की हत्या कर दी गई थी जब हाथी और कुत्ता यह सब देखकर उन पर झपटा तो बदमाशों ने उनको भी मौत के घाट उतार दिया था याद में ढाई सौ वर्ष पूर्व स्थानीय लोग मेला लगाया लगे हैं आज भी मेला लगाया जाता है मेला स्थल पर बने मंदिर के अंदर पांच भाई-बहन और हाथी कुत्ते की मूर्तियां विराजमान है भाई मंदिर से प्रीति क्षेत्र के लोगों की आस्था भारती चली आई है कहा जाता है कि यह यहां मन्नत मांगी तो पूर्ण होती है यहां पर दुर्धरा से बड़ी संख्या में श्रद्धालु के द्वारा प्रसाद चढ़ाया जाता है पूजा पाठ के अलावा मुंडन संस्कार भी किए जाते हैं हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहते हैं काफी भीड़ दिखाई देती है पुलिस प्रशासन की ओर से भी काफी संख्या में पुलिस लगाई गई किसी को कोई दिक्कत ना आए और मेला कमेटी का भी विशेष सहयोग रहा4
- बरेली में ट्रक में वैन के टक्कर मार दी बच्चों समेत 8 लोग श्रद्धालु घायल हो चुके थे मैं आपको बता दूं यह खबर बरेली से है,1
- मथुरा के हमारी टीम के सदस्य एवं हमारे भाई संतोष शर्मा जी के पूरे परिवार ने हमें और हमारी पत्नी को अपने आवास पर फूल माला टुपट्टा उढ़ाकर स्वागत सम्मान किया बहुत बहुत धन्यवाद एवं आभार व्यक्त करता हूं संतोष शर्मा जी के पूरे परिवार का4
- बदायूं। जिले के कस्बा उझानी में एक युवक ने गृह कलेश के चलते कीटनाशक दवा का सेवन कर लिया। युवक की हालत जब बिगड़ी तब परिजनों को जानकारी हुई और उसे इलाज के लिए मेडीकल कालेज ले गए जहां देर रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। युवक की मौत की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव का पीएम कराने के बाद परिजनो को सौंप दिया है। उझानी नगर के भर्राटोला निवासी 25 वर्षीय राजीव पुत्र ओमप्रकाश कई दिनों से गृह कलेश से परेशान था और इसी के चलते उसने बुधवार को कीटनाशक दवाा पी ली। बताते है कि जब राजीव की हालत बिगड़ी तब परिजनो को उसके जहर पीने की जानकारी हुई तो उनके होश उड़ गए और वह आनन फानन उसे लेकर मेडीकल कालेज पहुंचे जहां डाक्टरों ने उसका उपचार शुरू कर दिया लेकिन इसके बाद बाबजूद देर रात इलाज के दौरान राजीव की मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जें में लेकर पीएम कराने के बाद परिजनों को सौंप दिया है।1
- बदायूं जिले के मुसाझाग थाना पुलिस पर फिर उठे कई गम्भीर सवाल। गांव के ही दबंग लोगों से परेशान पीड़ित परिवार लगभग दो साल से है परेशान। आज भी दबंगो ने पीड़ित परिवार को धमकाया और जान से मारने की धमकी दी । दबंगों से परेशान होकर महिला ने एसएसपी ऑफिस के पास खाया विषाक्त पदार्थ। पीड़ित के परिजनों ने बताया कि गांव के ही दबंग लगातार दो सालों से करते आ रहे हैं परेशान।पीड़ित परिवार में कई बार मुसाझाग थाना पुलिस से लेकर बदायूं एसपी तक से की शिकायत। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने डराया धमकाया और मामले में कार्रवाई नहीं की। पीड़ित परिवार लगातार थाना और एसएसपी से लगा रहा था न्याय की गुहार । जब न्याय नहीं मिला तो आहात होकर पीड़ित महिला ने एसपी ऑफिस के पास खाया अभिशाप पदार्थ। विषाक्त पदार्थ खाने वाली महिला (40) पत्नी हरीश कुमार निवासी गुलाड़िया थाना मूसाझाग की निवासी है। विशाख पदार्थ खाने की सूचना मिलते ही पुलिस के हाथ - पांव फूल तत्काल इलाज को जिला अस्पताल में भर्ती कराया । बदायूं के मुसाझाग थाना क्षेत्र के गुलड़िया गांव का रहने बाला है पीड़ित परिवार ।1
- चंदोसी, बिसौली, उसैहत, कायमगंज के लिए सौ किलोमीटर रेलवे लाइन की मांग की बदायूं। आज लोकसभा में शून्यकाल के दौरान अपने संसदीय क्षेत्र बदायूँ से जुड़े एक अत्यंत महत्वपूर्ण लोकहित के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया उन्होंने चन्दौसी-बिसौली-बदायूँ-उसहैत-कायमगंज (लगभग 100 किमी) नई रेलवे लाइन के निर्माण की जोरदार मांग करते हुए सरकार का ध्यान इस ओर आकर्षित किया। सांसद ने कहा कि आजादी के 78 वर्षों के बाद भी बदायूँ जनपद का देश की राजधानी दिल्ली एवं प्रदेश की राजधानी लखनऊ से सीधा रेल संपर्क स्थापित नहीं हो सका है। उन्होंने बताया कि लगभग 35 लाख की आबादी आज भी मुख्य रूप से सड़क परिवहन और रोडवेज सेवाओं पर निर्भर है, जिससे क्षेत्र के आर्थिक, औद्योगिक और सामाजिक विकास पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। उन्होंने सदन को अवगत कराया कि बरेली मंडल के अधिकांश जनपदों में रेलवे जंक्शन की सुविधा उपलब्ध है, जबकि बदायूँ अब तक इस मूलभूत सुविधा से वंचित है। यह स्थिति क्षेत्र के संतुलित विकास में बाधा उत्पन्न कर रही है। सांसद आदित्य यादव ने कहा कि प्रस्तावित चन्दौसी-बिसौली-बदायूँ-उसहैत-कायमगंज रेलवे लाइन बनने से न केवल बदायूँ का सीधा संपर्क दिल्ली, लखनऊ और कानपुर जैसे प्रमुख शहरों से स्थापित होगा, बल्कि यह एक महत्वपूर्ण वैकल्पिक रेल मार्ग के रूप में भी विकसित होगी। इससे दिल्ली, बरेली और लखनऊ जैसे व्यस्त रेल मार्गों पर दबाव कम करने में मदद मिलेगी। उन्होंने यह भी बताया कि यह परियोजना पश्चिमी उत्तर प्रदेश के औद्योगिक क्षेत्रों को पूर्वी एवं मध्य उत्तर प्रदेश से जोड़ते हुए एक प्रभावी “औद्योगिक गलियारा” के रूप में विकसित हो सकती है। इससे क्षेत्र में नए उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा, व्यापार के अवसर बढ़ेंगे तथा युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खुलेंगे। साथ ही यात्री एवं माल परिवहन दोनों अधिक सुलभ, तेज और किफायती हो सकेंगे, जिससे रेलवे की आय और परिवहन क्षमता में भी वृद्धि होगी। अंत में सांसद ने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि इस जनहितकारी और महत्वपूर्ण परियोजना को प्राथमिकता देते हुए शीघ्र स्वीकृति प्रदान की जाए तथा रेलवे बोर्ड के माध्यम से सर्वेक्षण कार्य जल्द शुरू कराया जाए, ताकि बदायूँ जनपद को भी समुचित और आधुनिक रेल संपर्क का लाभ मिल सके।1
- महेश पाल गौतम जिला मीडिया प्रभारी बदायूं जिले की दातागंज तहसील क्षेत्र में राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। कानूनगो सत्यप्रकाश सिंह और लेखपाल पर एक पीड़ित ने गंभीर आरोप लगाए हैं।पीड़ित का आरोप है कि उसकी पैतृक जमीन पर बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस के ही राजस्व टीम अचानक पहुंच गई और जमीन की नाप-जोख शुरू कर दी। इतना ही नहीं, मौके पर कथित रूप से पक्की ठियाबंदी की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई। पीड़ित ने इसे नियमों के विरुद्ध बताते हुए कहा कि बिना पक्ष सुने उसकी जमीन पर हस्तक्षेप किया जा रहा है। मामले को लेकर उसने उपजिलाधिकारी (SDM) दातागंज को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की मांग की है। फिलहाल पीड़ित न्याय के लिए अधिकारियों के चक्कर काटने को मजबूर है। वहीं, प्रशासन की ओर से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।2