सवाई माधोपुर कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट के बाहर पिछली सरकार में लगे थे पोलो पर तिरंगे। जिला मुख्यालय सहित पुराने शहर, आलनपुर रणथंभौर सर्किल, कलेक्ट्रेट , राजबाग, आदि स्थान पर लगाए गए थे तिरंगे। एक लेकिन एक साल से पोलों पर नहीं है तिरंगे। आखिर देखने की बात है कि जहां जिला प्रशासन द्वारा 9 अगस्त 2026 से हर घर तिरंगा मनाने जा रहा है। वही यह पांच पोल , तिरंगे के बिना सूने नजर आ रहे हैं। सवाई माधोपुर कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट के बाहर पिछली सरकार में लगे थे पोलो पर तिरंगे। जिला मुख्यालय सहित पुराने शहर, आलनपुर रणथंभौर सर्किल, कलेक्ट्रेट , राजबाग, आदि स्थान पर लगाए गए थे तिरंगे। एक लेकिन एक साल से पोलों पर नहीं है तिरंगे। आखिर देखने की बात है कि जहां जिला प्रशासन द्वारा 9 अगस्त 2026 से हर घर तिरंगा मनाने जा रहा है। वही यह पांच पोल , तिरंगे के बिना सूने नजर आ रहे हैं।
सवाई माधोपुर कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट के बाहर पिछली सरकार में लगे थे पोलो पर तिरंगे। जिला मुख्यालय सहित पुराने शहर, आलनपुर रणथंभौर सर्किल, कलेक्ट्रेट , राजबाग, आदि स्थान पर लगाए गए थे तिरंगे। एक लेकिन एक साल से पोलों पर नहीं है तिरंगे। आखिर देखने की बात है कि जहां जिला प्रशासन द्वारा 9 अगस्त 2026 से हर घर तिरंगा मनाने जा रहा है। वही यह पांच पोल , तिरंगे के बिना सूने नजर आ रहे हैं। सवाई माधोपुर कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट के बाहर पिछली सरकार में लगे थे पोलो पर तिरंगे। जिला मुख्यालय सहित पुराने शहर, आलनपुर रणथंभौर सर्किल, कलेक्ट्रेट , राजबाग, आदि स्थान पर लगाए गए थे तिरंगे। एक लेकिन एक साल से पोलों पर नहीं है तिरंगे। आखिर देखने की बात है कि जहां जिला प्रशासन द्वारा 9 अगस्त 2026 से हर घर तिरंगा मनाने जा रहा है। वही यह पांच पोल , तिरंगे के बिना सूने नजर आ रहे हैं।
- अपने गांव मे चलाए स्वयंछ अभियान ओर हर जगह बनाये सुन्दर अपनै गांव में चलाये ऐसे अभियान1
- रणथंबोर को इसी कारण बंद कर दिया... जैसा कि रणथंबोर हर साल बरसातो में बंद कर दिया जाता है । इस दौरान बरसात जंगल के रस्ते बंद हो जाते है पता नहीं कब ओर किस वक्त बारिश हो जाए और रास्ते से हो जाए अन्दर जानवरों का खतरा भी बना रहता है।1
- मलारना डूंगर उपखंड क्षेत्र के मलारना स्टेशन क्षेत्र में गुरुवार सुबह 9:00 बजे से 2:30 बजे तक पहली बार 5 घंटे जमकर बरसीं बारिश किसने की जगी उम्मीद खिले चेहरे मलारना डूंगर उपखंड क्षेत्र के मलारना स्टेशन क्षेत्र में गुरुवार सुबह 9:00 बजे से 2:30 बजे तक पहली बार 5 घंटे जमकर बरसीं बारिश किसने की जगी उम्मीद खिले चेहरे मलारना स्टेशन क्षेत्र के दर्जनों गांव में आज गुरुवार सुबह 9:00 बजे से ही ढाई बजे तक लगातार 5 घंटे जमकर बरसी बारिश जिससे किसानों की उम्मीद एक बार फिर जागी है क्षेत्र में कई दिनों पहले हुई हल्की-फुल्की बारिश में ही किसानों ने अपनी फसल की बुवाई कर दी थी लेकिन उसके बाद बारिश नहीं होने के कारण किसान उदास दिखा और लगातार लोग किसान अपनी अपनी फसलों को हुआ ट्यूबवेल और मोटरों से पानी पिलाने का काम कर रही थे ऐसे में बुधवार शाम को भी लगातार एक डेढ़ घंटे जमकर बारिश के बाद आज गुरुवार को सुबह 9:00 बजे से ही लगातार बारिश का दौर जारी रहा जिससे किसानों के द्वारा बुवाई की गई ज्वार बाजरा मूंग मक्का उड़द की फसलों को पानी मिला और किसने की उम्मीद एक बार फिर जागी लोगों के चेहरे मिलते हुए नजर आए1
- खंडार नगरपालिका जहां मजदुर वर्ग की कोई सुनता है जिसकी वजह से ये कॉलोनी का रोड नहीं बन पाया । ये कॉलोनी खंडार नगरपालिका की है जिसका रोड कितना खराब पड़ा हुआ है।नगरपालिका में पांच पांच बार आवेदन दे दिया। लेकिन कोई सुनता ही नहीं है। क्योंकि इस कॉलोनी में मजदूर वर्ग रहते हैं।1
- जनसेवा शिविर बन रहे वरदान, आमजन के हो रहे काम झूमा को मिली 10 माह से रुकी पेंशन. ग्रामीण अंचल में आमजन की समस्याओं का त्वरित निस्तारण और सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ पहुंचाने के लिए आयोजित किए जा रहे ग्राम विकास जन सेवा शिविर क्षेत्र के ग्रामीणों के लिए किसी वरदान से कम साबित नहीं हो रहे हैं। इन शिविरों के माध्यम से शासन और प्रशासन सीधे गांवों की चौखट पर पहुंचकर लोगों को राहत दे रहा है। शिविरों के मुख्य लाभ एवं विशेषताएं समस्याओं का ऑन-स्पॉट समाधान: ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को छोटे-छोटे कार्यों और शिकायतों के लिए अब जिला मुख्यालय या तहसील कार्यालयों के चक्कर नहीं काटने पड़ रहे हैं। शिविर स्थल पर ही विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहकर जनसमस्याओं का तुरंत निस्तारण कर रहे हैं। योजनाओं की मिल रही जानकारी: इन शिविरों में जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी जा रही है, जिससे पात्र व्यक्ति समय पर योजनाओं का लाभ उठा सकें। दस्तावेजों व प्रमाण पत्रों का वितरण: शिविरों के दौरान मौके पर ही सामाजिक सुरक्षा पेंशन, राशन कार्ड संशोधन, जॉब कार्ड, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य आवश्यक प्रमाण पत्र व दस्तावेज वितरित किए जा रहे हैं। समय और धन की बचत: प्रशासनिक अमले के गांवों में पहुंचने से ग्रामीणों के बहुमूल्य समय और परिवहन खर्च की भारी बचत हो रही है, जिससे विशेषकर बुजुर्गों, महिलाओं और किसानों को बड़ी राहत मिली है। विशेष आकर्षण: शिविरों में उमड़ रही भारी भीड़ इस बात का प्रमाण है कि ग्रामीण जनता इन आयोजनों से बेहद संतुष्ट है। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा है कि इस प्रकार के आयोजनों से शासन प्रणाली और अधिक पारदर्शी व सुलभ हो रही है।1
- "गंगापुर सिटी में मेघों की मेहरबानी, झमाझम बारिश से जनजीवन हुआ तरोताज़ा" गंगापुर सिटी। शुक्रवार को गंगापुर सिटी में हुई झमाझम बारिश से मौसम पूरी तरह सुहावना हो गया। लगातार बरसात के कारण लोगों को उमस और गर्मी से बड़ी राहत मिली। बारिश के चलते शहर की सड़कों पर पानी बहता दिखाई दिया, वहीं बच्चों और युवाओं ने भी वर्षा का भरपूर आनंद लिया। बारिश से किसानों के चेहरों पर भी खुशी लौट आई है। खेतों में नमी बढ़ने से खरीफ फसलों को लाभ मिलने की उम्मीद है। मौसम में आई ठंडक के कारण बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर भी लोगों ने राहत महसूस की। मौसम विभाग के अनुसार आगामी दिनों में भी क्षेत्र में अच्छी बारिश की संभावना बनी हुई है।1
- भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी जिला-कौंसिल सवाई माधोपुर (राज.) द्वारा राष्ट्रपति भारत सरकार, नई दिल्ली को सौंपा ज्ञापन सवाई माधोपुर भारतीय जनता पार्टी की केन्द्र सरकार की गलत आर्थिक नीतियों से मेहनतकश जनता के सामने भयंकर आर्थिक संकट पैदा हो गया है। महंगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार चर्म सीमा पर है। मांगें निम्न प्रकार हैं:- 1-सवाई माधोपुर को संभाग मुख्यालय घोषित हो। 2-सवाई माधोपुर में कृषि विश्वविद्यालय खोला जाये। 3-सवाई माधोपुर को पिछड़ा जिला घोषित कर विशेष पैकेज दो। 4-थड़ी होल्डरो को कियोस्क दो 5-मनरेगा श्रमिकों 200 दिन काम देने प्रतिदिन 700 दिन मजदूरी हो 6- किसानों को कर्ज मुक्त करो 7-किसानों को उपज का वाजिब दाम दो 8-निजीकरण पर रोक लगाई जावे श्रीमान जी, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राष्ट्रीय आह्वान के तहत दिनांक 06 अगस्त से 15 अगस्त, 2026 तक उक्त समस्याओं पर पदयात्रा कर जनजागृति के बाद 1 सितंबर, 2026 को दिल्ली में रेली करेंगे। रामगोपाल गुणसारिया जिला सचिव ने दी जानकारी।1
- मासूमियत का सौदा... सुनसान में दरिंदगी, 10 साल की बच्ची की चीखों ने झकझोरा शहर1