logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

‎ ‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया। ‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है। ‎ ‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया। ‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है।

4 hrs ago
user_Raushan Kumar
Raushan Kumar
Local News Reporter नवादा, नवादा, बिहार•
4 hrs ago

‎ ‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया। ‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है। ‎ ‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया। ‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है।

More news from बिहार and nearby areas
  • ‎ ‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया। ‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है। ‎ ‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया। ‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है।
    1
    ‎ 
‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया।
‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है।
‎ 
‎सड़क पर गड्ढे तो आपने बहुत देखे होंगे, लेकिन कभी गड्ढों का नामकरण होते देखा है? वो भी नेताओं और मंत्रियों के नाम पर! जी हां, बेगूसराय में ग्रामीणों ने ऐसा कारनामा किया है कि अब सड़क कम और नेताओं के नाम वाले कुंड ज्यादा नजर आ रहे हैं! दरअसल, बेगूसराय के वीरपुर प्रखंड की पर्रा पंचायत में सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया।
‎पर्रा-सरौंजा सड़क पर बने गड्ढों को ग्रामीणों ने नया नाम और नई पहचान दे दी है।किसी गड्ढे का नाम रखा गया गिरिराज सिंह कुंड, तो किसी का कुंदन कुमार कुंड, और किसी को बना दिया गया शैलेंद्र कुमार कुंड! ग्रामीणों ने गड्ढों में पोस्टर और पौधे लगाकर ऐसा विरोध किया कि सड़क पर विकास नहीं, बल्कि नामकरण समारोह होता दिखाई दिया! ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर चलना अब किसी एडवेंचर गेम से कम नहीं है। बारिश में गड्ढे पानी से भर जाते हैं और राहगीरों को पता ही नहीं चलता कि आगे सड़क है या स्विमिंग पूल! लोगों का आरोप है कि पिछले करीब छह साल से सड़क की मरम्मत नहीं हुई है। अब ग्रामीणों ने सांसद, विधायक और पथ निर्माण मंत्री से सड़क बनवाने की मांग की है।
    user_Raushan Kumar
    Raushan Kumar
    Local News Reporter नवादा, नवादा, बिहार•
    4 hrs ago
  • 🎂 🎉 मिलेनियर नेट के इस खास अवसर पर आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं। आपका नेटवर्क दिन-दूनी रात चौगुनी तरक्की करे। हर साथी सफलता की नई ऊंचाइयों को छुए और मिलकर 👑✈️👑✈️करोड़पति बनने का सपना साकार करें।
    4
    🎂 🎉
मिलेनियर नेट के इस खास अवसर पर आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं। आपका नेटवर्क दिन-दूनी रात चौगुनी तरक्की करे। हर साथी सफलता की नई ऊंचाइयों को छुए और मिलकर 👑✈️👑✈️करोड़पति बनने का सपना साकार करें।
    user_Sanjay Verma
    Sanjay Verma
    बिजनेस के साथ साथ पत्रकारिता नवादा, नवादा, बिहार•
    23 hrs ago
  • 125 यूनिट मुफ्त बिजली छोड़ दें अमीर और टैक्सपेयर? CM सम्राट चौधरी की अपील बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आर्थिक रूप से संपन्न परिवारों और आयकरदाताओं से 125 यूनिट मुफ्त बिजली का लाभ स्वेच्छा से छोड़ने की अपील की है। पटना में आयोजित ‘पाटलिपुत्र राष्ट्रीय युवा संसद-2.0’ में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बिजली सब्सिडी पर हर साल करीब 23,000 करोड़ रुपये खर्च कर रही है। उन्होंने संपन्न लोगों से इस सुविधा का लाभ छोड़कर बिहार के विकास में योगदान देने की अपील की। आपकी राय क्या है—क्या आयकरदाताओं को स्वेच्छा से मुफ्त बिजली का लाभ छोड़ देना चाहिए? कमेंट में बताएं। ऐसी ही खबरों के लिए Bihar Sharif Times को फॉलो करें। BST पर दिखेगा सिर्फ सच।
    1
    125 यूनिट मुफ्त बिजली छोड़ दें अमीर और टैक्सपेयर? CM सम्राट चौधरी की अपील
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आर्थिक रूप से संपन्न परिवारों और आयकरदाताओं से 125 यूनिट मुफ्त बिजली का लाभ स्वेच्छा से छोड़ने की अपील की है।
पटना में आयोजित ‘पाटलिपुत्र राष्ट्रीय युवा संसद-2.0’ में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बिजली सब्सिडी पर हर साल करीब 23,000 करोड़ रुपये खर्च कर रही है। उन्होंने संपन्न लोगों से इस सुविधा का लाभ छोड़कर बिहार के विकास में योगदान देने की अपील की। 
आपकी राय क्या है—क्या आयकरदाताओं को स्वेच्छा से मुफ्त बिजली का लाभ छोड़ देना चाहिए? कमेंट में बताएं।
ऐसी ही खबरों के लिए Bihar Sharif Times को फॉलो करें।
BST पर दिखेगा सिर्फ सच।
    user_Bihar Sharif Times
    Bihar Sharif Times
    News Anchor बिहार, नालंदा, बिहार•
    20 min ago
  • Anil Paswan rashtriy adhyaksh doctor bheemrav Ambedkar Sangharsh vichar Manch
    1
    Anil Paswan rashtriy adhyaksh doctor bheemrav Ambedkar Sangharsh vichar Manch
    user_Anil Paswan
    Anil Paswan
    Actor बिहार शरीफ, नालंदा, बिहार•
    15 hrs ago
  • लखीसराय तक छाई भूमि इलेक्ट्रिक स्कूटी की दीवानगी, बिहारशरीफ के शोरूम में उमड़े ग्राहक
    1
    लखीसराय तक छाई भूमि इलेक्ट्रिक स्कूटी की दीवानगी, बिहारशरीफ के शोरूम में उमड़े ग्राहक
    user_अमन कुमार
    अमन कुमार
    बिहार शरीफ, नालंदा, बिहार•
    17 hrs ago
  • भूमि इलेक्ट्रिक स्कूटी का खुल गया शोरूम। ग्राहकों का लगा भीड़। अब पेट्रोल से मिलेगा मुक्ति ग्राहकों का लगा भीड़। भूमि इलेक्ट्रिक स्कूटी का बड़ा डिमांड
    1
    भूमि इलेक्ट्रिक स्कूटी का खुल गया शोरूम। ग्राहकों का लगा भीड़।  अब पेट्रोल से मिलेगा मुक्ति
ग्राहकों का लगा भीड़। भूमि इलेक्ट्रिक स्कूटी का बड़ा डिमांड
    user_Hello Nalanda
    Hello Nalanda
    Electronic engineer बिहार शरीफ, नालंदा, बिहार•
    19 hrs ago
  • किसानों और पैक्स व्यापार मंडलों की समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी को सौंपा गया ज्ञापन किसानों और पैक्स व्यापार मंडलों की समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी को सौंपा गया ज्ञापन नालंदा से बड़ी खबर नालंदा जिले में धान अधिप्राप्ति व्यवस्था को सुचारू और पारदर्शी बनाने तथा किसानों एवं पैक्स समितियों की समस्याओं के समाधान को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। 31 अक्टूबर 2026 को बिहारशरीफ स्थित नालंदा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक परिसर में पैक्स एवं व्यापार मंडलों के प्रतिनिधियों की बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता विधायक डॉ. जितेंद्र कुमार ने की। बैठक में धान खरीद के दौरान पैक्स समितियों को हो रही आर्थिक और प्रशासनिक परेशानियों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रमुख मांगों में सीएमआर चावल की समय पर आपूर्ति एवं भुगतान, लंबित भुगतान पर ब्याज की भरपाई, राइस मिल टैगिंग में सहमति, FRK की पर्याप्त उपलब्धता और पैक्स समितियों को कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराना शामिल है। बैठक में यह मुद्दा भी उठाया गया कि वर्ष 2016-17 से राज्य खाद्य निगम के पास लगभग 30 प्रतिशत सीएमआर भुगतान लंबित है, जिससे करीब 30 हजार किसानों के हित प्रभावित हुए हैं। इस राशि का मूलधन और ब्याज सहित शीघ्र भुगतान कराने की मांग की गई। वहीं, वर्ष 2024-25 में जिले का धान अधिप्राप्ति लक्ष्य 1 लाख 82 हजार 70 मीट्रिक टन था, जिसे वर्ष 2025-26 में घटाकर 1 लाख 22 हजार 85 मीट्रिक टन कर दिया गया। इसे लेकर भी चिंता जताई गई। बैठक के बाद सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर जिलाधिकारी, नालंदा को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन के माध्यम से जिला प्रशासन और राज्य सरकार से किसानों, पैक्स समितियों एवं व्यापार मंडलों की समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की गई। वंदे भारत न्यूज़ बिहार शरीफ नालंदा से रमेन्द्र कुमार की रिपोर्ट। भरोसे की आवाज, जनता के साथ।
    1
    किसानों और पैक्स व्यापार मंडलों की समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी को सौंपा गया ज्ञापन
किसानों और पैक्स व्यापार मंडलों की समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी को सौंपा गया ज्ञापन
नालंदा से बड़ी खबर
नालंदा जिले में धान अधिप्राप्ति व्यवस्था को सुचारू और पारदर्शी बनाने तथा किसानों एवं पैक्स समितियों की समस्याओं के समाधान को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
31 अक्टूबर 2026 को बिहारशरीफ स्थित नालंदा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक परिसर में पैक्स एवं व्यापार मंडलों के प्रतिनिधियों की बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता विधायक डॉ. जितेंद्र कुमार ने की।
बैठक में धान खरीद के दौरान पैक्स समितियों को हो रही आर्थिक और प्रशासनिक परेशानियों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रमुख मांगों में सीएमआर चावल की समय पर आपूर्ति एवं भुगतान, लंबित भुगतान पर ब्याज की भरपाई, राइस मिल टैगिंग में सहमति, FRK की पर्याप्त उपलब्धता और पैक्स समितियों को कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराना शामिल है।
बैठक में यह मुद्दा भी उठाया गया कि वर्ष 2016-17 से राज्य खाद्य निगम के पास लगभग 30 प्रतिशत सीएमआर भुगतान लंबित है, जिससे करीब 30 हजार किसानों के हित प्रभावित हुए हैं। इस राशि का मूलधन और ब्याज सहित शीघ्र भुगतान कराने की मांग की गई।
वहीं, वर्ष 2024-25 में जिले का धान अधिप्राप्ति लक्ष्य 1 लाख 82 हजार 70 मीट्रिक टन था, जिसे वर्ष 2025-26 में घटाकर 1 लाख 22 हजार 85 मीट्रिक टन कर दिया गया। इसे लेकर भी चिंता जताई गई।
बैठक के बाद सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर जिलाधिकारी, नालंदा को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन के माध्यम से जिला प्रशासन और राज्य सरकार से किसानों, पैक्स समितियों एवं व्यापार मंडलों की समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की गई।
वंदे भारत न्यूज़ बिहार शरीफ नालंदा से रमेन्द्र कुमार की रिपोर्ट।
भरोसे की आवाज, जनता के साथ।
    user_Vandebharat news bihar sarif nalanda
    Vandebharat news bihar sarif nalanda
    Local News Reporter बिहार शरीफ, नालंदा, बिहार•
    21 hrs ago
  • 🚨 बिहार शरीफ में दिवाली से पहले फर्नीचर बाजार में बड़ा धमाका! 🔥 बिहार शरीफ में A To Z Furniture का दिवाली धमाका! 50% तक छूट, ₹61,999 में 10 आइटम का पैकेज! 🧨
    1
    🚨 बिहार शरीफ में दिवाली से पहले फर्नीचर बाजार में बड़ा धमाका!
🔥 बिहार शरीफ में A To Z Furniture का दिवाली धमाका! 50% तक छूट, ₹61,999 में 10 आइटम का पैकेज! 🧨
    user_Bihar Sharif Times
    Bihar Sharif Times
    News Anchor बिहार, नालंदा, बिहार•
    19 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.