अशोकनगर की नावालिग पीडिता को सोशल मीडिया के माध्यम से प्रेमजाल में फसाकर दुष्कर्म करने एवं करोडों की गठी करने वाले सातिर गिरोह, तांत्रिक युवती, टेटू आर्टिस्ट का पर्दाफाश करते हुये 04 आरोपियों को किया गिरफ्तार" अशोकनगर की नावालिग पीडिता को सोशल मीडिया के माध्यम से प्रेमजाल में फसाकर दुष्कर्म करने एवं करोडों की गठी करने वाले सातिर गिरोह, तांत्रिक युवती, टेटू आर्टिस्ट का पर्दाफाश करते हुये 04 आरोपियों को किया गिरफ्तार" युवती को प्रेमजाल में फंसाकर करोड़ों की ठगी करने वाले संगठित गैंग का पुलिस ने किया पर्दाफाश। अश्लील फोटो/वीडियो वायरल करने, फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बनकर डराने एवं ब्लैकमेल कर 1 करोड़ 30 लाख रुपये की ठगी। प्रकरण में आदित्य सिंह तोमर, आयुषी चौहान, आकाश चौहान एवं आर्यन सोनी गिरफ्तार। ठगी की रकम से खरीदे गए सोने-चांदी के आभूषण, थार रॉक्स वाहन, स्कूटी एवं नकदी बरामद। एस्ट्रोलॉजर बनकर अंधविश्वास फैलाते हुए पीड़िता को मानसिक रूप से किया गया प्रताड़ित। आरोपी आकाश चौहान अपनी पत्नि आयुषी के साथ मिलकर फरियादिया से बैंक एकाउण्ट और कैश के माध्यम से पैसे लेकर फर्जी पुलिस अधिकारी को देने के लिए अशोकनगर आते थे और स्वयं राशि रख लेते थे। फरियादिया द्वारा अपने परिजन एवं समाज के प्रतिष्ठित लोगों के साथ दुष्कर्म एवं ब्लैकमेलिंग की गंभीर शिकायत लेकर पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा के समक्ष उपस्थित हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुये पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा द्वारा थाना प्रभारी कोतवाली निरी० रवि प्रताप सिंह चौहान के नेतृत्व में विशेष टीम गठित कर त्वरित कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया। प्रकरण में आज दिनांक 10.05.2026 को पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा के निर्देशन में थाना कोतवाली पुलिस द्वारा एक अत्यंत गंभीर एवं संगठित ब्लैकमेलिंग एवं ठगी गैंग का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार करने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की गई है। आरोपियों द्वारा एक युवती को प्रेमजाल में फंसाकर उसके आपत्तिजनक फोटो एवं वीडियो तैयार किए गए तथा बाद में उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल करने, झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने एवं फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बनकर लगातार धमकियां देकर लगभग 1 करोड़ 30 लाख रुपये की ठगी की गई। प्रकरण में आरोपीगण आदित्य सिंह तोमर, आयुषी चौहान, आकाश चौहान एवं आर्यन सोनी को गिरफ्तार किया गया है। प्रकरण में अन्य संलिप्त व्यक्तियों एवं आर्थिक लेनदेन के संबंध में विस्तृत विवेचना जारी है। 21 वर्षीय पीड़िता द्वारा पुलिस अधीक्षक अशोकनगर को लिखित आवेदन प्रस्तुत कर अवगत कराया गया कि आदित्य सिंह तोमर, आयुषी चौहान, आकाश चौहान, आर्यन सोनी एवं अन्य व्यक्तियों द्वारा उसे कई वर्षों से लगातार ब्लैकमेल कर आर्थिक, मानसिक एवं सामाजिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। पीड़िता ने बताया कि लगभग पांच वर्ष पूर्व जब वह नाबालिग अवस्था में कक्षा 12वीं में अध्ययनरत थी, उसी दौरान उसकी पहचान इंस्टाग्राम के माध्यम से आरोपी आदित्य सिंह तोमर से हुई। आरोपी ने मित्रता बढ़ाकर प्रेम संबंध स्थापित किए तथा विवाह एवं सुनहरे भविष्य का झांसा देकर उसे अपने प्रभाव में ले लिया। धीरे-धीरे आरोपी उसे अपने साथी आर्यन सोनी के स्टूडियो पर मिलने बुलाने लगा। आर्यन सोनी वर्तमान में इन्द्रा पार्क अशोकनगर क्षेत्र में "आर्यन टेंटू स्टूडियो" नाम से फोटो स्टूडियो संचालित करता हचै। इसी दौरान आरोपी आदित्य सिंह तोमर एवं उसके साथी आर्यन सोनी ने पीड़िता की जानकारी एवं सहमति के बिना चोरी-छिपे उसके आपत्तिजनक वीडियो एवं फोटो बना लिए। जब पीड़िता ने आरोपी आदित्य सिंह तोमर से इस संबंध में विरोध किया तो आरोपी ने उसे विश्वास दिलाया कि वह उससे शीघ्र विवाह करेगा। इसके बाद आरोपी आदित्य सिंह तोमर ने चोरी-छिपे बनाए गए वीडियो एवं फोटो दिखाकर पीड़िता को ब्लैकमेल करना प्रारंभ कर दिया। आरोपी आदित्य सिंह तोमर लगातार पीड़िता को धमकी देता था कि यदि उसने उसकी बात नहीं मानी तो वह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा तथा पूरे शहर में बदनाम कर देगा। बदनामी के भय एवं मानसिक दबाव में आकर पीड़िता आरोपी आदित्य सिंह तोमर के प्रभाव में बनी रही। आरोपी आदित्य सिंह तोमर द्वारा कई बार पीड़िता की इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध भी स्थापित किए गए। बाद में पीड़िता के पिता की मृत्यु होने के पश्चात आरोपी ने उससे 5 लाख रुपये की मांग की। भय एवं बदनामी के कारण पीड़िता ने आरोपी को लगभग 2 लाख रुपये नगद दे दिए। जब आरोपी आदित्य सिंह तोमर द्वारा लगातार ब्लैकमेल किया जाने लगा तब पीड़िता ने अपनी पूर्व परिचित आयुषी चौहान से सहायता मांगी। आयुषी स्वयं को एस्ट्रोलॉजर बताती थी तथा लोगों को भविष्य बताने एवं ग्रह-नक्षत्रों के नाम पर प्रभावित करती थी। पीड़िता द्वारा पूरी घटना बताने पर आयुषी चौहान ने स्वयं को "विशेष जानकारी रखने वाली एस्ट्रोलॉजर" बताते हुए कहा कि उसे भविष्य की घटनाओं का पूर्वाभास हो जाता है। उसने पीड़िता को यह कहकर अत्यधिक भयभीत किया कि उसके जीवन में गंभीर घटनाएं घटित होने वाली हैं तथा वह और उसका साथी आकाश चौहान उसकी सहायता कर सकते हैं। आयुषी ने पीड़िता को विश्वास दिलाया कि वह कुछ पुलिस अधिकारियों को जानती है तथा उनके माध्यम से आरोपी आदित्य के मोबाइल से फोटो एवं वीडियो डिलीट करवा सकती है। इसके बदले में उसने 1 लाख 50 हजार रुपये की मांग की। पीड़िता ने भय एवं विश्वास के चलते दिसंबर 2024 में उक्त राशि आयुषी एवं आकाश चौहान को दे दी। घटना के लगभग एक माह बाद जनवरी 2025 में पीड़िता के मोबाइल पर एक अज्ञात व्यक्ति का फोन आया, जिसने स्वयं को पुलिस इंस्पेक्टर बताया। उसने कहा कि उसके पास पीड़िता के आपत्तिजनक वीडियो एवं फोटो हैं तथा यदि वह 10 लाख रुपये नहीं देगी तो वह उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा। पीड़िता ने यह बात पुनः आयुषी चौहान को बताई। आयुषी ने पुलिस में शिकायत करने से मना करते हुए कहा कि पुलिस वाले आपस में मिले रहते हैं और शिकायत करने पर उसकी बदनामी हो जाएगी। साथ ही यह भी कहा कि यदि पैसे नहीं दिए गए तो उसकी शादी नहीं हो पाएगी तथा उसके साथ कोई बड़ी घटना भी हो सकती है। आयुषी ने स्वयं को मददगार बताकर पीड़िता से 10 लाख रुपये नगद लिए और कहा कि वह उक्त राशि पुलिस अधिकारी को दे देगी। कुछ दिनों बाद अलग-अलग मोबाइल नंबरों से पुनः फोन आने लगे। फोन करने वाले व्यक्ति स्वयं को क्राइम ब्रांच अधिकारी बताते थे। वे पीड़िता को गंदी गंदी गालियां देकर डराते, झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने एवं जेल भेजने की धमकी देते थे। एक कॉल में आरोपी ने 25 लाख रुपये की मांग करते हुए कहा कि यदि पैसे नहीं दिए गए तो उसके विरुद्ध गलत तरीके से शारीरिक संबंध बनाने का प्रकरण दर्ज कर जेल भिजवा दिया जाएगा। इस दौरान आयुषी लगातार पीड़िता को डराती रही कि क्राइम ब्रांच अधिकारी बहुत प्रभावशाली होते हैं और शिकायत करने पर वह किसी भी केस में फंसा सकते हैं। भयभीत होकर पीड़िता ने आयुषी के माध्यम से 25 लाख रुपये नगद दिए। इसके बाद भी अलग-अलग नंबरों से कॉल कर लगातार धमकियां दी जाती रहीं तथा पुनः 25 लाख रुपये और लिए गए। दशहरे के दिन 02 अक्टूबर 2025 की रात्रि लगभग 10.45 बजे आरोपी आदित्य सिंह तोमर एवं आर्यन सोनी जबरन पीड़िता के घर में घुस गए और उसे धमकाने लगे। पीड़िता द्वारा विरोध करने पर आरोपी वहां से चले गए लेकिन जाते-जाते गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। दीपावली से पूर्व अक्टूबर 2025 में पुनः एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा स्वयं को मुंबई क्राइम ब्रांच का वरिष्ठ अधिकारी बताते हुए पीड़िता को फोन किया गया। आरोपी ने अत्यंत अश्लील भाषा का प्रयोग करते हुए 60 लाख रुपये की मांग की तथा फोटो एवं वीडियो रिश्तेदारों को भेजने की धमकी दी। आयुषी चौहान ने इस बार पीड़िता को कहा कि यह अंतिम बार पैसे देने होंगे, अन्यथा उसकी पूरी जिंदगी बर्बाद हो जाएगी। आयुषी ने पीड़िता को अपने माता-पिता के सोने के आभूषण गिरवी रखकर गोल्ड लोन लेने के लिए तैयार किया। दिनांक 15.10.2025 को आयुषी पीड़िता को गोल्ड फाइनेंस कंपनी लेकर गई, जहां लगभग 450 ग्राम सोने के आभूषण गिरवी रखकर करीब 35 लाख रुपये का गोल्ड लोन कराया गया। उक्त राशि आयुषी चौहान के खाते में जमा कराई गई, जिसे आरोपियों द्वारा प्राप्त कर लिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा द्वारा तत्काल थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक रविप्रताप सिंह चौहान को विशेष टीम गठित कर आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु निर्देशित किया गया। थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 283/26 धारा 64 (1), 64 (2) (एम), 77, 308 (2), 308(5), 308(6), 61(2), 296 (बी), 351(2), 331(2), 3 (5) बीएनएस एवं 5 एल/6, 19 पॉक्सो एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभकी गई। तकनीकी साक्ष्यों बैंक खातों एवं पूछताछ के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के कब्जे से ठगी की राशि से खरीदे गए सोने एवं चांदी के आभूषण, चार पहिया वाहन थार रॉक्स, दोपहिया स्कूटी, लेपटोप, मोबाईल फोन एवं लगभग डेढ़ लाख रुपये नगद बरामद किए गए हैं। प्रकरण में अन्य संपत्तियों एवं वित्तीय लेनदेन की जांच जारी है। जांच के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि आरोपी ठगी की रकम से लग्जरी जीवनशैली जी रहे थे। आरोपियों को महंगी गाड़ियों में घूमने, महंगे ब्रांडेड कपडे, ऐशो-आराम एवं दिखावटी जीवनशैली का शौक था। साथ ही आयुषी चौहान स्वयं को एस्ट्रोलॉजर बताकर लोगों में प्रभाव बनाती थी तथा ठगी से अर्जित राशि का कुछ हिस्सा दान आदि में खर्च करती थी, ताकि उस पर किसी को संदेह न हो। उक्त संपूर्ण कार्यवाही में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक रविप्रताप सिंह चौहान, उनि० मसीह खान, सउनि० विनोद तिवारी, प्रआर० नवल किशोर शर्मा, आरक्षक रविन्द्र एवं आरक्षक हरिमोहन की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा द्वारा टीम की सराहना करते हुए पुरस्कृत करने की घोषणा की गई है।
अशोकनगर की नावालिग पीडिता को सोशल मीडिया के माध्यम से प्रेमजाल में फसाकर दुष्कर्म करने एवं करोडों की गठी करने वाले सातिर गिरोह, तांत्रिक युवती, टेटू आर्टिस्ट का पर्दाफाश करते हुये 04 आरोपियों को किया गिरफ्तार" अशोकनगर की नावालिग पीडिता को सोशल मीडिया के माध्यम से प्रेमजाल में फसाकर दुष्कर्म करने एवं करोडों की गठी करने वाले सातिर गिरोह, तांत्रिक युवती, टेटू आर्टिस्ट का पर्दाफाश करते हुये 04 आरोपियों को किया गिरफ्तार" युवती को प्रेमजाल में फंसाकर करोड़ों की ठगी करने वाले संगठित गैंग का पुलिस ने किया पर्दाफाश। अश्लील फोटो/वीडियो वायरल करने, फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बनकर डराने एवं ब्लैकमेल कर 1 करोड़ 30 लाख रुपये की ठगी। प्रकरण में आदित्य सिंह तोमर, आयुषी चौहान, आकाश चौहान एवं आर्यन सोनी गिरफ्तार। ठगी की रकम से खरीदे गए सोने-चांदी के आभूषण, थार रॉक्स वाहन, स्कूटी एवं नकदी बरामद। एस्ट्रोलॉजर बनकर अंधविश्वास फैलाते हुए पीड़िता को मानसिक रूप से किया गया प्रताड़ित। आरोपी आकाश चौहान अपनी पत्नि आयुषी के साथ मिलकर फरियादिया से बैंक एकाउण्ट और कैश के माध्यम से पैसे लेकर फर्जी पुलिस अधिकारी को देने के लिए अशोकनगर आते थे और स्वयं राशि रख लेते थे। फरियादिया द्वारा अपने परिजन एवं समाज के प्रतिष्ठित लोगों के साथ दुष्कर्म एवं ब्लैकमेलिंग की गंभीर शिकायत लेकर पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा के समक्ष उपस्थित हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुये पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा द्वारा थाना प्रभारी कोतवाली निरी० रवि प्रताप सिंह चौहान के नेतृत्व में विशेष टीम गठित कर त्वरित कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया। प्रकरण में आज दिनांक 10.05.2026 को पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा के निर्देशन में थाना कोतवाली पुलिस द्वारा एक अत्यंत गंभीर एवं संगठित ब्लैकमेलिंग एवं ठगी गैंग का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार करने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की गई है। आरोपियों द्वारा एक युवती को प्रेमजाल में फंसाकर उसके आपत्तिजनक फोटो एवं वीडियो तैयार किए गए तथा बाद में उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल करने, झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने एवं फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बनकर लगातार धमकियां देकर लगभग 1 करोड़ 30 लाख रुपये की ठगी की गई। प्रकरण में आरोपीगण आदित्य सिंह तोमर, आयुषी चौहान, आकाश चौहान एवं आर्यन सोनी को गिरफ्तार किया गया है। प्रकरण में अन्य संलिप्त व्यक्तियों एवं आर्थिक लेनदेन के संबंध में विस्तृत विवेचना जारी है। 21 वर्षीय पीड़िता द्वारा पुलिस अधीक्षक अशोकनगर को लिखित आवेदन प्रस्तुत कर अवगत कराया गया कि आदित्य सिंह तोमर, आयुषी चौहान, आकाश चौहान, आर्यन सोनी एवं अन्य व्यक्तियों द्वारा उसे कई वर्षों से लगातार ब्लैकमेल कर आर्थिक, मानसिक एवं सामाजिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। पीड़िता ने बताया कि लगभग पांच वर्ष पूर्व जब वह नाबालिग अवस्था में कक्षा 12वीं में अध्ययनरत थी, उसी दौरान उसकी पहचान इंस्टाग्राम के माध्यम से आरोपी आदित्य सिंह तोमर से हुई। आरोपी ने मित्रता बढ़ाकर प्रेम संबंध स्थापित किए तथा विवाह एवं सुनहरे भविष्य का झांसा देकर उसे अपने प्रभाव में ले लिया। धीरे-धीरे आरोपी उसे अपने साथी आर्यन सोनी के स्टूडियो पर मिलने बुलाने लगा। आर्यन सोनी वर्तमान में इन्द्रा पार्क अशोकनगर क्षेत्र में "आर्यन टेंटू स्टूडियो" नाम से फोटो स्टूडियो संचालित करता हचै। इसी दौरान आरोपी आदित्य सिंह तोमर एवं उसके साथी आर्यन सोनी ने पीड़िता की जानकारी एवं सहमति के बिना चोरी-छिपे उसके आपत्तिजनक वीडियो एवं फोटो बना लिए। जब पीड़िता ने आरोपी आदित्य सिंह तोमर से इस संबंध में विरोध किया तो आरोपी ने उसे विश्वास दिलाया कि वह उससे शीघ्र विवाह करेगा। इसके बाद आरोपी आदित्य सिंह तोमर ने चोरी-छिपे बनाए गए वीडियो एवं फोटो दिखाकर पीड़िता को ब्लैकमेल करना प्रारंभ कर दिया। आरोपी आदित्य सिंह तोमर लगातार पीड़िता को धमकी देता था कि यदि उसने उसकी बात नहीं मानी तो वह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा तथा पूरे शहर में बदनाम कर देगा। बदनामी के भय एवं मानसिक दबाव में आकर पीड़िता आरोपी आदित्य सिंह तोमर के प्रभाव में बनी रही। आरोपी आदित्य सिंह तोमर द्वारा कई बार पीड़िता की इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध भी स्थापित किए गए। बाद में पीड़िता के पिता की मृत्यु होने के पश्चात आरोपी ने उससे 5 लाख रुपये की मांग की। भय एवं बदनामी के कारण पीड़िता ने आरोपी को लगभग 2 लाख रुपये नगद दे दिए। जब आरोपी आदित्य सिंह तोमर द्वारा लगातार ब्लैकमेल किया जाने लगा तब पीड़िता ने अपनी पूर्व परिचित आयुषी चौहान से सहायता मांगी। आयुषी स्वयं को एस्ट्रोलॉजर बताती थी तथा लोगों को भविष्य बताने एवं ग्रह-नक्षत्रों के नाम पर प्रभावित करती थी। पीड़िता द्वारा पूरी घटना बताने पर आयुषी चौहान ने स्वयं को "विशेष जानकारी रखने वाली एस्ट्रोलॉजर" बताते हुए कहा कि उसे भविष्य की घटनाओं का पूर्वाभास हो जाता है। उसने पीड़िता को यह कहकर अत्यधिक भयभीत किया कि उसके जीवन में गंभीर घटनाएं घटित होने वाली हैं तथा वह और उसका साथी आकाश चौहान उसकी सहायता
कर सकते हैं। आयुषी ने पीड़िता को विश्वास दिलाया कि वह कुछ पुलिस अधिकारियों को जानती है तथा उनके माध्यम से आरोपी आदित्य के मोबाइल से फोटो एवं वीडियो डिलीट करवा सकती है। इसके बदले में उसने 1 लाख 50 हजार रुपये की मांग की। पीड़िता ने भय एवं विश्वास के चलते दिसंबर 2024 में उक्त राशि आयुषी एवं आकाश चौहान को दे दी। घटना के लगभग एक माह बाद जनवरी 2025 में पीड़िता के मोबाइल पर एक अज्ञात व्यक्ति का फोन आया, जिसने स्वयं को पुलिस इंस्पेक्टर बताया। उसने कहा कि उसके पास पीड़िता के आपत्तिजनक वीडियो एवं फोटो हैं तथा यदि वह 10 लाख रुपये नहीं देगी तो वह उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा। पीड़िता ने यह बात पुनः आयुषी चौहान को बताई। आयुषी ने पुलिस में शिकायत करने से मना करते हुए कहा कि पुलिस वाले आपस में मिले रहते हैं और शिकायत करने पर उसकी बदनामी हो जाएगी। साथ ही यह भी कहा कि यदि पैसे नहीं दिए गए तो उसकी शादी नहीं हो पाएगी तथा उसके साथ कोई बड़ी घटना भी हो सकती है। आयुषी ने स्वयं को मददगार बताकर पीड़िता से 10 लाख रुपये नगद लिए और कहा कि वह उक्त राशि पुलिस अधिकारी को दे देगी। कुछ दिनों बाद अलग-अलग मोबाइल नंबरों से पुनः फोन आने लगे। फोन करने वाले व्यक्ति स्वयं को क्राइम ब्रांच अधिकारी बताते थे। वे पीड़िता को गंदी गंदी गालियां देकर डराते, झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने एवं जेल भेजने की धमकी देते थे। एक कॉल में आरोपी ने 25 लाख रुपये की मांग करते हुए कहा कि यदि पैसे नहीं दिए गए तो उसके विरुद्ध गलत तरीके से शारीरिक संबंध बनाने का प्रकरण दर्ज कर जेल भिजवा दिया जाएगा। इस दौरान आयुषी लगातार पीड़िता को डराती रही कि क्राइम ब्रांच अधिकारी बहुत प्रभावशाली होते हैं और शिकायत करने पर वह किसी भी केस में फंसा सकते हैं। भयभीत होकर पीड़िता ने आयुषी के माध्यम से 25 लाख रुपये नगद दिए। इसके बाद भी अलग-अलग नंबरों से कॉल कर लगातार धमकियां दी जाती रहीं तथा पुनः 25 लाख रुपये और लिए गए। दशहरे के दिन 02 अक्टूबर 2025 की रात्रि लगभग 10.45 बजे आरोपी आदित्य सिंह तोमर एवं आर्यन सोनी जबरन पीड़िता के घर में घुस गए और उसे धमकाने लगे। पीड़िता द्वारा विरोध करने पर आरोपी वहां से चले गए लेकिन जाते-जाते गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। दीपावली से पूर्व अक्टूबर 2025 में पुनः एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा स्वयं को मुंबई क्राइम ब्रांच का वरिष्ठ अधिकारी बताते हुए पीड़िता को फोन किया गया। आरोपी ने अत्यंत अश्लील भाषा का प्रयोग करते हुए 60 लाख रुपये की मांग की तथा फोटो एवं वीडियो रिश्तेदारों को भेजने की धमकी दी। आयुषी चौहान ने इस बार पीड़िता को कहा कि यह अंतिम बार पैसे देने होंगे, अन्यथा उसकी पूरी जिंदगी बर्बाद हो जाएगी। आयुषी ने पीड़िता को अपने माता-पिता के सोने के आभूषण गिरवी रखकर गोल्ड लोन लेने के लिए तैयार किया। दिनांक 15.10.2025 को आयुषी पीड़िता को गोल्ड फाइनेंस कंपनी लेकर गई, जहां लगभग 450 ग्राम सोने के आभूषण गिरवी रखकर करीब 35 लाख रुपये का गोल्ड लोन कराया गया। उक्त राशि आयुषी चौहान के खाते में जमा कराई गई, जिसे आरोपियों द्वारा प्राप्त कर लिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा द्वारा तत्काल थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक रविप्रताप सिंह चौहान को विशेष टीम गठित कर आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु निर्देशित किया गया। थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 283/26 धारा 64 (1), 64 (2) (एम), 77, 308 (2), 308(5), 308(6), 61(2), 296 (बी), 351(2), 331(2), 3 (5) बीएनएस एवं 5 एल/6, 19 पॉक्सो एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभकी गई। तकनीकी साक्ष्यों बैंक खातों एवं पूछताछ के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के कब्जे से ठगी की राशि से खरीदे गए सोने एवं चांदी के आभूषण, चार पहिया वाहन थार रॉक्स, दोपहिया स्कूटी, लेपटोप, मोबाईल फोन एवं लगभग डेढ़ लाख रुपये नगद बरामद किए गए हैं। प्रकरण में अन्य संपत्तियों एवं वित्तीय लेनदेन की जांच जारी है। जांच के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि आरोपी ठगी की रकम से लग्जरी जीवनशैली जी रहे थे। आरोपियों को महंगी गाड़ियों में घूमने, महंगे ब्रांडेड कपडे, ऐशो-आराम एवं दिखावटी जीवनशैली का शौक था। साथ ही आयुषी चौहान स्वयं को एस्ट्रोलॉजर बताकर लोगों में प्रभाव बनाती थी तथा ठगी से अर्जित राशि का कुछ हिस्सा दान आदि में खर्च करती थी, ताकि उस पर किसी को संदेह न हो। उक्त संपूर्ण कार्यवाही में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक रविप्रताप सिंह चौहान, उनि० मसीह खान, सउनि० विनोद तिवारी, प्रआर० नवल किशोर शर्मा, आरक्षक रविन्द्र एवं आरक्षक हरिमोहन की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक अशोकनगर श्री राजीव कुमार मिश्रा द्वारा टीम की सराहना करते हुए पुरस्कृत करने की घोषणा की गई है।
- अशोकनगर जिले की मुंगावली तहसील में प्रशासन ने अवैध कब्ज़े वाले सरकारी क्वार्टरों पर बड़ी कार्रवाई की है। रात में मुनादी के बाद सुबह जेसीबी से इन्हें खाली कराकर जमींदोज किया गया, जिससे कई परिवारों का सामान सड़कों पर बिखर गया। यह कार्रवाई लगभग 10 साल बाद दोबारा की गई है।4
- लोकल न्यूज़ बीना बीना में ऐतिहासिक सुश्री जया किशोरी जी श्री मद्भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है लोकल न्यूज बीना बीना में ऐतिहासिक सुश्री जया किशोरी जी श्री मद्भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है1
- देवरी के पंडित बृजकिशोर पटेरिया शिक्षा महाविद्यालय में प्रतिवर्ष की भांति इस बार भी 'परख पुरुस्कार वितरण समारोह' का भव्य आयोजन किया गया। इस वार्षिक कार्यक्रम में देवरी और आसपास के 600 से अधिक मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित कर उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित किया गया। राज्यपाल द्वारा सम्मानित बीकेपी कॉलेज की चार छात्राओं को भी इस दौरान विशेष रूप से नवाजा गया, जिससे महाविद्यालय की उपलब्धियों को सराहा गया।4
- सागर के बीना में आयोजित संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन हजारों श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। अंतरराष्ट्रीय कथा प्रवक्ता जया किशोरी ने सच्चे मन से ईश्वर स्मरण को सबसे सरल मार्ग बताया और संस्कार, सेवा व सत्संग अपनाने का आग्रह किया। भजनों पर झूमते भक्तों से कथास्थल राधे-राधे और जय श्रीकृष्ण के जयघोषों से गूंज उठा।1
- रिपोर्ट - संजय कुमार सेन तीन साल से डरा धमकाकर किया जा महिला के साथ शारीरिक शोषण विदिशा जिले की कुरवाई तहसील और पठारी थानांतर्गत आने वाले एक ग्राम की एक पीड़ित महिला अपने पति के साथ कलेक्टोरेट पहुंची और पुलिस अधीक्षक के नाम आवेदन दिया गया। इस दौरान पीड़ित महिला ने बताया कि ग्राम रूसल्ला चक्क निवासी वीर सिंह उर्फ बड़े बना द्वारा पिछले तीन साल से डरा धमकाकर शारीरिक शोषण और मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा है। किसी से कहने पर जान से मारने की धमकी और पति के साथ मारपीट करने की धमकी दी जा रही थी । जिसके चलते उन्होंने इतने समय तक अपने परिवार के लोगों को नहीं बताया। महिला ने कहा कि जब हम इस मामले की शिकायत करने थाने पहुंचे तो वहां भी पुलिस द्वारा हमारी कोई सुनवाई नहीं की गई, जिसके चलते हमने कलेक्टोरेट आकर पुलिस अधीक्षक से शिकायत की है। पीड़ित महिला ने आरोप लगाते हुए कहा कि वीरसिंह उर्फ बड़े बना के यहां पर मजदूरी करती थी तथा मेरे साथ जबरदस्ती डरा धमकाकर पिछले तीन साल से शारीरिक शोषण किया गया। मुझे डराया धमकाया जाता था और कहा जाता था कि यदि किसी से पति या घर वालों को इसके बारे में बताया तो तेरे पति को जान से खत्म कर दूंगा तथा पिछले तीन साल से शारीरिक शोषण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एक दिन उनके साथ मारपीट की गई जिससे वह बेहोशी की हालत में पड़ी रही, उसका पुत्र बेहोशी की अवस्था में लेकर आया और उन्हें घर पर होश आया। इसके बाद इस मामले की शिकायत करने के लिए पठारी थाना पहुंचे थे, लेकर वहां पर उनकी कोई सुनवाई नहीं की गई। जिसके चलते वह जिला मुख्यालय आए और पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन दिया गया और इस मामले की जांच पड़ताल कर कार्रवाई करने की मांग की गई। इस दौरान महिला का पति भी मौजूद था।2
- पंजाब के बठिंडा की गणेश बस्ती में सड़क निर्माण के दौरान एक रोड रोलर ने स्कूटी सवार पिता-बेटी को कुचल दिया। हादसे में पिता की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि बेटी गंभीर रूप से घायल होकर एम्स में भर्ती है। आरोप है कि चालक हेडफोन लगाकर लापरवाही से गाड़ी चला रहा था और घटना के बाद फरार हो गया।1
- तमिलनाडु में इन दिनों सत्ता पर काबिज होने के लिए राजनीतिक दलों के बीच गहरा संघर्ष जारी है। इस अंदरूनी खींचतान ने राज्य की राजनीति को गरमा दिया है और भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम में 13 साल के बच्चे सत्यम ठाकुर पर तेंदुए ने हमला कर दिया। उसने बहादुरी से तेंदुए की गर्दन पकड़कर उसे दूर धकेल दिया, जिससे उसकी जान बच गई। घायल सत्यम को अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उसकी हालत स्थिर है।1