चिट्टा मुक्त समाज के लिए अभिभावकों की सजगता जरूरी : महेंद्र धर्माणी संस्कार सोसाइटी ने शीतला माता मंदिर दायरा में आयोजित किया ‘घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा’ जागरूकता कार्यक्रम चिट्टा मुक्त समाज के लिए अभिभावकों की सजगता जरूरी : महेंद्र धर्माणी संस्कार सोसाइटी ने शीतला माता मंदिर दायरा में आयोजित किया ‘घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा’ जागरूकता कार्यक्रम संस्कार सोसाइटी द्वारा “घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा” अभियान के तहत आज शीतला माता मंदिर दायरा देहरा में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में क्षेत्र की छः ग्राम पंचायतों कोट, हटवाड़, हम्बोट, पंतेहड़ा , बम्म, मैहरी कथला के स्थानीय निवासियों और विभिन्न वर्गों के लोगों ने हिस्सा लिया, जिन्हें 'चिट्टा' जैसे घातक नशे के दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करते हुए नशामुक्त समाज निर्माण की शपथ दिलाई गई। संस्था के संस्थापक महेंद्र धर्माणी ने बतौर मुख्य वक्ता अपने संबोधन में अभिभावकों की भूमिका को निर्णायक बताया। उन्होंने कहा, "बच्चों को नशे की गर्त से बचाने की पहली और सबसे बड़ी जिम्मेदारी माता-पिता की है। अभिभावकों को न केवल अपने बच्चों की दिनचर्या और मित्रों पर नजर रखनी चाहिए, बल्कि उनके साथ नियमित संवाद भी स्थापित करना चाहिए।" उन्होंने चेतावनी दी कि संवाद की कमी और छोटी सी लापरवाही बच्चों को गलत रास्ते पर धकेल सकती है। महेंद्र धर्माणी ने सरकारी तंत्र और सामाजिक उत्तरदायित्व पर जोर देते हुए कहा कि सरकार को चिट्टा माफियाओं के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए कठोर कार्रवाई करनी चाहिए। इस जागरूकता शिविर में अमर नाथ , रत्न लाल, सुभाष गौतम, हरीश शर्मा, कैप्टन विद्या सागर, सूबेदार राकेश कुमार, विजय शर्मा , ज्ञान चंद , हेमराज शर्मा , अमीचंद, रंजीत सिंह, बेसरी लाल , महिला मंडल प्रधान कविता देवी , हेत राम, मुंशी राम, रवि नड्डा , प्रो नरेश ठाकुर, अश्वनीब, अनिल कुमार आदि उपस्थित रहे ।
चिट्टा मुक्त समाज के लिए अभिभावकों की सजगता जरूरी : महेंद्र धर्माणी संस्कार सोसाइटी ने शीतला माता मंदिर दायरा में आयोजित किया ‘घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा’ जागरूकता कार्यक्रम चिट्टा मुक्त समाज के लिए अभिभावकों की सजगता जरूरी : महेंद्र धर्माणी संस्कार सोसाइटी ने शीतला माता मंदिर दायरा में आयोजित किया ‘घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा’ जागरूकता कार्यक्रम संस्कार सोसाइटी द्वारा “घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा” अभियान के तहत आज शीतला माता मंदिर दायरा देहरा में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में क्षेत्र की छः ग्राम पंचायतों कोट, हटवाड़, हम्बोट, पंतेहड़ा , बम्म, मैहरी कथला के स्थानीय निवासियों और विभिन्न वर्गों
के लोगों ने हिस्सा लिया, जिन्हें 'चिट्टा' जैसे घातक नशे के दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करते हुए नशामुक्त समाज निर्माण की शपथ दिलाई गई। संस्था के संस्थापक महेंद्र धर्माणी ने बतौर मुख्य वक्ता अपने संबोधन में अभिभावकों की भूमिका को निर्णायक बताया। उन्होंने कहा, "बच्चों को नशे की गर्त से बचाने की पहली और सबसे बड़ी जिम्मेदारी माता-पिता की है। अभिभावकों को न केवल अपने बच्चों की दिनचर्या और मित्रों पर नजर रखनी चाहिए, बल्कि उनके साथ नियमित संवाद भी स्थापित करना चाहिए।" उन्होंने चेतावनी दी कि संवाद की कमी और छोटी सी लापरवाही बच्चों
को गलत रास्ते पर धकेल सकती है। महेंद्र धर्माणी ने सरकारी तंत्र और सामाजिक उत्तरदायित्व पर जोर देते हुए कहा कि सरकार को चिट्टा माफियाओं के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए कठोर कार्रवाई करनी चाहिए। इस जागरूकता शिविर में अमर नाथ , रत्न लाल, सुभाष गौतम, हरीश शर्मा, कैप्टन विद्या सागर, सूबेदार राकेश कुमार, विजय शर्मा , ज्ञान चंद , हेमराज शर्मा , अमीचंद, रंजीत सिंह, बेसरी लाल , महिला मंडल प्रधान कविता देवी , हेत राम, मुंशी राम, रवि नड्डा , प्रो नरेश ठाकुर, अश्वनीब, अनिल कुमार आदि उपस्थित रहे ।
- चिट्टा मुक्त समाज के लिए अभिभावकों की सजगता जरूरी : महेंद्र धर्माणी संस्कार सोसाइटी ने शीतला माता मंदिर दायरा में आयोजित किया ‘घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा’ जागरूकता कार्यक्रम संस्कार सोसाइटी द्वारा “घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा” अभियान के तहत आज शीतला माता मंदिर दायरा देहरा में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में क्षेत्र की छः ग्राम पंचायतों कोट, हटवाड़, हम्बोट, पंतेहड़ा , बम्म, मैहरी कथला के स्थानीय निवासियों और विभिन्न वर्गों के लोगों ने हिस्सा लिया, जिन्हें 'चिट्टा' जैसे घातक नशे के दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करते हुए नशामुक्त समाज निर्माण की शपथ दिलाई गई। संस्था के संस्थापक महेंद्र धर्माणी ने बतौर मुख्य वक्ता अपने संबोधन में अभिभावकों की भूमिका को निर्णायक बताया। उन्होंने कहा, "बच्चों को नशे की गर्त से बचाने की पहली और सबसे बड़ी जिम्मेदारी माता-पिता की है। अभिभावकों को न केवल अपने बच्चों की दिनचर्या और मित्रों पर नजर रखनी चाहिए, बल्कि उनके साथ नियमित संवाद भी स्थापित करना चाहिए।" उन्होंने चेतावनी दी कि संवाद की कमी और छोटी सी लापरवाही बच्चों को गलत रास्ते पर धकेल सकती है। महेंद्र धर्माणी ने सरकारी तंत्र और सामाजिक उत्तरदायित्व पर जोर देते हुए कहा कि सरकार को चिट्टा माफियाओं के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए कठोर कार्रवाई करनी चाहिए। इस जागरूकता शिविर में अमर नाथ , रत्न लाल, सुभाष गौतम, हरीश शर्मा, कैप्टन विद्या सागर, सूबेदार राकेश कुमार, विजय शर्मा , ज्ञान चंद , हेमराज शर्मा , अमीचंद, रंजीत सिंह, बेसरी लाल , महिला मंडल प्रधान कविता देवी , हेत राम, मुंशी राम, रवि नड्डा , प्रो नरेश ठाकुर, अश्वनीब, अनिल कुमार आदि उपस्थित रहे ।3
- अभी अभी हरियाणा के विधायक कंडाघाट से हुए करोस के लिए बना हुए #shimlapolitics #informnews #promotion #himachalpradesh #himachalpolice #PoliceNews #HaryanaPolitics1
- झंडा रस्म और पूजा-अर्चना के साथ लाखों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बना धाम1
- Jay Balaji Maharaj, 🌹🌹🙏1
- प्रदेश नशा निवारण बोर्ड के संयोजक नरेश ठाकुर ने कहा कि अगामी कुछ दिनों में मेडिकल कालेज परिसर में नशा निवारण केन्द्र खोलने जा रही है जिसमें नशे की गिरफत में आए हुए युवाओं को सुधारा जाएगा। उन्हांेने कहा कि नशा मुक्ति केन्द्र में सारी सुविधाएं नशे के संलिप्त लोगों को मिलेगी। नरेश ठाकुर नेक हा कि निजी नशा मुक्ति केन्द्रों में पिछले कुछ महीनों में मौत मामलों के खिलाफ नशा निवारण बोर्ड सख्ती से काम करेगा और इन केन्द्रों में निरीक्षण किया जाएगा। संयोजक नरेश ठाकुर ने कहा कि नशा निवारण बोर्ड के द्वारा अप्रैल माह से विभिन्न पंचायतो में जाकर चिटटा जागरूकता अभियान शुरू किया जाएगा और बोर्ड का लक्ष्य है कि प्रदेश को चिटटा मुक्त बनाया जाए।उन्होंने बताया कि सभी प्रदेशों में चिटटा मुक्त अभियान चलाकर खेल प्रतियोगिताओं को करवाया जाएगा ताकि नशे की चपेट में आने से युवाओं को बचाया जा सके। नरेश ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू के प्रयासों से चिटटा के खिलाफ जोरों से अभियान चलाया हुआ है और जन आंदोलन चलाकर पूरे प्रदेश में अभियान में चला हुआ है। उन्हांेने बताया िक अपै्रल माह से पूरे प्रदेश में नशा के खिलाफ बडा अभियान शुरू किया जाएगा । उन्होंने कहा कि सीएम ने पुलिस प्रशासन को भी कडे निर्देश दिए है जिससे बहुत सारे चिटटा के मामलों में कार्रवाई की है।1
- उपमंडल बंगाणा के तहत श्रीराधाकृष्ण मंदिर बडोआ में श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ कथा से पहले श्रीराधाकृष्ण मंदिर परिसर से बडोआ से कलश यात्रा निकाली गई यह यात्रा मंदिर परिसर से बडोआ तथा भलखूं गांव होते हुए शिव मंदिर उसके बाद बाबा गरीव नाथ मंदिर बडोआ उसके बाद शनिदेव महाराज मंदिर उसके बाद श्री वीर हनुमान मंदिर तलमेहड़ा होते हुए वापिस श्री राधाकृष्ण मंदिर पहुंची।1
- हमीरपुर भाजपा नेत्री उषा बिरला ने कहा कि वर्तमान समय में मध्य-पूर्व में बन रहे हालात को लेकर पूरी दुनिया की निगाहें वहां की स्थिति पर टिकी हुई हैं। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव का असर वैश्विक राजनीति और अर्थव्यवस्था पर दिखाई दे रहा है। विशेष रूप से ऊर्जा क्षेत्र पर इसका प्रभाव पड़ रहा है, जिसके कारण कई देशों में तेल और गैस की आपूर्ति को लेकर चिंता का माहौल बन गया है। उन्होंने कहा कि मध्य-पूर्व का हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) दुनिया के लिए ऊर्जा आपूर्ति का सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग माना जाता है। दुनिया के लगभग 20 प्रतिशत तेल और गैस की सप्लाई इसी रास्ते से होकर गुजरती है। हालिया सैन्य गतिविधियों के कारण इस मार्ग पर जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई है, जिससे वैश्विक बाजार में तेल की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है और कई देशों में चिंता बढ़ गई है। उषा बिरला ने कहा कि इन परिस्थितियों के बीच भारत के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। हाल ही में भारत के दो जहाज पेट्रोल और गैस लेकर सुरक्षित रूप से भारत की ओर रवाना हुए हैं और जल्द ही देश में पहुंचने वाले हैं। भारत अपनी ऊर्जा आवश्यकताओं का एक बड़ा हिस्सा मध्य-पूर्व से आयात करता है, ऐसे में इन जहाजों का सुरक्षित पहुंचना देश की ऊर्जा सुरक्षा के लिए सकारात्मक संकेत है। उन्होंने कहा कि इस समय सोशल मीडिया और बाजार में कई तरह की अफवाहें फैल रही हैं, जिसके कारण कुछ लोग घबराकर पेट्रोल-डीजल और गैस की जमाखोरी करने लगे हैं। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि घबराहट और जमाखोरी किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। इससे कृत्रिम कमी पैदा होती है और आम जनता को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उषा बिरला ने कहा कि भारत सरकार और भारतीय नौसेना लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और देश की ऊर्जा आपूर्ति को सुरक्षित रखने के लिए कूटनीतिक तथा रणनीतिक स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। विशेषज्ञों का भी मानना है कि भारत के पास पर्याप्त रणनीतिक भंडार और वैकल्पिक आपूर्ति स्रोत मौजूद हैं, इसलिए आम जनता को घबराने की कोई आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा कि आज एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में हमें संयम और समझदारी दिखाने की जरूरत है। अफवाहों पर ध्यान देने के बजाय सही और प्रमाणिक जानकारी पर भरोसा करें तथा अनावश्यक जमाखोरी से बचें। भारत ने हमेशा कठिन परिस्थितियों का सामना धैर्य और एकजुटता के साथ किया है और आगे भी हर चुनौती का मजबूती से सामना करेगा। उषा बिरला ने अंत में लोगों से अपील करते हुए कहा कि हमें मिलकर यह संदेश फैलाना चाहिए— “घबराहट नहीं, जागरूकता जरूरी है। जमाखोरी नहीं, जिम्मेदारी जरूरी है। और सबसे महत्वपूर्ण—भारत की ऊर्जा सुरक्षा मजबूत है और देश हर चुनौती का सामना करने में सक्षम है।”1
- भराड़ी एक्स-स्टूडेंट्स सोशल वेलफेयर समिति भराड़ी की मासिक बैठक समिति के प्रधान आजाद चंद वर्मा की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में विभिन्न विषयों पर चर्चा और विचार-विमर्श किया गया। साथ ही मई माह में आयोजित होने वाले समिति के वार्षिक अधिवेशन को लेकर भी विस्तृत चर्चा की गई। बैठक के दौरान समिति में दो नए सदस्यों ने सदस्यता ग्रहण की। इनमें सेवानिवृत्त अधीक्षण अभियंता विद्युत विभाग मदन धीमान, निवासी गांव बरोटा तथा सेवानिवृत्त सहायक अभियंता रेलवे विभाग रतनलाल , निवासी गांव कामलू सलाहों शामिल हैं। समिति द्वारा जरूरतमंद लोगों की सहायता का कार्य भी लगातार किया जा रहा है। पिछले महीने समिति ने चार जरूरतमंदों को कुल 22 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की थी, जबकि इस बार दो लोगों को कुल 17 हजार रुपये की सहायता दी गई। बैठक में उपस्थित विभिन्न वक्ताओं ने अपने-अपने विचार भी रखे और समिति के सामाजिक कार्यों की सराहना की। अंत में समिति के प्रधान आजाद चंद वर्मा ने सभी सदस्यों का धन्यवाद करते हुए अधिक से अधिक लोगों को समिति से जुड़ने की अपील की।1