नगर जोन सर्विलांस टीम की निगरानी से 555 मोबाइल बरामद। सोफे गए असली मालिकों को। जनपद गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नरेट के नगर जोन में पुलिस को गुम और खोए मोबाइल फोन की बरामदगी के अभियान में बड़ी सफलता मिली है। नगर जोन की सर्विलांस टीम ने सभी थाना पुलिस के साथ मिलकर कार्रवाई करते हुए विभिन्न कंपनियों के 555 मोबाइल फोन बरामद किए। बरामद मोबाइलों की कीमत डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है।पुलिस ने तकनीकी संसाधनों और सर्विलांस के माध्यम से मोबाइल फोन की तलाश कर उनके वास्तविक स्वामियों का पता लगाया। इसके बाद बरामद सभी मोबाइल उनके मालिकों को वापस सौंप दिए गए। लंबे समय बाद मोबाइल वापस मिलने पर स्वामियों के चेहरे पर खुशी नजर आई और उन्होंने पुलिस की कार्रवाई की सराहना की।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गुम और खोए मोबाइलों की बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। अभियान के दौरान सर्विलांस टीम और थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से यह सफलता हासिल हुई। बाइट—धवल जायसवाल, पुलिस उपायुक्त नगर/ट्रांस हिंडन।
नगर जोन सर्विलांस टीम की निगरानी से 555 मोबाइल बरामद। सोफे गए असली मालिकों को। जनपद गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नरेट के नगर जोन में पुलिस को गुम और खोए मोबाइल फोन की बरामदगी के अभियान में बड़ी सफलता मिली है। नगर जोन की सर्विलांस टीम ने सभी थाना पुलिस के साथ मिलकर कार्रवाई करते हुए विभिन्न कंपनियों के 555 मोबाइल फोन बरामद किए। बरामद मोबाइलों की कीमत डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है।पुलिस ने तकनीकी संसाधनों और सर्विलांस के माध्यम से मोबाइल फोन की तलाश कर उनके वास्तविक स्वामियों का पता लगाया। इसके बाद बरामद सभी मोबाइल उनके मालिकों को वापस सौंप दिए गए। लंबे समय बाद मोबाइल वापस मिलने पर स्वामियों के चेहरे पर खुशी नजर आई और उन्होंने पुलिस की कार्रवाई की सराहना की।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गुम और खोए मोबाइलों की बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। अभियान के दौरान सर्विलांस टीम और थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से यह सफलता हासिल हुई। बाइट—धवल जायसवाल, पुलिस उपायुक्त नगर/ट्रांस हिंडन।
- गाज़ियाबाद सर्विलांस टीम की बड़ी कार्रवाई, 555 मोबाइल बरामद। गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नरेट में नगर जोन पुलिस ने अभियान चलाकर बड़ी संख्या में गुम और खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। नगर जोन की सर्विलांस टीम और विभिन्न थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में अलग-अलग कंपनियों के 555 मोबाइल फोन बरामद किए गए। बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत 1.50 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई है। पुलिस ने सभी मोबाइल उनके वास्तविक स्वामियों की पहचान कर उन्हें वापस सौंप दिए। मोबाइल फोन वापस मिलने पर लोगों ने गाजियाबाद पुलिस का आभार जताया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक मोबाइल बरामदगी के लिए सर्विलांस टीम लगातार तकनीकी माध्यमों से काम कर रही है। बाइट—धवल जायसवाल, पुलिस उपायुक्त नगर/ट्रांस हिंडन।1
- नगर जोन सर्विलांस टीम की निगरानी से 555 मोबाइल बरामद। सोफे गए असली मालिकों को। जनपद गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नरेट के नगर जोन में पुलिस को गुम और खोए मोबाइल फोन की बरामदगी के अभियान में बड़ी सफलता मिली है। नगर जोन की सर्विलांस टीम ने सभी थाना पुलिस के साथ मिलकर कार्रवाई करते हुए विभिन्न कंपनियों के 555 मोबाइल फोन बरामद किए। बरामद मोबाइलों की कीमत डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है।पुलिस ने तकनीकी संसाधनों और सर्विलांस के माध्यम से मोबाइल फोन की तलाश कर उनके वास्तविक स्वामियों का पता लगाया। इसके बाद बरामद सभी मोबाइल उनके मालिकों को वापस सौंप दिए गए। लंबे समय बाद मोबाइल वापस मिलने पर स्वामियों के चेहरे पर खुशी नजर आई और उन्होंने पुलिस की कार्रवाई की सराहना की।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गुम और खोए मोबाइलों की बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। अभियान के दौरान सर्विलांस टीम और थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से यह सफलता हासिल हुई। बाइट—धवल जायसवाल, पुलिस उपायुक्त नगर/ट्रांस हिंडन।1
- सीआईएसएफ जवान का सराहनीय वीडियो हुआ वायरल, लोगों ने बताया सच्चा देशभक्त! एक गाय असहाय अवस्था में दीवार की रेलिंग में सिर फंसाकर फंस गई। डरी हुई और खुद को छुड़ाने के लिए संघर्ष करती हुई उस जानवर पर एक सीआईएसएफ जवान की नजर पड़ी।धैर्य और करुणा के साथ, उन्होंने सावधानीपूर्वक गाय को रेलिंग से मुक्त किया, यह सुनिश्चित करते हुए कि भयभीत जानवर पूरी प्रक्रिया के दौरान सुरक्षित रहे। अंततः जानवर को मुक्त और खतरे से बाहर निकालने के साथ ही बचाव कार्य समाप्त हुआ।यह बचाव अभियान जरूरतमंद हर जीवन के प्रति सीआईएसएफ की करुणा, देखभाल और प्रतिबद्धता की भावना को दर्शाता है।1
- सीईआईआर पोर्टल और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से गाजियाबाद पुलिस ने बरामद किए 1.55 करोड़ रुपये कीमत के 555 मोबाइल, गाजियाबाद में चोरी और स्नैचिंग के मोबाइल फोन को उनके वास्तविक मालिकों तक पहुंचाने के लिए चलाए जा रहे अभियान में गाजियाबाद पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। नगर जोन की सर्विलांस टीम और अलग-अलग थाना पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, मैनुअल इनपुट और सीईआईआर (सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर) पोर्टल पर दर्ज शिकायतों के आधार पर कार्रवाई करते हुए अलग-अलग कंपनियों के 555 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पुलिस के मुताबिक बरामद मोबाइल फोन की अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 55 लाख रुपये है। पुलिस ने बरामद फोन के वास्तविक स्वामियों की पहचान कर उन्हें वापस लौटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, मोबाइल फोन चोरी या स्नैचिंग के बाद उनके आईएमईआई नंबर और अन्य तकनीकी जानकारियों के आधार पर सीईआईआर पोर्टल पर शिकायत दर्ज की गई थी। इन शिकायतों को आधार बनाकर नगर जोन की सर्विलांस टीम ने तकनीकी विश्लेषण और मैनुअल इनपुट के जरिए मोबाइल फोन की लोकेशन और इस्तेमाल से संबंधित जानकारी जुटाई। इसके बाद अलग-अलग थाना क्षेत्रों में कार्रवाई कर 555 मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं । थानावार बरामदगी की बात करें तो कोतवाली नगर से 103, विजयनगर से 91, सिहानीगेट से 56, नंदग्राम से 52, कविनगर से 64, मधुबन बापूधाम से 67, वेव सिटी से 54, क्रॉसिंग रिपब्लिक से 55 और साइबर क्राइम थाना से 13 मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। पुलिस की तकनीकी टीम ने बरामद फोन के आईएमईआई समेत अन्य जानकारियों का मिलान सीईआईआर पोर्टल पर दर्ज शिकायतों से किया, जिसके आधार पर वास्तविक स्वामियों की पहचान की जा रही है। डीसीपी सिटी जोन धवल जायसवाल का कहना है कि बरामद मोबाइल फोन को उनके वास्तविक मालिकों को लौटाया जा रहा है। चोरी या स्नैचिंग के बाद मोबाइल फोन वापस मिलने से संबंधित लोगों को राहत मिली है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक सीईआईआर पोर्टल और तकनीकी संसाधनों के इस्तेमाल से चोरी या गुम हुए मोबाइल फोन की बरामदगी में मदद मिल रही है और इस दिशा में आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी।1
- जनपद बागपत के थाना बडौत पुलिस, सर्विलांस एवं स्वाट बागपत की संयुक्त टीम द्वारा फ्लिपकार्ट शिपमेन्ट में धोखाधडी करने वाले अन्तर्राज्यीय गिरोह के 03 अभियुक्तों को किया गिरफ्तार। जनपद बागपत के थाना बडौत पुलिस, सर्विलांस एवं स्वाट बागपत की संयुक्त टीम द्वारा फ्लिपकार्ट शिपमेन्ट में धोखाधडी करने वाले अन्तर्राज्यीय गिरोह के 03 अभियुक्तों को किया गिरफ्तार। कब्जे से कुल लगभग 40 लाख रुपये कीमत के 42 मोबाइल फोन बरामद। वीडियो बाइट पुलिस अधीक्षक बागपत।1
- जय बाबा बुलाकी महाराज की राम भैया भगत जी गाजियाबाद किसी तरह की ऊपरी परेशानी के लिए संपर्क करें ph 85272336461
- पांच साल से रोज रोटी लेने आता है अधिवक्ता के चेंबर में बन्दर, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल गाजियाबाद कचहरी में जहां रोजाना वकीलों मुवक्किलों और न्यायिक प्रक्रिया से जुड़े लोगों की भीड़ नजर आती है, वहीं इन दिनों एक अनोखी दोस्ती लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है। एक अधिवक्ता और बंदर के बीच पिछले करीब बहुत ज्यादा समय से चली आ रही दोस्ती का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में बंदर अधिवक्ता के चेंबर में पहुंचकर उनसे रोटी लेता नजर आ रहा है। गाजियाबाद जिला अदालत मे अधिवक्ता महेश यादव पिछले करीब 30 वर्षों से वकालत कर रहे हैं वह पूर्व में सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता भी रह चुके हैं रोजाना की तरह जब वह कचहरी स्थित अपने चेंबर में बैठकर विधि व्यवसाय करते हैं, तो उनका यह खास दोस्त भी वहां पहुंच जाता है। बंदर और अधिवक्ता के बीच लगाव का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बंदर कई बार सीधे उनकी मेज पर आकर बैठ जाता है और रोटी का इंतजार करता है कभी वह अधिवक्ता की जेब टटोलकर रोटी निकालने की कोशिश करता है तो कभी चुपचाप सामने बैठा रहता है। महेश यादव भी अपने इस अनोखे दोस्त के लिए रोज रोटी रखना नहीं भूलते। रोटी मिलते ही बंदर उसे लेकर वहां से चला जाता है। यह सिलसिला करीब पांच वर्षों से चल रहा है जिस दिन वह किसी कारणवश कचहरी नहीं पहुंचते बंदर उनके चेंबर के आसपास मंडराता दिखाई देता है। अगले दिन अधिवक्ता के पहुंचते ही वह फिर उनके पास पहुंच जाता है महेश यादव भी बंदर के सिर पर प्यार से हाथ फेरते हैं और उसे रोटी खिलाते हैं। कचहरी में दोनों की यह अनोखी दोस्ती लोगों के लिए कौतूहल, अपनापन और मुस्कान का कारण बनी हुई है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो को भी लोग खूब पसंद कर रहे हैं।1
- गाजियाबाद गौर सिद्धार्थम सोसाइटी में 16 वर्षीय छात्रा ने, 15वीं मंजिल से कूदकर की खुदकुशी, सुसाइड नोट में लिखा, आई लव यू मम्मी पापा, गाजियाबाद :- विजयनगर थाना क्षेत्र स्थित गौर सिद्धार्थम सोसाइटी के आई टावर में, मंगलवार शाम एक दर्दनाक हादसा सामने आया। 16 वर्षीय किशोरी शनाया बिष्ट ने एकेडमिक प्रेशर के चलते 15वीं मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली। घटना शाम करीब 6:30 बजे की है, जिसके बाद सोसाइटी में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही डायल-112 और विजयनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। गंभीर रूप से घायल शनाया को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका अपने पिता देवेंद्र सिंह के साथ फ्लैट नंबर 1576 में रहती थी। पुलिस जांच के दौरान मौके से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है। सुसाइड नोट में शनाया ने पढ़ाई और एकेडमिक प्रेशर को सहन न कर पाने की बात लिखी है। उसने अपनी मौत का जिम्मेदार किसी और को नहीं बल्कि खुद को ठहराया और अंत में 'आई लव यू मम्मी-पापा' लिखा। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।2