उत्तर प्रदेश के मऊ जिले के कोपागंज थाना क्षेत्र में पुलिस और स्वाट/एसओजी की संयुक्त टीम ने मुठभेड़ के दौरान गोवध निवारण अधिनियम में वांछित 15000 रुपये के इनामी अभियुक्त ढेला को गिरफ्तार कर लिया है। कटवास से इंदारा रेलवे स्टेशन की ओर जा रहे अभियुक्त को जब पुलिस टीम ने घेरकर आत्मसमर्पण करने को कहा, तो उसने पुलिस पर जानलेवा फायरिंग कर दी। पुलिस द्वारा आत्मरक्षार्थ की गई जवाबी कार्रवाई में 35 वर्षीय ढेला के दाहिने पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। पुलिस ने उसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया और उसके पास से एक अदद देशी तमंचा, एक जिंदा कारतूस तथा एक खोखा कारतूस बरामद किया। कड़ाई से हुई पूछताछ में अभियुक्त ढेला (पुत्र नसीर, निवासी चेला राम का पुरा, कोपागंज) ने बताया कि उसका एक संगठित गिरोह है जो रात में गायों को पकड़कर सुनसान जगहों पर ले जाकर काटता था और मांस बोरियों में भरकर अच्छे दामों में बेचकर पैसे आपस में बांट लेता था। उसने स्वीकार किया कि 23 अप्रैल 2026 की रात उसने अपने साथियों इरफान, धड़कू, खालिक अहमद, मन्ना और जाकिर के साथ मिलकर एक लाल रंग के बछड़े को पकड़ा था। उन्होंने अपने घर के पास बगीचे में बछड़े को रस्सियों से बांधकर चापड़ से टुकड़ों में काट दिया था और मांस बोरियों में भरकर बेच दिया था। घटना के अगले दिन अवशेष मिलने पर पकड़े जाने के डर से उन्होंने चापड़ और रस्सियों को देईस्थान बसवाड़ में छिपा दिया था और फरार हो गए थे। पुलिस अधीक्षक कमलेश बहादुर के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के कुशल पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी घोसी जितेन्द्र सिंह के नेतृत्व में हुई इस मुठभेड़ और गिरफ्तारी के आधार पर आरोपी के विरुद्ध मु0अ0स 211/2026 धारा 109(1), 351(3), 352 बीएनएस व 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत नया मामला पंजीकृत कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
उत्तर प्रदेश के मऊ जिले के कोपागंज थाना क्षेत्र में पुलिस और स्वाट/एसओजी की संयुक्त टीम ने मुठभेड़ के दौरान गोवध निवारण अधिनियम में वांछित 15000 रुपये के इनामी अभियुक्त ढेला को गिरफ्तार कर लिया है। कटवास से इंदारा रेलवे स्टेशन की ओर जा रहे अभियुक्त को जब पुलिस टीम ने घेरकर आत्मसमर्पण करने को कहा, तो उसने पुलिस पर जानलेवा फायरिंग कर दी। पुलिस द्वारा आत्मरक्षार्थ की गई जवाबी कार्रवाई में 35 वर्षीय ढेला के दाहिने पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। पुलिस ने उसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया और उसके पास से एक अदद देशी
तमंचा, एक जिंदा कारतूस तथा एक खोखा कारतूस बरामद किया। कड़ाई से हुई पूछताछ में अभियुक्त ढेला (पुत्र नसीर, निवासी चेला राम का पुरा, कोपागंज) ने बताया कि उसका एक संगठित गिरोह है जो रात में गायों को पकड़कर सुनसान जगहों पर ले जाकर काटता था और मांस बोरियों में भरकर अच्छे दामों में बेचकर पैसे आपस में बांट लेता था। उसने स्वीकार किया कि 23 अप्रैल 2026 की रात उसने अपने साथियों इरफान, धड़कू, खालिक अहमद, मन्ना और जाकिर के साथ मिलकर एक लाल रंग के बछड़े को पकड़ा था। उन्होंने अपने घर के पास बगीचे में बछड़े को रस्सियों से बांधकर
चापड़ से टुकड़ों में काट दिया था और मांस बोरियों में भरकर बेच दिया था। घटना के अगले दिन अवशेष मिलने पर पकड़े जाने के डर से उन्होंने चापड़ और रस्सियों को देईस्थान बसवाड़ में छिपा दिया था और फरार हो गए थे। पुलिस अधीक्षक कमलेश बहादुर के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के कुशल पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी घोसी जितेन्द्र सिंह के नेतृत्व में हुई इस मुठभेड़ और गिरफ्तारी के आधार पर आरोपी के विरुद्ध मु0अ0स 211/2026 धारा 109(1), 351(3), 352 बीएनएस व 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत नया मामला पंजीकृत कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
- उत्तर प्रदेश के मऊ जनपद में थाना सरायलखंसी क्षेत्र के बढ़आ गोदाम फोरलेन के पास से कंधेरी निवासी 40 वर्षीय कलामुद्दीन रहस्यमयी तरीके से गायब हो गया। काफी खोजबीन के बाद भी जब उसका कोई सुराग नहीं मिला, तो लापता युवक की बहन और पत्नी पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचीं और उसकी खोजबीन के लिए गुहार लगाई। युवक की बहन ने बताया कि भाई ने एक पिकअप गाड़ी खरीदी थी और उसी को लेकर विवाद चल रहा था। बहन का कहना है कि उसके भाई ने गाड़ी का पूरा पैसा चुका दिया था, फिर भी उसे फंसा दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग गाड़ी से आए और खुद को SOG का बताकर कलामुद्दीन को जबरन उठाकर ले गए, जिसके बाद से उसका कोई पता नहीं चला है। पूरे मामले पर अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार ने बताया कि पुलिस अधीक्षक को एक प्रार्थना पत्र दिया गया है, जिसमें युवक के गायब होने की बात कही गई है। उन्होंने कहा कि इस व्यक्ति के आपराधिक रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। अपर पुलिस अधीक्षक के अनुसार, जहां तक संभावना है मऊ जनपद की पुलिस उसे लेकर नहीं गई है और मामले में जांच जारी है।2
- मेडिकल क्षेत्र में दाखिले के लिए आमतौर पर काउंसलिंग परीक्षा देना अनिवार्य होता है, लेकिन छात्र बिना किसी काउंसलिंग प्रक्रिया के भी ओटी टेक्नीशियन कोर्स में सीधे एडमिशन ले सकते हैं। किंग्स ईडन कॉलेज ऑफ़ नर्सिंग के डीन अभिनव श्रीवास्तव ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि जहां बीएससी नर्सिंग, डी फार्मा और बी फार्मा जैसे पाठ्यक्रमों के लिए काउंसलिंग के बाद ही कॉलेज का चयन होता है, वहीं ओटी टेक्नीशियन में छात्र बिना काउंसलिंग सीधे कॉलेज स्तर पर एडमिशन प्राप्त कर सकते हैं। चूंकि प्रत्येक मेडिकल कॉलेज में सीटें सीमित होती हैं, इसलिए समय रहते अपना दाखिला कराना जरूरी है। इस कोर्स में प्रवेश लेने के लिए छात्र का इंटरमीडिएट बायोलॉजी विषय से उत्तीर्ण होना अनिवार्य है। दाखिले के लिए आधार कार्ड के साथ-साथ हाई स्कूल और इंटरमीडिएट (बायोलॉजी) का प्रमाणपत्र होना आवश्यक है। मेडिकल क्षेत्र में पढ़ाई के इच्छुक छात्रों में अक्सर यह भ्रम रहता है कि बिना काउंसलिंग कोई कोर्स नहीं किया जा सकता, लेकिन ओटी टेक्नीशियन में डायरेक्ट एडमिशन संभव है। इस कोर्स को पूरा करने के बाद सरकारी नौकरी पाने के भी काफी अवसर मिलते हैं, क्योंकि इस विभाग में लगातार वैकेंसी आती रहती हैं। ओटी टेक्नीशियन कोर्स में अपना रजिस्ट्रेशन कराने की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर निर्धारित की गई है। 31 अक्टूबर बीत जाने के बाद छात्र अपना रजिस्ट्रेशन नहीं करा सकेंगे। ऐसे में जो छात्र किसी मेडिकल कोर्स के लिए काउंसलिंग नहीं करा पाए हैं, वे अंतिम तिथि से पहले किसी भी मेडिकल या नर्सिंग कॉलेज में बिना काउंसलिंग आसानी से डायरेक्ट एडमिशन ले सकते हैं।1
- आजमगढ़ के जहानागंज बाजार स्थित सैय्यद मोड़ से मिश्रा मार्केट मार्ग पर, वैष्णो मेडिकल एजेंसी के बगल मौजूद अहमद क्लॉथ स्टोर पर ऑनलाइन भुगतान के नाम पर ठगी का मामला सामने आया है। बाइक सवार दो युवकों ने दुकान से लगभग ₹2,100 के कपड़ों की खरीदारी की और फर्जी ऑनलाइन ट्रांजैक्शन दिखाकर सामान लेकर चले गए। घटना के समय दुकान मालिक रईस अहमद किसी आवश्यक कार्य से बाहर गए हुए थे, जबकि दुकान पर कर्मचारी जामवंत मौजूद था। युवकों ने दुकान के QR कोड को स्कैन कर भुगतान करने का दावा किया और मोबाइल पर सफल भुगतान की स्क्रीन दिखाई, जिसे देखकर कर्मचारी ने सामान सौंप दिया। बाद में जब दुकान मालिक ने बैंक खाते की जांच की तो ₹2,100 की राशि प्राप्त न होने पर ठगी का अहसास हुआ। ठगी का पता चलने के बाद दुकान मालिक रईस अहमद ने दुकान के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल कर दी है। उन्होंने आम जनता से अपील की है कि फुटेज में दिख रहे दोनों युवकों के कहीं भी नजर आने पर तुरंत उन्हें या नजदीकी पुलिस को सूचना दें। हालांकि, फिलहाल इस मामले में पुलिस को औपचारिक सूचना नहीं दी गई है। घटना के बाद व्यापारियों को सलाह दी गई है कि केवल ग्राहक की मोबाइल स्क्रीन पर भरोसा न करें और बैंक खाते, यूपीआई ऐप या साउंड बॉक्स पर पुष्टि के बाद ही सामान दें।1
- आजमगढ़ के हरिऔध कला केंद्र में आगामी कांवड़ यात्रा, सावन मेला और बारावफात जैसे प्रमुख पर्वों को शांतिपूर्ण व सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए बुधवार को जनपद स्तरीय पीस कमेटी की बैठक आयोजित हुई। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में हुई इस बैठक में प्रशासन ने स्पष्ट किया कि आपसी भाईचारे और सामाजिक समरसता के साथ सभी पर्व संपन्न कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिलाधिकारी ने नगर निकाय, विद्युत, जल निगम, स्वास्थ्य, लोक निर्माण और परिवहन विभाग सहित सभी संबंधित अधिकारियों को समय रहते तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कांवड़ यात्रा मार्गों, मंदिरों और मेला स्थलों पर विशेष साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय, प्रकाश व्यवस्था, बैरिकेडिंग, चिकित्सा सुविधा और विश्राम स्थलों की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। बैठक में जिलाधिकारी ने अधिकारियों को कांवड़ यात्रा मार्गों के विश्राम स्थलों का स्वयं निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की गुणवत्ता परखने का निर्देश दिया। इसके अलावा, डीजे और साउंड सिस्टम को शासन के निर्धारित मानकों के अनुरूप ही संचालित करने, डीजे की ऊंचाई तय सीमा से अधिक न रखने और उस पर किसी व्यक्ति के बैठने की अनुमति न देने के सख्त निर्देश दिए गए। वहीं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि पर्वों के दौरान पुलिस पूरी तरह सतर्क रहेगी और संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जाएगी। उन्होंने सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने या सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की बात कही और पुलिस अधिकारियों को जनप्रतिनिधियों, धर्मगुरुओं और पीस कमेटी सदस्यों से नियमित संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए। बैठक में पीस कमेटी के सदस्यों और जनप्रतिनिधियों द्वारा दिए गए सुझावों पर भी आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी राकेश कुमार पटेल, पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) चिराग जैन, पुलिस अधीक्षक (नगर) मधुबन कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी (वि./रा.) गम्भीर सिंह, मुख्य राजस्व अधिकारी संजीव ओझा सहित सभी उपजिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, थाना प्रभारी, धर्मगुरु और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।4
- बलिया के बेल्थरा रोड स्थित ससना बहादुरपुर में सड़क की बदहाली से लोग बेहद परेशान हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि वे कई सालों से बरसात के सीजन में इस रास्ते की खराब हालत के कारण भारी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। हर साल बारिश आते ही इस रास्ते पर आवाजाही में भारी दिक्कतें खड़ी हो जाती हैं और लोगों को इस रोड समस्या से जूझना पड़ता है।1
- उत्तर प्रदेश के मऊ जिले के कोपागंज थाना क्षेत्र में पुलिस और स्वाट/एसओजी की संयुक्त टीम ने मुठभेड़ के दौरान गोवध निवारण अधिनियम में वांछित 15000 रुपये के इनामी अभियुक्त ढेला को गिरफ्तार कर लिया है। कटवास से इंदारा रेलवे स्टेशन की ओर जा रहे अभियुक्त को जब पुलिस टीम ने घेरकर आत्मसमर्पण करने को कहा, तो उसने पुलिस पर जानलेवा फायरिंग कर दी। पुलिस द्वारा आत्मरक्षार्थ की गई जवाबी कार्रवाई में 35 वर्षीय ढेला के दाहिने पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। पुलिस ने उसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया और उसके पास से एक अदद देशी तमंचा, एक जिंदा कारतूस तथा एक खोखा कारतूस बरामद किया। कड़ाई से हुई पूछताछ में अभियुक्त ढेला (पुत्र नसीर, निवासी चेला राम का पुरा, कोपागंज) ने बताया कि उसका एक संगठित गिरोह है जो रात में गायों को पकड़कर सुनसान जगहों पर ले जाकर काटता था और मांस बोरियों में भरकर अच्छे दामों में बेचकर पैसे आपस में बांट लेता था। उसने स्वीकार किया कि 23 अप्रैल 2026 की रात उसने अपने साथियों इरफान, धड़कू, खालिक अहमद, मन्ना और जाकिर के साथ मिलकर एक लाल रंग के बछड़े को पकड़ा था। उन्होंने अपने घर के पास बगीचे में बछड़े को रस्सियों से बांधकर चापड़ से टुकड़ों में काट दिया था और मांस बोरियों में भरकर बेच दिया था। घटना के अगले दिन अवशेष मिलने पर पकड़े जाने के डर से उन्होंने चापड़ और रस्सियों को देईस्थान बसवाड़ में छिपा दिया था और फरार हो गए थे। पुलिस अधीक्षक कमलेश बहादुर के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के कुशल पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी घोसी जितेन्द्र सिंह के नेतृत्व में हुई इस मुठभेड़ और गिरफ्तारी के आधार पर आरोपी के विरुद्ध मु0अ0स 211/2026 धारा 109(1), 351(3), 352 बीएनएस व 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत नया मामला पंजीकृत कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।3
- मऊ जनपद में स्थित महादेव मंदिर के पुल से बच्चों द्वारा छलांग लगाने का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है।1