पति ने छोड़ा, तीन बच्चों के साथ दर-दर भटकने को मजबूर महिला, थाने में भी नहीं मिली सुनवाई पटना जिले के रामकृष्णा नगर थाना क्षेत्र से एक बेहद संवेदनशील मामला सामने आया है। यहां एक महिला अपने तीन छोटे बच्चों के साथ अत्यंत कठिन परिस्थितियों में जीवन यापन करने को मजबूर है। पीड़िता का आरोप है कि शादी के कुछ ही वर्षों बाद उसके पति ने दूसरी शादी कर ली और उसे घर से निकाल दिया। साथ ही, पति ने उसे घर और अन्य संपत्तियों में वैधानिक हिस्सेदारी देने से भी साफ इनकार कर दिया। वर्तमान में महिला बाढ़ में रहकर निजी काम कर किसी तरह अपने बच्चों का पालन-पोषण कर रही है। न्याय की आस में वह कई बार रामकृष्णा नगर थाना पहुंची, लेकिन लंबे समय तक उसका आवेदन तक स्वीकार नहीं किया गया। हालांकि, हाल ही में पुलिस ने उसका आवेदन स्वीकार कर लिया है। अब नजरें इस बात पर टिकी हैं कि थाना प्रभारी रेनू देवी के इस मामले में क्या कार्रवाई करती हैं और पीड़ित महिला को कब तक न्याय मिल पाता है। यह मामला न सिर्फ एक महिला की पीड़ा को उजागर करता है, बल्कि यह भी सवाल खड़ा करता है कि आखिर आम लोगों को समय पर न्याय क्यों नहीं मिल पाता है।
पति ने छोड़ा, तीन बच्चों के साथ दर-दर भटकने को मजबूर महिला, थाने में भी नहीं मिली सुनवाई पटना जिले के रामकृष्णा नगर थाना क्षेत्र से एक बेहद संवेदनशील मामला सामने आया है। यहां एक महिला अपने तीन छोटे बच्चों के साथ अत्यंत कठिन परिस्थितियों में जीवन यापन करने को मजबूर है। पीड़िता का आरोप है कि शादी के कुछ ही वर्षों बाद उसके पति ने दूसरी शादी कर ली और उसे घर से निकाल दिया। साथ ही, पति ने उसे घर और अन्य संपत्तियों में वैधानिक हिस्सेदारी देने से भी साफ इनकार कर दिया। वर्तमान में महिला बाढ़ में रहकर निजी काम कर किसी तरह अपने बच्चों का पालन-पोषण कर रही है। न्याय की आस में वह कई बार रामकृष्णा नगर थाना पहुंची, लेकिन लंबे समय तक उसका आवेदन तक स्वीकार नहीं किया गया। हालांकि, हाल ही में पुलिस ने उसका आवेदन स्वीकार कर लिया है। अब नजरें इस बात पर टिकी हैं कि थाना प्रभारी रेनू देवी के इस मामले में क्या कार्रवाई करती हैं और पीड़ित महिला को कब तक न्याय मिल पाता है। यह मामला न सिर्फ एक महिला की पीड़ा को उजागर करता है, बल्कि यह भी सवाल खड़ा करता है कि आखिर आम लोगों को समय पर न्याय क्यों नहीं मिल पाता है।
- Post by JMBNEWS1
- Rabindranath Tagore की, जो सिर्फ एक महान कवि ही नहीं, बल्कि एक दार्शनिक, लेखक और संगीतकार भी थे। 📌 इस वीडियो में जानिए: 👉 टैगोर का जन्म और शुरुआती जीवन 👉 उनकी प्रसिद्ध कृति Gitanjali 👉 1913 में मिला नोबेल पुरस्कार (एशिया के पहले विजेता) 👉 Jana Gana Mana और Amar Sonar Bangla की रचना 👉 जलियांवाला बाग के बाद नाइटहुड लौटाने का फैसला 👉 शिक्षा में योगदान और विश्वभारती विश्वविद्यालय रवींद्रनाथ टैगोर की रचनाएँ आज भी हमें सोचने और बेहतर इंसान बनने की प्रेरणा देती हैं।1
- Post by National news 1791
- बख्तियारपुर नगर को जाम की समस्या से स्थायी निजात दिलाने के लिए प्रशासन ने अब 'डंडा' उठा लिया है। ब्लॉक के पश्चिम स्थित रवाइच ठाकुरबाड़ी ऑटो स्टैंड के क्रियाशील होते ही बख्तियारपुर पुलिस का बेहद कड़ा रुख देखने को मिला, जिससे शहर की सूरत एक ही दिन में बदली हुई नजर आई। सड़कों पर उतरी पुलिस की टीम गणेश चौक, जो बख्तियारपुर का सबसे व्यस्त और जाम प्रभावित इलाका माना जाता है, वहाँ अब अवैध रूप से ऑटो या ई-रिक्शा खड़े करना भारी पड़ सकता है। आज थाने की विशेष टीम ने खुद कमान संभालते हुए गणेश चौक पर मोर्चा लिया। पुलिस कर्मियों ने वहां खड़े हर अवैध वाहन को सख्त हिदायत देते हुए नए निर्धारित स्टैंड (रवाइच ठाकुरबाड़ी) की ओर भेज दिया। पुलिस की इस मुस्तैदी का असर तुरंत धरातल पर देखने को मिला। जो गणेश चौक हमेशा वाहनों के शोर और जाम से घिरा रहता था, वह आज पूरी तरह खाली और साफ दिखा। राहगीरों और स्थानीय दुकानदारों ने पुलिस की इस कार्रवाई की जमकर सराहना की है। आम जनता ने राहत की सांस ली है क्योंकि अब उन्हें बाजार जाने या स्टेशन पहुँचने के लिए घंटों ट्रैफिक में नहीं फंसना पड़ेगा। प्रशासन की चेतावनी: मनमानी नहीं चलेगी प्रशासन ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि अब किसी भी कीमत पर मुख्य सड़कों या चौक-चौराहों पर गाड़ियाँ खड़ी नहीं होने दी जाएंगी। सभी प्रकार के व्यावसायिक वाहनों को केवल आवंटित स्टैंड से ही परिचालन करना होगा। अब बख्तियारपुर की जनता के मन में बस एक ही सवाल है—क्या प्रशासन का यह कड़ा रुख और शहर की यह सुधरी हुई तस्वीर हमेशा बनी रहेगी? फिलहाल, पुलिस की सक्रियता ने उम्मीद की एक नई किरण जगा दी है।1
- Post by न्यूज 30 बिहार1
- बिहार समस्तीपुर मोहिउद्दीन नगर के मदुदाबाद पटोरी मुख्य पथ की जर्जर हालात पर विधायक प्रतिनिधि ने लिया संज्ञान। जल्द पूरा हो जाने का दिया आश्वासन। जी हां आपको बताते चले कि यह समस्या समस्तीपुर जिले के मदुदाबाद से पटोरी मुख्यालय को जाने वाली मुख्य पथ की है, जो सड़क बीते छः महीनों से एजेंसीयों के द्वारा अच्छी खासी सड़कें को तोड़ फोड़ कर जर्जर हालात बना दी है। आखिर क्षेत्र के जनता यह जानना चाहती है कि सड़क निर्माण से ठीक छः महीने पूर्व सड़क तोड़ने के पीछे क्या आन पड़ी कि नई सड़के तोड़ना पड़ा और आगे कोई कार्य भी नहीं हो पाया। जिसे लेकर आवागमन करने में अभी भी भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। आज इन्हीं समस्याओं को लेकर स्थानीय विधायक प्रतिनिधि रवीश कुमार सिंह ने भी गहरी चिंता जाहिर की है कि आखिर ऐसी हालात क्यूं बनाई गई। उन्होंने इन गंभीर समस्याओं को संज्ञान में लेते हुए कॉन्ट्रेक्टरों को चेतवानी देते हुए बरसात से पहले अविलंब सड़क निर्माण करने का चेतावनी दी है। इन्हीं समस्याओं को लेकर जब हमारे संवाददाता स्थानीय विधायक प्रतिनिधि रवीश कुमार सिंह से मुलाकात कर इन समस्याओं के बारे में जानना चाहा तो उन्होंने विस्तृत जानकारी देते हुए क्या कुछ कहा देखें इस खास रिपोर्ट में।1
- Post by सुनो सच बिहार1
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