सीहोर में 2500 से अधिक अभ्यर्थी सीख रहे गरबा के ताल-कदम सीहोर में 2500 से अधिक अभ्यर्थी सीख रहे गरबा के ताल-कदम सीहोर शहर के आवासीय खेलकूद मैदान पर इन दिनों भक्ति, संस्कृति और अपार उत्साह का एक अद्भूत संगम देखने को मिल रहा है। 'अरुण सुदेश राय प्रतिभा निखार मंच' द्वारा आयोजित सीहोर क्रिसेंट गरबा महोत्सव के प्रथम प्रशिक्षण दल का दृश्य सचमुच अलौकिक और विहंगम है। मैदान में एक साथ 2500 से अधिक अभ्यर्थी गरबा की पारंपरिक और आधुनिक विधाओं का गहन अभ्यास कर रहे हैं, जिससे पूरा वातावरण ऊर्जा और दिव्यता से सराबोर हो उठा है। प्रतिभा निखार मंच द्वारा आयोजित यह प्रशिक्षण शिविर न केवल सीहोर की सांस्कृतिक समृद्धता को दर्शा रहा है, बल्कि माताओं बहनों को अपनी लोक-संस्कृति से जोड़ने का एक उत्कृष्ट माध्यम भी साबित हुआ है। इतने बड़े पैमाने पर अभ्यर्थियों को एक साथ अनुशासित और सुव्यवस्थित तरीके से प्रशिक्षण देना अपने आप में एक मिसाल है। अनुभवी प्रशिक्षकों की देखरेख में गरबा के विभिन्न तालों, कदमों और मुद्राओं को बहुत ही बारिकी से सिखाया जा रहा है। बच्चों, युवाओं और महिलाओं में गरबा सीखने को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है। सीहोर के गणमान्य नागरिकों और कला प्रेमियों ने इस आयोजन की भूरि-भूरि प्रशंसा की है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि जब 2500 से ज्यादा अभ्यर्थी एक लय और एक ताल में तालियां और डांडिया की खनक के साथ अभ्यास करते हैं, तो वह दृश्य अलौकिक प्रतीत होता है। प्रशिक्षण स्थल पर अनुशासन, सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं का ध्यान जिस बारीकी से रखा गया है, वह अरुण सुदेश राय प्रतिभा निखार मंच की दूरदर्शिता और कुशल प्रबंधन को दर्शाता है। यह प्रशिक्षण शिविर केवल नृत्य सिखाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रतिभागियों के भीतर आत्मविश्वास, मंच-भय से मुक्ति और सामूहिक समन्वय की भावना को भी विकसित कर रहा है। आगामी क्रिसेंट गरबा महोत्सव को ऐतिहासिक और भव्य बनाने में इस प्रशिक्षण की अहम भूमिका रहेगी। स्थानीय निवासियों का मानना है कि ऐसे आयोजनों से शहर की प्रतिभाओं को एक सशक्त मंच मिलता है। प्रतिभा निखार मंच की यह पहल बहुत ही सराहनीय है।।
सीहोर में 2500 से अधिक अभ्यर्थी सीख रहे गरबा के ताल-कदम सीहोर में 2500 से अधिक अभ्यर्थी सीख रहे गरबा के ताल-कदम सीहोर शहर के आवासीय खेलकूद मैदान पर इन दिनों भक्ति, संस्कृति और अपार उत्साह का एक अद्भूत संगम देखने को मिल रहा है। 'अरुण सुदेश राय प्रतिभा निखार मंच' द्वारा आयोजित सीहोर क्रिसेंट गरबा महोत्सव के प्रथम प्रशिक्षण दल का दृश्य सचमुच अलौकिक और विहंगम है। मैदान में एक साथ 2500 से अधिक अभ्यर्थी गरबा की पारंपरिक और आधुनिक विधाओं का गहन अभ्यास कर रहे हैं, जिससे पूरा वातावरण ऊर्जा और दिव्यता से सराबोर हो उठा है। प्रतिभा निखार मंच द्वारा आयोजित यह प्रशिक्षण शिविर न केवल सीहोर की सांस्कृतिक समृद्धता को दर्शा रहा है, बल्कि माताओं बहनों को अपनी लोक-संस्कृति से जोड़ने का एक उत्कृष्ट माध्यम भी साबित हुआ है। इतने बड़े पैमाने पर अभ्यर्थियों को एक साथ अनुशासित और सुव्यवस्थित तरीके से प्रशिक्षण देना अपने आप में एक मिसाल है। अनुभवी प्रशिक्षकों की देखरेख में गरबा के विभिन्न तालों, कदमों और मुद्राओं को बहुत ही बारिकी से सिखाया जा रहा है। बच्चों, युवाओं और महिलाओं में गरबा सीखने को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है। सीहोर के गणमान्य नागरिकों और कला प्रेमियों ने इस आयोजन की भूरि-भूरि प्रशंसा की है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि जब 2500 से ज्यादा अभ्यर्थी एक लय और एक ताल में तालियां और डांडिया की खनक के साथ अभ्यास करते हैं, तो वह दृश्य अलौकिक प्रतीत होता है। प्रशिक्षण स्थल पर अनुशासन, सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं का ध्यान जिस बारीकी से रखा गया है, वह अरुण सुदेश राय प्रतिभा निखार मंच की दूरदर्शिता और कुशल प्रबंधन को दर्शाता है। यह प्रशिक्षण शिविर केवल नृत्य सिखाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रतिभागियों के भीतर आत्मविश्वास, मंच-भय से मुक्ति और सामूहिक समन्वय की भावना को भी विकसित कर रहा है। आगामी क्रिसेंट गरबा महोत्सव को ऐतिहासिक और भव्य बनाने में इस प्रशिक्षण की अहम भूमिका रहेगी। स्थानीय निवासियों का मानना है कि ऐसे आयोजनों से शहर की प्रतिभाओं को एक सशक्त मंच मिलता है। प्रतिभा निखार मंच की यह पहल बहुत ही सराहनीय है।।
- दतिया पुलिस महिला से लगाई न्याय की गुहार .............. दतिया पुलिस महिला से लगाई न्याय की गुहार1
- विश्व हृदय दिवस के अवसर पर मंगलवार को प्राथमिक विद्यालय भिटारी में स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। मंगलवार दोपहर 02 बजे आयोजित कार्यक्रम में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (RBSK) भाण्डेर के आयुष मेडिकल ऑफिसर डॉ. राजेश सोनी ने बच्चों और विद्यालय स्टाफ को हृदय को स्वस्थ रखने के उपाय बताए। उन्होंने कहा कि स्वस्थ जीवनशैली की नींव बचपन से ही रखी जानी चाहिए। जंक फूड का अधिक सेवन, शारीरिक गतिविधियों की कमी और तनाव हृदय संबंधी समस्याओं का कारण बन सकते हैं। उन्होंने बच्चों को नियमित व्यायाम, खेलकूद, पर्याप्त नींद और ताजे फल-सब्जियों को आहार में शामिल करने की सलाह दी। साथ ही जन्मजात एवं अन्य हृदय रोगों के शुरुआती लक्षणों की पहचान और समय पर उपचार के महत्व की जानकारी दी। कार्यक्रम में पर्यवेक्षक अशोक कुमार साहू, प्राचार्य, शिक्षकगण और विद्यार्थी मौजूद रहे।1
- *"एसपी" की सूझबूझ से 20 साल बाद लौटी अपनों की खुशियां* *ऑपरेशन मिलन* *"एसपी" की सूझबूझ से 20 साल बाद लौटी अपनों की खुशियां* उनाव पुलिस ने इकरा गांव से अधेड़ को छुड़ाकर परिजनों से मिलाया,परिवार की आंखों से छलके खुशी के आंसू दतिया। कहते हैं अपनों से बिछड़ने का दर्द शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता लेकिन जब दो दशक बाद कोई अपने परिवार के बीच लौटे तो वह पल जिंदगी भर की खुशियां दे जाता है। ऐसा ही भावुक कर देने वाला मामला दतिया में सामने आया, जहां पुलिस अधीक्षक मयूर खण्डेलवाल की सूझबूझ और संवेदनशील पहल से करीब 20 साल से परिवार से बिछड़े एक मानसिक रूप से कमजोर अधेड़ को उसके अपनों का साथ मिल गया।जानकारी मिलते ही एसपी ने उनाव थाना प्रभारी अंशुल अरोरा को मौके पर भेजा। पुलिस ने इकरा गांव से अधेड़ को बंधुआ मजदूरी से मुक्त कराया और उसे सुरक्षित अपना घर आश्रम में रुकवाया। छानबीन में सामने आया कि वह करीब 20 साल पहले अपने घर से लापता हुआ था और परिजनों ने मंडला थाना क्षेत्र में उसकी गुमशुदगी भी दर्ज कराई थी।पुलिस की कोशिशों से उसके परिजनों का पता लगाया गया और उन्हें दतिया बुलाकर अधेड़ को उनके सुपुर्द किया गया। 20 साल बाद अपने बिछड़े परिजन को सामने पाकर परिवार की आंखें नम हो गईं। परिजनों ने पुलिस अधीक्षक मयूर खण्डेलवाल और पूरी पुलिस टीम का आभार जताया।इस दौरान एसपी ने परिजनों से मुलाकात कर उनकी भावनाएं भी साझा कीं। पुलिस की इस संवेदनशील पहल ने साबित किया कि वर्दी सिर्फ कानून का पहरा नहीं देती, बल्कि जरूरत पड़ने पर बिछड़ों को अपनों से मिलाने का जरिया भी बनती है।1
- जनसुनवाई में उमड़ी फरियादियों की भीड़, कलेक्टर ने अधिकारियों को दिए तत्काल निराकरण के निर्देशदतिया न्यू कलेक्ट्रेट में मंगलवार सुबह 11 बजे कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े की अध्यक्षता में जनसुनवाई आयोजित की गई। जनसुनवाई में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। फरियादियों ने आवेदन के माध्यम से अपनी शिकायतें कलेक्टर के समक्ष रखीं। कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े ने एक-एक कर लोगों की समस्याएं सुनीं और संबंधित विभागों के अधिकारियों को उनके निराकरण के लिए तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जनसुनवाई में अधिकांश शिकायतें राजस्व, शिक्षा और आंगनवाड़ी सहित अन्य विभागों से संबंधित रहीं। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि प्राप्त आवेदनों का गंभीरता से परीक्षण कर नियमानुसार समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित किया जाए। जनसुनवाई में उमड़ी फरियादियों की भीड़, कलेक्टर ने अधिकारियों को दिए तत्काल निराकरण के निर्देशदतिया न्यू कलेक्ट्रेट में मंगलवार सुबह 11 बजे कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े की अध्यक्षता में जनसुनवाई आयोजित की गई। जनसुनवाई में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। फरियादियों ने आवेदन के माध्यम से अपनी शिकायतें कलेक्टर के समक्ष रखीं। कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े ने एक-एक कर लोगों की समस्याएं सुनीं और संबंधित विभागों के अधिकारियों को उनके निराकरण के लिए तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जनसुनवाई में अधिकांश शिकायतें राजस्व, शिक्षा और आंगनवाड़ी सहित अन्य विभागों से संबंधित रहीं। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि प्राप्त आवेदनों का गंभीरता से परीक्षण कर नियमानुसार समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित किया जाए।1
- दतिया जनसुनवाई में कलेक्टर के सामने पहुंची जनता की फरियादें, समस्याओं के जल्द निराकरण के दिए निर्देश 📝👇 #दतिया #जनसुनवाई #कलेक्टर #स्वप्निलवानखेड़े #जनसमस्या #प्रशासन #बातमुद्देकी #दतियान्यूज #मध्यप्रदेश1
- जनसुनवाई में कलेक्टर ने सुनी नागरिकों की समस्याएं दतिया। 29 सितंबर 2026 को न्यू कलेक्ट्रेट स्थित सभागार में आयोजित जनसुनवाई में कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए नागरिकों की समस्याएं सुनीं। नागरिकों ने अपनी समस्याओं से संबंधित आवेदन कलेक्टर के समक्ष प्रस्तुत किए और उनके निराकरण की मांग की। कलेक्टर ने आवेदकों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को प्रकरणों का परीक्षण कर नियमानुसार शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि लोगों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। जनसुनवाई के दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे। बड़ी संख्या में नागरिकों ने पहुंचकर अपनी समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखीं।1
- सीहोर में 2500 से अधिक अभ्यर्थी सीख रहे गरबा के ताल-कदम सीहोर में 2500 से अधिक अभ्यर्थी सीख रहे गरबा के ताल-कदम सीहोर शहर के आवासीय खेलकूद मैदान पर इन दिनों भक्ति, संस्कृति और अपार उत्साह का एक अद्भूत संगम देखने को मिल रहा है। 'अरुण सुदेश राय प्रतिभा निखार मंच' द्वारा आयोजित सीहोर क्रिसेंट गरबा महोत्सव के प्रथम प्रशिक्षण दल का दृश्य सचमुच अलौकिक और विहंगम है। मैदान में एक साथ 2500 से अधिक अभ्यर्थी गरबा की पारंपरिक और आधुनिक विधाओं का गहन अभ्यास कर रहे हैं, जिससे पूरा वातावरण ऊर्जा और दिव्यता से सराबोर हो उठा है। प्रतिभा निखार मंच द्वारा आयोजित यह प्रशिक्षण शिविर न केवल सीहोर की सांस्कृतिक समृद्धता को दर्शा रहा है, बल्कि माताओं बहनों को अपनी लोक-संस्कृति से जोड़ने का एक उत्कृष्ट माध्यम भी साबित हुआ है। इतने बड़े पैमाने पर अभ्यर्थियों को एक साथ अनुशासित और सुव्यवस्थित तरीके से प्रशिक्षण देना अपने आप में एक मिसाल है। अनुभवी प्रशिक्षकों की देखरेख में गरबा के विभिन्न तालों, कदमों और मुद्राओं को बहुत ही बारिकी से सिखाया जा रहा है। बच्चों, युवाओं और महिलाओं में गरबा सीखने को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है। सीहोर के गणमान्य नागरिकों और कला प्रेमियों ने इस आयोजन की भूरि-भूरि प्रशंसा की है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि जब 2500 से ज्यादा अभ्यर्थी एक लय और एक ताल में तालियां और डांडिया की खनक के साथ अभ्यास करते हैं, तो वह दृश्य अलौकिक प्रतीत होता है। प्रशिक्षण स्थल पर अनुशासन, सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं का ध्यान जिस बारीकी से रखा गया है, वह अरुण सुदेश राय प्रतिभा निखार मंच की दूरदर्शिता और कुशल प्रबंधन को दर्शाता है। यह प्रशिक्षण शिविर केवल नृत्य सिखाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रतिभागियों के भीतर आत्मविश्वास, मंच-भय से मुक्ति और सामूहिक समन्वय की भावना को भी विकसित कर रहा है। आगामी क्रिसेंट गरबा महोत्सव को ऐतिहासिक और भव्य बनाने में इस प्रशिक्षण की अहम भूमिका रहेगी। स्थानीय निवासियों का मानना है कि ऐसे आयोजनों से शहर की प्रतिभाओं को एक सशक्त मंच मिलता है। प्रतिभा निखार मंच की यह पहल बहुत ही सराहनीय है।।1
- नवीन तहसील कार्यालय में।हुई जनसुनवाई, सीमांकन, सड़क, जलभराव और अतिक्रमण संबंधी शिकायतों पर तहसीलदार व सीईओ ने दिए निराकरण के निर्देश1
- दतिया ब्रेकिंग टोल से रॉन्ग साइड आने वाले वाहनों के खिलाफ यातायात पुलिस की कार्रवाई दतिया। यातायात पुलिस द्वारा सड़क सुरक्षा एवं यातायात नियमों के पालन को लेकर लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में टोल क्षेत्र से रॉन्ग साइड आने वाले वाहनों के विरुद्ध यातायात पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस ने वाहन चालकों को रॉन्ग साइड वाहन चलाने से होने वाले सड़क हादसों के खतरे के बारे में समझाइश दी और यातायात नियमों का पालन करने की हिदायत दी। अधिकारियों ने कहा कि रॉन्ग साइड वाहन चलाने से सामने से आने वाले वाहनों से टक्कर की आशंका बढ़ जाती है, जिससे गंभीर हादसा हो सकता है। यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे निर्धारित लेन और मार्ग का ही उपयोग करें तथा जल्दबाजी में रॉन्ग साइड वाहन न चलाएं। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी। दतिया ब्रेकिंग टोल से रॉन्ग साइड आने वाले वाहनों के खिलाफ यातायात पुलिस की कार्रवाई दतिया। यातायात पुलिस द्वारा सड़क सुरक्षा एवं यातायात नियमों के पालन को लेकर लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में टोल क्षेत्र से रॉन्ग साइड आने वाले वाहनों के विरुद्ध यातायात पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस ने वाहन चालकों को रॉन्ग साइड वाहन चलाने से होने वाले सड़क हादसों के खतरे के बारे में समझाइश दी और यातायात नियमों का पालन करने की हिदायत दी। अधिकारियों ने कहा कि रॉन्ग साइड वाहन चलाने से सामने से आने वाले वाहनों से टक्कर की आशंका बढ़ जाती है, जिससे गंभीर हादसा हो सकता है। यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे निर्धारित लेन और मार्ग का ही उपयोग करें तथा जल्दबाजी में रॉन्ग साइड वाहन न चलाएं। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।7