अब पुलिस आपके दरवाजे नहीं… सीधे आपके मोबाइल में दस्तक देगी! समन और वारंट अब WhatsApp और Email पर… बचना होगा मुश्किल! “उत्तर प्रदेश पुलिस का डिजिटल वार… अपराधियों पर सीधा प्रहार! आगरा पुलिस ने कानून व्यवस्था में एक बड़ा डिजिटल बदलाव किया है, जो आने वाले समय में पूरे देश के लिए मॉडल बन सकता है। अब कमिश्नरेट में पुलिस गवाहों और आरोपियों के घर जाकर दरवाजा नहीं खटखटाएगी। बल्कि ई-समन और वारंट सीधे मोबाइल और ईमेल पर भेजे जाएंगे।यह निर्देश दिए हैं आगरा के पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने। पुलिस अब डिजिटल तरीके से अपराध और अपराधियों पर लगाम लगाने के लिए पूरी तरह से जुट गई है।सर्विलांस, मोबाइल डेटा और टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल से अब अपराधियों तक पहुंचना पहले से ज्यादा तेज और सटीक होगा। पुलिस लाइन में हुई मासिक अपराध समीक्षा बैठक में तीनों जोन के DCP, ACP और थाना प्रभारियों को साफ निर्देश दिए गए हैं। विवेचनाओं का तेजी से निस्तारण करें। केस समय सीमा में पूरा करें।अपराधियों का पूरा डेटा “यक्ष एप” में दर्ज किया जाएगा इससे पुलिस की पकड़ और भी मजबूत होगी।समन तमील अब ऑनलाइन कराये जाएंगे। जिससे समन तामील में लगने वाला समय बचेगा। पुलिस का मैनपावर बचेगा अपराधियों के बच निकलने की संभावना भी कम होगी।यानी ये सिस्टम फास्ट, ट्रांसपेरेंट और ज्यादा प्रभावी साबित हो सकता है। आगरा पुलिस का यह कदम काबिले-तारीफ है। उत्तर प्रदेश पुलिस लगातार टेक्नोलॉजी के साथ आगे बढ़ रही है। योगी आदित्यनाथ सरकार में कानून व्यवस्था और डिजिटल पुलिसिंग को नई दिशा मिल रही है और खास तौर पर आगरा पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार की पहल और डीसीपी सिटी अली अब्बास जैसे अधिकारियों की सक्रियता इस बदलाव को जमीन पर उतार रही है। अब समन को नजरअंदाज करना मुश्किल होगा मोबाइल पर आया नोटिस भी कानूनी रूप से महत्वपूर्ण होगा कानून से बचना अब और कठिन होगा। आगरा पुलिस का यह डिजिटल कदम आने वाले समय में देशभर के लिए एक मिसाल बन सकता है। अब मोबाइल पर आएगा वारंट! दरवाजा नहीं… फोन पर पुलिस! UP Police का डिजिटल एक्शन! डिजिटल पुलिसिंग की ओर आगरा पुलिस का एक और कदम अपराधियों पर होगी पुलिस की पहले से ज्यादा पकड़
अब पुलिस आपके दरवाजे नहीं… सीधे आपके मोबाइल में दस्तक देगी! समन और वारंट अब WhatsApp और Email पर… बचना होगा मुश्किल! “उत्तर प्रदेश पुलिस का डिजिटल वार… अपराधियों पर सीधा प्रहार! आगरा पुलिस ने कानून व्यवस्था में एक बड़ा डिजिटल बदलाव किया है, जो आने वाले समय में पूरे देश के लिए मॉडल बन सकता है। अब कमिश्नरेट में पुलिस गवाहों और आरोपियों के घर जाकर दरवाजा नहीं खटखटाएगी। बल्कि ई-समन और वारंट सीधे मोबाइल और ईमेल पर भेजे जाएंगे।यह निर्देश दिए हैं आगरा के पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने। पुलिस अब डिजिटल तरीके से अपराध और अपराधियों पर लगाम लगाने के लिए पूरी तरह से जुट गई है।सर्विलांस, मोबाइल डेटा और टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल से अब अपराधियों तक पहुंचना पहले से ज्यादा तेज और सटीक होगा। पुलिस लाइन में हुई मासिक अपराध समीक्षा बैठक में तीनों जोन के DCP, ACP और थाना प्रभारियों को साफ निर्देश दिए गए हैं। विवेचनाओं का तेजी से निस्तारण करें। केस समय सीमा में पूरा करें।अपराधियों का पूरा डेटा “यक्ष एप” में दर्ज किया जाएगा इससे पुलिस की पकड़ और भी मजबूत होगी।समन तमील अब ऑनलाइन कराये जाएंगे। जिससे समन तामील में लगने वाला समय बचेगा। पुलिस का मैनपावर बचेगा अपराधियों के बच निकलने की संभावना भी कम होगी।यानी ये सिस्टम फास्ट, ट्रांसपेरेंट और ज्यादा प्रभावी साबित हो सकता है। आगरा पुलिस का यह कदम काबिले-तारीफ है। उत्तर प्रदेश पुलिस लगातार टेक्नोलॉजी के साथ आगे बढ़ रही है। योगी आदित्यनाथ सरकार में कानून व्यवस्था और डिजिटल पुलिसिंग को नई दिशा मिल रही है और खास तौर पर आगरा पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार की पहल और डीसीपी सिटी अली अब्बास जैसे अधिकारियों की सक्रियता इस बदलाव को जमीन पर उतार रही है। अब समन को नजरअंदाज करना मुश्किल होगा मोबाइल पर आया नोटिस भी कानूनी रूप से महत्वपूर्ण होगा कानून से बचना अब और कठिन होगा। आगरा पुलिस का यह डिजिटल कदम आने वाले समय में देशभर के लिए एक मिसाल बन सकता है। अब मोबाइल पर आएगा वारंट! दरवाजा नहीं… फोन पर पुलिस! UP Police का डिजिटल एक्शन! डिजिटल पुलिसिंग की ओर आगरा पुलिस का एक और कदम अपराधियों पर होगी पुलिस की पहले से ज्यादा पकड़
- ward number ७७ Shaheed Nagar water line had been demag Kindly action immediately because १००० mttr water unless with Best Regards Shahzaad Hussain ९३६८१७०५१९2
- आगरा में शहर की जनता गंदगी और नालों के ओवरफ्लो से परेशान है। गुजरने तक का रास्ता नहीं है। वही नगर निगम की मेयर और पार्षद स्टडी टूर का प्लान बना रहे हैं। यह जो वीडियो चल रहा है यह वीडियो वार्ड नंबर 4 सदर सेवला का है जहां जनता बेहद परेशान नजर आ रही है.1
- सावधान! लॉकडाउन की अफवाहों पर सरकार ने तोड़ी चुप्पी, आज शाम PM की अहम बैठक। #KantapTV #Lockdown2026 #PMModi #BreakingNews #GovtUpdate #HindiNews #HardeepSinghPuri #LiveNews1
- Post by Dharmendra Kumar2
- Post by Soni Verma1
- Post by Jammmnu1
- आगरा के थाना एकता क्षेत्र स्थित कलाल खेरिया पेट्रोल पंप पर सुबह करीब 10 बजे वाहनों की लंबी कतार लग गई। पेट्रोल और डीजल भरवाने के लिए बड़ी संख्या में वाहन चालक पंप पर पहुंचे, जिससे सड़क पर जाम जैसी स्थिति बन गई। लंबी लाइन के चलते लोगों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा और कई वाहन चालक परेशान नजर आए। स्थानीय लोगों का कहना है कि अचानक बढ़ी भीड़ के कारण यह स्थिति बनी है, हालांकि प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।1
- “उत्तर प्रदेश पुलिस का डिजिटल वार… अपराधियों पर सीधा प्रहार! आगरा पुलिस ने कानून व्यवस्था में एक बड़ा डिजिटल बदलाव किया है, जो आने वाले समय में पूरे देश के लिए मॉडल बन सकता है। अब कमिश्नरेट में पुलिस गवाहों और आरोपियों के घर जाकर दरवाजा नहीं खटखटाएगी। बल्कि ई-समन और वारंट सीधे मोबाइल और ईमेल पर भेजे जाएंगे।यह निर्देश दिए हैं आगरा के पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने। पुलिस अब डिजिटल तरीके से अपराध और अपराधियों पर लगाम लगाने के लिए पूरी तरह से जुट गई है।सर्विलांस, मोबाइल डेटा और टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल से अब अपराधियों तक पहुंचना पहले से ज्यादा तेज और सटीक होगा। पुलिस लाइन में हुई मासिक अपराध समीक्षा बैठक में तीनों जोन के DCP, ACP और थाना प्रभारियों को साफ निर्देश दिए गए हैं। विवेचनाओं का तेजी से निस्तारण करें। केस समय सीमा में पूरा करें।अपराधियों का पूरा डेटा “यक्ष एप” में दर्ज किया जाएगा इससे पुलिस की पकड़ और भी मजबूत होगी।समन तमील अब ऑनलाइन कराये जाएंगे। जिससे समन तामील में लगने वाला समय बचेगा। पुलिस का मैनपावर बचेगा अपराधियों के बच निकलने की संभावना भी कम होगी।यानी ये सिस्टम फास्ट, ट्रांसपेरेंट और ज्यादा प्रभावी साबित हो सकता है। आगरा पुलिस का यह कदम काबिले-तारीफ है। उत्तर प्रदेश पुलिस लगातार टेक्नोलॉजी के साथ आगे बढ़ रही है। योगी आदित्यनाथ सरकार में कानून व्यवस्था और डिजिटल पुलिसिंग को नई दिशा मिल रही है और खास तौर पर आगरा पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार की पहल और डीसीपी सिटी अली अब्बास जैसे अधिकारियों की सक्रियता इस बदलाव को जमीन पर उतार रही है। अब समन को नजरअंदाज करना मुश्किल होगा मोबाइल पर आया नोटिस भी कानूनी रूप से महत्वपूर्ण होगा कानून से बचना अब और कठिन होगा। आगरा पुलिस का यह डिजिटल कदम आने वाले समय में देशभर के लिए एक मिसाल बन सकता है। अब मोबाइल पर आएगा वारंट! दरवाजा नहीं… फोन पर पुलिस! UP Police का डिजिटल एक्शन! डिजिटल पुलिसिंग की ओर आगरा पुलिस का एक और कदम अपराधियों पर होगी पुलिस की पहले से ज्यादा पकड़1