ऊँचेहरा क्षेत्र के करही कला में गिरे भयंकर ओले, फसलों को भारी नुकसान करही कला/ऊँचेहरा। क्षेत्र के ग्राम करही कला में अचानक बदले मौसम ने किसानों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। सोमवार दोपहर तेज आंधी और बारिश के साथ भयंकर ओलावृष्टि हुई, जिससे पूरे गांव में सफेद चादर जैसी स्थिति बन गई। करीब 20 से 30 मिनट तक लगातार गिरे बड़े-बड़े ओलों ने खेतों में खड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर बाद अचानक आसमान में काले बादल छा गए और तेज हवाएं चलने लगीं। इसके बाद जोरदार बारिश शुरू हुई और कुछ ही देर में ओलावृष्टि होने लगी। ओलों का आकार इतना बड़ा था कि कई जगह पेड़ों की डालियां टूट गईं और कच्चे मकानों की छतों को भी नुकसान पहुंचा। गांव के किसानों ने बताया कि इस समय गेहूं की कटाई के बाद खेतों में रखी फसल, चना, मसूर और सब्जियों की खेती को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। कई किसानों की मेहनत कुछ ही मिनटों में बर्बाद हो गई। खेतों में बिछी फसलें ओलों की मार से पूरी तरह खराब हो गईं, जिससे किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। स्थानीय किसान रामलाल पटेल और शिवकुमार सिंह ने बताया कि उन्होंने बड़ी मेहनत और लागत से फसल तैयार की थी, लेकिन अचानक आई इस प्राकृतिक आपदा ने सब कुछ चौपट कर दिया। किसानों का कहना है कि यदि जल्द ही प्रशासन द्वारा सर्वे नहीं कराया गया और मुआवजा नहीं दिया गया, तो उनकी स्थिति और खराब हो सकती है। ओलावृष्टि के कारण गांव की सड़कों पर भी ओलों की मोटी परत जम गई, जिससे कुछ समय के लिए आवागमन भी प्रभावित रहा। वहीं, तेज हवाओं के चलते बिजली व्यवस्था भी बाधित हुई और कई घंटों तक गांव में अंधेरा छाया रहा। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल क्षेत्र का सर्वे कराकर नुकसान का आकलन किया जाए और प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। साथ ही भविष्य में ऐसी आपदाओं से निपटने के लिए ठोस व्यवस्था किए जाने की भी आवश्यकता जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार, क्षेत्र में अगले कुछ दिनों तक मौसम इसी तरह बदलता रह सकता है, जिससे किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। फिलहाल करही कला सहित आसपास के गांवों में ओलावृष्टि के बाद का मंजर किसानों के लिए चिंता और परेशानी का कारण बना हुआ है।
ऊँचेहरा क्षेत्र के करही कला में गिरे भयंकर ओले, फसलों को भारी नुकसान करही कला/ऊँचेहरा। क्षेत्र के ग्राम करही कला में अचानक बदले मौसम ने किसानों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। सोमवार दोपहर तेज आंधी और बारिश के साथ भयंकर ओलावृष्टि हुई, जिससे पूरे गांव में सफेद चादर जैसी स्थिति बन गई। करीब 20 से 30 मिनट तक लगातार गिरे बड़े-बड़े ओलों ने खेतों में खड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर बाद अचानक आसमान में काले बादल छा गए और तेज हवाएं चलने लगीं। इसके बाद जोरदार बारिश शुरू हुई और कुछ ही देर में ओलावृष्टि होने लगी। ओलों का आकार इतना बड़ा था कि कई जगह पेड़ों की डालियां टूट गईं और कच्चे मकानों की छतों को भी नुकसान पहुंचा। गांव के किसानों ने बताया कि इस समय गेहूं की कटाई के बाद खेतों में रखी फसल, चना, मसूर और सब्जियों की खेती को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। कई किसानों की मेहनत कुछ ही मिनटों में बर्बाद हो गई। खेतों में बिछी फसलें ओलों की मार से पूरी तरह खराब हो गईं, जिससे किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। स्थानीय किसान रामलाल पटेल और शिवकुमार सिंह ने बताया कि उन्होंने बड़ी मेहनत और लागत से फसल तैयार की थी, लेकिन अचानक आई इस प्राकृतिक आपदा ने सब कुछ चौपट कर दिया। किसानों का कहना है कि यदि जल्द ही प्रशासन द्वारा सर्वे नहीं कराया गया और मुआवजा नहीं दिया गया, तो उनकी स्थिति और खराब हो सकती है। ओलावृष्टि के कारण गांव की सड़कों पर भी ओलों की मोटी परत जम गई, जिससे कुछ समय के लिए आवागमन भी प्रभावित रहा। वहीं, तेज हवाओं के चलते बिजली व्यवस्था भी बाधित हुई और कई घंटों तक गांव में अंधेरा छाया रहा। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल क्षेत्र का सर्वे कराकर नुकसान का आकलन किया जाए और प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। साथ ही भविष्य में ऐसी आपदाओं से निपटने के लिए ठोस व्यवस्था किए जाने की भी आवश्यकता जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार, क्षेत्र में अगले कुछ दिनों तक मौसम इसी तरह बदलता रह सकता है, जिससे किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। फिलहाल करही कला सहित आसपास के गांवों में ओलावृष्टि के बाद का मंजर किसानों के लिए चिंता और परेशानी का कारण बना हुआ है।
- ऊँचेहरा क्षेत्र के करही कला में गिरे भयंकर ओले, फसलों को भारी नुकसान करही कला/ऊँचेहरा। क्षेत्र के ग्राम करही कला में अचानक बदले मौसम ने किसानों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। सोमवार दोपहर तेज आंधी और बारिश के साथ भयंकर ओलावृष्टि हुई, जिससे पूरे गांव में सफेद चादर जैसी स्थिति बन गई। करीब 20 से 30 मिनट तक लगातार गिरे बड़े-बड़े ओलों ने खेतों में खड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर बाद अचानक आसमान में काले बादल छा गए और तेज हवाएं चलने लगीं। इसके बाद जोरदार बारिश शुरू हुई और कुछ ही देर में ओलावृष्टि होने लगी। ओलों का आकार इतना बड़ा था कि कई जगह पेड़ों की डालियां टूट गईं और कच्चे मकानों की छतों को भी नुकसान पहुंचा। गांव के किसानों ने बताया कि इस समय गेहूं की कटाई के बाद खेतों में रखी फसल, चना, मसूर और सब्जियों की खेती को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। कई किसानों की मेहनत कुछ ही मिनटों में बर्बाद हो गई। खेतों में बिछी फसलें ओलों की मार से पूरी तरह खराब हो गईं, जिससे किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। स्थानीय किसान रामलाल पटेल और शिवकुमार सिंह ने बताया कि उन्होंने बड़ी मेहनत और लागत से फसल तैयार की थी, लेकिन अचानक आई इस प्राकृतिक आपदा ने सब कुछ चौपट कर दिया। किसानों का कहना है कि यदि जल्द ही प्रशासन द्वारा सर्वे नहीं कराया गया और मुआवजा नहीं दिया गया, तो उनकी स्थिति और खराब हो सकती है। ओलावृष्टि के कारण गांव की सड़कों पर भी ओलों की मोटी परत जम गई, जिससे कुछ समय के लिए आवागमन भी प्रभावित रहा। वहीं, तेज हवाओं के चलते बिजली व्यवस्था भी बाधित हुई और कई घंटों तक गांव में अंधेरा छाया रहा। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल क्षेत्र का सर्वे कराकर नुकसान का आकलन किया जाए और प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। साथ ही भविष्य में ऐसी आपदाओं से निपटने के लिए ठोस व्यवस्था किए जाने की भी आवश्यकता जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार, क्षेत्र में अगले कुछ दिनों तक मौसम इसी तरह बदलता रह सकता है, जिससे किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। फिलहाल करही कला सहित आसपास के गांवों में ओलावृष्टि के बाद का मंजर किसानों के लिए चिंता और परेशानी का कारण बना हुआ है।1
- Post by Neeraj Ravi1
- *गहोई वैश्य समाज के जिला सचिव बने जिले के वरिस्ट पत्रकार धीरेंद्र अरूसिया,जिले वासियो ने दी बधाई।* सतना जिले के वरिस्ट पत्रकार धीरेंद्र अरुसिया को सर्व सम्मति से गहोई वैश्य समाज का जिला सचिव नियुक्त किया गया है।उनकी इस नियुक्ति की खबर सुन इष्ट मित्रों के साथ जिले वासियो ने उन्हें दी बधाईया।ज्ञात हो उनकी नेक समाजिक सोच व सर्वहारा वर्ग के लिए सदैव तनमयता से कार्य करने की छमता को ध्यान में रख उन्हें यह अहम जिम्मेदारी सौंपे जाने की जानकारी बताई गई है।1
- CM Himanta Biswa Sarma on Pawan Khera: सीएम हिमंता की पवन खेड़ा को चेतावनी ! | Assam Election Result 20261
- Post by Sharda Shrivastava1
- मैहर में मुख्यालय के निर्देशन पर लगाई गई वाहन चेकिंग, लोगो को जागरूक करने को और सुरक्षा को लेकर की गई वाहन चेकिंग , दौरान बुलेट को मैहर थाना ले जाया गया जिसमें बुलेट में सवार चार युवा मैहर में यातायात प्रभारी विक्रम पाठकऔर उनकी टीम ने लगाया चेकिंग अभियान , अभियान के द्वारा 46 लोगों के काटे गए चालन, इसके साथ साथ हेलमेट लगाने की अपील की है जिससे कि सड़क हादसे में सुरक्षा हो सके। *हेलमेट ना लगाने पर की जाएगी चालानी कार्रवाई* *हेलमेट पहने और सुरक्षित रहिए यातायात नियमों का पालन करिए भारत सरकार द्वारा जनहीत मे जरी*2
- रीवा। विंध्यवासियों के लिए हवाई सेवा की शुरुआत जहां एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही थी, वहीं एयरलाइंस की कार्यप्रणाली पर अब गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं। रविवार रात रीवा एयरपोर्ट पर उस समय भारी हंगामा देखने को मिला, जब अलायंस एयर (Alliance Air) ने 72 सीटर विमान की बुकिंग के बावजूद महज 48 सीटर छोटा विमान भेज दिया। इस तकनीकी फेरबदल के कारण कंफर्म टिकट होने के बाद भी 15 यात्रियों को दिल्ली जाने वाली फ्लाइट में बैठने से रोक दिया गया। महत्वपूर्ण इंटरव्यू और काम छूटे, यात्रियों में आक्रोश घटनाक्रम के अनुसार, दिल्ली जाने वाले इन 15 यात्रियों के पास कंफर्म टिकट थे, लेकिन सीट कम होने के कारण एयरपोर्ट स्टाफ ने उन्हें बोर्डिंग से मना कर दिया। इससे यात्रियों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने एयरपोर्ट पर जमकर नारेबाजी और बहस की। अमरपाटन निवासी शिवानी जैन ने अपना दुख साझा करते हुए बताया कि उन्हें दिल्ली में एक महत्वपूर्ण इंटरव्यू के लिए पहुंचना था। फ्लाइट बोर्ड न कर पाने के कारण उनका करियर से जुड़ा यह बड़ा अवसर हाथ से निकल गया। यात्रियों का आरोप है कि एयरलाइन ने बिना किसी पूर्व सूचना के विमान का साइज बदल दिया और उन्हें वैकल्पिक व्यवस्था दिए बिना ही एयरपोर्ट से वापस लौटा दिया। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल एयरपोर्ट पर हुए इस हंगामे का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में यात्री स्टाफ से तीखी बहस करते नजर आ रहे हैं और एयरलाइन की इस मनमानी पर नाराजगी जाहिर कर रहे हैं। यात्रियों का कहना है कि उन्होंने महंगे टिकट सिर्फ इसलिए लिए थे ताकि समय पर दिल्ली पहुंच सकें, लेकिन अलायंस एयर की इस लापरवाही ने उनकी पूरी योजना चौपट कर दी। सवाल के घेरे में प्रबंधन रीवा से दिल्ली के लिए सीधी हवाई सेवा का उद्देश्य विंध्य के लोगों का समय बचाना और कनेक्टिविटी बढ़ाना था, लेकिन इस तरह की घटनाओं से यात्रियों का भरोसा डगमगा रहा है। फिलहाल इस मामले में एयरलाइन या एयरपोर्ट अथॉरिटी की ओर से कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण नहीं आया है। रिपोर्टर: राहुल सोनी मध्य भारत न्यूज़1
- Post by Neeraj Ravi1