सुलतानपुर शहर के घंटाघर चौकी क्षेत्र स्थित लक्ष्मी होटल में खाना खाने पहुंचे चार युवकों और होटल संचालकों के बीच बिल भुगतान को लेकर विवाद हो गया। यह कहासुनी देखते ही देखते मारपीट में बदल गई, जिसमें धर्मात्मा सिंह, विपिन पांडे और राजन नामक तीन युवक घायल हो गए। तीनों युवकों के सिर में चोटें आई हैं, जिसके बाद उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनकी हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और होटल मालिक हर्षित पोपटानी तथा पूरन पोपटानी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी है। सीओ सिटी सौरभ सामंत ने बताया कि घटना के बाद क्षेत्र में शांति व्यवस्था सामान्य है और मामले की जांच की जा रही है, जिसके बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सुलतानपुर शहर के घंटाघर चौकी क्षेत्र स्थित लक्ष्मी होटल में खाना खाने पहुंचे चार युवकों और होटल संचालकों के बीच बिल भुगतान को लेकर विवाद हो गया। यह कहासुनी देखते ही देखते मारपीट में बदल गई, जिसमें धर्मात्मा सिंह, विपिन पांडे और राजन नामक तीन युवक घायल हो गए। तीनों युवकों के सिर में चोटें आई हैं, जिसके बाद उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनकी हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और होटल मालिक हर्षित पोपटानी तथा पूरन पोपटानी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी है। सीओ सिटी सौरभ सामंत ने बताया कि घटना के बाद क्षेत्र में शांति व्यवस्था सामान्य है और मामले की जांच की जा रही है, जिसके बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- सुलतानपुर के कोतवाली देहात थाना क्षेत्र अंतर्गत विनोबापुरी इलाके (सहारा ढाबा के पीछे) में चोरी की नीयत से घुसे दो चोरों को स्थानीय लोगों ने मुस्तैदी दिखाते हुए रंगे हाथ दबोच लिया। हालाँकि, इस दौरान एक चोर अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में कामयाब रहा, लेकिन जनता की सूझबूझ के कारण दूसरा चोर अब पुलिस की गिरफ्त में है। विनोबापुरी और आसपास के इलाकों में आए दिन होने वाली चोरियों से स्थानीय नागरिक बेहद परेशान और आक्रोशित थे। उनका आरोप है कि लगातार हो रही वारदातों के बाद भी पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी थी, जिसके चलते आखिरकार लोगों ने खुद मोर्चा संभाला और वारदात को अंजाम देने आए चोरों को घेर लिया। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि कोतवाली देहात थाने में चोरी को लेकर कई एफआईआर दर्ज कराई जा चुकी हैं। यह घटना क्षेत्र में लगातार हो रही चोरियों से जनता के फूटे गुस्से को स्पष्ट दर्शाती है, जिसके चलते उन्हें खुद ही चोरों को पकड़ने के लिए आगे आना पड़ा।1
- कटका क्लब सामाजिक संस्था ने गुप्तारगंज स्थित गायत्री मंदिर परिसर में बिहार के प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता भरत तिवारी की स्मृति में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ताओं और गणमान्य लोगों ने भाग लेकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की, साथ ही दो मिनट का मौन रखकर सम्मान व्यक्त किया। इस अवसर पर कटका क्लब के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. ऋषभदेव शुक्ला, अध्यक्ष डॉ. सौरभ मिश्र 'विनम्र', ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि त्रिनेत्र पांडेय, और भाजपा नेता प्रदीप मिश्र 'सरकार' सहित अनेक लोगों ने भरत तिवारी के सामाजिक योगदान को याद किया। सभी उपस्थित जनों ने उनके आदर्शों पर चलने का दृढ़ संकल्प भी लिया।1
- जौनपुर के शाहगंज स्थित बंसराज मेमोरियल सनराइज पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्य डॉ. बृजेश कुमार पाठक को प्रतिष्ठित 'Principal of the Year Award' से सम्मानित किया गया है। यह गौरवपूर्ण सम्मान उन्हें लखनऊ के सिटी मॉन्टेसरी स्कूल (CMS) में आयोजित 17वें एड लीडरशिप इंटरनेशनल राउंडटेबल कॉन्फ्रेंस-2026 के दौरान प्रदान किया गया, जिससे जौनपुर जनपद का मान बढ़ा है। इस भव्य सम्मेलन में देश-विदेश से लगभग 2000 से अधिक प्रधानाचार्यों, शिक्षाविदों और शिक्षा विशेषज्ञों ने भाग लिया था। कार्यक्रम का आयोजन ग्लोबल एजुकेशन एंड ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (GETI) ने एक उपदेश मीडिया के सहयोग से किया था। सिटी इंटरनेशनल स्कूल, लखनऊ की संस्थापक और सिटी मॉन्टेसरी स्कूल की मुख्य शैक्षणिक सलाहकार डॉ. सुनीता गांधी ने डॉ. पाठक को यह सम्मान प्रदान किया। उन्होंने डॉ. पाठक के शैक्षणिक नेतृत्व, अनुशासन, समर्पण और शिक्षा क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान की सराहना करते हुए उन्हें एक दूरदर्शी और प्रेरणादायी शिक्षाविद बताया। डॉ. गांधी ने यह भी कहा कि डॉ. पाठक का व्यक्तित्व अनुशासन, सकारात्मक सोच और शिक्षा के प्रति समर्पण का उत्कृष्ट उदाहरण है, और वे न केवल कुशल प्रशासक बल्कि विद्यार्थियों व शिक्षकों के लिए प्रेरणास्रोत भी हैं। उल्लेखनीय है कि डॉ. बृजेश कुमार पाठक को अब तक 270 से अधिक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुके हैं। इसके अतिरिक्त, शिक्षा विषयक उनकी कई पुस्तकें भी प्रकाशित हो चुकी हैं, जिन्हें शिक्षा जगत में व्यापक सराहना मिली है। इस सम्मान को प्राप्त करने के बाद डॉ. पाठक ने इसे अपने दादा-दादी, माता-पिता, परिवार, विद्यालय परिवार, विद्यार्थियों और शुभचिंतकों के सहयोग का परिणाम बताया। उन्होंने यह भी कहा कि यह सम्मान पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय है और वे शिक्षा के माध्यम से समाज को सशक्त बनाने के लिए निरंतर कार्य करते रहेंगे। डॉ. पाठक की इस उपलब्धि पर क्षेत्रवासियों, शिक्षकों, अभिभावकों और शुभचिंतकों ने अपनी खुशी व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं।1
- लंभुआ विधानसभा क्षेत्र से जुड़े मतदाताओं के गोपनीय निर्वाचन संबंधी अभिलेख, जिनमें फॉर्म 6 जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज़ शामिल हैं, सड़क किनारे पाए जाने पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई है। इस घटना को लोकतंत्र के लिए बेहद खतरनाक बताया जा रहा है। इस मामले पर समाजवादी नेता और शिक्षक श्यामलाल निषाद ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने घोषणा की है कि वे लोकतंत्र को बचाने के लिए सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। लंभुआ में श्यामलाल निषाद की इस बाइट को ब्रेकिंग न्यूज़ के तौर पर दिखाया जा रहा है, जो इस मुद्दे की गंभीरता को दर्शाता है।1
- उपयोगकर्ता ने हार्दिक धन्यवाद और कृतज्ञता व्यक्त करते हुए, दो पंक्तियों की एक मार्मिक सैड शायरी साझा की है। इस भावनात्मक शायरी में टूटे हुए दिल की व्यथा को दर्शाया गया है, जहाँ यह कहा गया है कि जिसे सबसे अधिक चाहा गया था, वही आज बेगानी हो गई है। उपयोगकर्ता ने अपनी भावनाएँ व्यक्त करने के बाद एक बार फिर आभार प्रकट किया है।1
- उत्तर प्रदेश के अंबेडकर नगर जिले में लगभग सभी तहसील क्षेत्रों में इन दिनों जमीनी विवादों को लेकर हाहाकार की स्थिति देखी जा रही है, जिसके चलते जगह-जगह खूनी संघर्ष हो रहे हैं। इस गंभीर स्थिति के बीच, आरोप है कि राजस्व कर्मचारी दोनों पक्षों से 'सुविधा शुल्क' वसूल कर 'मलाई काट' रहे हैं, जबकि अधिकारी इस पूरे मामले पर मौन साधे हुए हैं। अधिकारियों की इस निष्क्रियता और कर्मचारियों के कथित भ्रष्टाचार के कारण आम आदमी बेहद हैरान और परेशान है, और गरीब लोग न्याय के लिए तरस रहे हैं। बताया गया है कि अधिकारी फाइलों में उलझे हुए हैं, जिससे यह सवाल खड़ा होता है कि आखिर यह 'कब्जे का खेल' कब रुकेगा और लोगों को इंसाफ कब मिलेगा। मौजूदा हालात में, कर्मचारियों को 'जोंक' की तरह बताया जा रहा है।1
- देशभर में गर्मी से राहत दिलाने वाला मानसून इस बार खुद ही 'बीमार' दिख रहा है, जिसने मौसम वैज्ञानिकों और किसानों की चिंता को बहुत बढ़ा दिया है। केरल में 4 जून को तीन दिन की देरी से दस्तक देने के बाद से मानसून की रफ्तार पर ऐसा ब्रेक लगा है कि अब पूरे देश में सूखे का संकट गहराने लगा है। पिछले तेरह दिनों से मानसून बेहद कमजोर बना हुआ है और आगे नहीं बढ़ पा रहा है, जिससे हाहाकार की स्थिति है। आंकड़ों के अनुसार, 1 से 17 जून के बीच देश में सामान्य से 38% कम बारिश दर्ज की गई है। आमतौर पर 15 जून तक देश के आधे हिस्से में अच्छी बारिश शुरू हो जाती थी, लेकिन इस बार स्थिति बिल्कुल उलट है, जिससे जमीन सूखी पड़ रही है और जलाशय खाली हो रहे हैं, जो एक बड़े संकट का संकेत है। मानसून के इस तरह अटकने और कमजोर पड़ने के पीछे मौसम के पाँच बड़े सिस्टमों को जिम्मेदार माना जा रहा है। इन प्रणालियों के सक्रिय न होने या कमजोर पड़ने की वजह से मानसूनी हवाएं आगे नहीं बढ़ पा रही हैं, जिससे देश के बड़े हिस्से में उमस और सूखे जैसे हालात बने हुए हैं। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि आखिर इस भीषण गर्मी और सूखे से कब राहत मिलेगी, और क्या ये पाँच सिस्टम दोबारा सक्रिय होकर देश को भिगोएंगे या किसानों को इस बार सूखे की मार झेलनी पड़ेगी।1
- लम्भुआ, सुल्तानपुर में भारत निर्वाचन आयोग के मतदाता पंजीकरण फॉर्म-6 की भारी लापरवाही का मामला सामने आया है। लम्भुआ कस्बे के दियरा रोड स्थित हाइवे किनारे झाड़ियों में बड़ी संख्या में भरे हुए फॉर्म-6, जिनमें आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों की छायाप्रति भी लगी थी, फेंके हुए मिले। स्थानीय लोगों ने बताया कि ये बरामद फॉर्म लम्भुआ कस्बे के गोसाईं का पूरा (गांधी नगर) क्षेत्र के मतदाताओं के आवेदन थे। सूचना मिलने पर पुलिस और राजस्व विभाग की टीम, जिसमें लेखपाल ब्रजेश उपाध्याय, बलराम सिंह और रिंकू पाल शामिल थे, मौके पर पहुँची और कागज़ातों को अपने कब्जे में लिया। इसी बीच मौके पर पहुँचे समाजवादी पार्टी के नेता वंशराज यादव ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि फेंके गए फॉर्म-6 में अधिकतर एससी, एसटी, ओबीसी और माइनॉरिटी समुदाय के मतदाताओं के आवेदन शामिल हैं। उन्होंने इस मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। इन फॉर्मों में नाम, पता, जन्मतिथि, मोबाइल नंबर जैसे संवेदनशील डेटा होते हैं, और इस तरह खुले में इनके फेंके जाने से डेटा के दुरुपयोग का खतरा काफी बढ़ गया है। निर्वाचन आयोग के प्रोटोकॉल के अनुसार, मतदाता संबंधी दस्तावेजों का निस्तारण एक निर्धारित प्रक्रिया के तहत ही किया जाना चाहिए। खबर लिखे जाने तक तहसील या निर्वाचन कार्यालय से कोई आधिकारिक बयान प्राप्त नहीं हो सका था। हालांकि, सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि विभाग ने इस मामले का संज्ञान लिया है और जांच शुरू कर दी है, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर दोषी कर्मचारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। अब देखना यह होगा कि क्या इस संवेदनशील मामले पर वाकई दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई होगी, या इसे भी ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा।2
- रामपुर खास में एक नया इतिहास रचने का संकल्प लिया गया है, जिसमें श्रीमती आराधना मिश्रा "मोना दीदी" के साथ मिलकर क्षेत्र के विकास और जनसेवा के संकल्प को आगे बढ़ाने का आह्वान किया गया है। इस दौरान मा० जननायक श्री प्रमोद तिवारी जी, मा० विधायक श्रीमती आराधना मिश्रा "मोना दीदी", और लोकप्रिय नगर पंचायत लालगंज अध्यक्ष मा० अनीता संतोष द्विवेदी जी के सम्मान में "ज़िंदाबाद" के नारे लगाए गए, साथ ही पूरे रामपुर खास परिवार की जय-जयकार की गई। "मोना दीदी फिर एक बार" के नारे ने कार्यकर्ताओं में जोश भरा। इस अवसर पर आगामी लक्ष्य के रूप में "अबकी बार 50 हज़ार पार" का संकल्प दोहराया गया है। यह जानकारी मीडिया सेल से अक्षत तिवारी, जो लालगंज ब्लॉक के सोशल मीडिया अध्यक्ष हैं, द्वारा दी गई। उन्होंने आदर्श विधायक रामपुर खास मा० आराधना मिश्रा "मोना दीदी" और उपनेता प्रतिपक्ष राज्यसभा सांसद मा० प्रमोद तिवारी जी का विशेष उल्लेख किया।1