करोड़ों के खर्च के बाद सड़क पर गड्ढे या ‘एडवेंचर ट्रैक’? नगर निगम के इंजीनियरों के निरीक्षण पर उठे सवाल सतना। सतना की सड़कें इन दिनों विकास की ऐसी ‘नई परिभाषा’ लिख रही हैं, जिसे देखकर शायद लंदन-पेरिस की सड़कें भी शर्म से सिर झुका लें! करोड़ों रुपए खर्च होने के बाद शहर की कई सड़कों पर जगह-जगह गड्ढे, उभरे पत्थर और टूटे हिस्से दिखाई दे रहे हैं। हालात ऐसे हैं कि वाहन चलाना सड़क पर सफर कम और किसी एडवेंचर ट्रैक से गुजरने जैसा ज्यादा महसूस होता है। नगर निगम की ओर से सड़क निर्माण, मरम्मत और पैचवर्क पर लगातार खर्च और निरीक्षण की बातें सामने आती रही हैं, लेकिन जमीनी तस्वीर इन दावों पर सवाल खड़े कर रही है। कहीं सड़क धंस रही है, कहीं गड्ढे उभर आए हैं तो कहीं पैचवर्क के नाम पर किए गए सुधार ही दोबारा उखड़ते नजर आ रहे हैं। इन ‘विशेष स्पीड ब्रेकरों’ का कमाल यह है कि दोपहिया वाहन चालक अचानक उछलकर कुछ पल के लिए सड़क से ऊपर उठने का ‘फ्री फील गुड’ अनुभव कर लेते हैं। फर्क सिर्फ इतना है कि मनोरंजन पार्क में ऐसी सवारी के लिए टिकट देना पड़ता है, जबकि सतना की सड़कों पर यह सुविधा जनता को रोज मुफ्त में मिल रही है! निरीक्षण कागज पर या सड़क पर? सबसे बड़ा सवाल यही है कि यदि सड़कों का नियमित निरीक्षण हो रहा है और करोड़ों रुपए खर्च किए जा रहे हैं, तो फिर सड़क की गुणवत्ता और उसकी हालत की जिम्मेदारी आखिर तय कौन करेगा? जनता को गड्ढों से राहत कब मिलेगी और घटिया या अस्थायी पैचवर्क के लिए जवाबदेही किसकी होगी? शहरवासियों का कहना है कि उन्हें घोषणाएं और कागजी निरीक्षण नहीं, बल्कि ऐसी सड़कें चाहिए जिन पर सुरक्षित और सामान्य तरीके से आवागमन हो सके। अब सवाल नगर निगम से है—करोड़ों के खर्च के बाद भी अगर सड़कें गड्ढों में तब्दील हो रही हैं, तो आखिर सड़क बन रही है या सिर्फ बिल?
करोड़ों के खर्च के बाद सड़क पर गड्ढे या ‘एडवेंचर ट्रैक’? नगर निगम के इंजीनियरों के निरीक्षण पर उठे सवाल सतना। सतना की सड़कें इन दिनों विकास की ऐसी ‘नई परिभाषा’ लिख रही हैं, जिसे देखकर शायद लंदन-पेरिस की सड़कें भी शर्म से सिर झुका लें! करोड़ों रुपए खर्च होने के बाद शहर की कई सड़कों पर जगह-जगह गड्ढे, उभरे पत्थर और टूटे हिस्से दिखाई दे रहे हैं। हालात ऐसे हैं कि वाहन चलाना सड़क पर सफर कम और किसी एडवेंचर ट्रैक से गुजरने जैसा ज्यादा महसूस होता है। नगर निगम की ओर से सड़क निर्माण, मरम्मत और पैचवर्क पर लगातार खर्च और निरीक्षण की बातें सामने आती रही हैं, लेकिन जमीनी तस्वीर इन दावों पर सवाल खड़े कर रही है। कहीं सड़क धंस रही है, कहीं गड्ढे उभर आए हैं तो कहीं पैचवर्क के नाम पर किए गए सुधार ही दोबारा उखड़ते नजर आ रहे हैं। इन ‘विशेष स्पीड ब्रेकरों’ का कमाल यह है कि दोपहिया वाहन चालक अचानक उछलकर कुछ पल के लिए सड़क से ऊपर उठने का ‘फ्री फील गुड’ अनुभव कर लेते हैं। फर्क सिर्फ इतना है कि मनोरंजन पार्क में ऐसी सवारी के लिए टिकट देना पड़ता है, जबकि सतना की सड़कों पर यह सुविधा जनता को रोज मुफ्त में मिल रही है! निरीक्षण कागज पर या सड़क पर? सबसे बड़ा सवाल यही है कि यदि सड़कों का नियमित निरीक्षण हो रहा है और करोड़ों रुपए खर्च किए जा रहे हैं, तो फिर सड़क की गुणवत्ता और उसकी हालत की जिम्मेदारी आखिर तय कौन करेगा? जनता को गड्ढों से राहत कब मिलेगी और घटिया या अस्थायी पैचवर्क के लिए जवाबदेही किसकी होगी? शहरवासियों का कहना है कि उन्हें घोषणाएं और कागजी निरीक्षण नहीं, बल्कि ऐसी सड़कें चाहिए जिन पर सुरक्षित और सामान्य तरीके से आवागमन हो सके। अब सवाल नगर निगम से है—करोड़ों के खर्च के बाद भी अगर सड़कें गड्ढों में तब्दील हो रही हैं, तो आखिर सड़क बन रही है या सिर्फ बिल?
- Post by Pintu Dubey4
- जय स्तंभ चौक पर जलवर्धन योजना की पाइपलाइन और सड़क को लेकर कांग्रेस बैठी धरने पर सतना। जय स्तंभ चौक पर जलवर्धन योजना की पाइपलाइन फटने से प्रतिदिन लाखों लीटर पानी सड़क पर बह रहा है। एक ओर शहर में लोगों को पीने के पानी के लिए जूझना पड़ रहा हैजिसको लेकर कांग्रेस नेता वही धरने पर बैठे, दूसरी ओर जिम्मेदार विभाग इस भारी लीकेज पर चुप्पी साधे हुए है। सवाल है कि जब जनता से पानी बचाने की अपील की जाती है, तो इस बर्बादी पर कार्रवाई कब होगी?1
- प्रेमानंद महाराज के शिष्य की मौत से मचा हड़कंप! CCTV में कैद आखिरी पल, कमरे से मिला Grinder वृंदावन में प्रेमानंद महाराज से जुड़े शिष्य रसिक दुलारी शरण उर्फ दीपक लोधी की मौत के बाद कई सवाल सामने आए हैं। CCTV, पोस्टमार्टम और कमरे से मिले ग्राइंडर को लेकर जांच जारी है। आखिर मौत से पहले क्या हुआ था? जानिए पूरी जानकारी इस वीडियो में। #PremanandMaharaj #Vrindavan #RasikDulariSharan #BreakingNews #PrakashPathak1
- चित्रकूट कर्वी के चित्रकूट इंटर कॉलेज में दिखा प्रतिभा का संगम भाषण-मेहंदी प्रतियोगिता में 228 बच्चों ने दिखाया हुनर *चित्रकूट।* बच्चों में छिपी प्रतिभा को निखारने के उद्देश्य से जिले की अग्रणी सामाजिक संस्था आयुष्मान वानप्रस्थ विश्वविद्यालय द्वारा आज रविवार की सुबह 10 बजे से चित्रकूट इंटर कॉलेज, कर्वी में जनपद स्तरीय भाषण एवं मेहंदी प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें लगभग 228 बच्चों ने प्रतिभाग किया। इसके अतिरिक्त सेंट थॉमस स्कूल के बच्चों की छूटी हुई चित्रकला व निबंध प्रतियोगिता भी संपादित कराई गई। यह प्रतियोगिताएं तीन संवर्ग - प्राथमिक, जूनियर एवं सीनियर में संपादित कराई गईं। तीनों वर्गों में बच्चों ने बड़े ही उत्साहपूर्वक प्रतिभाग कर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता के संयोजक डॉ. मनोज द्विवेदी ने बताया कि प्राथमिक संवर्ग में भाषण का विषय 'पर्यावरण संरक्षण, वृक्षों की सुरक्षा, प्रकृति की सुरक्षा' रखा गया था, जबकि जूनियर संवर्ग में 'वसुधैव कुटुम्बकम् - गांधी दर्शन' विषय पर बच्चों ने अपने विचार व्यक्त किए। सीनियर संवर्ग में 'आंख के बदले आंख पूरे विश्व को अंधा बना देगी' विषय पर वर्तमान संदर्भ में प्रतिभागी बच्चों ने अपने विचार रखे प्रतियोगिताओं के निर्णायक मंडल में विनोद शंकर सिंह (ग्रामोदय विश्वविद्यालय), डॉ. महेंद्र उपाध्याय (दिव्यांग विश्वविद्यालय), डॉ. आर.के. पाल (राजकीय महाविद्यालय), जूनियर वर्ग भाषण प्रतियोगिता में विनोद शंकर मिश्रा (दिव्यांग विश्वविद्यालय), तुलसीराम (पूर्व एलडीएम, इलाहाबाद बैंक) और विनीता (छत्रपति शाहूजी महिला महाविद्यालय) तथा प्राइमरी संवर्ग में सुषमा सिंह (प्रोपराइटर, दिवाकर हॉस्पिटल), डॉ. प्रेम नारायण यादव (साहू जी महाराज महाविद्यालय) शामिल रहे। मेहंदी प्रतियोगिता में डॉ. संध्या पांडेय (प्रवक्ता, दिव्यांग विश्वविद्यालय) और डॉ. अभय वर्मा (ग्रामोदय विश्वविद्यालय) निर्णायक रहे। प्रतियोगिताओं के सफल आयोजन में संयोजक डॉ. मनोज द्विवेदी के साथ विजय चंद्र गुप्ता, पंकज दुबे, डॉ. शिव शंकर शुक्ला, हीरालाल सोनी, नीरज गुप्ता, हबीब खान, सुरेश चंद्र, सर्वजीत सिंह, शंकर प्रसाद यादव, प्रदीप शुक्ला आदि की सहभागिता रही। चित्रकूट कर्वी के चित्रकूट इंटर कॉलेज में दिखा प्रतिभा का संगम भाषण-मेहंदी प्रतियोगिता में 228 बच्चों ने दिखाया हुनर *चित्रकूट।* बच्चों में छिपी प्रतिभा को निखारने के उद्देश्य से जिले की अग्रणी सामाजिक संस्था आयुष्मान वानप्रस्थ विश्वविद्यालय द्वारा आज रविवार की सुबह 10 बजे से चित्रकूट इंटर कॉलेज, कर्वी में जनपद स्तरीय भाषण एवं मेहंदी प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें लगभग 228 बच्चों ने प्रतिभाग किया। इसके अतिरिक्त सेंट थॉमस स्कूल के बच्चों की छूटी हुई चित्रकला व निबंध प्रतियोगिता भी संपादित कराई गई। यह प्रतियोगिताएं तीन संवर्ग - प्राथमिक, जूनियर एवं सीनियर में संपादित कराई गईं। तीनों वर्गों में बच्चों ने बड़े ही उत्साहपूर्वक प्रतिभाग कर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता के संयोजक डॉ. मनोज द्विवेदी ने बताया कि प्राथमिक संवर्ग में भाषण का विषय 'पर्यावरण संरक्षण, वृक्षों की सुरक्षा, प्रकृति की सुरक्षा' रखा गया था, जबकि जूनियर संवर्ग में 'वसुधैव कुटुम्बकम् - गांधी दर्शन' विषय पर बच्चों ने अपने विचार व्यक्त किए। सीनियर संवर्ग में 'आंख के बदले आंख पूरे विश्व को अंधा बना देगी' विषय पर वर्तमान संदर्भ में प्रतिभागी बच्चों ने अपने विचार रखे प्रतियोगिताओं के निर्णायक मंडल में विनोद शंकर सिंह (ग्रामोदय विश्वविद्यालय), डॉ. महेंद्र उपाध्याय (दिव्यांग विश्वविद्यालय), डॉ. आर.के. पाल (राजकीय महाविद्यालय), जूनियर वर्ग भाषण प्रतियोगिता में विनोद शंकर मिश्रा (दिव्यांग विश्वविद्यालय), तुलसीराम (पूर्व एलडीएम, इलाहाबाद बैंक) और विनीता (छत्रपति शाहूजी महिला महाविद्यालय) तथा प्राइमरी संवर्ग में सुषमा सिंह (प्रोपराइटर, दिवाकर हॉस्पिटल), डॉ. प्रेम नारायण यादव (साहू जी महाराज महाविद्यालय) शामिल रहे। मेहंदी प्रतियोगिता में डॉ. संध्या पांडेय (प्रवक्ता, दिव्यांग विश्वविद्यालय) और डॉ. अभय वर्मा (ग्रामोदय विश्वविद्यालय) निर्णायक रहे। प्रतियोगिताओं के सफल आयोजन में संयोजक डॉ. मनोज द्विवेदी के साथ विजय चंद्र गुप्ता, पंकज दुबे, डॉ. शिव शंकर शुक्ला, हीरालाल सोनी, नीरज गुप्ता, हबीब खान, सुरेश चंद्र, सर्वजीत सिंह, शंकर प्रसाद यादव, प्रदीप शुक्ला आदि की सहभागिता रही।1
- चित्रकूट की समाजसेविका अर्चना नितिन उपाध्याय से खास बातचीत 🎙️ अगर कर्वी विधानसभा से विधायक बनती हैं तो क्या-क्या विकास करेंगी? जनता की समस्याओं को लेकर क्या है उनका विजन और किस प्रकार क्षेत्र की उम्मीदों पर उतरेंगी खरा? 🎥 देखिए खास बातचीत और जानिए अर्चना नितिन उपाध्याय का विकास विजन। 📢 खबरों एवं विज्ञापन के लिए संपर्क करें: दिनेश सिंह कुशवाहा 📞 मो. 9565557126 #चित्रकूट #कर्वी #अर्चना_नितिन_उपाध्याय #खास_बातचीत #विकास #जनता_की_आवाज #GroundZero #News11IndiaTV चित्रकूट की समाजसेविका अर्चना नितिन उपाध्याय से खास बातचीत 🎙️ अगर कर्वी विधानसभा से विधायक बनती हैं तो क्या-क्या विकास करेंगी? जनता की समस्याओं को लेकर क्या है उनका विजन और किस प्रकार क्षेत्र की उम्मीदों पर उतरेंगी खरा? 🎥 देखिए खास बातचीत और जानिए अर्चना नितिन उपाध्याय का विकास विजन। 📢 खबरों एवं विज्ञापन के लिए संपर्क करें: दिनेश सिंह कुशवाहा 📞 मो. 9565557126 #चित्रकूट #कर्वी #अर्चना_नितिन_उपाध्याय #खास_बातचीत #विकास #जनता_की_आवाज #GroundZero #News11IndiaTV1
- पितरों के मोक्ष की कामना लेकर गया धाम रवाना हुए पूर्व सांसद आरके सिंह पटेल बालापुर खालसा में गाजे-बाजे के साथ दी गई विदाई, पिंडदान कर पूर्वजों की आत्मशांति और मोक्ष के लिए करेंगे प्रार्थना चित्रकूट 27 सितंबर। पितृ पक्ष की धार्मिक परंपरा के निर्वहन और पूर्वजों की आत्मशांति एवं मोक्ष की कामना लेकर बांदा-चित्रकूट के पूर्व सांसद आरके सिंह पटेल गया धाम के लिए रवाना हुए। उनके प्रस्थान के अवसर पर बालापुर खालसा गांव में परिवारीजनों और ग्रामीणों ने गाजे-बाजे के साथ भावपूर्ण विदाई दी। गांव में विदाई के दौरान श्रद्धालुओं एवं ग्रामीणों ने उनके मंगलमय यात्रा की कामना की। पूर्व सांसद के गया धाम रवाना होने की खबर पर परिचितों और समर्थकों ने भी शुभकामनाएं दीं। पूर्व सांसद आरके सिंह पटेल ने कहा कि पितृ पक्ष पूर्वजों के प्रति श्रद्धा, स्मरण और कृतज्ञता व्यक्त करने का विशेष अवसर है। इस अवधि में श्रद्धालु अपने पितरों के निमित्त तर्पण एवं पिंडदान कर उनकी आत्मशांति और सद्गति की कामना करते हैं। उन्होंने बताया कि पितृ पक्ष में विधि-विधान से पिंडदान कर पूर्वजों की मुक्ति की प्रार्थना की जाती है। गया धाम में पिंडदान का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है और इसी आस्था के साथ वह अपने पितरों के मोक्ष एवं आत्मशांति की कामना लेकर गया जा रहे हैं। पूर्व सांसद के गया धाम प्रस्थान के दौरान बालापुर खालसा में श्रद्धा और आत्मीयता का माहौल रहा। परिवारीजनों व ग्रामीणों ने उन्हें विदा करते हुए पितरों की शांति के लिए होने वाले इस धार्मिक अनुष्ठान की सफलता की कामना की। इस मौके पर वरिष्ठ भाजपा नेता शक्ति प्रताप सिंह तोमर, राजकुमार त्रिपाठी, हरिगोपाल मिश्रा,शिवाकांत पांडेय,पन्नालाल कोरी, सुनील सिंह पटेल, सुशील कुमार सिंह, शिवाकांत पांडेय, लवलेश महाराज, अभिलाष पटेल आदि सैकड़ों लोग मौजूद रहे।2
- रेलवे स्टेशन से बेड़ी पुलिया तक चेस... फिर खूनी हमला! लोड़वारा के दबंगों ने किशोर को अधमरा किया, कोतवाली में तहरीर!2
- मध्याह्न भोजन की आड़ में शराब का काला कारोबार, सरकारी समूह की संचालिका बनी तस्कर सतना। धारकुंडी थाना के कारीगोही गांव के टंकी टोला में सरकार ने मां दुर्गे स्व सहायता समूह को मध्याह्न भोजन का जिम्मा दिया, लेकिन संचालिका ममता साकेत (45) पति राजेश साकेत ज्यादा कमाई के लालच में अवैध शराब बेच रही है। UP से मिलावटी शराब लाने की चर्चा है। छोटी बहन खुटहा टोला स्कूल के सामने से शराब बेचती है, दोनों पदाधिकारी हैं। राजेश की दोनों पत्नियां इस धंधे में लिप्त हैं, झोले में तस्करी होती है। पुलिस-आबकारी मौन हैं।1